जिले में अनलॉक: शासकीय-निजी कार्यालयों में कामकाज ने पकड़ी रफ्तार
रायपुर। रायपुर जिले में लॉकडाउन समाप्त होने के बाद अब शासकीय कार्यालयों में कामकाज ने गति पकडऩी शुरू कर दी है। इसी तरह प्राईवेट सेक्टरों में भी कामकाज शुरू होने से लोगों ने राहत की सांस ली है। दूसरी ओर जिला प्रशासन भी हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है। 15 दिनों बाद इसकी समीक्षा होगी और फिर तय होगा कि अनलॉक आगे बढ़ाया जाएगा अथवा नहीं।
राजधानी में अब धीरे-धीरे सामान्य जनजीवन पटरी पर लौटने लगा है। लॉकडाउन के चलते पूरी तरह से ध्वस्त हो चुका जनजीवन अब जाकर सामान्य होने लगा है। हालांकि कोरोना का खतरा अभी टला नहीं है, लेकिन जिस तेजी से अब कोविड-19 के मरीज रिकव्हर हो रहे हैं, उससे शासन-प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है। इधर जिला प्रशासन ने एक बार फिर से स्पष्ट कर दिया है कि यह अनलॉक अभी प्रायोगिक तौर पर है। 15 दिवस में अनलॉक किए जाने के बाद उपजे हालातों की गहन समीक्षा होगी। इसके बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी। इसमें यह भी देखा जाएगा कि जिले में अनलॉक के बाद कोरोना संक्रमण की रफ्तार क्या रही है? यदि संक्रमण की रफ्तार बढ़ी तो जिले में फिर से लॉकडाउन लगना तय है। वहीं यदि संक्रमण की रफ्तार, मरीजों की संख्या कम होती है, रिकव्हरी रेट बढ़ता है तो अनलॉक को आगे बढ़ाया जाएगा। लेकिन आगामी 20 अथवा 21 अगस्त के बाद इसकी कभी भी समीक्षा की जा सकती है। इस समीक्षा बैठक में शासन-प्रशासन के अधिकारियों के अलावा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी शामिल हो सकते हैं। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों द्वारा दिए जाने वाले फीडबैक और जिले में व्यवस्थाओं की समीक्षा के बाद ही अनलॉक को आगे बढ़ाने या फिर से लॉकडाउन किए जाने का निर्णय लिया जा सकता है।




