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राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू ने सुनीं महिलाओं की समस्याएं

राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू ने सुनीं महिलाओं की समस्याएं
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 जनसुनवाई में कई मामलों का हुआ निराकरण, भरण-पोषण और महिला सुरक्षा को लेकर दिए महत्वपूर्ण निर्देश

रायपुर :- छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू ने आज रायपुर स्थित आयोग कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई में महिलाओं से जुड़े विभिन्न मामलों की सुनवाई की। जनसुनवाई के दौरान महिला उत्पीड़न, पारिवारिक विवाद, भरण-पोषण, घरेलू हिंसा तथा कार्यस्थल पर शोषण से संबंधित कुल 32 प्रकरणों पर विचार किया गया, जिनमें कई मामलों में दोनों पक्षों की उपस्थिति दर्ज हुई। इस अवसर पर आयोग की सदस्यगण सरला कोसरिया , ओजस्वी मंडावी एवं सुश्री दीपिका सोरी भी उपस्थित रहीं।

डॉ. ममता साहू ने सुनवाई के दौरान महिलाओं की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए त्वरित निराकरण पर जोर दिया। आयोग की समझाइश से एक प्रकरण में 1500 रुपये प्रतिमाह भरण-पोषण राशि देने पर सहमति बनी, जिससे संबंधित महिला को राहत मिली।

कार्यस्थल पर महिलाओं के आर्थिक शोषण से जुड़े मामलों को भी आयोग ने गंभीरता से लिया। इस संबंध में डॉ. साहू ने संबंधित महिलाओं को एफआईआर दर्ज कराने तथा कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रमिक और सेवा क्षेत्र में कार्यरत महिलाओं के अधिकारों की रक्षा करना आयोग की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

जनसुनवाई के दौरान पारिवारिक विवाद, भरण-पोषण, घरेलू हिंसा और महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में आयोग ने आवश्यक कानूनी परामर्श प्रदान करते हुए संबंधित पक्षों को विधिक प्रक्रिया अपनाने की सलाह दी।

राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. ममता साहू ने कहा कि आयोग केवल शिकायतों की सुनवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि पीड़ित महिलाओं को सम्मानजनक जीवन, सुरक्षा, न्याय और आवश्यक कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि महिलाओं से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

 



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