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बड़ी खबर छत्तीसगढ़ : नाबालिग से दुष्कर्म मामले में कोर्ट ने सुनाई सबसे बड़ी सजा...

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राजनांदगांव। कांकेतरा में सालभर पहले एक मासूम की रेप के बाद हत्या के मामले में राजनांदगांव जिला न्यायालय की पॉक्सो कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए आरोपी को फांसी की सजा दी है। पॉक्सो कोर्ट के विशेष न्यायाधीश शैलेष शर्मा ने मामले में दोनों पक्ष की दलील को सुनने के बाद आरोपी शेखर कोर्राम को जघन्य वारदात का दोषी मानते फांसी की सजा देने के फैसले पर मुहर लगाई।

मिली जानकारी के अनुसार बीते वर्ष 23 अगस्त को कांकेतरा की चार साल की बालिका के साथ रेप कर उसकी गला दबाकर हत्या के मामले में चिखली पुलिस ने एक आरोपी शेखर कोर्राम को गिरफ्तार किया था। बताया जा रहा है कि आरोपी ने ऐसे वक्त में घटना को अंजाम दिया था, जब पूरा गांव तीज और गणेश पर्व की खुशी में शामिल था। 

घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी ने अबोध बालिका की हत्या कर लाश को खंडहरनुमा मकान में छुपा दिया था और गांव वालों के साथ मिलकर बालिका की तलाश करने का नाटक भी करता रहा। इधर सालभर के भीतर पॉक्सो के फास्ट कोर्ट ने आरोपी के विरूद्ध प्रस्तुत किए गए लोक अभियोजक के साक्ष्यों के आधार पर फांसी का फैसला सुनाया है। कोर्ट ने बचाव पक्ष के वकील के दलीलों को खारिज कर दिया।

शासकीय अभियोजक परवेज अख्तर ने पूरे प्रकरण में आरोपी के कृत्य को देखते कोर्ट से फांसी की सजा दिए जाने की अपील की थी। घटना से आहत परिजनों ने भी सरकार से फांसी दिए जाने की मांग को लेकर प्रदर्शन भी किया था। नांदगांव न्यायालय में पॉक्सो के आरोपी को फांसी दिए जाने का यह पहला मामला भी है।
 


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