विधानसभा: शराब विक्रय व्यवस्था को लेकर आबकारी मंत्री को घेरने का प्रयास, मंत्री कवासी लखमा ने विपक्ष के सवालों पर दी बिंदुवार जानकारी
रायपुर। विधानसभा में आज प्रश्रकाल के दौरान शराब विक्रय और मौजूदा व्यवस्था को लेकर नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने आबकारी मंत्री कवासी लखमा को घेरने का प्रयास किया। कौशिक ने शराब विक्रय के लिए प्लेसमेंट एजेंसी से कर्मचारी रखने, अधिक दर पर शराब बेचने, गबन करने जैसे कई गंभीर सवाल दागे। सदन में विभागीय मंत्री कवासी लखमा ने सभी सवालों के क्रमवार जवाब भी प्रस्तुत किया।
सदन में विधायक संतराम नेताम के सवाल पर आबकारी मंत्री श्री लखमा ने बताया कि-वर्ष 2019 से लेकर जून 2020 तक शासन को शराब की बिक्री से 6831 करोड़ 71 लाख रुपए राजस्व के रूप में मिला। प्रदेश में 337 देशी व 321 विदेशी दुकाने संचालित हो रही है। यह भी बताया कि अधिक दर पर शराब बेंचने वाले व गबन करने वाले 7 सौ कर्मचारी नौकरी से निकाले गए। प्रदेश की शराब दुकानों में अधिक दर पर शराब बेचने और गबन आदि के मामले में प्लेसमेंट एजेंसी के 7 सौ कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। यह जानकारी आबकारी मंत्री कवासी लखमा ने गुरूवार को विधानसभा में दी।
सदन में नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने आबकारी मंत्री को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में सरकारी संरक्षण में बड़े पैमाने पर अवैध शराब की बिक्री हो रही है। दूकानों में अधिक दर पर शराब बिक्री की जा रही है। इससे सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है। नेता प्रतिपक्ष कौशिक के सवाल के जवाब में आबकारी मंत्री ने बताया कि प्रदेश में एक जनवरी 2019 से अब तक अधिक दर पर शराब बेचने की 5551 शिकायतें आई हैं। उन्होंने कहा कि अधिक दर पर शराब बेचने और गबन आदि की शिकायत पर 7 सौ कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया गया है। आबकारी मंत्री ने पूरक सवाल के जबाव में बताया कि गड़बड़ी के आधार पर दंड का निर्धारण किया गया है।
नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने कहा कि सरकार ने प्लेसमेंट एजेंसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज क्यों नहीं कराई। जबकि सारे कर्मचारी प्लेसमेंट एजेंसी के थे? आबकारी मंत्री ने कहा कि भले ही प्लेसमेंट एजेंसी के कर्मचारी हैं, लेकिन विभाग के लोग इसकी मॉनिटरिंग करते हैं, इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई। नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार की देखरेख में अधिकारी और प्लेसमेंट एजेंसी की मिलीभगत से शराब में पानी मिलाकर बेचा गया है। उन्होंने इस पर कार्रवाई को लेकर जानकारी चाही। उन्हे बताया गया कि शराब में पानी मिलाकर बेचने पर 20-22 कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। लखमा ने बताया जो भी शिकायते सही रूप से मिल रही है सरकार तत्काल में सख्त कार्रवाई कर रही है।




