यहां चल रहा एक-दूसरे को बचाने का खेल, जवानों ने अपराधी को, अधिकारियों ने आरक्षक को बचाया
कोरबा। कोतवाली थाना अंतर्गत मानिकपुर चौकी से पुलिस के जवानों ने आरोपियों को बचाने के लिए कोर्ट को धोखा देने की खबर सामने आ रही है। पुलिस आरक्षक योगेश राजपूत और नगर सैनिक मनोज निर्मलकर ने शराब तस्करों को जेल जाने से बचाने के लिए फर्जी कोरोना संक्रमित रिपोर्ट कोर्ट में पेश कर दिया। इस मामले की जांच के बाद जवानों को एसपी के निर्देश पर निलंबित कर दिया है। साथ ही मामले में आरक्षक को छोड़ कर नगर सैनिक के खिलाफ अपराध भी दर्ज कर लिया गया है। मामले में पुलिस की तरफ से नगर सैनिक जवान के खिलाफ की जा रही कार्रवाई पर भी सवाल उठ रहे हैं। क्योँकि एक ही मामले में संलिप्त दो लोगों के खिलाफ अलग-अलग कार्रवाई क्यो?
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर ने बताया कि शराब तस्करी के मामले में गिरफ्तार दो आरोपियों का फर्जी तरीके से कोविड रिपोर्ट बना कर न्यायालय में पेश करने वाले 2 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। वहीं जिला अस्पताल में पदस्थ डाटा एंट्री ऑपरेटर हरजीत सिंह और जिला अस्पताल चौकी में पदस्थ नगर सेना मनोज निर्मलकर के साथ मिलकर झूठा पॉजिटिव रिपोर्ट तैयार किया गया है। जांच के दौरान दोनों झूठा रिपोर्ट तैयार करने के मामले में प्रथम दृष्टया संलिप्त पाया गया है। दोनों के खिलाफ रामपुर चौकी पुलिस ने धारा 109,167 का मामला दर्ज किया गया है। आगे की कार्रवाई की जा रही है।




