राशन घोटाले की जांच प्रारम्भ, अब परत दर परत खुलेंगे घपले
कोरबा। शासकीय उचित मूल्य का राशन दुकान संचालित कर रहे जय अम्बे महिला प्रा.सह.उ.भ.की गंभीर अनियमितताओं को लेकर खाद्य विभाग ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है। इस बात की जानकारी खाद्य निरीक्षक शुभम मिश्रा ने दी है।
आपको बता दें कि गत 12 अप्रैल को जय अम्बे समूह द्वारा संचालित राताखार वार्ड के राशन दुकान आई.डी.नं.-551001002 में चावल 6088.00 कि.ग्रा., अन्तयोदय चावल 40.00 कि.ग्रा., चना 761.00 कि.ग्रा.और नमक 1641.00 कि.ग्रा. स्टाक में मायनस दिखाई दे रहा था। कोर पी.डी.एस.में ऑन लाईन दिख रहे इन आंकड़ों का अर्थ यह था, कि दुकान में स्टाक नहीं होने के बावजूद राशन दुकान संचालक ने उक्त सामाग्री का वितरण उपभोक्ताओं को किया है। यहां सहज सवाल उठता है, कि आखिर दुकानदार ने यह सामाग्री कहां से हासिल की और उपभोक्ताओं में वितरण किया। हालात के मददेनजर कहा जा सकता है कि दुकान में बड़े पैमाने पर घोटाला होता है और खाद्य विभाग की अनदेखी के कारण इस घपले को अंजाम दिया जाता है।
बहरहाल सच्चाई जो हो, लम्बे समय तक ये घोटाले पर्दे के पीछे होते रहे। लेकिन इस माह इस घोटाले से पर्दा हटा, उसके बाद खाद्य विभाग के अफसरों को दुकान संचालक के खिलाफ छानबीन की सुध आई। इस सिलसिले में कोरबा के खाद्य निरीक्षक शुभम मिश्रा से सम्पर्क किया तो उन्होंने बताया कि मामले की जांच का निर्देश प्राप्त हुआ है। वे मामले की जांच कर रहे हैं।




