रायपुर: भुगतान नहीं होने पर अस्पताल ने 2 दिन तक रोका शव, कलेक्टर के निर्देश के बाद सौपा
रायपुर, राजधानी के एक निजी अस्पताल में 2 लाख रुपए का भुगतान न मिलने पर मृतका के शव को दो रात रोक कर रखा। थक हार कर परिजनों ने मामले के शिकायत कलेक्टर कार्यालय में की। उन्होंने शिकायत में अस्पताल प्रबंधन सरकार के तय किए गए कोविड प्रोटोकॉल का पालन नहीं करने का आरोप लगाया है।
मृतका के परिजनों की शिकायत के अनुसार सोमलता मिश्रा को कोविड-19 पजिटिव होने के कारण 8 अप्रैल को राजधानी के रामकृष्ण केयर अस्पताल में भर्ती किया गया था। जहां वह 16 अप्रैल तक सामान्य वार्ड में भर्ती थीं। मरीज की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें 16 अप्रैल को वेंटिलेटर शिफ्ट किया गया। 22 अप्रैल को मरीज की मृत्यु हो गई। अस्पताल प्रबंधन ने परिजनों को 7 लाख 43 हजार 504 का बिल सौंपा। इसमें ₹5,50,000 अस्पताल को पहले ही भुगतान किया जा चुका है। अब अस्पताल द्वारा शेष 2,00,000 रुपए की मांग की जा रही है। इतना ही नहीं 2 दिन पहले मृत्यु होने के बाद भी परिवार को शव नहीं सौंपा गया।
शिकायत के बाद शुक्रवार की शाम को कलेक्टर के हस्तक्षेप करने पर अस्पताल प्रबंधन शव देने को तैयार हुआ। ओवर बिल के संबंध में अस्पताल प्रबंधन ने परिजनों से कहा कि पहले आप बॉडी ले जाएं बाद में इस मामले को देखते हैं।




