प्रदेश पर भी टिड्डी दल का हो सकता है हमला, अभी मध्यप्रदेश में भारी तबाही मचा रहा टिड्डी दल
रायपुर। राजस्थान, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश में भारी तबाही मचा रहे टिड्डी दल का प्रदेश पर भी हमला हो सकता है। सीमावर्ती राज्य होने के कारण केन्द्रीय एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन केन्द्र ने राज्य के कृषि अधिकारियों को इसके लिए सचेत रहने कहा है।
ज्ञात हो कि इस समय मध्यप्रदेश में भारी तबाही मचा रहे टिड्डी दल का खतरा अब छत्तीसगढ़ में भी मंडराने लगा है। इसका सबसे ज्यादा खतरा मध्यप्रदेश की सीमा से लगे जिलों में हैं। कवर्धा सहित बेमेतरा और राजनांदगांव, बालोद जैसे इलाकों में टिड्डी दल का हमला हो सकता है। विशेषज्ञों ने बताया कि टिड्डी दल का खतरा इसीलिए भी अधिक है कि क्योंकि यह समूह में प्रवास करते हैं और एक दिन में 100 से 150 किलोमीटर तक की दूरी तय कर सकते हैं। इस लिहाज से भी राज्य में इसका खतरा सर्वाधिक है। वर्तमान में मध्यप्रदेश के नीमच, सिहोर, मालवा जैसे इलाकों में इसका प्रकोप सर्वाधिक है। जानकारों की माने तो हवा की दिशा के साथ टिड्डी दल उत्तरप्रदेश की ओर जा सकता है, लेकिन इस बात की भी संभावना प्रबल है कि नमी पाकर टिडडी दल छत्तीसगढ़ की ओर भी रूख कर सकता है। यदि ऐसा हुआ तो मध्यप्रदेश की सीमा से लगे जिलों में व क्षेत्रों में फसलों को भारी नुकसान पहुंच सकता है। हालांकि कृषि अधिकारियों का कहना है कि टिड्डी दल को रोकने कोई प्रभावी उपाय तो नहीं है, फिर भी इनके खात्मे के लिए पर्याप्त मात्रा में दवाईयां उपलब्ध हैं, कृषकों को ज्यादा घबराने की जरूरत तो नहीं है, किंतु सावधानी और सतर्कता बरतने की जरूरत अब सबसे ज्यादा है।




