BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |

इस राज्य में तीन हज़ार से ज्यादा कोरोना पॉजिटिव मरीज हुए गायब, राज्य सरकार की उड़ी नींद

इस राज्य में तीन हज़ार से ज्यादा कोरोना पॉजिटिव मरीज हुए गायब, राज्य सरकार की उड़ी नींद
Share

बेंगलुरु | कर्नाटक में कोरोना वायरस के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। पिछले करीब 3 हफ्तों से यहां मरीजों की संख्या में रिकॉर्ड इज़ाफा हुआ है। जानकारी के अनुसार राज्य में मरीजों की संख्या 90 हज़ार का आंकड़ा पार कर चुकी है। इस बीच यह सूचना सामने आई है कि राजधानी बेंगलुरु में कोरोना के 3338 मरीज़ गायब हो गए हैं। इतनी बड़ी संख्या के मरीज कहां गए इनका अभी तक कोई पता नहीं लग पाया है। फिलहाल प्रशासन इनकी तलाश में जुटा है। अगर हिसाब लगाया जाए तो ये शहर में कुल कोरोना वायरस पॉजिटिव लोगों की संख्या का 7 प्रतिशत हिस्सा है। 

पढ़ें : छत्तीसगढ़ के इन निजी अस्पतालों को मिली कोरोना का इलाज करने की अनुमति, राजधानी के 2 अस्पताल शामिल

इस मामले में अधिकारियों का कहना है कि उनके पास मरीजों को ट्रैक करने का कोई साधन नहीं है। क्या रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद इन सबने खुद को क्वारंटाइन किया है, इस बारे में भी अभी तक कोई जानकारी नहीं है। वहीं बेंगलुरु महानगर पालिका के कमिश्नर एन मंजुनाथ प्रसाद ने कहा, हम पुलिस की मदद से कुछ कोरोना पॉजिटिव मरीजों का पता लगा सकते हैं, लेकिन 3338 अभी भी अनट्रेसेबल हैं। कई मरीजों ने गलत मोबाइल नंबर और पते दिए हैं, जैसे ही इनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई ये गायब हो गए।
 
 
बताया जा रहा है कि अब यहां एक नई नीति से मरीजों का टेस्ट किये जा रहे हैं। मरीजों का सैंपल लेने से पहले सरकार इन सबका पहचान पत्र देख रही है। इसके अलावा इनके मोबाइल नंबर को भी वेरिफाई किया जाएगा। उप मुख्यमंत्री डॉ.अश्वत नारायण ने कहा, हमें ये सुनिश्चित करना होगा कि सारे संक्रमित लोगों का पता लगाया जाए और उन्हें चरंटीन किया जाए। 
 

Share

Leave a Reply