नवरात्रि में महिलाएं भूलकर भी न करें ये गलतियां, नहीं मिलता है मां का आशीर्वाद, जानें पूजा नियम और सामग्री
नवरात्रि का पर्व आरंभ हो चुका है. पंचांग के अनुसार 9 अक्टूबर 2021, शनिवार को आश्विन मास की शुक्ल पक्ष को तृतीया और चतुर्थी की पूजा की जाएगी. इस दिन मां चंद्रघंटा और मां कूष्मांडा की पूजी की जाएगी. माता की पूजा में कुछ नियमों का विशेष ध्यान रखना चाहिए. जो लोग इन नियमों का पालन नहीं करते हैं, उन्हें मां की पूजा का पूर्ण लाभ प्राप्त नहीं होता है. इसलिए पूजा के दौरान इन बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए-
महिलाओं को खुले बाल रखकर पूजा नहीं करनी चाहिए
नवरात्रि में महिलाओं को खुल बाल रखकर माता की पूजा नहीं करनी चाहिए. ऐसा करना शुभ नहीं माना गया है. मान्यता के अनुसार खुले बाल अमंगल का प्रतीक होते हैं. इसलिए पूजा के दौरान बालों को बांधकर ही पूजा करनी चाहिए. नवरात्रि में महिलाओं को इस बात का विशेष ध्यान रखना चाहिए.
मां पर भूलकर भी न अर्पित करें ये पुष्प
नवरात्रि में मां दुर्गा की पूजा के दौरान दुर्वा, आक, मदार, तुलसी, आंवला के फूल वर्जित माने गए हैं. इन फूलो को नहीं चढ़ाना चाहिए. नवरात्रि में मां की पूजा लाल फूलों से करनी चाहिए. लाल पुष्प माता को अधिक प्रिय हैं.
गीले वस्त्र पहनकर न करें पूजा
नवरात्रि में पूजा के नियमों का विशेष ध्यान रखना चाहिए. कई बार अंजाने में गीते वस्त्र धारण कर ही पूजा प्रारंभ कर देते है. मान्यता के अनुसार ऐसा करना उचित नहीं माना गया है. नवरात्रि की पूजा सदैव सूखे वस्त्र पहन कर ही करनी चाहिए.
किस दिशा में बैठकर पूजा करें?
नवरात्रि में मां दुर्गा की पूजा मुख को पूर्व या उत्तर दिशा में करके बैठना चाहिए. पूजा आसान पर बैठकर ही करना चाहिए. इसके साथ मंत्रों का जाप स्फटिक की माला से करना शुभ माना गया है.
नवरात्रि पूजा सामग्री
• पंचमेवा
• पंच मिष्ठान
• रुई
• कलावा
• रोली
• सिंदूर
• नारियल
• अक्षत
• लाल वस्त्र
• पुष्प
• सुपारी
• लौंग
• पान के पत्ते
• घी
• चौकी
• कलश
• आम का पल्लव
• कमल गट्टा
• पंचामृत
• कुशा
• रक्त चंदन
• श्रीखंड चंदन
• जौ
• तिल
• प्रतिमा
• श्रृंगार का सामान
• माला







.jpeg)












