शहर में तेजी से पैर पसार रहा है पीलिया: वॉटर फिल्टर प्लांट में फिल्टर बेड मीडिया बदलने की जरूरत
रायपुर। कोरोना संक्रमण के भीषण खतरे के बीच राजधानी में तेजी से पैर पसार रहे पीलिया की रोकथाम के लिए अब निगम के फिल्टर प्लांट में लगे फिल्टर बेड मीडिया को बदला जाएगा। वर्तमान में इसकी सफाई का कार्य चल रहा है।
निगम सूत्रों की माने तो महापौर के साथ ही निगम के अफसरों ने फिल्टर प्लांट में चल रहे मरम्मत कार्य और सफाई कार्य का जायजा लेकर अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिया है। वर्तमान में प्लांट के अंदर स्थापित फिल्टर बेड मीडिया की सफाई की जा रही है, ताकि प्लांट से शुद्ध पेयजल की आपूर्ति बाधित न हो। दूसरी ओर जानकारों का कहना है कि प्लांट में लगे फिल्टर बेड को बदलने की जरूरत महसूस हो रही है। इस बात की जानकारी महापौर के साथ ही जिम्मेदार अफसरों को दे दी गई है। सूत्रों ने बताया कि प्लांट के अधिकारियों ने महापौर को यह बता दिया है कि फिल्टर प्लांट के एक फिल्टर मीडिया बदलने के लिए 9 से 10 लाख रूपए की लागत आती है। इसके अलावा फिल्टर बेड की गहराई चार लेयर की होती है और फिल्टर बेड पांच लेयर की रहती है। जिससे पानी साफ किया जाता है। ज्ञात हो कि 1 50 और 80 एमएलडी प्लांट के 16 फिल्टर बेड का मीडिया बदला जाना है, इसके लिए अब निविदा जारी किया जाएगा। शहर में जिस तेजी से पीलिया अपना पैर पसार रहा है, इससे आने वाले समय में स्थिति भयावह हो सकती है। यही वजह है कि निगम का पूरा अमला शुद्ध पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित रखने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं। चूंकि वर्तमान में गर्मी भी बढ़ चुकी है, ऐसे में पानी की खपत भी बढ़ गई है। बेड मीडिया बदलने में लगने वाले वक्त तक पानी आपूर्ति रोका भी नहीं हा सकता, लिहाजा वर्तमान में फिल्टर बेड मीडिया बदलने से ज्यादा जरूरी इसकी सफाई कर कार्य जारी रखना भी है। दूसरी ओर शहर में पीलिया संक्रमित संदिग्धों की संख्या भी 1100 के करीब पहुंच चुकी है।




