रायपुर। छत्तीसगढ़ के आदिम जनजाति विभाग ने छात्रावास अधीक्षकों के चयन के बाद उन्हें नियुक्ति दे दी है।
देखिए पूरी सूची, किसे कहां मिली पोस्टिंग…




















रायपुर। छत्तीसगढ़ के आदिम जनजाति विभाग ने छात्रावास अधीक्षकों के चयन के बाद उन्हें नियुक्ति दे दी है।
देखिए पूरी सूची, किसे कहां मिली पोस्टिंग…




















रायपुर। छत्तीसगढ़ में 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा के नतीजे सामने आने के बाद राज्य सरकार ने अब स्कूलवार समीक्षा की तैयारी शुरू कर दी है। कई जिलों के नतीजे बेहद खराब हैं, खासकर रायपुर जिले का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है। यहां 10वीं के नतीजों में राज्य के 33 जिलों में रायपुर 32वें स्थान पर है। 10वीं में केवल 66.24% छात्र पास हुए हैं, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 71.64% था।
इसी तरह 12वीं में भी गिरावट दर्ज की गई है। इस बार 79.94% छात्र पास हुए, जो कि पिछले साल के 83.19% के मुकाबले कम है। रायपुर के अलावा महासमुंद, धमतरी, गरियाबंद और बलौदाबाजार के परिणामों में भी गिरावट देखने को मिली है।
रायपुर संभागीय संयुक्त संचालक शिक्षा राकेश पांडेय 1 ने कहा कि न केवल 10वीं एवं 12वीं के परिणाम, बल्कि प्रत्येक स्कूल के विषयवार परिणाम की समीक्षा की जाएगी। इसके लिए सभी स्कूलों से विषयवार परिणाम की जानकारी मंगाई है। उन्होंने कहा कि समीक्षा के बाद खराब परिणाम वाले प्राचार्यों एवं शिक्षकों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा।
बता दें खराब परिणामों और लचर प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री के कड़े तेवर और महासमुंद के जिला शिक्षा अधिकारी को हटाने की कार्रवाई के बाद कुछ और जिले के शिक्षा अधिकार भी निशाने पर हैं.
साथ ही आपको बताते चले की रायपुर जिला 10वीं के परिणाम में 33 जिले में 32वें क्रम पर है। यहां 66.24 फीसदी बच्चे ही उत्तीर्ण हुए हैं. जबकि पिछले साल का परिणाम 71.64 फीसदी था। इसी तरह 12वीं में 79.94 प्रश विद्यार्थी सफल हुए हैं। पिछले साल 83.19 फीसदी बच्चे उत्तीर्ण हुए थे। इसी तरह धमतरी जिले में 10वीं में 72.01 % एवं 12वीं में 81.56 %, गरियाबंद में 10वीं में 80.70 %, 12वीं में 90.17 प्रतिशत, बलौदाबाजार जिले में 10वीं 81.69 प्रश एवं 12वीं में 86.51 प्रश तथा महासमुंद जिले में 10वीं 78.33 प्रश एवं 12वीं का परिणाम 84.08 प्रश रहा।
युद्ध विराम के तरीके से देश के लोगो की जन भावना आहत हुई – दीपक बैज
जगदलपुर। आज संभाग मुख्यालय राजीव भवन में प्रेसवार्ता का आयोजन किया जिसे छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के द्वारा संबोधित किया गया…
छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा पहलगाम मे हमारे निर्दोष 22 नागरिकों को जिस तरह कायरता पूर्वक आतंकियों ने मारा उससे पूरा देश आक्रोषित हुआ है।
लोग इस हत्याकांड का बदला चाहते थे
यह हमला एक तरह से भारत की समप्रभुता पर आक्रमण था, कांग्रेस सहित पूरे विपक्ष ने सरकार को यह भरोसा दिलाया सरकार इस आतंकी हमले के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करें हम सरकार के हर कदम का पूरा समर्थन करते है।
भारत की सेनाओ ने ऑपरेशन सिंदूर चला कर बहादुरी पूर्वक पाकिस्तान से चलाये जा रहे आतंकी ठिकानो को नेस्तनाबूत कर दिया।
भारतीय सेना के पराक्रम से सारा देश गौरान्वित हुआ
ऑपरेशन सिंदूर और उसके बाद पाकिस्तानी सेना की बुजदिली कार्यवाही के खिलाफ भारत के सेनाओ की कार्यवाही का भी पूरा देश स्वागत किया।
लोग पाकिस्तान के खिलाफ निर्णायक जंग चाहते थे यह अवसर था पाकिस्तान को उसकी हरकतों के लिए जबाब देने का जो हमारी सेनाओ ने दिया भी।
साथियों हमारी सेना पाकिस्तान के खिलाफ बहादुरी से लड़ रही थी, उसे सफलता भी मिल रही थी अचानक युद्ध विराम की घोषणा हो गयी।
बैज ने कहा युद्ध विराम भी भारत -पाक के आधा घंटा पहले अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने किया
बड़ा सवाल उठता है की ट्रम्प होते कौन है इस तरह की घोषना करने वाले ट्रम्प ने कहा उन्होंने व्यापार बंद करने की धमकी दे कर युद्ध रोकवाया
ट्रम्प ने यह भी कहा वह कश्मीर समस्या मे मध्यस्थता करेंगे
ट्रम्प के इस बयान से सवाल खड़ा होता है की क्या भारत सरकार ने अमेरिकी व्यापार न करने की धमकी के आगे घुटने टेक कर युद्ध विराम किया।
चार दिनों तक चले युद्ध मे हमारे जवानो, नागरिकों ने जो खोया उसकी क़ीमत सिर्फ व्यापार है हमारे बहनो के सिंदूर की क़ीमत सिर्फ व्यापार है।
अमेरिका के राष्ट्रपति के बयानों ने पूरे देश को अपमानित किया।
दुर्भाग्यजनक है ट्रम्प के बयानों का खंडन केंद्र सरकार ने नहीं किया।
जिस कश्मीर पर भारत ने तीसरे पक्ष की मध्यस्थता कभी स्वीकार नहीं किया उस पर भी ट्रम्प ने मध्यस्थता की बात कही भी भारत की अखंडता पर हस्तक्षेप है।
पहलगाम हमले के बाद भारतीय सेना ने जो बहादुरी दिखाई है उसके लिए सेना के जवानो का आभार इस युद्ध मे शहीद वीर जवानो को नमन, सारा देश अपनी सेना का ऋणी है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने बताया ऑपरेशन संकल्प से सबित साय सरकार मे विश्वास का संकट मुख्यमंत्री और गृह मंत्री मे सामंजस्य नहीं।
*पिछले दिनों राज्य सरकार के द्वारा नक्सल अभियान चलाया गया जिसका की गृहमंत्री ने पुरजोर खंडन किया ऐसे किसी ऑपरेशन से इंकार किया जबकि मुख्य मंत्री ने अभियान चलाये जाने की बात कही।
इतने बड़े ऑपरेशन पर सरकार एक राय नहीं थी, कैसे गृह मंत्री को इसकी जानकारी नहीं थी, इस घटना क्रम से साबित होता है सरकार मे आपस मे विश्वास का संकट है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दावा किया कि ऑपरेशन संकल्प में 22 नक्सली मार गिराए हैं।
उसके बाद गृहमंत्री विजय शर्मा जी ने कहा कि कोई ऑपरेशन संकल्प नहीं चल रहा हैऔर ऐसी कोई संख्या नहीं है,यह झूठ है।
लेकिन पता चला कि बीजापुर ज़िला अस्पताल में 22 शव पोस्टमार्टम के लिए पहुँचे हैं।
बीजापुर की स्थानीय मीडिया, बस्तर की मीडिया और प्रदेश की भी मीडिया को अस्पताल में नहीं जाने दिया गया।
चारों ओर सवाल उठे, शव मोर्चुरी में सड़ने लगे तब पुलिस ने 12 मई को शाम में निम्न रिलीज़ जारी की
■ कल बीजापुर में पुलिस ने बताया कि ऑपरेशन संकल्प में कुल 31 नक्सली मारे गए हैं।
■ बीजापुर के सीमावर्ती क्षेत्रान्तर्गत विगत दिनो में हुई पुलिस नक्सली मुठभेड़ में बरामद नक्सलियों के शवों में से अब तक कुल 20 नक्सलियों के शवों की पहचान कर ली गई है।
■ पहचाने गए 20 नक्सलियों के शवों में से 11 शवों को पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकताओं के पूरा होने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है।
■ मुठभेड़ में बरामद शेष 11 नक्सलियों के शवों की पहचान की प्रक्रिया जारी है। पहचान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद, उनके शव भी परिजनों को सौंप दिए जाएंगे।
– इस प्रेस रिलीज़ में भी विरोधाभास है. अगर 20 की पहचान कर ली गई है तो सिर्फ़ 11 क्यों सौंपे गये ?
– अगर 20 की पहचान हो गई तो 11 की पहचान की प्रक्रिया कैसे जारी हो सकती है ?
हमारा सवाल है क्या ऑपरेशन संकल्प चल रहा है? अगर हां तो इसका क्या विवरण है ?
ऐसा कैसे हो सकता है कि पुलिस कोई ऑपरेशन चला रही है और गृहमंत्री को इसकी जानकारी नहीं है?
कुल कितने शव बरामद किए गए? अगर 31 नक्सली मारे गए तो बीजापुर में 22 शव ही कैसे पहुंचे हैं? बाक़ी के शव कहां हैं?
अगर सुरक्षा बलों को इतनी बड़ी सफलता मिली तो इसकी घोषणा करने में इतना समय क्यों लगा ?
जिनकी पहचान की गई उनके क्या-क्या नाम हैं ?
जिन शवों को पहचानकर हैंडओवर किया गया, जिनको हैंडओवर किया गया उनके क्या नाम हैं ? और मृतकों से उनका क्या क्या रिश्ता है ?
कितने शव को पहचानना अभी बाक़ी है
लोक सभा मे नेता प्रतिपक्ष राहुल गाँधी ने छ्ग कांग्रेस के कार्यों की सराहना किया
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आगे बताया श्री राहुल गाँधी जी ने मुझको पत्र लिखा है उन्होंने प्रदेश कांग्रेस द्वारा जनता के मुद्दों, महिलाओ के प्रति बढ़ते अपराधों को ले कर, जल जंगल जमीन बचाने के लिए जो लड़ाई लड़ रही जो न्याय यात्राएं निकाली गयी उसकी सराहना किया है।
लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी को छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से बहुत बहुत धन्यवाद कि आपने पत्र के माध्यम से हम सभी का मनोबल बढ़ाया…
राहुल गांधी एवं मल्लिकार्जुन खड़गे जी के मार्गदर्शन मे छ्ग कांग्रेस ने लगातार प्रदेश के हर वर्ग को न्याय दिलाने और उनकी आवाज उठाने के लिए, प्रदेश में बढ़ते अपराध और महिला अत्याचार के खिलाफ़, एनएमडीसी निजीकरण के खिलाफ, बस्तर के इंद्रावती नदी को बचाने के लिए, प्रदेश में बिगड़ती स्वास्थ्य व्यवस्था के खिलाफ़ और प्रदेश के अन्य जल, जंगल, जमीन से जुड़े ज्वलंत विषयों पर लगातार पदयात्रा कर न्याय के सन्देश को घर घर तक पहुंचाने का प्रयास किया है। इसी तरह मजबूत विपक्ष के रूप में जनता की आवाज बुलंद करने के लिए छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस पूरी तरह कटिबद्ध है।
निश्चित रूप से राहुल गाँधी जी के इस पत्र ने छग के कार्यकर्ताओ का मनोबल बढ़ाया है जनता की आवाज उठाने का हमारा हौंसला और बुलंद हुआ है।
बस्तर की बहुमूल्य खदानों को मित्रों को सौंप रही डबल इंजन की सरकार
बस्तर के संसाधनों पर भाजपा सरकार की बुरी नजर है, विष्णुदेव साय की सरकार ने छत्तीसगढ़ को एक बार फिर कॉरपोरेट घरानों का चारागाह बना दिया है।
बस्तर की चार बड़ी लौह अयस्क खदानें निजी पूंजी पतियों को इसमें से 2 खदानें बैलाडीला 1। और बैलाडीला 1ठ की खदान आर्सेलर मित्तल को 50 साल के लिए लीज पर दे दिया।
बैलाडीला 1ब् खदान रूंगटा स्टील को 50 सालों के लिए दिया गया।
कांकेर जिले के हाहालादी खदान सागर स्टोन को 50 साल के लिए दे दिया गया है।
यह शुरूआत है इसके बाद बस्तर के सभी बहुमूल्य खनिज संपदा को अडानी को सौंपने की तैयारी की जा रही है। अडानी के लिए बस्तर में रेड कार्पेट बिछाया जा रहा।
भाजपा सरकार बस्तर में खनन आधारित सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम स्थापित करने के बजाय, बहुमूल्य खनिज संसाधन औने-पौने दाम पर पूंजीपतियों को लुटा रही है।
विगत दिनों केंद्रीय इस्पात मंत्री छत्तीसगढ़ आए थे, तमाम विरोध के बावजूद भारत सरकार का सरकारी उपक्रम फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड भिलाई स्थित यूनिट को मात्र 320 करोड़ में बेच दिया, जो कभी घाटे में नहीं रही बल्कि लगभग 100 करोड़ प्रति वर्ष का मुनाफा कमा रहा थी।
रमन सिंह की सरकार बस्तर के नागराज पर्वत मोदी के मित्र अदानी को बेचा गया ग्राम सभा की फर्जी एनओसी लगाई गई, पूर्ववर्ती कांग्रेस की सरकार ने जांच के बाद आवंटन रद्द करने का प्रस्ताव केंद्र की मोदी सरकार को भेजा गया लेकिन वह भी आज तक लंबित है।
बस्तर के नगरनार में 20 हजार करोड़ से अधिक के सार्वजनिक क्षेत्र एनएमडीसी के प्लांट को बेचने के लिए केंद्र की मोदी सरकार विनिवेशीकरण की सरकारी साइट ‘‘दीपम’’ पर सेल लगाकर रखी है। बस्तर के युवाओं के सरकारी नौकरी में रोजगार के अधिकार को बेच रही है मोदी सरकार। चुनाव के समय मोदी और अमित शाह ने बस्तर की जनता से वादा किया था कि नगरनार नहीं बिकेगा लेकिन बेचने की प्रक्रिया आज भी जारी है।भाजपा की सरकार की बुरी नजर केवल बस्तर के संसाधनों पर है।
कांग्रेस पार्टी बस्तर के संसाधनों के बंदरबाँट के खिलाफ शीघ्र ही बड़ा जन आंदोलन चलाने जा रही है
इस प्रेसवार्ता में मुख्य रूप से प्रदेश कांग्रेस प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदु, शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य, ग्रामीण जिलाध्यक्ष प्रेमशंकर शुक्ला, महिला कांग्रेस शहर अध्यक्ष लता निषाद, नेता प्रतिपक्ष राजेश चौधरी, उपनेता प्रतिपक्ष कोमल सेना, रविशंकर तिवारी,राजेश राय,महामंत्री जाहिद हुसैन, सुभाष गुलाटी,असीम सुता,युंका अध्यक्ष अजय बिसाई, राष्ट्रीय प्रवक्ता जावेद खान, अनुराग महतो, पार्षद अफरोज बेगम, शुभम् यदु, लोकेश चौधरी, शादाब अहमद, एस नीला,ज्योति राव, सलीम जाफर आदि मौजूद रहे…
रायपुर : राजधानी समेत पूरे प्रदेश में बुधवार को भीषण गर्मी और उमस ने लोगों को परेशान कर दिया। हालांकि, गुरुवार को मौसम राहत देने वाला हो सकता है। मौसम विभाग की जानकारी के अनुसार, आज आकाश मेघमय रहेगा और गरज-चमक के साथ हल्की बौछारें पड़ सकती हैं। हालांकि, तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास ही बना रहने की संभावना है।
मौसम विभाग ने बताया कि प्रदेश के कुछ स्थानों पर अंधड़ और वज्रपात की भी संभावना है। वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षोभ 73 डिग्री पूर्व और 32 डिग्री उत्तर में सक्रिय है। इसके अलावा, एक ऊपरी हवा का चक्रीय चक्रवात पूर्वी बिहार और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल के ऊपर 0.9 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैला हुआ है, जिससे एक द्रोणिका रायलसीमा तक जा रही है।
15 मई को प्रदेश के कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश या छींटे पड़ सकते हैं। दक्षिण छत्तीसगढ़ में 16 मई तक वर्षा की गतिविधि प्रमुख रूप से बनी रहने की संभावना है। अधिकतम तापमान में 20 मई तक कोई खास बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद तापमान में गिरावट संभव है।
राजधानी और प्रदेशवासियों को अब कुछ राहत की उम्मीद है, लेकिन गरज-चमक और अंधड़ से सतर्क रहने की आवश्यकता भी बनी हुई है।
बीजापुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में उस समय हड़कंप मच गया जब भाजपा जिला उपाध्यक्ष लव कुमार रायडू पर एक पुलिस आरक्षक द्वारा पिस्टल से फायरिंग की गई। यह घटना भैरमगढ़ नगर की है, जहां अचानक गुस्से में आकर आरक्षक ने पिस्तौल से गोलियां चला दीं।
सौभाग्यवश लव कुमार रायडू इस हमले में बाल-बाल बच गए। फिलहाल वे भैरमगढ़ थाना में घटना की रिपोर्ट दर्ज करवा रहे हैं।घटना के दौरान लव कुमार रायडू पूरी तरह से सुरक्षित रहे, जिससे एक बड़ी अनहोनी टल गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, किसी व्यक्तिगत विवाद या कहासुनी के बाद आरक्षक ने गुस्से में आकर यह कदम उठाया। हालांकि, गोलीबारी के सटीक कारणों का पता अभी नहीं चल पाया है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया।
लव कुमार रायडू को वर्तमान में सरकारी सुरक्षा प्रदान की गई है, बावजूद इसके उन पर हमला होना सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। भाजपा नेताओं और समर्थकों ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषी आरक्षक पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। अमरकंटक से मुंडन संस्कार कराकर लौट रहा एक मालवाहक वाहन बुधवार को गौरेला-अमरकंटक मार्ग पर सिद्ध बाबा पहाड़ी के पास अनियंत्रित होकर लगभग 20 फीट गहरी खाई में जा गिरा। इस भयावह दुर्घटना में 6 माह की मासूम बच्ची तान्या की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि वाहन में सवार 20 से 22 लोग घायल हो गए हैं।
जिस बच्ची की मौत हुई उसी बच्ची का मुंडन संस्कार कराकर पूरा परिवार लौट रहा था। वही घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें से कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।
यह हादसा उस समय हुआ जब गौरेला के सिंगल टोला निवासी परिवार के सदस्य अमरकंटक से मुंडन संस्कार कराकर लौट रहे थे। सभी यात्री एक मालवाहक पिकअप वाहन में सवार थे, जो सामान्यतः सामान ढोने के लिए उपयोग किया जाता है। जैसे ही वाहन सिद्ध बाबा के पास पहुंचा, चालक का संतुलन बिगड़ गया और वाहन खाई में जा गिरा। बताया जा रहा है कि वाहन ने 3 से 4 पलटे खाए, जिससे उसमें सवार सभी लोग इधर-उधर जा गिरे। चीख-पुकार मचते ही आसपास के लोगों ने 112 व 108 नंबर डायल कर पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी।
कांकेर : भानुप्रतापपुर में एक अजीब घटना घटी, जहां विधायक सावित्री मंडावी कांकेर कलेक्टर नीलेश महादेव क्षीरसागर से मिलने का इंतजार कर रही थीं, लेकिन कलेक्टर ने उनसे मिलने के बजाय वहां से चले गए।
इस घटना से विधायक सावित्री मंडावी काफी नाराज हुईं और उन्होंने अपनी नाराजगी मौजूद दूसरे अधिकारियों पर निकाली। विधायक ने भानुप्रतापपुर एसडीएम और तहसीलदार पर जमकर भड़ास निकाली और इस मामले को लेकर कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने की चेतावनी दी।
सरकार भाजपा की है और भानुप्रतापपुर विधायक कांग्रेस की हैं। क्या यही वजह है कि कलेक्टर ने विधायक को अनदेखा किया?”
तिरंगा यात्रा में उमड़ा जन सैलाब, नागरिकों ने दिया एकजुटता और देशभक्ति का संदेश
बिलासपुर : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन (DMF) घोटाले में हाईकोर्ट ने मंगलवार को एक बड़ा फैसला सुनाया। अदालत ने पूर्व आईएएस अधिकारी रानू साहू, पूर्व मुख्यमंत्री के उप सचिव सौम्या चौरसिया, एनजीओ संचालक मनोज कुमार और कथित बिचौलिया सूर्यकांत तिवारी की स्थायी जमानत याचिकाओं को खारिज कर दिया है।
कोर्ट ने कहा कि एफआईआर और केस डायरी की सामग्री का अवलोकन करने के बाद यह स्पष्ट होता है कि आरोपियों पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (PC Act) की धारा 7 और 12 के तहत दर्ज अपराध प्रथम दृष्टया स्थापित होते हैं। अदालत ने पाया कि मामला आर्थिक अपराध की श्रेणी में आता है और आरोपियों की भूमिका संदेह से परे नहीं है। इसी आधार पर नियमित जमानत देने से इनकार करते हुए सभी याचिकाएं खारिज कर दी गईं।
DMF यानी जिला खनिज न्यास मद के तहत कोरबा जिले में विकास कार्यों के नाम पर टेंडर प्रक्रिया में भारी गड़बड़ियां सामने आईं। ईडी की रिपोर्ट के आधार पर EOW ने आईपीसी की धारा 120B, 420 और भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत केस दर्ज किया। जांच में सामने आया कि टेंडरों की राशि का 40% तक हिस्सा अधिकारियों को कमीशन के रूप में मिला। वहीं, निजी कंपनियों को अवैध फायदा पहुंचाकर 15-20% अतिरिक्त रकम भी वसूली गई।
ईडी की रिपोर्ट में पूर्व IAS रानू साहू सहित अन्य अधिकारियों पर पद का दुरुपयोग करने और निजी लाभ के लिए सरकारी धन के दुरुपयोग के आरोप लगे हैं। कोर्ट के ताजा फैसले से मामले में फंसे आरोपियों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का नया रोस्टर जारी किया गया है, जो 9 जून से प्रभावी होगा। मुख्य न्यायाधीश समेत चार डिवीजन बेंच गठित किए गए हैं, जो विभिन्न प्रकार के मामलों की सुनवाई करेंगे।
नए रोस्टर के तहत सभी रिट, पब्लिक इंटरेस्ट लिटिगेशन (PIL), टैक्स, आपराधिक और सिविल अपीलें डिवीजन बेंच (DB) को सौंपी गई हैं। इसके अलावा 14 सिंगल बेंच को धारावार और वर्षवार केस सौंपे गए हैं। विशेष प्रकार के मामलों जैसे POCSO, SC-ST एक्ट और याचिकाएं विशेष पीठ को आवंटित की गई है। मुख्य न्यायाधीश ने इस नए रोस्टर का आदेश जारी किया है, जो अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा।
रायपुर 14 मई 2025 :नक्सल उन्मूलन अभियान को निर्णायक मोड़ पर ले जाते हुए छत्तीसगढ़-तेलंगाना सीमा पर नक्सल विरोधी ऑपरेशन सफलता पूर्वक संपन्न हुआ। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस ऐतिहासिक सफलता पर सुरक्षा बलों को बधाई दी है और इस निर्णायक उपलब्धि को नक्सलमुक्त भारत की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी एवं केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह जी के नेतृत्व में 31 मार्च 2026 तक देश को नक्सलवाद से मुक्त करने के लिए हम दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने सुरक्षा बलों विशेषकर सीआरपीएफ, एसटीएफ और डीआरजी के जवानों की सराहना करते हुए कहा कि लाल आतंक के विरुद्ध चल रही इस निर्णायक लड़ाई में हमारे वीर जवानों ने विषम परिस्थितियों में पूरी बहादुरी से नक्सलियों का सामना किया है। उनके अदम्य साहस, धैर्य और पराक्रम को मैं नमन करता हूं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने विश्वास व्यक्त किया कि अब वह दिन दूर नहीं जब छत्तीसगढ़ पूरी तरह नक्सलमुक्त होगा, और बस्तर के गांव-गांव में शांति, समृद्धि और विकास की नई रोशनी फैलेगी।
उल्लेखनीय है कि केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने ट्वीट करके बताया है कि छत्तीसगढ़-तेलंगाना सीमा के दुर्गम क्षेत्र पर हाल ही में हुए अब तक के सबसे बड़े नक्सल विरोधी ऑपरेशन में सुरक्षाबलों ने 31 कुख्यात नक्सलियों को मार गिराकर नक्सल उन्मूलन अभियान में ऐतिहासिक सफलता प्राप्त की है। उन्होंने इलाके किया है कि यह क्षेत्र रणनीतिक योजना, नक्सल प्रशिक्षण और हथियार निर्माण का गढ़ रहा है। आज उसी पहाड़ पर शान से तिरंगा लहरा रहा है – यह भारत की आंतरिक सुरक्षा और संप्रभुता की विजय का प्रतीक है
केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने अपने आधिकारिक वक्तव्य में कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में हम नक्सलवाद को जड़ से मिटाने के लिए संकल्पित हैं। मैं देशवासियों को पुनः विश्वास दिलाता हूँ कि 31 मार्च 2026 तक भारत का नक्सलमुक्त होना तय है। उन्होंने कहा कि यह ऑपरेशन महज 21 दिनों में पूरा हुआ, और इसमें सुरक्षा बलों का एक भी जवान शहीद नहीं हुआ, जो हमारी रणनीति, समन्वय और शौर्य का प्रमाण है। उन्होंने सीआरपीएफ, एसटीएफ और डीआरजी के जवानों को खराब मौसम और कठिन भूगोल के बावजूद दिखाए गए अदम्य साहस और अनुशासन के लिए बधाई दी।
श्री शाह ने यह भी कहा कि यह सफलता केवल एक सैन्य विजय नहीं, बल्कि एक मनोवैज्ञानिक और वैचारिक विजय भी है, जिसने नक्सल नेटवर्क की रीढ़ को हिला दिया है। देश और विशेषकर छत्तीसगढ़ की जनता को यह विश्वास दिलाता है कि नक्सलवाद अब अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा कि जिस स्थान पर कभी लाल आतंक की सत्ता थी, वहाँ आज राष्ट्रध्वज की छाया में शांति, विकास और संविधान का शासन स्थापित हो चुका है।यह अभियान आने वाले समय में सुरक्षा बलों के लिए मॉडल ऑपरेशन के रूप में उदाहरण प्रस्तुत करेगा।
केंद्रीय गृह मंत्री ने राज्य और केंद्र के बीच समन्वय की सराहना करते हुए कहा कि यह साझा प्रयासों का ही परिणाम है कि इतने बड़े अभियान में ज़ीरो कैज़ुअल्टी के साथ इतनी बड़ी सफलता प्राप्त हुई है। भारत सरकार और सुरक्षा एजेंसियाँ 2026 तक देश को पूरी तरह नक्सलमुक्त बनाने के लक्ष्य के प्रति पूरी निष्ठा और सामर्थ्य के साथ कार्य कर रही हैं। श्री अमित शाह ने कहा कि यह लक्ष्य अब केवल रणनीति नहीं, राष्ट्रीय संकल्प है।
रायपुर : छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य को देश का अगला औद्योगिक और रोजगार हब बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में कई अहम संशोधनों को मंजूरी दी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में यह निर्णय लिया गया, जो आने वाले वर्षों में राज्य के सामाजिक-आर्थिक परिदृश्य को नई दिशा देगा।
स्थानीय युवाओं को मिलेगा प्राथमिकता – बढ़ेगा रोजगार
संशोधित नीति के अनुसार, जिन उद्योगों में छत्तीसगढ़ के युवाओं को रोजगार मिलेगा, उन कंपनियों को सरकार की ओर से विशेष अनुदान मिलेगा। इससे स्थानीय रोजगार दर में तेज़ी आएगी और पलायन पर भी अंकुश लगेगा।
आधुनिक खेती को मिलेगा संस्थागत समर्थन
हाइड्रोपोनिक और एयरोपोनिक जैसी हाईटेक फार्मिंग तकनीकों को औद्योगिक क्षेत्र में शामिल कर किसानों को आधुनिक उपकरण, ऑटोमेशन और सूचना प्रौद्योगिकी जैसी तकनीकों से जोड़ा जाएगा। इससे खेती की उत्पादकता और लाभप्रदता बढ़ेगी।
खेल प्रशिक्षण और अकादमियों को प्रोत्साहन
राज्य सरकार खेल और युवा सशक्तिकरण को प्राथमिकता देती हुई खेल अकादमी और निजी प्रशिक्षण केंद्रों को प्रोत्साहन देगी। इससे न केवल खेल प्रतिभाओं को मंच मिलेगा, बल्कि स्पोर्ट्स इंडस्ट्री का विकास भी होगा।
उच्च शिक्षा को मिलेगा बढ़ावा
गुणवत्तापूर्ण विश्वविद्यालयों की स्थापना को प्रोत्साहन देकर छत्तीसगढ़ को शैक्षणिक हब के रूप में भी विकसित करने की योजना है। इससे राज्य के छात्रों को उत्कृष्ट शिक्षा के अवसर यहीं उपलब्ध होंगे।
ऑटोमोबाइल सेक्टर को विस्तार
अब ऑटोमोबाइल रिपेयरिंग एवं सर्विस यूनिट्स को हर विकासखंड समूह में मान्यता दी जाएगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में भी तकनीकी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
पर्यटन और होटल व्यवसाय को नई उड़ान
बस्तर और सरगुजा जैसे दूरस्थ क्षेत्रों में होटल-रिसॉर्ट के निर्माण हेतु निवेश की न्यूनतम सीमा कम की गई है। इससे इन इलाकों में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं को आजीविका के साधन मिलेंगे।
कपड़ा उद्योग को मिलेगा दोगुना प्रोत्साहन
टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश करने वाले उद्योगों को 200% तक का प्रोत्साहन मिलेगा। इससे महिलाओं एवं ग्रामीण कारीगरों को सिलाई, बुनाई और कढ़ाई जैसे रोजगारों में अधिक अवसर मिलेंगे।
छत्तीसगढ़ बनेगा लॉजिस्टिक हब
नई लॉजिस्टिक नीति के तहत पूरे राज्य में माल परिवहन को आसान बनाया जाएगा। इससे व्यापारियों को लागत में कमी, समय की बचत और बाजारों तक तेज पहुंच मिलेगी।
दिव्यांगजनों को मिलेगा विशेष लाभ
दिव्यांगजनों की परिभाषा में बदलाव कर उन्हें अधिक से अधिक योजनाओं में शामिल किया जाएगा। यह समावेशी विकास की दिशा में सरकार का सराहनीय कदम है।
रक्षा और एयरोस्पेस सेक्टर को स्पेशल पैकेज
राज्य अब ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर, डिफेंस और एयरोस्पेस इंडस्ट्री में भी निवेश आकर्षित करने हेतु विशेष प्रोत्साहन पैकेज प्रदान करेगा।
*निजी औद्योगिक पार्कों को मिलेगा इंफ्रास्ट्रक्चर अनुदान*
"प्लग एंड प्ले" फैक्ट्रियों को बढ़ावा देने के साथ-साथ निजी औद्योगिक पार्कों को इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए सरकार की ओर से प्रोत्साहन मिलेगा।
प्रदेश में इज ऑफ लिविंग को बढ़ावा
प्रदेश में इज ऑफ लिविंग को बढ़ावा देने हेतु निजी सीबीएसई स्कूल और मिनी मॉल (मल्टीप्लेक्स युक्त) को भी थ्रस्ट सेक्टर की तरह मान्यता दी जाएगी, विशेषकर उन क्षेत्रों में जहां ये सुविधाएं नहीं हैं।
समावेशी और क्षेत्रीय संतुलन आधारित नीति
यह नीति राज्य के सभी क्षेत्रों के लिए उपयुक्त मॉडल तैयार करती है। इससे क्षेत्रीय असमानता में कमी आएगी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि यह संशोधित नीति केवल आर्थिक वृद्धि का साधन नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, युवाओं के भविष्य और किसानों के सशक्तिकरण का यंत्र है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ देश के शीर्ष निवेश स्थलों में शामिल होगा।
सरगुजा। एक नाबालिग बेटे ने अपनी ही मां की हत्या कर दी। नाबालिग अपनी मां के शराब पीने से परेशान रहता था, इस वजह से उसने अपनी मां को आज मौत की नींद सुला दिया।
जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला मैनपाट के आसगांव का है। मृतिका का नाम मुन्नी मझवार था। वह रोज शराब का सेवन कर यहां-वहां नशे की हालत में पड़ी रहती थी। उसका नाबालिक बेटा उसे रोज शराब पीने से मना करता था। लेकिन वह नहीं मानती थी। वहीं आज फिर से शराब पीकर मुन्नी सड़क किनारे नशे में लेटी हुई थी। इसी दौरान उसके बेटे ने पत्थर से उसका सिर कुचल दिया। इस घटना में शराबी मां की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजने की तैयारी कर रही है। साथ ही नाबालिक बेटे को भी गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
रायपुर। लंबे समय से फरार चल रहे ऑनलाइन सट्टा रैकेट से जुड़े निर्दलीय पार्षद बब्बन लालवानी और उसके पिता नंदलाल लालवानी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई क्राइम ब्रांच और तिल्दा थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने की है। दोनों आरोपियों को देर रात गैरजमानती धाराओं में गिरफ्तार किया गया।
पाकिस्तान और दुबई के सटोरियों से है कनेक्शन
बताया जा रहा है कि तिल्दा के वार्ड नंबर 03 से निर्दलीय पार्षद चुने गए बब्बन लालवानी का सीधा कनेक्शन पाकिस्तान और दुबई के सटोरियों से है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि पाकिस्तान से सट्टे का नेटवर्क रायपुर में फैलाया गया है, जिसमें लालवानी परिवार की भी अहम भूमिका रही। पुलिस ने आरोपियों के पास से सट्टे के लेनदेन से जुड़ा महत्वपूर्ण रिकॉर्ड और मोटी रकम की जानकारी भी बरामद की है।
गौरतलब है कि आरोपी नंदलाल लालवानी की निशानदेही पर पुलिस ने एक अन्य सटोरी गैंग का भी भंडाफोड़ किया है, जो पैनल सट्टा चला रहा था। फिलहाल, क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपी नंदलाल लालवानी और पार्षद गोविंद लालवानी उर्फ़ बबन को गिरफ्तार कर लिया है। बता दें कि सितंबर 2023 में सट्टे की रकम को लेकर एक मारपीट का मामला सामने आया था, जिसमें नंदलाल का नाम उछला था और तब भी उसके खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
तिल्दा थाना प्रभारी सत्येन्द्र श्याम ने बताया कि ऑनलाइन सट्टा ‘गजानंद एप’ से जुड़े आरोपियों पर पूर्व में कार्रवाई की जा चुकी है। पुराने प्रकरण पर नंदलाल ललवानी निर्दलीय पार्षद और बब्बन लालवानी लंबे समय से फरार चल रहे थे। जिन्हें गिरफ्तार कर गैरजमानती धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।
जगदलपुर। बीजापुर में चलाए गए एंटी नक्सल ऑपरेशन के बाद माओवादी संगठन ने एक बार फिर केंद्र सरकार से शांति वार्ता की अपील की है। संगठन की केंद्रीय कमेटी के प्रवक्ता अभय अभय ने कहा है कि शांति वार्ता के लिए केंद्र की मोदी सरकार तैयार हैं या नहीं, अपनी स्थिति स्पष्ट करे। बता दें कि माओवादी संगठन ने 5वीं बार शांतिवार्ता की अपील की है।


बीजापुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में कर्रेगुट्टा की पहाड़ियों पर सुरक्षा बलों द्वारा चलाए जा रहे अब तक के सबसे बड़े एंटी नक्सल ऑपरेशन में बड़ी सफलता मिली है। इस कार्रवाई में अब तक 26 नक्सली मारे जा चुके हैं, जिनमें से 21 की पहचान हो चुकी है। सभी मारे गए नक्सली विभिन्न रैंक के सदस्य थे और कई पर लाखों रुपये तक का इनाम घोषित था।
बता दें बीजापुर में आज एंटी नक्शन ऑपरेशन पर CRPF के डीजी व DGP छत्तीसगढ़ के प्रेस कॉन्फ्रेंस कई खुलासे हो सकते हैं।
बीजापुर : जिले से दिल दहला देने वाली वारदात सामने आ रही है, यहां शिक्षक, कांग्रेस नेता, रसोइया सहित 5 लोगों की हत्या कर दी गई। एक ही रात में 5 हत्या से इलाके में सनसनी मची है। वही इलाके में दहशत देखा जा रहा है। घटना छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले की है। जानकारी के मुताबिक कांग्रेस कार्यकर्ता, शिक्षादूत, रसोइया समेत कुल 5 लोगों की निर्मम हत्या कर दी। घटनाएं पामेड़ और उसूर थाना क्षेत्र में हुईं, जिससे इलाके में भारी दहशत फैल गई है। यह घटना पामेड़ और उसूर थाना क्षेत्रों में हुई है, जहां लंबे समय से नक्सली गतिविधियां सक्रिय हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मारूडबाका गांव में कांग्रेस कार्यकर्ता नागा भंडारी को मौत के घाट उतार दिया गया। इसके अलावा मीनागट्टा में शिक्षादूत अशोक मुचाकी और मुचाकी रमेश की हत्या की गई। वहीं कंचाल गांव में स्कूल में काम करने वाले रसोइया मडकम हड़मा और करतम कोसा को भी नक्सलियों ने निशाना बनाया।
शिक्षादूत और रसोइया की हत्या से सरकारी कर्मचारियों में डर
शिक्षा और मध्यान्ह भोजन योजना से जुड़े कर्मचारियों की हत्या के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। ग्रामीण इलाकों में कार्यरत शिक्षक, शिक्षादूत और रसोइये अब अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।
परिजन नहीं पहुँचे थाने, कांग्रेस कार्यकर्ता की हत्या की सूचना दबाई
बताया जा रहा है कि कांग्रेस कार्यकर्ता नागा भंडारी की हत्या के बाद भी परिजनों ने थाने में इसकी सूचना नहीं दी। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, नक्सलियों की धमकी के चलते परिजन डरे हुए हैं और पुलिस के पास जाने से कतरा रहे हैं। यह घटना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है, जो पहले ही नक्सलियों से जूझ रहा है।
प्रशासन और पुलिस अलर्ट मोड पर
एक ही रात में पांच हत्याएं होने के बाद सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है। पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीमों ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है। वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल का दौरा कर रहे हैं और स्थिति की निगरानी कर रहे हैं।
सुकमा : जिले में गोपनीय सैनिक के तौर पर पदस्थ जवान ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। घटना से कैंप में हड़कंप मच गया। सैनिक सोढ़ी सोमडा को तत्काल जिला अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया है।
जानकारी के मुताबिक, बुधवार को सुबह करीब 9:30 बजे कैंप में गोपनीय सैनिक ने रायफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली. गोली चलने की आवाज सुनकर अन्य जवान साथ भी मौके पर पहुंचे। तत्काल गोपनीय सैनिक को जिला अस्तपाल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया है. पुलिस ने घटना की पुष्टि की है. मर्ग कायम कर पुलिस आत्महत्या के कारणों लगाने और आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
दिनांक – 14 मई 2025 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –
1 मंत्रिपरिषद ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत बच्चों की शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार के लिए राज्य के शासकीय विद्यालयों में ‘‘मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान का संचालन करने का अहम निर्णय लिया गया।
इस अभियान के अंतर्गत शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने, पालक-शिक्षक सहभागिता बढ़ाने और शैक्षणिक उपलब्धियों को उन्नत करने के लिए कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विशेष फोकस किया जाएगा। स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा अभियान के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किया जाएगा। अभियान के तहत विद्यालयों का सामाजिक अंकेक्षण कर गुणवत्ता के आधार पर ग्रेडिंग की जाएगी। कमजोर शालाओं की नियमित मॉनीटरिंग विभिन्न विभागों के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के माध्यम से सुनिश्चित की जाएगी। मॉडल शालाओं का चयन कर, कमजोर शालाओं के शिक्षकों को वहाँ शैक्षणिक भ्रमण कराया जाएगा। पालक-शिक्षक बैठकों (पीटीएम) के माध्यम से अभिभावकों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी। विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों में वृद्धि के लिए कक्षा शिक्षण प्रक्रियाओं में सुधार किया जाएगा।
2 मंत्रिपरिषद ने साहित्य और कला के क्षेत्र में राज्य के अर्थाभावग्रस्त कलाकारों और साहित्यकारों के लिए एक बड़ी राहत देने का निर्णय लिया है। विधानसभा बजट सत्र में की गई घोषणा के परिपालन में अब कलाकारों को दी जाने वाली मासिक वित्तीय सहायता (पेंशन) को 2000 रुपये से बढ़ाकर 5000 रुपये प्रति माह कर दिया गया है। इसके लिए संस्कृति विभाग अंतर्गत संचालित वित्तीय सहायता योजना नियम-1986 में संशोधन के प्रस्ताव का मंत्रिपरिषद द्वारा अनुमोदन किया गया। इससे उन कलाकारों और साहित्यकारों को आर्थिक संबल मिलेगा, जो आजीविका के लिए संघर्षरत हैं।
यह योजना वर्ष 1986 में प्रारंभ की गई थी, तब न्यूनतम सहायता राशि 150 रुपये और अधिकतम 600 रुपये निर्धारित थी। बाद में वर्ष 2007 में इसे बढ़ाकर 1500 रुपये और फिर 2012 में 2000 रुपये किया गया। लेकिन पिछले 12 वर्षों में कोई वृद्धि नहीं हुई थी। वर्तमान में राज्य में कुल 162 कलाकारों को यह पेंशन दी जा रही है।
वर्तमान में हर कलाकार को सालाना 24 हजार रुपये पेंशन मिल रही है, जो संशोधन के बाद बढ़कर 60 हजार रुपये हो जाएगी। इससे कुल वार्षिक व्यय 38.88 लाख रुपये से बढ़कर 97.20 लाख रुपये हो जाएगा, जिससे राज्य पर 58.32 लाख रुपये का अतिरिक्त वार्षिक भार आएगा।
3 मंत्रिपरिषद द्वारा प्रदेश में औद्योगिक विकास को और अधिक गति देने एवं भूमि आबंटन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम, 2015 में संशोधन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया।
इस संशोधन से औद्योगिक क्षेत्रों, लैंड बैंक तथा अन्य भूमि खंडों के आबंटन की प्रक्रिया में और अधिक स्पष्टता व पारदर्शिता आएगी, इससे औद्योगिक निवेशकों को भूमि आबंटन प्रक्रिया को बेहतर ढंग से समझने व लाभ उठाने में सुविधा होगी।
4 मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ राज्य में उद्योगों को बढ़ावा देने और निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य की औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में कई महत्वपूर्ण संशोधनों को मंजूरी दी है। इससे राज्य की औद्योगिक नीति और अधिक रोजगारपरक, व्यापक और उद्यमों के लिए लाभकारी हो जाएगी।
प्रस्तावित संशोधन से राज्य में रोजगार के नए अवसर बढ़ेंगे साथ ही आधुनिक खेती से लेकर खिलौना उद्योग तक को बढ़ावा मिलेगा।
युवाओं को मिलेगा रोजगार – नई नीति के तहत जिन कंपनियों में छत्तीसगढ़ के लोगों को नौकरी मिलेगी, उन्हें सरकार की तरफ से अनुदान मिलेगा।
हाइटेक खेती को बढ़ावा – अब हाइड्रोपोनिक और ऐयरोपोनिक जैसी आधुनिक खेती को बढ़ावा मिलेगा। किसानों को नई तकनीक, जैसे ऑटोमेशन और इंटरनेट ऑफ थिंग्स का फायदा मिलेगा।
युवाओं के लिए ट्रेनिंग और खेल की सुविधाएं – राज्य में खेल अकादमी और निजी प्रशिक्षण केंद्रों को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे युवाओं को बेहतर ट्रेनिंग और करियर के अवसर मिलेंगे।
गुणवत्ता पूर्ण विश्वविद्यालयों की स्थापना को प्रोत्साहन मिलेगा।
ऑटोमोबाइल रिपेयरिंग और सर्विस सेंटर को सभी विकासखण्ड समूहों में मान्य किया जाएगा।
पर्यटन और होटल व्यवसाय को बढ़ावा – बस्तर और सरगुजा संभाग में होटल और रिसॉर्ट बनाने के लिए निवेश की न्यूनतम सीमा घटा दी गई है, जिससे इन इलाकों में पर्यटन बढ़ेगा और स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा।
कपड़ा उद्योग को दोगुना प्रोत्साहन – टेक्सटाइल सेक्टर में निवेश करने पर अब 200 प्रतिशत तक का प्रोत्साहन मिलेगा। इससे सिलाई, कढ़ाई और बुनाई जैसे काम करने वालों को भी फायदा मिलेगा।
लॉजिस्टिक हब बनेगा छत्तीसगढ़ – अब राज्य के हर हिस्से में माल ढुलाई और व्यापार को आसान बनाने के लिए नई लॉजिस्टिक नीति लाई जाएगी। इससे व्यापारियों को फायदा होगा और बाजारों तक पहुंच आसान होगी।
दिव्यांगजनों को विशेष लाभ – दिव्यांगजनों की परिभाषा को नया रूप दिया गया है ताकि उन्हें ज्यादा योजनाओं का लाभ मिल सके।
ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर, रक्षा और एयरोस्पेस सेक्टर को विशेष पैकेज, निजी औद्योगिक पार्क के लिए अधोसंरचना अनुदान में बढ़ोत्तरी तथा प्लग एंड प्ले फैक्ट्री निर्माण को प्रोत्साहन मिलेगा।
प्रदेश में इज आफ लिविंग को बढ़ावा देने हेतु, न्यूनतम 500 विद्यार्थी क्षमता के कक्षा पहली से 12वीं निजी सीबीएसई मान्यता प्राप्त स्कूल एवं मल्टिप्लेक्स युक्त मिनी मॉल से वंचित प्रदेश के नगरीय क्षेत्र एवं नगरीय क्षेत्र से भिन्न विकासखण्ड मुख्यालय से 10 किलोमीटर की परिधि तक के क्षेत्र में प्रथम तीन इकाई को थ्रस्ट सेक्टर की भांति सम्मिलित किया जाएगा।
रायपुर। राजधानी रायपुर से शर्मनाक घटना सामने आई है, जहां एक 8 साल की मासूम बच्ची के साथ उसके 40 वर्षीय रिश्तेदार ने दुष्कर्म किया है। मामले की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। यह मामला कबीर नगर थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता अपने माता-पिता के साथ एक पारिवारिक समारोह में शामिल होने गई थी। इसी दौरान वहां मौजूद आरोपी रिश्तेदार ने मासूम को अपनी हवस का शिकार बनाया। घटना के बाद बच्ची ने रोते हुए अपने परिजनों को आपबीती सुनाई, जिसके बाद परिजनों ने तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
कबीर नगर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार कर लिया। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में आक्रोश और चिंता का माहौल बना दिया है।
महासमुंद। महासमुंद जिले से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। यहां आदिमजाति विभाग में प्यून के पद पर पदस्थ कर्मी और उसकी पत्नी समेत दो बच्चों की लाश मिलने से हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि मृतक की लाश फांसी के फंदे पर मिली है, जबकि उसकी पत्नी और दोनों बच्चे की मौत जहर सेवन से होने की बात कही जा रही है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधिकारियों के साथ ही एसपी मौके पर पहुंचे हुए है।
जानकारी के मुताबिक ये घटना महासमुंद जिले के बागबहरा थाना क्षेत्र की बतायी जा रही है। पुलिस के मुताबिक यहां के हाउसिंग बोर्ड कालोनी में बसंत पटेल का परिवार निवास करता था। कल शाम के बाद से ही घर का दरवाजा काफी समय तक नही खुलने पर आस पड़ोस के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस की टीम ने अंदर जाकर देखा तो बसंत पटेल की लाश फांसी के फंदे पर लटक रही थी। वहीं उसकी पत्नी भारती पटेल, 11 साल की बेटी सेजल और 4 साल का बेटा कियांश पटेल की लाश घर के कमरे में पड़ी हुई थी।
पुलिस की प्राथमिक जांच में ये पता चला है कि महिला और बच्चों की मौत जहर सेवन से हुई है। जिससे पुलिस ये आशंका जता रही है कि मृतक ने पहले अपने पत्नी और बच्चों को जहर देकर हत्या करने के बाद खुद भी फांसी लगाकर खुदकुशी कर लिया गया। बताया जा रहा है कि मृतक बसंत पटेल आदिमजाति विभाग में भृत्य के पद पर पदस्थ था। पुलिस इस बात की तफ्तीश कर रही है कि आखिर किन कारणों से परेशान होकर मृतक ने अपने पूरे परिवार को खत्म कर खुद भी मौत को गले लगा लिया। पुलिस ने इस मामले में मर्ग कायम कर घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
कोरबा। जिले तेज रफ्तार का कहर थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। कोरबा में तेज रफ्तार कार और बाइक में जोरदार भिड़ंत हो गई। बाइक पर पति-पत्नी सवार होकर जा रहे थे। हादसे में पति की मौके पर ही मौत हो, जबकि महिला गंभीर रूप से घायल हुई है। भिड़ंत के बाद घटनास्थल पर राहगीरों की भीड़ लग गई।
जानकारी के मुताबिक, घटना कटघोरा थाना के लखनपुर गांव की है। बुधवार सुबह दंपति विजयपुर गांव से बाइक पर सवार होकर जा रहे थे। इसी दौरान डस्टर कार और बाइक के बीच टक्कर हो गई। बाइक अनियंत्रित होकर सड़क के बीच में जा गिरी। सड़क खून से सन गई। दर्दनाक हादसे में महिला के आंखों के सामने ही पति ने दम तोड़ दिया।
हादसे के बाद राहगीरों की भीड़ लग गई। कार सवार डस्टर चालक को आई मामूली चोटें आई है। सूचना के बाद मौके पर पहुंची डायल 112 की मदद से घायल महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटघोरा लाया गया है। फिलाहल महिला का इलाज जारी है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने मंगलवार देर शाम मंत्रालय के चार अधिकारियों के प्रभारों में फेरबदल किया है। इस संबंध में आदेश भी जारी कर दिए गए है। जारी आदेश के मुताबिक प्रशासनिक बदलाव में तीन उप सचिव और एक अवर सचिव शामिल हैं। इनमें से दो अधिकारी मंत्रालय संवर्ग से हैं।
