BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |
अंतरिक्ष केंद्र बनेगी युवा सपनों को पूरा करने की प्रयोगशाला: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

अंतरिक्ष केंद्र बनेगी युवा सपनों को पूरा करने की प्रयोगशाला: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

 रायपुर: अंतरिक्ष केंद्र युवा सपनों को पूरा करने की प्रयोगशाला बनेगी। यह केंद्र प्रदेश के वैज्ञानिक भविष्य की मजबूत नींव है और पूरे प्रदेश में अंतरिक्ष केंद्रों का विस्तार किया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज नवा रायपुर के राखी में जिला प्रशासन द्वारा संचालित प्रोजेक्ट अंतरिक्ष के तहत आयोजित अंतरिक्ष संगवारी कार्यक्रम में ग्रुप कैप्टन और अंतरिक्ष यात्री श्री शुभांशु शुक्ला के साथ छत्तीसगढ़ के पहले अंतरिक्ष केंद्र का विधिवत शुभारंभ कर कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री ने पूरे प्रदेश में अंतरिक्ष संगवारी पहल को विस्तार देते हुए सभी जिलों में अंतरिक्ष केंद्र खोले जाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन एवं अंतरिक्ष यात्री डॉ. शुभांशु शुक्ला का छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर आत्मीय स्वागत एवं अभिनंदन किया। उन्होंने कहा कि डॉ. शुभांशु शुक्ला जैसे व्यक्तित्व युवाओं के लिए प्रेरणा के प्रतीक हैं, जिनकी अंतरिक्ष यात्रा ने देश को गौरवान्वित किया है।

मुख्यमंत्री ने बच्चों से संवाद करते हुए कहा कि आज से उनके सपनों को पंख मिल रहे हैं और उनका आकाश और भी बड़ा हो गया है। यह अंतरिक्ष केंद्र केवल एक भवन नहीं, बल्कि बच्चों के सपनों की प्रयोगशाला है, जहां वे विज्ञान को किताबों से बाहर निकालकर प्रयोग और अनुसंधान के माध्यम से समझ सकेंगे। उन्होंने जशपुर जिले के बच्चों द्वारा रॉकेट निर्माण की उपलब्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि यह उदाहरण बताता है कि छत्तीसगढ़ की मिट्टी में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, आवश्यकता केवल उचित अवसर की होती है, जिसे यह केंद्र उपलब्ध कराएगा।

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि अंतरिक्ष विज्ञान अब केवल जिज्ञासा का विषय नहीं, बल्कि रोजगार और करियर का बड़ा क्षेत्र बन चुका है। इसरो की वैश्विक विश्वसनीयता के कारण भारत आज अंतरिक्ष की दुनिया में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। आने वाले समय में यह केंद्र बच्चों को सैटेलाइट निर्माण, ट्रैकिंग, मौसम पूर्वानुमान, क्लाउड मैपिंग जैसे आधुनिक तकनीकी क्षेत्रों में प्रत्यक्ष प्रशिक्षण देगा। उन्होंने कहा कि इस अंतरिक्ष केंद्र से किसानों को सटीक मौसम और फसल संबंधी जानकारी मिलेगी, जिससे कृषि को सीधा लाभ होगा। साथ ही, तकनीक आधारित रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और युवाओं का महानगरों की ओर पलायन रुकेगा। मुख्यमंत्री ने ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा क्षेत्र में सैटेलाइट तकनीक की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और भविष्य में इस क्षेत्र में स्पेस साइंस का महत्व और बढ़ेगा।

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

ग्रुप कैप्टन श्री शुभांशु शुक्ला ने अंतरिक्ष यात्रा से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि जब रॉकेट लॉन्च होता है, तो उसमें अत्यधिक ऊर्जा लगती है और कुछ ही समय में शून्य से लगभग 30 हजार किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंतरिक्ष तक पहुंचा जाता है। उन्होंने छत्तीसगढ़ को ऊर्जावान प्रदेश बताते हुए कहा कि यहां के बच्चों में अपार क्षमता और जिज्ञासा है। उन्होंने मुख्यमंत्री का विशेष रूप से धन्यवाद करते हुए कहा कि प्रदेश में अंतरिक्ष केंद्र का शुभारंभ बच्चों को स्पेस साइंस से जोड़ने की दिशा में एक बड़ा और दूरदर्शी कदम है। उन्होंने कहा कि क्लीन स्टेशन के उद्घाटन के दौरान मैंने देखा कि मुख्यमंत्री स्टेशन में प्रवेश से पहले स्वयं विशेष ड्रेस व कैप को पहन रहे थे। मुझे यह देखकर बड़ी खुशी हुई कि राज्य का मुखिया जब स्वयं ऐसी रुचि दिखाता है, तो यह बच्चों और युवाओं के भविष्य को लेकर उनकी स्पष्ट और भविष्योन्मुखी सोच को दर्शाता है।

अंतरिक्ष यात्री ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने 5 सितंबर 2025 को प्रदेश के विद्यार्थियों से हुए ऑनलाइन संवाद का उल्लेख करते हुए कहा कि उस दौरान छत्तीसगढ़ के एक बच्चे ने उनसे पूछा था कि आपने सब कुछ बताया, लेकिन यह बताइए कि प्रधानमंत्री द्वारा दिया गया होमवर्क आपने पूरा किया या नहीं। उन्होंने कहा कि यह प्रश्न बच्चों की तीक्ष्ण बुद्धि और बारीक नजर को दर्शाता है।

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

गु्रप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने अपने अंतरिक्ष मिशन के अनुभव साझा करते हुए कहा कि जब आप रॉकेट पर बैठते हैं, तो आपको लगता है कि आप पूरी तरह तैयार हैं, लेकिन जैसे ही रॉकेट इग्नाइट होता है, वह क्षण इतना शक्तिशाली होता है कि सारी तैयारी एक पल के लिए भूल जाते हैं। उन्होंने इसकी तुलना परीक्षा से करते हुए कहा कि जैसे पढ़ाई पूरी होने के बाद भी परीक्षा कक्ष में प्रश्नपत्र सामने आते ही कुछ क्षणों के लिए सब कुछ खाली लगने लगता है, ठीक वैसी ही अनुभूति अंतरिक्ष यात्रा के समय होती है। ऐसे समय में संयम रखना और अपनी मेहनत पर भरोसा करना सबसे जरूरी होता है, क्योंकि मेहनत कभी व्यर्थ नहीं जाती।

ग्रुप कैप्टन शुक्ला ने कहा कि 41 वर्षों के बाद भारत ने दोबारा अंतरिक्ष में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की और यह यात्रा केवल उनकी नहीं, बल्कि पूरे भारत की यात्रा थी। उन्होंने बताया कि अंतरिक्ष में 20 दिनों के प्रवास के दौरान उन्होंने पृथ्वी की 320 बार परिक्रमा की और लगभग 1.4 करोड़ किलोमीटर की दूरी तय की। अंत में उन्होंने अपने सपनों को पूरा करने के लिए लगातार परिश्रम करने की प्रेरणा दी।

कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री श्री साय ने डॉ. शुभांशु शुक्ला के प्रति आभार व्यक्त करते हुए बच्चों से आह्वान किया कि वे बड़े सपने देखें, विज्ञान से दोस्ती करें और छत्तीसगढ़ का नाम देश-दुनिया में रोशन करें। कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि अंतरिक्ष यात्री डॉ. शुभांशु शुक्ला को अपने बीच पाकर सभी स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शुभांशु शुक्ला की अंतरिक्ष यात्रा समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि ने देश के युवाओं को नई दिशा दी है और अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति रुचि को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया है।

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

वन एवं संसदीय कार्य मंत्री व जिला के प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा कि यह पहल सरकार की दूरदर्शी सोच का परिचायक है, जो आने वाली पीढ़ी को भविष्य की ओर अग्रसर होने की प्रेरणा देती है। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आप सभी के भीतर असीम क्षमता और शक्ति है, जो आपके सपनों को साकार करेगी। अंतरिक्ष विज्ञान जैसे जटिल विषय को सरल और सहज तरीके से समझाने के लिए किए जा रहे प्रयास अत्यंत प्रशंसनीय हैं। मंत्री श्री कश्यप ने बच्चों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों के आत्मविश्वास को मजबूत करने के साथ-साथ वैज्ञानिक सोच को भी प्रोत्साहित करते हैं। श्री शुक्ला को डीपीएस, सैनिक स्कूल राजनांदगांव के बच्चों ने पोर्टरेट भेंट किया।

कार्यक्रम में विधायक श्री मोतीलाल साहू, विधायक श्री अनुज शर्मा, विधायक श्री इंद्र कुमार साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री नवीन अग्रवाल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री संदीप यदु, भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह, कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, निगम आयुक्त श्री विश्वदीप सहित गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में स्कूली बच्चें मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 37वीं फेडरेशन कप व्हॉलीबॉल चैंपियनशिप का किया उद्घाटन

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 37वीं फेडरेशन कप व्हॉलीबॉल चैंपियनशिप का किया उद्घाटन

 रायपुर: मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज रायपुर के सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में 37वीं फेडरेशन कप व्हॉलीबॉल चैंपियनशिप का उद्घाटन किया। छत्तीसगढ़ राज्य व्हॉलीबॉल एसोशिएशन द्वारा 3 फरवरी से 8 फरवरी तक इसका आयोजन किया गया है। चैंपियनशिप में भारत के लिए खेल चुके कई अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के साथ कुल 16 टीमें भाग ले रही हैं। रेलवे, सर्विसेस और इंडियन यूनिवर्सिटी सहित कई राज्यों की टीमें इसमें भागीदारी कर रही हैं। पुरुष वर्ग में 10 टीमें और महिला वर्ग में 6 टीमें हिस्सा ले रही हैं।

मुख्यमंत्री  साय ने फेडरेशन कप के उद्घाटन के बाद इंडोर स्टेडियम में रुककर तमिलनाडू और सर्विसेस के बीच हुए उद्घाटन मैच को पूरा देखा। वे कांटे के मुकाबले वाले इस मैच के समाप्त होने के बाद ही स्टेडियम से निकले। विधायक श्री सुनील सोनी भी उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल हुए।

अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों से सजी 16 टीमें ले रही हिस्सा

मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने 37वीं फेडरेशन कप व्हॉलीबॉल चैंपियनशिप का उद्घाटन करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की धरती पर मैं देशभर से आए खिलाड़ियों का स्वागत करता हूं। व्हॉलीबॉल हमें टीमवर्क, सहयोग और समन्वय सिखाता है। छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों ने इसमें प्रदेश का काफी नाम रोशन किया है। छत्तीसगढ़ के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी प्रतिभा और कौशल का पूरी क्षमता से प्रदर्शन कर सके, इसके लिए जरूरी अधोसंरचना और प्रशिक्षण पर हम लगातार जोर दे रहे हैं।

मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि खिलाड़ियों के प्रोत्साहन के लिए कई वर्षों से बंद राज्य खेल अंलकरण सम्मान को हमने पुनः प्रारंभ किया है। ओलंपिक खेलों में राज्य के खिलाड़ी की भागीदारी पर शासन की ओर से 21 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। वहीं स्वर्ण पदक जीतने पर 3 करोड़ रुपए, रजत पदक जीतने पर 2 करोड़ रुपए और कांस्य पदक जीतने पर एक करोड़ रुपए दिए जाएंगे।  साय ने कहा कि खेलों के माध्यम से छत्तीसगढ़ की नई पहचान अब देश-दुनिया के सामने है। पिछले दो सालों से राज्य में बस्तर ओलंपिक का आयोजन किया जा रहा है। इसमें पहले साल एक लाख 65 हजार और दूसरे साल करीब 4 लाख लोगों ने हिस्सा लिया है।

छत्तीसगढ़ व्हॉलीबॉल एसोशिएशन के अध्यक्ष  महेश गागड़ा ने अपने स्वागत भाषण में फेडरेशन कप के आयोजन की रूपरेखा और कार्यक्रमों की जानकारी दी। रायपुर जिला पंचायत के अध्यक्ष  नवीन अग्रवाल, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के सचिव  विक्रम सिसोदिया, भारतीय व्हॉलीबॉल संघ के महासचिव  रामानंद चौधरी, मध्यप्रदेश व्हॉलीबॉल संघ के अध्यक्ष  रूद्रप्रताप सिंह, छत्तीसगढ़ व्हॉलीबॉल एसोशिएशन के सचिव  हेमप्रकाश नायक, रायपुर नगर निगम के सभापति  सूर्यकांत राठौर, राहुल कौशिक और  विनोद नायर सहित विभिन्न व्हॉलीबॉल संघों के पदाधिकारी, सदस्यगण, खिलाड़ी और खेलप्रेमी बड़ी संख्या में फेडरेशन कप के उद्घाटन के दौरान मौजूद थे।

इन राज्यों की टीम ले रही हिस्सा

रायपुर में हो रहे 37वें फेडरेशन कप व्हॉलीबॉल चैंपियनशिप में पुरूष वर्ग में रेलवे, सर्विसेस, इंडियन यूनिवर्सिटी, केरल, तमिलनाडू, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, झारखंड और छत्तीसगढ़ की टीमें भाग ले रही हैं। वहीं महिला वर्ग में रेलवे, इंडियन यूनिवर्सिटी, केरल, हरियाणा, राजस्थान और छत्तीसगढ़ की टीमें हिस्सा ले रही हैं। इनमें से कई टीमों में भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल चुके खिलाड़ी शामिल हैं।

धान खरीदी: किसानों के हित में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर अतिरिक्त दो दिवस धान खरीदी की व्यवस्था….

धान खरीदी: किसानों के हित में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर अतिरिक्त दो दिवस धान खरीदी की व्यवस्था….

 रायपुर: मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के निर्देश पर प्रदेश में किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए धान खरीदी की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण राहत प्रदान की गई है। इसके अंतर्गत तीन श्रेणियों के किसानों को धान विक्रय हेतु अतिरिक्त दो दिवस – 05 एवं 06 फरवरी 2026 तक खरीदी की अनुमति प्रदान की गई है।

मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार तीन प्रकार के किसान इस अतिरिक्त अवधि में धान विक्रय कर सकेंगे— ऐसे किसान, जिनके द्वारा 10 जनवरी 2026 के पश्चात टोकन हेतु आवेदन किया गया, किंतु सत्यापन नहीं हो पाया है। ऐसे किसान, जिनके द्वारा 10 जनवरी 2026 के पश्चात आवेदन किया गया तथा सत्यापन उपरांत उनके पास धान पाया गया है। ऐसे किसान, जिन्हें दिनांक 28 जनवरी 2026, 29 जनवरी 2026 एवं 30 जनवरी 2026 को टोकन प्राप्त हुआ था, परंतु किसी कारणवश वे निर्धारित तिथि पर धान विक्रय नहीं कर पाए थे।

किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए बारदाना एवं हमालों की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के भी निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए हैं। राज्य सरकार का यह निर्णय किसानों के प्रति संवेदनशीलता और उनकी उपज के सुरक्षित एवं सुचारु विक्रय के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

महतारी वंदन से आर्थिक रूप से सशक्त हुई महिलाएं: सहायता राशि से सिलाई मशीन खरीद भगवती रात्रे बनी आत्मनिर्भर…

महतारी वंदन से आर्थिक रूप से सशक्त हुई महिलाएं: सहायता राशि से सिलाई मशीन खरीद भगवती रात्रे बनी आत्मनिर्भर…

 रायपुर: महतारी वंदन योजना राज्य की महिलाओं के जीवन में आशा, सम्मान और आत्मनिर्भरता का नया उजाला लेकर आई है। इस योजना की सफलता का प्रेरणादायी उदाहरण सारंगढ़ जिला के बरमकेला विकासखंड के ग्राम पंचायत संडा की निवासी श्रीमती भगवती रात्रे हैं, जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में भी साहस, सूझबूझ और मेहनत से अपने परिवार को संभालने का संकल्प लिया।

श्रीमती भगवती रात्रे के परिवार में वे स्वयं, उनके पति और तीन वर्ष की छोटी बेटी हैं। विवाह के बाद पारिवारिक परिस्थितियों के कारण उन्हें ससुराल से अलग रहना पड़ा। परिवार की संपूर्ण जिम्मेदारी उनके पति पर थी, जो मजदूरी कर किसी तरह घर का खर्च चलाते थे। दुर्भाग्यवश एक गंभीर दुर्घटना में उनके पति काम करने में असमर्थ हो गए। इसके बाद इलाज, घर के दैनिक खर्च और मासूम बच्ची की जरूरतों ने परिवार को गहरे आर्थिक संकट में डाल दिया।
ऐसे चुनौतीपूर्ण समय में महतारी वंदन योजना श्रीमती भगवती रात्रे के जीवन में संबल बनकर सामने आई। योजना के तहत मिलने वाली प्रतिमाह 1,000 रुपये की सहायता राशि को उन्होंने केवल खर्च तक सीमित न रखते हुए नियमित बचत की शुरुआत की। इसी बचत और आत्मविश्वास के बल पर उन्होंने 6 हजार रुपये की सिलाई मशीन खरीदी और स्वरोजगार की दिशा में कदम बढ़ाया।

आज श्रीमती भगवती रात्रे सिलाई कार्य के माध्यम से प्रतिमाह लगभग 5 हजार रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। इस आय से वे अपने परिवार का भरण-पोषण, पति के इलाज में सहयोग, बेटी की पढ़ाई तथा घर की आवश्यकताओं को सम्मानपूर्वक पूरा कर पा रही हैं।
महतारी वंदन योजना ने उन्हें केवल आर्थिक सहायता ही नहीं दी, बल्कि आत्मविश्वास, स्वावलंबन और सामाजिक सम्मान भी प्रदान किया है। आज वे अपने पैरों पर मजबूती से खड़ी हैं और अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बन रही हैं।

श्रीमती भगवती रात्रे ने अपने जीवन में आए इस सकारात्मक परिवर्तन के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना ने उन्हें आत्मनिर्भर बनाकर सम्मान के साथ जीने का अवसर दिया है।

प्राकृतिक ऊर्जा से रोशन हो रहा प्रवीण शुक्ला का घर, बिजली बिल में हो रही उल्लेखनीय आर्थिक बचत…..

प्राकृतिक ऊर्जा से रोशन हो रहा प्रवीण शुक्ला का घर, बिजली बिल में हो रही उल्लेखनीय आर्थिक बचत…..

 रायपुर: प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना जिसका उद्देश्य घरों में सोलर पैनल लगाकर हर महीने 300 यूनिट मुफ्त बिजली देना है। इस योजना से बिजली के बिल में कमी, पर्यावरण संरक्षण, और ऊर्जा स्वतंत्रता को बढ़ावा मिलेगा। यह योजना न केवल स्थायी ऊर्जा की ओर एक महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह हमारे पर्यावरण को बचाने की ओर भी एक महत्वपूर्ण प्रयास है।

राजनांदगांव के लालबाग निवासी श्री प्रवीण शुक्ला ने अपने आवास की छत पर 3 किलोवॉट क्षमता का रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित कर प्राकृतिक ऊर्जा का उपयोग प्रारंभ किया है। श्री प्रवीण ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2024 में सोलर पैनल लगवाया, जिसके बाद उनके बिजली बिल में उल्लेखनीय कमी आई है और उन्हें नियमित रूप से आर्थिक बचत हो रही है।

3 किलोवॉट तक सोलर पैनल में सब्सिडी

राजनांदगांव जिले में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के सफल क्रियान्वयन के अंतर्गत निरंतर सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा उपभोक्ताओं को अधिकतम 1 लाख 8 हजार रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है, जिससे सोलर रूफटॉप सिस्टम की स्थापना आम नागरिकों के लिए सरल, सुलभ और किफायती बन गई है।

क्षमता बढ़ाने की योजना

श्री प्रवीण शुक्ला ने बताया कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से प्रेरित होकर वे भविष्य में अपने 3 किलोवॉट सोलर सिस्टम को बढ़ाकर 5 किलोवॉट करने पर विचार कर रहे हैं। इससे न केवल उनकी बचत में और वृद्धि होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा।

भविष्य की जरूरतों के लिए उपयोगी योजना

श्री शुक्ला ने कहा कि भविष्य में प्राकृतिक संसाधनों की संभावित कमी को देखते हुए प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना अत्यंत उपयोगी एवं दूरदर्शी योजना है। योजना के अंतर्गत उन्हें शासन से निर्धारित सब्सिडी प्राप्त हुई है, जिससे सोलर पैनल लगवाना उनके लिए संभव हो सका।

जनसामान्य के लिए बड़ी राहत

केन्द्र एवं  राज्य शासन द्वारा प्रदान की जा रही सब्सिडी के लिए श्री प्रवीण शुक्ला नेआभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना जनसामान्य के लिए बड़ी राहत एवं मदद साबित हो रही है और इससे प्राकृतिक ऊर्जा को व्यापक स्तर पर बढ़ावा मिल रहा है।

सोलर पैनल लगाने नागरिकों से अपील

जिले के नागरिकों से श्री शुक्ला ने अपील की कि वे प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ उठाकर अपने घरों में सोलर पैनल स्थापित करें, जिससे आर्थिक बचत के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बल मिल सके और नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को प्रोत्साहन मिले।

समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : उप मुख्यमंत्री अरुण साव

समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : उप मुख्यमंत्री अरुण साव

 रायपुर: उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने आज जिला साहू संघ बालोद के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होकर सभी को नव दायित्व की बधाई एवं शुभकामनाएं दीउ। उन्होंने इस अवसर पर समाज के विद्यार्थियों के हित में छात्रावास भवन के लिए भूमिपूजन किया। साथ ही सामाजिक भवन में बाउंड्रीवाल निर्माण के लिए 25 लाख रुपए की घोषणा की।  साव ने कहा कि समाज ने शिक्षा और सामाजिक सशक्तीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कार्य किया है। इसका लाभ समाज के बच्चों को होगा।

 समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : श्री अरुण साव

 समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : श्री अरुण साव

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के लिए संकल्प लेने का दिन है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के नेतृत्व में बालोद जिला साहू समाज निरंतर प्रगति करेगा। शिक्षा, कृषि, राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्रों में कार्य करने के मामले में बालोद जिले की हमेशा एक अलग पहचान रही है, जिसे आगे और सशक्त बनाने की जिम्मेदारी अब नए पदाधिकारियों के कंधों पर है।

 समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : श्री अरुण साव

 साव ने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग गरीब, मजदूर, रिक्शा चालक, ऑटो चालक सहित सभी के लिए समाज का द्वार सदैव खुला रहना चाहिए। सामाजिक पदाधिकारियों का दायित्व है कि वे हर व्यक्ति के सुख-दुख में साथ खड़े रहें, ताकि हर सदस्य यह महसूस करे कि समाज उसके साथ है। साथ ही वर्ष में कम से कम दो बार सामाजिक कार्यक्रमों की जानकारी प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचे, जिससे समाज से उनका जुड़ाव मजबूत हो और वे समाज में अपने महत्व को समझ सकें।

 समाज के हर व्यक्ति के सुख-दुख में हों शामिल, कोई अकेला महसूस न करें : श्री अरुण साव

समारोह में साहू समाज के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू, पूर्व मंत्रीगण  ताम्रध्वज साहू एवं रमशीला साहू, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष  टहल सिंह साहू,  विपिन साहू,  दीपक साहू,  प्रीतम साहू, प्रतिभा चौधरी,  हलधर साहू और  वीरेंद्र साहू सहित नवनिर्वाचित जिला अध्यक्ष  महेंद्र साहू,  मदन साहू,  बंशीलाल साहू, गणेश राम साहू, राजेश साहू,  भागवत साहू एवं सुनील साहू भी मौजूद थे।

सांसद बृजमोहन अग्रवाल के प्रयास रंग लाए, नवा रायपुर में खुला छत्तीसगढ़ का पहला अंतरिक्ष केंद्र

सांसद बृजमोहन अग्रवाल के प्रयास रंग लाए, नवा रायपुर में खुला छत्तीसगढ़ का पहला अंतरिक्ष केंद्र

 नई दिल्ली/ रायपुर। नवा रायपुर में छत्तीसगढ़ के पहले अंतरिक्ष केंद्र के शुभारंभ को प्रदेश के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि यह केंद्र छत्तीसगढ़ के युवाओं के सपनों को नया आकाश देने वाला मील का पत्थर सिद्ध होगा। उन्होंने इसे राज्य को भविष्य का स्पेस टेक्नोलॉजी हब बनाने की दिशा में मजबूत और दूरदर्शी कदम बताया।

 अग्रवाल ने कहा कि यह छत्तीसगढ़ के उज्ज्वल भविष्य की ठोस नींव है। इस अंतरिक्ष केंद्र के माध्यम से राज्य के छात्र और युवा वैज्ञानिक स्पेस रिसर्च, नवाचार, सिम्युलेशन और अत्याधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण के अवसर प्राप्त करेंगे, जिससे वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सकेंगे।

 अग्रवाल ने कहा कि आज नवा रायपुर में इस सपने का साकार होना पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है। यह सफलता प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी जी की दूरदर्शी सोच, विज्ञान एवं नवाचार को बढ़ावा देने वाली नीतियों और राज्य के समग्र विकास के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का परिणाम है। इसके लिए उन्होंने छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से प्रधानमंत्री का हृदय से आभार व्यक्त किया।

 बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि यह अंतरिक्ष केंद्र नई पीढ़ी की उड़ान की शुरुआत है, जो छत्तीसगढ़ को अंतरिक्ष विज्ञान के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मानचित्र पर नई पहचान दिलाएगा और राज्य के युवाओं के लिए अनंत संभावनाओं के द्वार खोलेगा। अब छत्तीसगढ़ के युवा भी इसरो, नासा सहित वैश्विक मंचों पर राज्य का नाम रोशन करेंगे।

अगस्त 2025 में आंध्र प्रदेश प्रवास के दौरान सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र का भ्रमण किया था, जहां से उन्हें छत्तीसगढ़ में भी ऐसी ही अत्याधुनिक सुविधा स्थापित करने की प्रेरणा मिली थी। इसी क्रम में 08/09/2025 को उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी तथा अंतरिक्ष आयोग के अध्यक्ष एवं अंतरिक्ष विभाग के सचिव डॉ. वी. नारायणन जी को पत्र लिखकर छत्तीसगढ़ के रजत जयंती वर्ष में रायपुर में स्पेस लैब एवं सिम्युलेटर स्थापित करने का आग्रह किया था। साथ ही लोकसभा में नियम 377 के तहत इस महत्वपूर्ण विषय को उठाकर केंद्र सरकार का ध्यान आकृष्ट किया।

 

जिसके बाद 18 नवंबर 2025 को अंतरिक्ष विभाग के सचिव डॉ. वी. नारायणन ने सांसद बृजमोहन अग्रवाल को पत्र के माध्यम से रायपुर में सिम्युलेटर सहित एक अंतरिक्ष प्रयोगशाला स्थापित करने की स्वीकृति प्रदान करने की जानकारी दी थी।

 

 

CG : बीजेपी सोशल मीडिया छत्तीसगढ़ की प्रदेश कार्यसमिति घोषित

CG : बीजेपी सोशल मीडिया छत्तीसगढ़ की प्रदेश कार्यसमिति घोषित

 रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष किरण देव की सहमति से भाजपा सोशल मीडिया छत्तीसगढ़ की प्रदेश कार्यसमिति की घोषणा कर दी गई है। इस कार्यसमिति में संगठन को डिजिटल माध्यमों पर और अधिक सशक्त करने के उद्देश्य से विभिन्न पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

देखें लिस्ट

शराब घोटाला : सुप्रीम कोर्ट से पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को मिली जमानत

शराब घोटाला : सुप्रीम कोर्ट से पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को मिली जमानत

 रायपुर। छत्तीसगढ़ शराब घोटाला मामले में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को बड़ी राहत मिली है। इस मामले में मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई, जिसके बाद कोर्ट ने लखमा को अंतरिम जमानत देने का आदेश दिया। जमानत की शर्तों के तहत लखमा को छत्तीसगढ़ से बाहर रहना होगा, हालांकि कोर्ट में पेशी के दौरान वे छत्तीसगढ़ आ सकेंगे। इसके अलावा उन्हें अपना पासपोर्ट जमा करना होगा और अपना वर्तमान पता, मोबाइल नंबर संबंधित पुलिस थाने में दर्ज कराना अनिवार्य होगा।

बता दें कि शराब घोटाला मामले में लखमा पिछले एक साल से जेल में बंद थे। उन पर 70 करोड़ के शराब घोटाला का कमीशन पहुंचने का आरोप था। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाला बाक्ची, जस्टिस पंचोली, इन तीनों जजों की बेंच ने ईडी और ईओडब्ल्यू दोनों में दर्ज मामलों की सुनवाई की। इसके बाद लखमा को अंतरिम जमानत दी। करीब सालभर बाद लखमा अब जेल से बाहर आएंगे।

सालभर बाद जेल से बाहर आएंगे पूर्व आबकारी मंत्री

बता दें कि ED ने पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को 15 जनवरी 2025 को गिरफ्तार किया था। ED ने रिमांड पर उनसे 7 दिन पूछताछ की थी। इसके बाद 21 जनवरी से 4 फरवरी तक न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया था। उसके बाद से ही कवासी लखमा रायपुर सेंट्रल जेल में बंद हैं। अब जल्द ही लखमा जेल से बाहर आएंगे।

जानिए क्यों हुई थी लखमा की गिरफ्तारी

ED का आरोप है कि पूर्व मंत्री और मौजूदा विधायक कवासी लखमा सिंडिकेट के अहम हिस्सा थे। लखमा के निर्देश पर ही सिंडिकेट काम करता था। इनसे शराब सिंडिकेट को मदद मिलती थी। वहीं, शराब नीति बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।कवासी लखमा के इशारे पर छत्तीसगढ़ में FL-10 लाइसेंस की शुरुआत हुई। ED का दावा है कि लखमा को आबकारी विभाग में हो रही गड़बड़ियों की जानकारी थी, लेकिन उन्होंने उसे रोकने के लिए कुछ नहीं किया।

ED के वकील सौरभ पांडेय ने कोर्ट में बताया था कि 3 साल शराब घोटाला चला। लखमा को हर महीने 2 करोड़ रुपए मिलते थे। इस दौरान 36 महीने में लखमा को 72 करोड़ रुपए मिले। ये राशि उनके बेटे हरीश कवासी के घर के निर्माण और कांग्रेस भवन सुकमा के निर्माण में लगे। ED ने कहा था कि छत्तीसगढ़ में शराब घोटाले से सरकारी खजाने को भारी नुकसान हुआ है। शराब सिंडिकेट के लोगों की जेबों में 2,100 करोड़ रुपए से अधिक की अवैध कमाई भरी गई। नेता, कारोबारी और अधिकारियों ने जमकर अवैध कमाई की।

जानिए क्या है छत्तीसगढ़ का शराब घोटाला

छत्तीसगढ़ शराब घोटाला मामले में ED जांच कर रही है। ED ने ACB में FIR दर्ज कराई है। दर्ज FIR में 2 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा के घोटाले की बात कही गई है। ED ने अपनी जांच में पाया कि तत्कालीन भूपेश सरकार के कार्यकाल में IAS अफसर अनिल टुटेजा, आबकारी विभाग के एमडी AP त्रिपाठी और कारोबारी अनवर ढेबर के सिंडिकेट के जरिए घोटाले को अंजाम दिया गया था।

Cabinet Meeting : इस दिन होगी साय कैबिनेट की बैठक, लिए जा सकते है कई बड़े फैसलें…!

Cabinet Meeting : इस दिन होगी साय कैबिनेट की बैठक, लिए जा सकते है कई बड़े फैसलें…!

 रायपुर: छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में एक बार फिर मंत्रिपरिषद की बैठक होने जा रही है। बैठक 04 फरवरी 2026 को सुबह 11ः30 बजे होगी। मंत्रालय महानदी भवन स्थित मंत्रिपरिषद कक्ष में आयोजित की गई है। कयास लगाया जा रहा है कि इस बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगाई जा सकती है। बैठक खत्म होने के बाद कैबिनेट मंत्री फैसलों की जानकारी देंगे।

मदिरा प्रेमियों को बड़ा झटका, 1 अप्रैल से महंगी होगी शराब, जितना प्रीमियम उतना ज्यादा देना होगा टैक्स

मदिरा प्रेमियों को बड़ा झटका, 1 अप्रैल से महंगी होगी शराब, जितना प्रीमियम उतना ज्यादा देना होगा टैक्स

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने आबकारी नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए शराब पर नई ड्यूटी दरों की अधिसूचना जारी कर दी है। ये नई दरें 1 अप्रैल 2026 से प्रदेशभर में लागू होंगी। इसके तहत देशी और विदेशी दोनों तरह की शराब पर ड्यूटी टैक्स बढ़ाया गया है। सरकार ने पहली बार विदेशी शराब की कीमत के आधार पर अलग-अलग ड्यूटी दरें तय की हैं। यानी अब जितनी महंगी शराब होगी, उस पर उतना ही ज्यादा टैक्स देना होगा। इससे प्रीमियम और लग्ज़री शराब की कीमतों में बढ़ोतरी तय मानी जा रही है।

बता दें कि, नई व्यवस्था के तहत बीयर और रेडी-टू-ड्रिंक (RTD) पेय पदार्थों पर भी संशोधित ड्यूटी दरें लागू की जाएंगी। वहीं, सेना और अर्धसैनिक बलों के लिए न्यूनतम ड्यूटी दर तय की गई है, जिससे उन्हें कुछ राहत मिलेगी। एक और बड़ा बदलाव यह है कि अब शराब की सप्लाई से पहले टैक्स का भुगतान अनिवार्य होगा।

इसके अलावा शराब कंपनियों द्वारा जब रेट ऑफर सेल प्राइस (RSP) जमा किए जाएंगे, उसके बाद बाजार में शराब की कीमतों में इज़ाफा हो सकता है। सरकार का कहना है कि इस फैसले से राजस्व में बढ़ोतरी होगी और आबकारी व्यवस्था में पारदर्शिता आएगी। नई ड्यूटी दरों से संबंधित अधिसूचना छत्तीसगढ़ राजपत्र में प्रकाशित कर दी गई है।

निपुण भारत मिशन से छत्तीसगढ़ के जनजातीय इलाकों में ऐतिहासिक बदलाव, 18 स्थानीय भाषाओं में दी जा रही प्राथमिक शिक्षा—लोकसभा में बृजमोहन अग्रवाल ने उठाया मुद्दा

निपुण भारत मिशन से छत्तीसगढ़ के जनजातीय इलाकों में ऐतिहासिक बदलाव, 18 स्थानीय भाषाओं में दी जा रही प्राथमिक शिक्षा—लोकसभा में बृजमोहन अग्रवाल ने उठाया मुद्दा

नई दिल्ली/रायपुर। छत्तीसगढ़ के जनजातीय बहुल क्षेत्रों में भाषा की बाधाओं को दूर करने के लिए निपुण भारत मिशन के अंतर्गत 18 स्थानीय भाषाओं और बोलियों में प्राथमिक शिक्षा दी जा रही है। यह कहना है सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल को, जिन्होंने सोमवार को लोकसभा में निपुण भारत मिशन के अंतर्गत छत्तीसगढ़ सहित देश के जनजातीय और ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक कौशल से जुड़े शिक्षा सुधार के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया।

अग्रवाल ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत निपुण भारत मिशन की प्रगति, क्षेत्रीय एवं भाषाई असमानताओं, विशेष रूप से छत्तीसगढ़ के जनजातीय बहुल जिलों में एफएलएन परिणामों, डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता तथा 2026-27 तक सार्वभौमिक एफएलएन दक्षता प्राप्त करने की कार्यनीतियों पर केंद्र सरकार से जानकारी मांगी

सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने बताया कि, छत्तीसगढ़ जैसे राज्य, जहाँ जनजातीय समुदायों की बड़ी आबादी निवास करती है, वहाँ भाषा की बाधाएँ शिक्षा के मार्ग में एक बड़ी चुनौती रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि, स्थानीय भाषाओं और बोलियों में प्रारंभिक शिक्षा, डिजिटल एफएलएन सामग्री, स्मार्ट क्लासरूम एवं टैबलेट जैसी सुविधाओं का प्रभावी क्रियान्वयन ही समान शैक्षिक अवसर सुनिश्चित कर सकता है।

छत्तीसगढ़ समेत देशभर में कक्षा स्तर पर भाषा मैपिंग, बहुभाषी शिक्षा का प्राथमिक कार्यान्वयन, शिक्षकों का विशेष प्रशिक्षण, सांस्कृतिक रूप से प्रासंगिक शिक्षण सामग्री, स्टोरी टेलिंग उत्सव, स्कूल म्यूजियम तथा मॉडल बहुभाषी स्कूलों की स्थापना जैसे प्रयास किए जा रहे हैं।

सांसद बृजमोहन ने बताया कि समग्र शिक्षा के तहत छत्तीसगढ़ में जनजातीय क्षेत्रों सहित कुल 10,771 स्मार्ट कक्षाएँ स्वीकृत की गई हैं, जिनमें से 5,857 स्मार्ट कक्षाएँ वर्तमान में कार्यात्मक हैं। इसके साथ ही सीआईआईएल, मैसूर के सहयोग से छत्तीसगढ़ी, हल्बी और सुरगुजिहा भाषाओं में त्रिभाषी शब्दकोश एवं डिजिटल सामग्री भी विकसित की गई है।

सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि , छत्तीसगढ़ के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि निपुण भारत मिशन और समग्र शिक्षा जैसी योजनाओं के माध्यम से राज्य के दूरस्थ और अल्पसेवित जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा की गुणवत्ता में ऐतिहासिक सुधार संभव हो रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि 2026-27 तक सार्वभौमिक एफएलएन दक्षता का लक्ष्य छत्तीसगढ़ में भी मजबूती से प्राप्त होगा।

अग्रवाल ने प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय शिक्षा मंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह मिशन केवल साक्षरता का नहीं, बल्कि जनजातीय समाज को उनकी भाषा, संस्कृति और पहचान के साथ शिक्षा से जोड़ने का सशक्त माध्यम है। यह छत्तीसगढ़ के भविष्य को मजबूत नींव प्रदान करने की दिशा में एक निर्णायक कदम है।

उप मुख्यमंत्री शर्मा ने द स्टोरी ऑफ किंग भोरमदेव राजा भोरमदेव की कहानी पुस्तक का किया विमोचन

उप मुख्यमंत्री शर्मा ने द स्टोरी ऑफ किंग भोरमदेव राजा भोरमदेव की कहानी पुस्तक का किया विमोचन

 रायपुर। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने आज विधायक कार्यालय कवर्धा में द स्टोरी ऑफ किंग भोरमदेव राजा भोरमदेव की कहानी पुस्तक का विमोचन किया। पुस्तक के रचनाकार श्री रामप्रसाद बघेल को उप मुख्यमंत्री ने बधाई तथा आगे के सफल साहित्यिक कार्यों के लिए शुभकामनाएं दीं। श्री शर्मा ने कहा कि यह पुस्तक जिलेवासियों के लिए गर्व का विषय है तथा इससे हमारी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक परंपराओं को नयी पीढ़ी तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा। यह कहानी अंर्तराष्ट्रीय स्तर का है इस पुस्तक के प्रकाशन से भोरमदेव की ख्याति को अंर्तराष्ट्रीय पहचान मिलेगी। 

उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि पुस्तक न केवल राजा भोरमदेव के जीवन और काल की महिमा को उजागर करता है, बल्कि मनुष्य, प्रकृति और चेतना के बीच संतुलन की गूढ़ दार्शनिकता को भी बखूबी प्रस्तुत करता है। उन्होंने आग्रह किया कि वे इस पुस्तक को पढ़ें और इसके संदेश को अपने जीवन में आत्मसात करें।

लेखक रामप्रसाद बघेल ने बताया कि राजा भोरमदेव की कहानी की शुरुआत एक प्राचीन और रहस्यमयी युग से होती है, जब पृथ्वी पर आकाश से गिरा एक विशाल धूमकेतु ने न केवल प्राकृतिक संतुलन को बाधित किया, बल्कि अंधकार से ऊर्जा प्राप्त करने वाले ड्रैगन जैसे घातक प्राणियों का आगमन भी किया। ये प्राणी अंधकार में और अधिक शक्तिशाली होते गए तथा धीरे-धीरे संपूर्ण पृथ्वी को एक भयावह अनंत संध्या की ओर ले जाने लगे, जहाँ मानव, पशु और प्रकृति कोई भी सुरक्षित नहीं रहा। कथा का प्रमुख नायक कुरुगुरु भद्रदेव बैगा है, जो विज्ञान, अध्यात्म एवं प्रकृति के संतुलन को समझता है। विद्वानों के नेतृत्व में यह खोज की जाती है कि ड्रैगनों के माथे पर चमकता नीला चिह्न कोई सजावट नहीं, बल्कि अंधकार से ऊर्जा खींचने वाला यंत्र है, और जैसे-जैसे अंधकार बढ़ता है, वे और अधिक अजेय बनते जाते हैं।

कहानी में एक प्राचीन राजवंश के शासक राजा परसमनिधर देव तथा रानी नागमती की गहन तपस्या और दिव्य-वैज्ञानिक शक्तियों का विवरण भी मिलता है। राजा के पास पारस रत्न है, जो सूर्य की ऊर्जा से पदार्थ और जीवन को रूपांतरित करने की क्षमता रखता है, जबकि रानी नागमती के पास नागमणि यंत्र है, जो किसी भी पदार्थ को नष्ट करने अथवा विष को निष्प्रभावी बनाने की शक्ति रखता है। कहानी केवल युद्ध और संघर्ष की नहीं है, बल्कि प्रेम, नियति एवं चेतना की भी है। झील के तट पर बिना शब्दों के केवल दृष्टियों और अनुभूतियों से राजा और रानी का प्रेम जन्म लेता है। उनका विवाह दो शक्तिशाली वंशों का नहीं, बल्कि विज्ञान, प्रकृति और चेतना के मिलन का प्रतीक बनता है। इस अवसर पर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्री विदेशीराम धुर्वे, श्री संतोष पटेल, जनपद उपाध्यक्ष कवर्धा श्री गणेश तिवारी, बोडला श्री नंद श्रीवास, श्री नरेंद्र मानिकपुरी, श्री मनीराम साहू, श्री अमर कुर्रे, श्री प्रवीण शर्मा, श्री श्री जसबीर सालुजा, श्री शैलेन्द्र उपाध्याय सहित जन प्रतिनिधि, क्षेत्र के नागरिक उपस्थित रहे।

उपमुख्यमंत्री शर्मा की तत्परता से दो दिव्यांगों को मिली स्कूटी, चेहरे पर लौटी मुस्कान, जताया आभार

उपमुख्यमंत्री शर्मा की तत्परता से दो दिव्यांगों को मिली स्कूटी, चेहरे पर लौटी मुस्कान, जताया आभार

 रायपुर। उपमुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा ने आज विधायक कार्यालय कवर्धा में दो दिव्यांग लाभार्थियों को स्कूटी का वितरण किया। इस अवसर पर उन्होंने बोड़ला विकासखंड के ग्राम मारियाटोला निवासी विद्याधा वर्मा तथा ग्राम नेऊरगाँव निवासी भूपेंद्र चंद्रवंशी को स्कूटी की चाबी सौंपकर उन्हें शुभकामनाएँ दीं। उपमुख्यमंत्री  शर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार का उद्देश्य दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाना और उनके दैनिक जीवन को सुगम करना है। स्कूटी मिलने से लाभार्थियों को आवागमन में सुविधा होगी तथा वे अपने कार्यों को स्वतंत्र रूप से कर सकेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि समाज के हर वर्ग को मुख्यधारा से जोडऩा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सरकार की प्राथमिकता है। इस अवसर पर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष  विदेशीराम धुर्वे,  संतोष पटेल, जनपद उपाध्यक्ष कवर्धा गणेश तिवारी, बोडला नंद श्रीवास, नरेंद्र मानिकपुरी, मनीराम साहू, अमर कुर्रे सहित जन प्रतिनिधि, क्षेत्र के नागरिक उपस्थित रहे।

उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि दिव्यांगजनों को स्कूटी उपलब्ध कराए जाने से उनके दैनिक आवागमन में सुगमता प्राप्त होगी तथा वे स्वावलंबी जीवन की ओर अग्रसर होंगे। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण, सामाजिक समावेशन एवं आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा निरंतर जनकल्याणकारी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं। स्कूटी प्राप्त होने से लाभार्थियों के दैनिक कार्यों के साथ-साथ शिक्षा, रोजगार एवं सामाजिक गतिविधियों में भी सुविधा मिलेगी, जिससे उनका आत्मविश्वास बढ़ेगा और वे सम्मानजनक एवं स्वतंत्र जीवन यापन कर सकेंगे। यह पहल सरकार की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसके अंतर्गत दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाकर समाज की मुख्यधारा से जोडऩे का सतत प्रयास किया जा रहा है।

बोड़ला विकासखंड के ग्राम मारियाटोला निवासी विद्याधा वर्मा तथा ग्राम नेऊरगाँव निवासी  भूपेंद्र चंद्रवंशी ने स्कूटी प्राप्त होने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा एवं शासन - प्रशासन के प्रति आभार प्रकट किया। लाभार्थियों ने बताया कि उन्होंने स्कूटी के लिए उपमुख्यमंत्री  विजय शर्मा को आवेदन प्रस्तुत किया था, जिसे उन्होंने तत्परता एवं संवेदनशीलता के साथ स्वीकार किया। आवेदन पर शीघ्र कार्रवाई करते हुए आज उन्हें स्कूटी प्रदान की गई, जिससे वे बहुत खुश हैं

रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री साव ने की घोषणा

रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री साव ने की घोषणा

 रायपुर । उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने 1 फरवरी को रतनपुर में माघी पूर्णिमा एवं आदिवासी विकास मेला वर्ष-2026 का शुभारंभ किया। साव ने इस अवसर पर ऑडिटोरियम निर्माण के लिए 2 करोड़ रुपए और नगर पालिका भवन में बाउंड्रीवाल के लिए 20 लाख रुपए देने की घोषणा की। 

उप मुख्यमंत्री साव ने कार्यक्रम में कहा कि रतनपुर पवित्र और पौराणिक नगरी है, इसकी ख्याति दुनिया भर में है। इस ख्याति के अनुरूप यहां बहुत कुछ किया जाना बाकी है। यह कभी छत्तीसगढ़ की राजधानी रही है। इसके अनुरूप गरिमा बढ़ाने का काम करेंगे। 

 साव ने बताया कि रतनपुर को कॉरीडोर के रूप में विकसित करने का काम करेंगे। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के धार्मिक स्थलों को सजाने और संवारने का काम हुआ है। मां महामाया की कृपा से रतनपुर को भी संवारेंगे। रतनपुर के तालाबों के सौंदर्यीकरण का मार्ग प्रशस्त हुआ है। इसे सुंदर बनाने पूरे मन से कार्य करेंगे। विधायक श्री सुशांत शुक्ला, जिला पंचायत के अध्यक्ष श्री राजेश सूर्यवंशी और नगर पालिका के अध्यक्ष श्री लवकुश कश्यप सहित पार्षदगण एवं नगरवासी बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।

उद्योग मंत्री ने कन्नौजिया राठौर समाज क़े 25 लाख क़े भवन का लोकार्पण किया

उद्योग मंत्री ने कन्नौजिया राठौर समाज क़े 25 लाख क़े भवन का लोकार्पण किया

 रायपुर। कोरबा विधायक और छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने रविवार को कन्नौजिया राठौर समाज क़े 25 लाख की लागत से बने सामुदायिक भवन के ऊपरी तल का लोकार्पण और साहू समाज, तैलिक विकास समिति बालको नगर क़े भवन एवं अन्य विस्तार कार्य लागत 20 लाख का विधिवत भूमि पूजन कर विकास कार्यों की सौगात दी।

मैगजीन भाटा दादर खुर्द स्थित कनौजिया राठौर समाज के वार्षिक सम्मेलन और लोकार्पण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने नवनिर्मित भवन का फीता काटकर लोकार्पण किया। इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि कन्नौजिया राठौर समाज आज हर क्षेत्र में अग्रसर है, समाज का स्नेह और आशीर्वाद प्रारंभ से मुझे मिलता रहा है,महापौर कार्यकाल में इस भवन की नींव रखी गई थी। पिछली बार कार्यक्रम में समाज ने 25 लाख की लागत क़े ऊपरी तल के निर्माण के लिए आग्रह किया था, जिसे सहर्ष स्वीकार करते हुए स्वीकृति दी गई थी। मुझे आज गौरवान्वित महसूस हो रहा है की आज इस परिसर के ऊपरी तल का लोकार्पण करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। कार्यक्रम के अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने मंच की विकास कार्य हेतु 7 लाख की अतिरिक्त घोषणा की।

कनौजिया राठौर समाज के जिला अध्यक्ष श्री सीताराम राठौर ने कहा कि यह हमारे लिए गौरव की बात है की लखन लाल देवांगन जैसा नेतृत्व कर्ता कोरबा नगर का विधायक और छत्तीसगढ़ शासन में कैबिनेट मंत्री हैं। समाज के हर सार्वजनिक कार्यक्रमों में मंत्री श्री देवांगन आत्मीय रूप से सम्मिलित होते हैं, जब भी समाज ने मांग की है तब तब हर्ष क़े साथ उन्होंने स्वीकृति दी है। कन्नौजिया राठौर समाज का पूरा आशीर्वाद सदैव मंत्री श्री लखन लाल देवांगन पर बना रहेगा।

इसी तरह साहू समाज तैलिक विकास समिति बालकोनगर क़े भवन क़े भूमि पूजन और स्नेह सम्मेलन में शामिल हुए मंत्री श्री देवांगन ने भक्त  माता कर्मा की पूजा अर्चना कर 20 लाख की लागत से बनने वाले भवन एवं अन्य विकास कार्यों का भूमि पूजन किया।इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि मेहनत और ईमानदारी साहू समाज की पहचान है जिसके कारण समाज आज हर क्षेत्र में तरक्की कर रहा है। उन्होंने कहा कि अन्य समाजों को साथ लेकर चलने की अद्भुत क्षमता साहू समाज में निहित है। साहू समाज तैलिक विकास समिति बालको नगर को आज 20 लाख की सौगात देते हुए हर्ष हो रहा है। समाज का स्नेह और भक्ति माता कर्मा का आशीर्वाद ही मेरी सबसे बड़ी पूंजी और ताकत है उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी द्वारा विकास कार्यों क़े लिए लगातार विकास कार्यों के लिए राशि दी जा रही है, शहर के विकास के साथ-साथ हर समाज की मांग अनुरूप विकास कार्य उनकी प्राथमिकता है।ज़्यादा जानेंVision News Service

इस अवसर पर सभापति नूतन सिंह, पार्षद श्री नरेंद्र देवांगन , मंडल अध्यक्ष श्री राजेश राठौर ,  पार्षद श्री मुकुंद कंवर , पार्षद श्री तरुण राठौर , पार्षद श्री सुभाष राठौर , श्री कन्हैयालाल राठौर, समाज क़े अध्यक्ष श्री सीताराम राठौर, हेमचंद राठौर , राघवेंद्र राठौर , श्याम लाल राठौर, कन्हैया राठौर, जिला पंचायत सभापति सुश्री आशा साव,संजय राठौर जी, हीरा राठौर,रामकुमार  राठौर , चेतन राठौर  व जिले भर की इकाईयो से आए समाज क़े गणमान्य जन उपस्थित रहे। इसी तरह बालको नगर में इस अवसर पर पार्षद श्री सत्येंद्र दुबे ,  पार्षद श्री मंगल बंदे, पार्षद श्रीमती सीमा कंवर , पार्षद श्री कृपाराम साहू , पार्षद श्री मुकुंद कंवर, समिति के संरक्षक श्री गोरेलाल साहू , अध्यक्ष श्री अमर दास साहू, श्री डीक़ेश्वर साहू, श्री शशिकांत साहू , श्री लेख राम साहू , श्री लीलकांत साहू सहित अधिक संख्या में समाज क़े पदाधिकारी गण व आमजन उपस्थित रहे।

उक्त कार्यक्रम में महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने कहा की शहर क़े साथ-साथ हर समाज की सेवा और विकास ही हमारी प्राथमिकता है,  कन्नौजिया राठौर समाज और साहू समाज, तैलिक विकास समिति को आज महत्वपूर्ण कार्यों की सौगात नगर विधायक और छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन द्वारा दी गई है। उन्होंने सिर्फ दो साल में ही विकास कार्यों का नए आयाम स्थापित किए हैं।

डबल इंजन सरकार का बड़ा तोहफा - छत्तीसगढ़ में रेलवे विकास के लिए ₹7,470 करोड़: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति किया आभार प्रकट

डबल इंजन सरकार का बड़ा तोहफा - छत्तीसगढ़ में रेलवे विकास के लिए ₹7,470 करोड़: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति किया आभार प्रकट

-छत्तीसगढ़ बन रहा रेल सुविधा के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य - मुख्यमंत्री श्री साय
रायपुर।
छत्तीसगढ़ में रेलवे अधोसंरचना विकास के लिए ₹7,470 करोड़ के ऐतिहासिक बजट प्रावधान किए जाने पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डबल इंजन सरकार के सतत प्रयासों से छत्तीसगढ़ में आज रेलवे क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन परिलक्षित हो रहा है। वर्ष 2009–14 के दौरान वार्षिक औसत ₹311 करोड़ की तुलना में 2026–27 में ₹7,470 करोड़ का बजट प्रावधान लगभग 24 गुना वृद्धि का रिकॉर्ड है। वर्तमान में राज्य में ₹51,080 करोड़ के रेल कार्य प्रगति पर हैं, जिनमें नए ट्रैक निर्माण, स्टेशनों का पुनर्विकास तथा सुरक्षा उन्नयन जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुदूर वनांचल बस्तर में जगदलपुर को जोड़ने वाले रावघाट–जगदलपुर रेल प्रोजेक्ट का प्रारंभ होना बस्तर के जनजातीय समाज के लिए केंद्र सरकार की ओर से एक अमूल्य उपहार है, जो क्षेत्रीय विकास की नई राह प्रशस्त करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि परमलकसा–खरसिया कॉरिडोर के साथ-साथ नए फ्रेट कॉरिडोर को भी स्वीकृति प्रदान की गई है। इन परियोजनाओं से आने वाले समय में छत्तीसगढ़ में यात्री गाड़ियों की संख्या आने वाले समय में लगभग  दोगुनी हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि अमृत स्टेशन योजना के अंतर्गत राज्य के 32 रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है, जिनमें डोंगरगढ़ (फेज-I), अंबिकापुर, भानुप्रतापपुर, भिलाई और उरकुरा जैसे स्टेशन पूर्ण हो चुके हैं। इसके साथ ही राज्य में वंदे भारत एक्सप्रेस की 2 जोड़ी तथा अमृत भारत एक्सप्रेस की 1 जोड़ी सेवाएँ यात्रियों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक रेल सुविधा प्रदान कर रही हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि वर्ष 2014 से अब तक लगभग 1,200 किलोमीटर नए रेल ट्रैक का निर्माण, 100 प्रतिशत विद्युतीकरण, 170 फ्लाईओवर/अंडरपास तथा ‘कवच’ जैसी आधुनिक सुरक्षा प्रणालियों की स्थापना से रेल सुविधा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो रहा है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं  रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को इन युगांतकारी पहलों के लिए हृदय से धन्यवाद दिया है। उन्होंने कहा कि यह विकास केवल रेल पटरियों तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे प्रदेश के व्यापार, पर्यटन, उद्योग, रोजगार और आमजन के जीवन में नई ऊर्जा का संचार हो रहा है।

Image after paragraph

धान खरीदी को लेकर CM साय का बड़ा बयान, जानिए क्या कहा?

धान खरीदी को लेकर CM साय का बड़ा बयान, जानिए क्या कहा?

 रायपुर : छत्तीसगढ़ में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के तहत धान खरीदी अभियान 31 जनवरी को विधिवत रूप से संपन्न हो चुका है। इस पूरे अभियान को लेकर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का बड़ा बयान सामने आया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में धान खरीदी तय समय-सीमा के भीतर सफलतापूर्वक पूरी की गई है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जानकारी देते हुए बताया कि धान खरीदी 15 नवंबर से शुरू होकर 31 जनवरी तक चली और इस दौरान सभी पंजीकृत किसानों ने अपना धान बेच लिया है। उन्होंने दावा किया कि अब तक राज्य में करीब 140 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने धान खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी और सुचारू बनाने के लिए एग्री स्टैक और संबंधित डिजिटल ऐप को सक्रिय किया था। इन माध्यमों से खरीदी की निगरानी की गई, ताकि किसी भी किसान को परेशानी न हो और हर पंजीकृत किसान को धान बेचने का अवसर मिल सके।

धान खरीदी से जुड़ी शिकायतों को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सभी जानकारियां एकत्र कर रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि, यदि कहीं किसी स्तर पर समस्या सामने आती है या अतिरिक्त व्यवस्था की आवश्यकता होती है, तो उसके अनुरूप कार्रवाई की जाएगी।

रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने की घोषणा

रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने की घोषणा

रायपुर: उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने 1 फरवरी को रतनपुर में माघी पूर्णिमा एवं आदिवासी विकास मेला वर्ष-2026 का शुभारंभ किया।  साव ने इस अवसर पर ऑडिटोरियम निर्माण के लिए 2 करोड़ रुपए और नगर पालिका भवन में बाउंड्रीवाल के लिए 20 लाख रुपए देने की घोषणा की।

 रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने की घोषणा

उप मुख्यमंत्री  साव ने कार्यक्रम में कहा कि रतनपुर पवित्र और पौराणिक नगरी है, इसकी ख्याति दुनिया भर में है। इस ख्याति के अनुरूप यहां बहुत कुछ किया जाना बाकी है। यह कभी छत्तीसगढ़ की राजधानी रही है। इसके अनुरूप गरिमा बढ़ाने का काम करेंगे।

 रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने की घोषणा

 रतनपुर में बनेगा भव्य ऑडिटोरियम, उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने की घोषणा

 साव ने बताया कि रतनपुर को कॉरीडोर के रूप में विकसित करने का काम करेंगे। प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के धार्मिक स्थलों को सजाने और संवारने का काम हुआ है। मां महामाया की कृपा से रतनपुर को भी संवारेंगे। रतनपुर के तालाबों के सौंदर्यीकरण का मार्ग प्रशस्त हुआ है। इसे सुंदर बनाने पूरे मन से कार्य करेंगे। विधायक  सुशांत शुक्ला, जिला पंचायत के अध्यक्ष  राजेश सूर्यवंशी और नगर पालिका के अध्यक्ष  लवकुश कश्यप सहित पार्षदगण एवं नगरवासी बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।

रजत जयंती महोत्सव : दो सड़कों के कार्यों के लिए 27.75 करोड़ रूपए स्वीकृत

रजत जयंती महोत्सव : दो सड़कों के कार्यों के लिए 27.75 करोड़ रूपए स्वीकृत

 रायपुर :- छत्तीसगढ़ शासन लोक निर्माण विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ के रजत जयंती महोत्सव के विशेष अवसर पर राज्य के विभिन्न जिलों में जन सामान्य को आवागमन सुगम बनाने के लिए महत्वपूर्ण सड़क निर्माण के कार्यों को कराने के लिए स्वीकृति जारी की गई है। इसी कड़ी में रजत जयंती के विशेष मौके पर जिला बेमेतरा के अंतर्गत बहिंगा तिवरैया सिमगा ग्रामीण पहुंच मार्ग के निर्माण कार्य लम्बाई 12 किलोमीटर केलिए 11 करोड़ 81 लाख 12 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। इसी तरह बेरला से कोदवा देवरबीजा करमू मार्ग 22 किलोमीटर  का दो लेन मजबूतीकरण कार्य के लिए 15 करोड़ 94 लाख एक हजार रूपए स्वीकृत किए गए है।

क्षेत्र में इन महत्वपूर्ण सड़कों के कार्यों की स्वीकृति मिलने से लोगो का आवागमन और सुविधा जनक हो जाएगा। इन मार्गों के कार्य क्षेत्रीय लोगों के आवागमन के लिए अति महत्वपूर्ण है। इन कार्यों की स्वीकृति मिलने से सड़क निर्माण कार्य शीघ्र होने से लोगो को सुविधा होगी।

 कबीरपंथ का छत्तीसगढ़ के जनजीवन में व्यापक प्रभाव - मुख्यमंत्री साय

कबीरपंथ का छत्तीसगढ़ के जनजीवन में व्यापक प्रभाव - मुख्यमंत्री साय

 छत्तीसगढ विकसित प्रदेश बनने तेजी से अग्रसर

संत समागम समारोह की राशि 50 लाख से बढाकर 75 लाख करने की घोषणा

रायपुर, 02 फरवरी 2026 / मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ तेजी से विकसित प्रदेश बनने की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को बहुत आगे ले जाना है और विकसित प्रदेश के रूप में खड़ा करना है। उन्होंने संत समागम समारोह दामाखेड़ा की राशि 50 लाख रूपये से बढाकर 75 लाख  रूपये करने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय कल रविवार को कबीर धर्मनगर दामाखेड़ा में माघ पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित सतगुरु कबीर संत समागम समारोह में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने पंथ  उदित मुनि नाम साहेब,पंथ  प्रकाश मुनि नाम साहब को चादर श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद लिया और प्रदेश की खुशहाली की कामना की।  मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय माघ पूर्णिमा की शुभकामनायें देते हुए कहा कि कबीर धर्म नगर दामाखेड़ा का संत समागम समारोह हर साल भव्य होते जा रहा है जो लोगों में बढ़ते आस्था का प्रतीक है।

 मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कबीरपंथ का छत्तीसगढ़ के जनजीवन में व्यापक प्रभाव है इसलिए यहां के लोग शांति प्रिय है। उन्होंने कहा कि वे बचपन से ही कबीर पंथ से परिचित है और उनके गांव बगिया में भी 8-10 कबीर पंथी परिवार है। उन्होंने दामाखेड़ा का नाम कबीर धर्मनगर करने के संबंध में बताया कि राजपत्र में प्रकाशन हेतु अंतिम प्रक्रिया जारी है।  साय ने कहा कि डबल इंजन की सरकार से लोगों को सीधा फायदा मिल रहा है। अब ​मुख्यमंत्री ने कहा कि छतीसगढ़ के विकास की बाधा की नक्सलवाद अब जल्द ही जड़ से समाप्त होने वाला है। नक्सलवाद का प्रदेश से 31 मार्च 2026 तक समूल नष्ट हो जाएगा। हमने जनता से किया वादा को तेजी से पूरा किया है। 

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि पंथ उदित मुनि नाम साहब का चादर तिलक अद्भुत और अलौकिक रहा। पंथ  ने वृक्षारोपण, समाज सेवा, नशामुक्ति एवं युवा उत्थान के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं। उन्होंने पंथ  का दर्शन कर प्रदेश की सुख समृद्धि का आशीर्वाद लिया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय कबीर आश्रम के विभिन्न विकास कार्यों को लेकर हमेशा चिंतित रहते है और शीघ्र पूरा करने के निर्देश देते हैं। कार्यक्रम को खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल, भाटापारा विधायक  इंद्र साव ने भी सम्बोधित किया। 

समारोह में पंथश्री प्रकाश मुनि नाम साहब ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का कबीरपंथी समाज की ओर से आत्मीय स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इस वर्ष माघ मेला के प्रथम दिन बसंत पंचमी के अवसर पर कबीर पंथ के नये संवाहक 16 वें वंशाचार्य पंथी  उदित मुनि नाम साहेब का चादर तिलक संपन्न हुआ। उन्होंने बताया कि इस वर्ष देश के विभिन्न प्रांतों के साथ ही विदेशों से भी कबीरपंथी संत समागम मेला में आये हैं। समारोह को शासन प्रशासन का भरपूर सहयोग मिला है। 

इस अवसर पर पंथश्री उदित मुनि नाम साहब, गुरूगोसांई भानुप्रताप साहब, विधायक भावना बोहरा  ईश्वर साहु, पूर्व सांसद अभिषेक सिंह, पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा सहित सदगुरू कबीर धर्मदास साहेब वंशावली प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधिगण, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में कबीरपंथ के अनुयायी उपस्थित थे।

संत समागम समारोह की राशि 50 लाख से बढाकर 75 लाख करने की घोषणा

Naxal : बंदूक छोड़ मुख्यधारा की ओर कदम, चार सक्रिय माओवादियों ने किया सरेंडर

Naxal : बंदूक छोड़ मुख्यधारा की ओर कदम, चार सक्रिय माओवादियों ने किया सरेंडर

 बस्तर। दक्षिण बस्तर में नक्सल विरोधी अभियान को एक और बड़ी कामयाबी मिली है, जहां 1 फरवरी 2026 को चार सक्रिय माओवादी कैडरों ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर हिंसा का रास्ता छोड़ दिया है;

आत्मसमर्पण करने वालों में एरिया कमेटी मेंबर (ACM) स्तर के कुख्यात माओवादी शामिल हैं, जो दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर जैसे संवेदनशील इलाकों में लंबे समय से सक्रिय रहकर सुरक्षा बलों के साथ कई मुठभेड़ों, एंबुश की घटनाओं, हथियार और विस्फोटक सप्लाई, नेटवर्क विस्तार और ग्रामीणों को डराने-धमकाने जैसी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहे हैं,

पुलिस के अनुसार लगातार चल रहे सघन सर्च ऑपरेशन, सुरक्षा बलों की बढ़ती पकड़, विकास कार्यों की पहुंच, सरकार की प्रभावी पुनर्वास एवं आत्मसमर्पण नीति और संगठन के भीतर बढ़ते दबाव के कारण माओवादी कैडरों का मनोबल टूट रहा है, जिसके चलते वे मुख्यधारा में लौटने का फैसला कर रहे हैं;

आत्मसमर्पण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि इन कैडरों पर कई गंभीर मामले दर्ज थे और लंबे समय से इनकी तलाश की जा रही थी, शासन की नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों को सुरक्षा, पुनर्वास, आर्थिक सहायता और रोजगार से जुड़ी सुविधाएं दी जाएंगी ताकि वे सामान्य जीवन जी सकें, वहीं पुलिस और प्रशासन ने शेष नक्सलियों से भी अपील की है कि वे हिंसा और बंदूक का रास्ता छोड़कर विकास की मुख्यधारा से जुड़ें, क्योंकि क्षेत्र में लगातार बढ़ते विकास कार्य और सुरक्षा व्यवस्था के चलते माओवादी गतिविधियों का दायरा तेजी से सिमटता जा रहा है।

चलो संगी दर्शन करबो राजीवलोचन धाम... ने बांधा समां

चलो संगी दर्शन करबो राजीवलोचन धाम... ने बांधा समां

 राजीवलोचन धाम के जयकारों संग गूंज उठा कुंभ कल्प मेला

गरियाबंद। राजिम कुंभ कल्प मेला 2026 के प्रथम दिन सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। स्थानीय सांस्कृतिक मंच पर आयोजित कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक-संस्कृति, भक्ति और परंपरा का भव्य संगम देखने को मिला। मानसगान, जगराता, रामधुनी, रामायण, लोक भजन, पंडवानी, पंथी, जस झांकी, सुगम गायन, सतनाम मंगल भजन, फाग गीत, लोक कला मंच और सुवा नृत्य की शानदार प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

कार्यक्रम में लक्ष्मीनारायण भजन संध्या ग्रुप चौबेबांधा द्वारा भजनों की अविरल धारा प्रवाहित की गई। गायक दीपक श्रीवास ने भगवान राजीवलोचन पर आधारित छत्तीसगढ़ी गीत “चलो संगी दर्शन करबो राजीवलोचन धाम गा...” प्रस्तुत कर दर्शकों को तालियां बजाने पर मजबूर कर दिया। वहीं कार्यक्रम के संचालक संतोष कुमार सोनकर ने अपनी शेरो-शायरी से दर्शकों का दिल जीत लिया।

कार्यक्रम की कड़ी में पटेवा के अजय कुमार ने पंथी गीत, जीवतरा के संजय सेन ने मानसगान, बकली राजिम के लाकेश साहू ने जगराता में माता के भजनों की प्रस्तुति दी। हसदा नं. 1 के उत्तम कुमार साहू ने रामधुनी, परसदा (नया रायपुर) के तीरथ साहू ने रामायण, भिलाई-03 के किशन सोनी ने लोक भजन प्रस्तुत किए। राजपुर छुरा की खेमबाई निषाद ने कपालिक शैली में महाभारत के प्रसंग पर प्रभावशाली पंडवानी सुनाई। गौकरण मानिकपुरी एवं सीता साहू ने सुवा नृत्य के माध्यम से छत्तीसगढ़ की लोक-संस्कृति को जीवंत किया। आरंग खमतरई के तुकाराम साहू ने जस झांकी, लखौली (रीवा) के धनेश्वर प्रसाद ने सतनाम मंगल भजन तथा रजनकटा पांडुका के राकेश साहू ने फाग गीतों पर रंग-गुलाल उड़ाकर माहौल को उत्सवमय बना दिया। घटारानी के गौकरण मानिकपुरी ने छत्तीसगढ़ी एवं धार्मिक गीतों की प्रस्तुति दी, वहीं आरंग के दयालुराम यादव ने राउत नाचा, बेमेतरा पेंडरी की सीता साहू ने सुवा नृत्य और बोरसी दुर्ग के मनहरण साहू ने फाग गीतों से खूब तालियां बटोरीं।

 

रायपुर में भाजपा सहयोग केंद्र फिर होगा शुरू, चार दिन चार मंत्री करेंगे समस्या निराकरण

रायपुर में भाजपा सहयोग केंद्र फिर होगा शुरू, चार दिन चार मंत्री करेंगे समस्या निराकरण

रायपुर । भाजपा के राष्ट्रीय नेतृत्व के निर्देश पर प्रदेश के भाजपा कार्यकर्ताओं और उनके क्षेत्रों की जनता की समस्याओं के समाधान के लिए प्रदेश के सभी मंत्रियों को बारी-बारी से ठाकरे परिसर स्थित सहयोग केंद्र में बैठक कर समस्याएं सुनने और उनका निराकरण करने के लिए कहा गया था। इस पहल की शुरुआत वर्ष 2024 में की गई थी, जिसके तहत मंत्री स्वयं बैठकर कार्यकर्ताओं के माध्यम से आम जनता की समस्याएं सुनते रहे।

हालांकि, एक बार शुरू होने के बाद सहयोग केंद्र बंद हो जाने से कार्यकर्ताओं को लंबे समय तक इसके दोबारा शुरू होने का इंतजार करना पड़ा। बीते वर्ष अक्टूबर में इसे पुनः प्रारंभ किया गया, लेकिन दीपावली को देखते हुए यह व्यवस्था महज दो सप्ताह ही चल पाई। इस दौरान मंत्रियों के समक्ष एक हजार से अधिक समस्याएं और मांगें सामने आईं, जिनमें से लगभग आधी समस्याओं का तत्काल समाधान कर दिया गया था।

अब एक बार फिर सहयोग केंद्र में बैठकों का सिलसिला शुरू होने जा रहा है। 3 फरवरी को प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल सहयोग केंद्र में उपस्थित रहेंगे, उनके साथ भाजपा प्रदेश महामंत्री डॉ. नवीन मार्कण्डेय रहेंगे। 4 फरवरी को कैबिनेट मंत्री राजेश अग्रवाल समस्याएं सुनेंगे, उनके साथ प्रदेश भाजपा महामंत्री अखिलेश सोनी मौजूद रहेंगे। 5 फरवरी को श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन प्रदेश भाजपा महामंत्री यशवंत जैन के साथ उपस्थित रहेंगे। वहीं 6 फरवरी को खाद्य मंत्री दयालदास बघेल सहयोग केंद्र में समस्याएं सुनेंगे, जिनके साथ प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष रंजना साहू उपस्थित रहेंगी।

सतत विकास के लिए प्रकृति के साथ संतुलन आवश्यक : राज्यपाल डेका

सतत विकास के लिए प्रकृति के साथ संतुलन आवश्यक : राज्यपाल डेका

 राज्यपाल ने संरक्षण क्षमता महोत्सव का उद्घाटन किया

रायपुर। पेट्रोलियम उत्पादों के विवेकपूर्ण उपयोग एवं ऊर्जा संरक्षण के उद्देश्य से सार्वजनिक क्षेत्र की तेल एवं गैस कंपनियों के सहयोग से संरक्षण क्षमता महोत्सव ‘सक्षम 2025-26’ का आयोजन 1 से 14 फरवरी तक किया जा रहा है। इस अभियान के अंतर्गत राज्य स्तरीय कार्यक्रम का उद्घाटन रविवार को राज्यपाल रमेन डेका ने किया।

इस अवसर पर राज्यपाल डेका ने कहा कि सक्षम एक अत्यंत महत्वपूर्ण जन-जागरूकता कार्यक्रम है, जो आने वाली पीढ़ियों के भविष्य से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि सभ्यता के विकास के साथ मानव को ऊर्जा के अनेक साधन प्राप्त हुए हैं, लेकिन इनके अत्यधिक उपयोग से प्रकृति और भावी पीढ़ियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

अतिरिक्त दोहन से नुकसान होता है, इसलिए सतत विकास  के लिए प्रकृति के साथ संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। स्वच्छ हवा और स्वच्छ पानी हमारे मूलभूत अधिकार हैं। नदियों और पेड़ों को उनके प्राकृतिक स्वरूप में सुरक्षित रखना चाहिए।

राज्यपाल ने कीटनाशकों के अंधाधुंध प्रयोग और माइक्रो-प्लास्टिक से होने वाले दुष्प्रभावों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि माइक्रो-प्लास्टिक का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है और यह अब माता के दूध में भी पाया जा रहा है। प्रकृति को सबसे अधिक नुकसान मनुष्य स्वयं पहुंचा रहा है, इसलिए शिक्षा और जागरूकता अत्यंत आवश्यक है।

राज्यपाल  ने कहा कि जागरूकता केवल बोलने से नहीं आती, बल्कि इसे हमारी दिनचर्या और आदतों का हिस्सा बनाना होगा। उन्होंने बिजली के दुरुपयोग को रोकने और हर स्तर पर ऊर्जा संरक्षण की आवश्यकता पर बल दिया।

उन्होंने कहा कि भविष्य में पेट्रोल और डीजल के सीमित होने पर हमें ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ेगा। इसके लिए ग्रीन एनर्जी और सोलर एनर्जी के उपयोग को बढ़ाना होगा। अत्यधिक पेट्रोल ,डीजल उपयोग से पर्यावरण भी प्रदूषित होता है, इसलिए संतुलन बनाना जरूरी है।

उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ लगाने का आह्वान करते हुए जल संरक्षण पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में जल का अत्यधिक दोहन हो रहा है। बड़े किसानों को अपने खेतों में डबरी निर्माण करना चाहिए, जिससे सामूहिक लाभ हो सके। साथ ही पुराने तालाबों और डबरियों के पुनर्जीवन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समाज ने हमें बहुत कुछ दिया है और समाज के प्रति हमारा भी दायित्व बनता है।

कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन नितिन चव्हाण राज्य स्तरीय समन्वयक एवं मंडल प्रमुख इंडियन ऑयल द्वारा दिया गया। आभार प्रदर्शन हिंदुस्तान पैट्रोलियम  के नितिन श्रीवास्तव ने  किया।

 इस अवसर पर इंडियन ऑयल, भारत पैट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम तथा गेल के वरिष्ठ अधिकारी गण कर्मचारी, विद्यार्थी तथा नागरिक उपस्थित थे।

 

+ Load More