कुछ लोग कालनेमी की तरह करते हैं राम नाम का उपयोग, यहां तो जन-जन में बसे हैं राम: भूपेश बघेल
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में रामायण जीवित है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शाम बिना किसी का नाम लिए भाजपा और आरएसएस पर हमला करते हुए कहा, कुछ लोग भगवान राम के नाम का उपयोग वैसे ही करते हैं, जैसे कालनेमि ने किया था। उन्होंने कहा कि ऐसे लोग केवल स्वार्थवश राम का नाम लेते हैं। जबकि हम लोगों ने सदा से जन-जन में बसे राम को पूजा है।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, चंदखुरी में आयोजित राम वनगमन पर्यटन परिपथ रथयात्रा के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा, जब महात्मा गांधी को गोली मारी गई थी, तब भी उनके मुंह से राम का ही नाम निकला था।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, माता कौशल्या ने ही राम के चरित्र को गढ़ा था। जो चरित्र माता कौशल्या का था वही छत्तीसगढ़िया लोगों का है। उन्होंने ही राम को दुख-सुख में सम भाव से रहना सिखाया। भगवान राम ने सहनशीलता और कर्त्तव्यों का पालन करना माता कौशल्या से ही सीखा।
मुख्यमंत्री ने कहा, छत्तीसगढ़ ने हर युग में रास्ता दिखाया है। हमारी संस्कृति नफरत फैलाने की नहीं बल्कि प्रेम बांटने की है। हम सभी को साथ लेकर चलना चाहते हैं, चाहे कोई, किसी भी जाति या धर्म का हो।
रथ यात्रा और बाइक रैली के समापन अवसर पर मुख्यमंत्री सहित मंत्रिमंडल के सभी सदस्यों ने चंदखुरी के कौशल्या माता मंदिर में पूजा-अर्चना की। इस मौके पर मंदिर परिसर में रुद्राक्ष के पौधे रोपे गए।
यह लीग भी हुए शामिल-
समारोह में पर्यटन मंत्री ताम्रध्वज साहू, पंचायत मंत्री टीएस सिंहदेव, कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे, नगरीय प्रशासन और विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, महिला एवं बाल विकास मंत्री अनिला भेंडिया, स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत, राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, उद्योग मंत्री कवासी लखमा, उच्च शिक्षा मंत्री उमेश पटेल, निगम मंडलों के अध्यक्ष, क्षेत्रीय विधायक और जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।




