नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |

भगोड़े नीरव मोदी को लौटना होगा भारत, प्रत्यर्पण के खिलाफ ब्रिटेन में आखिरी अपील खारिज

भगोड़े नीरव मोदी को लौटना होगा भारत, प्रत्यर्पण के खिलाफ ब्रिटेन में आखिरी अपील खारिज
Share

 ब्रिटेन की लंदन हाईकोर्ट ने हीरा व्यापारी नीरव मोदी के भारत प्रत्यर्पण के खिलाफ ब्रिटेन के सुप्रीम कोर्ट में अपील करने के आवेदन को गुरुवार को खारिज कर दिया। उच्च न्यायालय ने नीरव मोदी के धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों का सामना करने के लिए भारत में अपने प्रत्यर्पण के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में अपील करने के आवेदन को खारिज कर दिया है। उच्च न्यायालय ने नौ नवंबर को उसके भारत प्रत्यर्पण को हरी झंडी दे दी थी।

पिछले हफ्ते ही भारतीय प्राधिकारियों ने ब्रिटिश सुप्रीम कोर्ट में भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी के प्रत्यर्पण आदेश के खिलाफ अपील की अनुमति देने का अनुरोध करने वाली उसकी याचिका पर जवाब दिया था। ब्रिटेन की अदालतों में भारत सरकार की ओर से कानूनी लड़ाई लड़ रही क्राउन प्रासीक्यूशन सर्विस (सीपीएस) ने 51 वर्षीय नीरव मोदी की अपील के खिलाफ अदालत में अपना जवाब दाखिल किया था। नीरव मोदी 2018 में पंजाब नेशनल बैंक में करीब 11 हजार करोड़ रुपए के घोटाले का आरोपी है। नीरव मोदी भारत छोड़कर भाग गया है। अभी वह लंदन में है।
ऐसा माना जा रहा है कि भारत प्रत्‍यर्पण का रास्‍ता साफ है, लेकिन इसमें कुछ परेशानियां भी आ सकती हैं। बीते सप्‍ताह हाई कोर्ट ने नीरव के वकीलों को फटकार लगाई थी और कहा था कि नीरव में सुसाइड की प्रवृत्तियां दिखना, प्रत्‍यर्पण से बचने का आधार नहीं बन सकता है।


Share

Leave a Reply