BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |

इस देश ने सार्वजनिक स्थानों पर पूरे चेहरे को ढकने पर प्रतिबन्ध लगाया

 इस देश ने सार्वजनिक स्थानों पर पूरे चेहरे को ढकने पर प्रतिबन्ध लगाया
Share

स्विट्जरलैंड। स्विट्जरलैंड ने 7 मार्च, 2021 को सभी सार्वजनिक स्थानों पर बुर्का और नकाब जैसे पूर्ण चेहरे को ढंकने पर प्रतिबंध लगाने के प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया था। यह विवादास्पद प्रस्ताव एक जनमत संग्रह के बाद पारित किया गया था जिसे लगभग 51.21 प्रतिशत मतदाताओं ने समर्थन दिया था। सार्वजनिक रूप से फुल-फेस कवरिंग पर प्रतिबंध लगाने का यह प्रस्ताव दक्षिणपंथी स्विस पीपल्स पार्टी जैसे समूहों द्वारा पेश किया गया था। इस जनमत संग्रह का मतलब है कि, स्विट्जरलैंड में सभी सार्वजनिक रूप से सुलभ स्थानों जैसे सड़कों पर, सार्वजनिक परिवहन में, दुकानों, रेस्तरां जैसे सार्वजनिक कार्यालयों में पूर्ण चेहरे को ढंकने पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा। हालांकि, पूजा के स्थानों और ऐसे अन्य पवित्र स्थलों पर पूर्ण-आवरण को अनुमति दी जाएगी। पूर्ण चेहरे को कवर करने के लिए प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव, जो स्विस फेडरल सरकार द्वारा प्रस्तावित किया गया था, कहता है कि पर्यटकों के लिए अतिरिक्त छूट नहीं दी जाएगी। फुल फेस कवर पर प्रतिबंध लगाने के इस प्रस्ताव में विशेष रूप से इस्लाम का उल्लेख नहीं है, लेकिन इसे मीडिया के बीच ‘बुर्का प्रतिबंध’ कहा जा रहा है। इस प्रस्ताव की व्यापक रूप से नागरिक समूहों और मानवाधिकार समूहों ने आलोचना की है। स्विट्जरलैंड में फुल-फेस कवरिंग पर प्रतिबंध लगाने का जनमत संग्रह कई बहसों के बाद पारित किया गया। फ्रांस पहला यूरोपीय देश है जिसने वर्ष 2011 में सार्वजनिक स्थानों पर बुर्का और नकाब को प्रतिबंधित कर दिया था। यूरोपीय न्यायालय मानवाधिकार ने वर्ष 2014 में इस प्रतिबंध को हटा दिया था। 


Share

Leave a Reply