नागिरकता कानून के खिलाफ सभी याचिकाएं सुप्रीम कोर्ट में हों ट्रांसफर, सीएए पर केंद्र का अनुरोध
नईदिल्ली। केंद्र ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध किया कि विभिन्न उच्च न्यायालयों में लंबित नागरिकता संशोधन कानून की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाएं शीर्ष अदालत में स्थानांतरित की जाएं| प्रधान न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि केंद्र की स्थानांतरण संबंधी याचिका पर वह 10 जनवरी को सुनवाई करेंगी| न्यायमूर्ति बीआर गवई और न्यायमूर्ति सूर्यकांत भी पीठ का हिस्सा थे. पीठ ने कहा, पहली नजर में उसका मत है कि सीएए संबंधी याचिकाएं हाई कोर्ट देखे और राय में मतभेद होने पर सुप्रीम कोर्ट उन पर विचार करे|
केंद्र की ओर से पेश सॉलिसीटर जनरल जी. मेहता ने कहा कि विभिन्न अदालतों के मत अलग हो सकते हैं, जिससे समस्या पेश आ सकती है. इसके अलावा वकीलों को सुनवाई के लिए अलग-अलग राज्यों में जाना पड़ेगा. इस पर शीर्ष अदालत ने कहा कि सीएए मामलों पर सुनवाई में शामिल होने के लिए वकीलों का विभिन्न राज्यों में जाने का विषय उनके लिए प्राथमिकता नहीं है| मेहता ने शीर्ष अदालत को सूचित किया कि बृहस्पतिवार को कर्नाटक हाई कोर्ट में एक याचिका आने वाली है सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि याचिकाओं के स्थानांतरण पर सुनवाई वह शुक्रवार को करेगा|







.jpeg)
.jpg)











