BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |

ब्रश करने से पहले जान लें ये बातें,सिंक के पानी से फैलता है संक्रमण

 ब्रश करने से पहले जान लें ये बातें,सिंक के पानी से फैलता है संक्रमण
Share

हर रोज इस्तेमाल किया जाना वाला पानी आर्सेनिक, नाइट्रेट और फ्लोराइड से प्रदूषित हो जाता है. इससे स्वास्थ्य को गंभीर खतरा हो सकता है. आज हमारे देश के कई शहरों में पानी की गुणवत्ता की चिंताजनक स्थिति है. ऐसे में देश के कई क्षेत्रों में भूजल (जमीन से निकलने वाला पानी) आर्सेनिक प्रदूषण से भरा हुआ है यानि उनमें विषैलापन काफी बढ़ गया है. इसके अलावा, पानी में नाइट्रेट और फ्लोराइड प्रदूषण को भी काफी उच्च स्तरों पर दर्ज किया गया है|


गंध या अजीब स्वाद से रहित हो पानी
दैनिक उपयोग के लिए पानी में प्रदूषित तत्वों की तलाश करने और उनसे बचने के कई विकल्प हैं. इसके अलावा, लोगों को यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि वह जिस पानी और नल का उपयोग करते हैं, वह पानी और नल दोनों ही गंध या अजीब स्वाद से रहित होने चाहिए. यदि नल का पानी ब्रश करते समय किसी धातु का स्वाद देता है तो यह असुरक्षित प्रदूषित तत्वों की मौजूदगी का संकेत है|

सिंक बैक्टीरिया से रहें सावधान और अपनाएं ये उपाय
आज के समय में कई लोग एडवांस्ड वाटर प्यूरीफायर का उपयोग करते हैं, जो कि शुद्ध पानी पीने के लिए आवश्यक है. लेकिन वॉशबेसिन और किचन सिंक के माध्यम से मिलने वाले पानी की गुणवत्ता को अनदेखा नहीं किया जा सकता है क्योंकि यह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक हो सकता है|

पानी को साफ करने के लिए क्लोरिन का करें इस्तेमाल
घरों के ओवरहेड टैंक में पानी वायरस और बैक्टीरिया के लिए प्रजनन का मुख्य आधार है. इसलिए समय-समय पर उनकी सफाई करना जरूरी है और वाटर टैंक में पानी को साफ करने के लिए क्लोरिन का इस्तेमाल करें|

प्रतिरक्षा स्तर को कमजोर करते हैं
इसके अलावा लोग ब्रश करना, सब्जियां धोना भी सिंक के पानी से करते हैं जो कि स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकता है. दरअसल सिंक वाटर बैक्टिीरिया आपके रोगों से लडऩे वाली प्रतिरक्षा स्तर को कमजोर करते हैं. कोशिश करें कि कुल्ला करने, ब्रश करने या सब्जी धोने के लिए भी साफ पानी का इस्तेमाल किया जाए|

वाटर प्यूरीफायर का इस्तेमाल करें
गंदे पानी की वजह से सर्दी, वायरल संक्रमण, इन्फ्लूएंजा, निमोनिया, मलेरिया, डेंगू, डायरिया, गैस्ट्रोएंटेरोसाइटिस, टाइफाइड और हेपेटाइटिस या पीलिया जैसी आम बीमारियां हो सकती हैं. इन सभी बीमारियों का कारण ज्यादातर दूषित पानी ही होता है. इसलिए आप कोशिश करें कि वाटर प्यूरीफायर का इस्तेमाल किया जा सके|

सिंक में खास उपकरणों का करें इस्तेमाल
इसके अलावा, आपको अपने सिंक के पानी की शुद्धि के लिए कुछ खास उपकरणों को स्थापित करने और जलजनित रोगों से सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता है. ऐसे उपकरणों को बाथरूम सिंक, रसोई सिंक और वॉशबेसिन में स्थापित किया जाना चाहिए ताकि उनमें माइक्रोस्कोपिक कंटेमीनेंट्स फंस सकें और हानिकारक बैक्टीरिया को बाहर निकाल सकें|

बुनियादी सावधानियों का पालन करें
पानी के बैक्टीरिया से बचने के लिए हर व्यक्ति को अपने और अपने परिवार के सदस्यों की अच्छी देखभाल करने की जरूरत है और बुनियादी सावधानियों का पालन करना जरूरी है. विशेष रूप से उस पानी के साथ जो वह रोजाना पी रहे हैं. सिंक या वॉशबेसिन के पानी का उपयोग जितना हो सके कम करें|
 

Share

Leave a Reply