BREAKING NEWS RAIPUR: लूडो खेल रहे युवक से पुराने विवाद पर कट्टा टिकाकर चाकू से ताबड़तोड़ वार, भागने से पहले ही गिरफ्तार
रायपुर: राजधानी के खमतराई इलाके में देर शाम पुराने विवाद को लेकर एक शख्स की कट्टा टिकाकर चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल करने का मामला सामने आया है। दरअसल रामेश्वर नगर भनपुरी निवासी गुरु विरेन्द्र रात्रे बीती शाम अपने दोस्तों के साथ लूडो खेल रहा था तभी भरत वर्मा, जागेश्वर ऊर्फ जग्गा और सिद्धार्थ तिवारी ऊर्फ सिद्धू निवासी रामेश्वर नगर भनपुरी पहुंचे। तीनों ने पुराने विरेंद्र पर कट्टा टिकाकर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर दिया। जिसके बाद गुरु विरेन्द्र गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को इलाज के लिए मेकाहारा अस्पताल में ए?डमिट कराया गया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलफ आम्स एक्ट की धारा 25,27,307,34 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।
दरअसल, शनिवार रात भनपुरी के जूट मिल इलाके के माउली होटल के पास वीरेंद्र रात्रे नाम के युवक पर हमला हुआ था। भरत, जग्गा और सिद्धू ने मिलकर हमला कर किया था। वीरेंद्र के साथ जग्गा और सिद्धू का पुराना झगड़ा था। इसका बदला लेने दोनों भरत के साथ यहां पहुंचे। तीनों बदमाशों ने वीरेंद्र को घेरा और मारपीट की। वीरेंद्र की हत्या करने की नीयत से यह बदमाश अपने साथ देशी कट्टा और चाकू लेकर पहुंचे थे। इनके साथी भरत ने यह कट्टा पश्चिम बंगाल से खरीदा था।
वीरेंद्र के पास जाते ही इन्होंने कट्टा उसके सिर पर टिका दिया, इसके बाद भारत वर्मा और जागेश्वर ने उस पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया। वीरेंद्र की पसली और सिर के पास गहरे जख्म हो गए। खून बहने लगा वह, वहीं गिर पड़ा। आस पास के लोगों ने बीच-बचाव किया तो तीनों भाग निकले। मामले की जानकारी पुलिस के पास पहुंची और आधे घंटे के भीतर भनपुरी इलाके से ही पुलिस ने भरत वर्मा और जागेश्वर उर्फ जग्गा को हिरासत में ले लिया। रविवार को कोर्ट ले जाने से पहले पुलिस ने घटनास्थल के आस पास के इलाके में भरत और जागेश्वर का सिर मुंडवाकर उनका जुलूस निकाला।
पुलिस को गंजा करवाने या जुलूस निकालने का अधिकार नहीं
क्रिमिनल मामलों में जानकार पेशे से वकील भगवानू नायक ने बताया कि पुलिस के पास किसी भी आरोपी को गंजा करने या जुलूस निकालने का अधिकार नहीं है। आईपीसी के आर्टिकल ये कहते हैं कि जब तक किसी भी व्यक्ति पर कोई आरोप न्यायालय में सिद्ध नहीं हो जाता उसे निर्दोष माना जाएगा। हालांकि पुलिस दूसरे अपराधियों में भय बना रहे इसलिए कई बार आरोपियों का जुलूस निकालती है, लेकिन ऐसा करने का कोई नियम नहीं है। दूसरी तरफ इस मामले में पुलिस ने मीडिया से कहा है कि आरोपियों ने खुद ही अपना सिर अपनी मर्जी से मुंडवाया है, घटना स्थल पर उन्हें रिक्रिएशन और हमले की जानकारी लेने के लिए लाया गया था। एक तथ्य ये भी है कि बीती रात से दोनों बदमाश पुलिस की हिरासत में हैं। ऐसे में पुलिस का यह दावा कि खुद उनके द्वारा सिर मुंडवाया गया, बात पचती नहीं।
अपराधों की लिस्ट लंबी
25 साल का भरत और 26 साल का जागेश्वर खमतराई इलाके में पिछले कई सालों से आपराधिक मामलों में शामिल रहे हैं। भरत के खिलाफ खमतराई थाने में हत्या के प्रयास के दो, लूट का एक, चोरी का एक, शराब तस्करी, गाली-गलौज और मारपीट के 7 मामले दर्ज हैं। जागेश्वर के खिलाफ हत्या के प्रयास के दो, आर्म्स एक्ट के तहत तीन, मारपीट और गाली-गलौज के पांच, छेड़खानी का एक और जुआ एक्ट के तहत एक मामला दर्ज है




