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टोक्यो ओलंपिक : क्वार्टर फाइनल में हारीं दुनिया की नंबर 1 पहलवान विनेश

टोक्यो/नई दिल्ली: भारत को रेसलिंग में झटका लगा है। दुनिया की नंबर 1 पहलवान भारत की विनेश फोगाट महिलाओं के 53 किग्रा भार वर्ग के क्वार्टर फाइनल में हार गईं। विनेश को बेलारूस की पहलवान वैनेसा कलाडजिंस्काया ने शिकस्त दी। इस हार के बाद विनेश पदक जीतने की रेस में बनी हुई हैं। अब उन्हें रेपचेज मुकाबले का इंतजार करना होगा। लेकिन विनेश का हारना भारत की बड़ी हार है।

भारत की तरफ से पदक की प्रबल दावेदार विनेश फोगाट 53 किग्रा भार वर्ग के पहले दौर में रियो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली स्वीडन की सोफिया मैटसन को हराकर अंतिम आठ में जगह बनाई। विनेश के पास अब भी पदक जीतने का मौका है। अगर वेलारूस की पहलवान वानेसा फाइनल में पहुंचती हैं तो विनेश को रेपचेज में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा।

इससे पहले विनेश ने अपने पहले मुकाबले में शानदार प्रदर्शन किया। भारत की इस 26 वर्षीया पहलवान ने स्वीडन की खिलाड़ी सोफिया को 7-1 से शिकस्त दी। विनेश ने साल 2019 में विश्व चैंपियनशिप के दौरान भी मैटसन को पटखनी दी थी।

मैच के दौरान मैटसन ने जब कभी विनेश के दाएं पैर पर हमला किया तो भारतीय पहलवान ने पलटवार करते हुए पॉइंट अर्जित किेए। विनेश फोगाट ने पूरे मुकाबले के दौरान जोश और जज्बा बरकरार रखते हुए अपने प्रतिद्वंदी को चित करने का मौका भी बनाया।

वहीं भारत की एक अन्य पहलवान अंशु मलिक को 57 किग्रा भार वर्ग में रियो ओलंपिक की रजत पदक विजेता वेलेरिया कोब्लोवा ने रेपचेज मुकाबले में 5-1 से हराया। इस हार के बाद अंशु पदक की रेस से बाहर हो गईं।

टोक्यो ओलंपिक : 41 साल बाद हॉकी में भारत ने दिखाया दम, जर्मनी को हराकर जीता पदक

टोक्यो/नई दिल्ली: भारतीय हॉकी टीम ने 41 साल बाद ओलंपिक में पदक हासिल कर लिया है। भारत ने टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक के मुकाबले में जर्मनी को हरा दिया। मैच में शुरुआत में पिछड़ने के बाद भारत ने जोरदार वापसी की और जर्मनी के खिलाफ मैच को 5-4 से जीत लिया। इससे पहले आखिरी बार हॉकी में टीम इंडिया ने 1980 में ओलंपिक मेडल जीता था।

जर्मनी ने मैच के दूसरे ही मिनट में अपना खाता खोल लिया था। जर्मनी की तरफ से तिमूर ओरुज ने पहला गोल दागा। इसके साथ ही जर्मनी ने 1-0 की बढ़त ले ली थी। इसके बाद भारतीय टीम ने 17वें मिनट में वापसी की, जब सिमरनजीत सिंह ने जोरदार खेल दिखाते हुए जर्मन गोलकीपर को छकाया और गोल करने में सफल रहे। इस गोल के साथ ही दोनों टीमें 1-1 की बराबरी पर आ गई।

दूसरे क्वार्टर में स्कोर बराबर
हालांकि, यह बढ़त ज्यादा देर नहीं टिक सकी और जर्मनी की तरफ से निकलास वेलेन ने 24वें मिनट में अपना पहला और टीम के लिए दूसरा गोल कर जर्मनी 2-1 से आगे कर दिया। इसके बाद जर्मनी ने एक मिनट के अंदर एक और गोल दागा और अपनी लीड को 3-1 कर दिया। उसकी तरफ से तीसरा गोल फुर्क बेनेडिक्ट ने 25वें मिनट में किया।

मैच के 27वें मिनट में भारत को पैनल्टी कॉर्नर मिला और हार्दिक सिंह ने उसे गोल में तब्दील कर जर्मनी की बढ़त को कम कर दिया। सिमरनजीत सिंह की ओर से लिए गए पैनल्टी कॉर्नर को जर्मनी के गोलकीपर ने रोका, लेकिन गेंद रिफ्लेक्ट हुई और हार्दिक ने उसे गोल पोस्ट में भेज दिया। इसी के साथ स्कोर 3-2 हो गया।

इसके बाद भारत ने और आक्रामक खेल दिखाया और मैच का तीसरा गोल कर दिया। इसी के साथ दोनों ही टीम 3-3 की बराबरी पर पहुंच गईं। दूसरे क्वार्टर के खत्म होने से पहले 29वें मिनट में हरमनप्रीत ने यह शानदार गोल किया।

भारत ने तीसरे क्वार्टर में पलटा मैच
भारत ने तीसरे क्वार्टर में शानदार शुरुआत की। भारत को पैनल्टी स्ट्रोक मिला और रुपिंदर ने कोई गलती नहीं की। रुपिंदर ने गेंद को सीधा गोलपोस्ट में डाला और भारत को 4-3 की अहम और मजबूत बढ़त दिला दी। इसके बाद 34वें मिनट में सुमित के पास पर सिमरनजीत सिंह ने शानदार गोल दागा और भारत को 5-3 ये आगे कर कांस्य पदक के और करीब ले आए।

चौथे क्वार्टर में जर्मनी को रोकने में भारत कामयाब
चौथा क्वार्टर शुरू होने के साथ ही जर्मनी ने आक्रामक खेल दिखाया और गोल करने की हर संभव कोशिश की। मैच के 48वें मिनट में जर्मनी को पैनल्टी कॉर्नर के रूप में मौका मिला और विंडफेडर ने उसे गोल में तब्दील कर दिया। इसी के साथ स्कोर 5-4 हो गया।
इसके बाद भारत ने शानदार डिफेंस दिखाया और जर्मनी को गोल नहीं करने दिया। मैच आखिरी पलों में रोमांचक मोड़ तब आया, जब जर्मनी को एक और पैनल्टी कॉर्नर दिया गया। हालांकि, भारतीय गोलकीपर श्रीजेश ने उसे बचाकर भारत की जीत सुनिश्चित की।

भारत-इंग्लैंड के बीच पहला टेस्ट आज से, इन खिलाड़ियो को मिलेगा मौका

नई दिल्ली: भारत और इंग्लैंड के बीच आज यानी 4 अगस्त से पांच मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला नॉटिंघम में खेला जाएगा. भारतीय कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) और कोच रवि शास्त्री को प्लेइंग 11 चुनने के लिए काफी माथापच्ची करनी होगी. मयंक अग्रवाल की जगह ओपनिंग के लिए केएल राहुल (KL Rahul) मजबूत दावेदार हैं. दूसरी ओर बतौर ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा और शार्दुल ठाकुर में से किसी एक मौका मिल सकता है. मोहम्मद शमी और इशांत शर्मा तेज गेंदबाजी आक्रमण के अगुआ हैं लेकिन उनकी उम्र बढ़ रही है. जसप्रीत बुमराह 2019 में कमर के स्ट्रेस फ्रेक्चर के बाद टेस्ट गेंदबाज के रूप में पहले जैसी सफलता हासिल नहीं कर पाए लेकिन पिछली सीरीज में अच्छे प्रदर्शन से उन्हें शुरुआती टेस्ट में खेलने का मौका मिल सकता है. लेकिन भारत के सबसे तेज और फॉर्म में चल रहे गेंदबाज मोहम्मद सिराज का क्या होगी जिनकी तेज गति की गेंद हेलमेट में लगने के बाद मयंक अग्रवाल टेस्ट मैच से बाहर हो गए. कप्तान के लिए सिराज की चुनौती की अनदेखी करना आसान नहीं होगा।

दोनों टीमें इस प्रकार हैं:

भारत: विराट कोहली (कप्तान), रोहित शर्मा, चेतेश्वर पुजारा, अजिंक्य रहाणे, हनुमा विहारी, ऋषभ पंत, आर अश्विन, रविंद्र जडेजा, अक्षर पटेल, जसप्रीत बुमराह, इशांत शर्मा, मोहम्मद शमी, मोहम्मद सिराज, शार्दुल ठाकुर, उमेश यादव, लोकेश राहुल, ऋद्धिमान साहा, अभिमन्यु ईश्वरन, पृथ्वी शॉ और सूर्यकुमार यादव.


इंग्लैंड: जो रूट (कप्तान), जेम्स एंडरसन, जॉनी बेयरस्टो, डोम बेस, स्टुअर्ट ब्रॉड, रॉरी बर्न्स, जोस बटलर, जैक क्रॉउली, सैम कुरेन, हसीब हमीद, डेन लॉरेंस, जैक लीच, ओली पोप, ओली रॉबिन्सन, डॉम सिब्ले और मार्क वुड.

टोक्यो ओलंपिक : बुल्गारिया के पहलवान को हरा कर सेमीफाइनल में पहुंचे रवि कुमार

टोक्यो: भारतीय पहलवान रवि कुमार दहिया पुरुषों की 57 किग्रा भार वर्ग में सेमीफाइनल में पहंच गए। क्वार्टर फाइनल मेंं उन्होंने बुल्गारिया के जॉर्डी वैंगेलोव को 14-4 से हराया।

भारतीय पहलवान रवि कुमार दहिया पुरुषों के फ्री स्टाइल 57 किग्रा भार वर्ग के सेमीफाइनल में पहुंच गए हैं। रवि ने क्वार्टर फाइनल में बुल्गारिया के जॉर्डी वैंगेलोव को 14-4 से शिकस्त दी। उनकी इस जीत ने रेसलिंग में पदक की उम्मीद जगा दी है।

इससे पहले उन्होंने प्री क्वार्टर फाइनल में कोलंबिया के पहलवान ऑस्कर टिगरेरोस उरबानो को 13-2 से मात देकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। अब सेमीफाइनल में उनका मुकाबला कजाकिस्तान के पहलवान से होगा।

टोक्यो ओलंपिक : भाला फेंक स्पर्धा के फाइनल में पहुंचे नीरज

टोक्यो/नई दिल्ली: टोक्यो ओलंपिक में भारत के स्टार जेवेलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने भाला फेंक स्पर्धा में पहले ही प्रयास में कमाल का थ्रो करते हुए 86.65 मीटर दूर भाला फेंका। इसके साथ वह फाइनल के लिए क्वालीफाई कर गए। फाइनल में सीधे प्रवेश करने के लिए 83.50 मीटर का थ्रो होना जरूरी है। नीरज अब 7 अगस्त को फाइनल मुकाबले में अपना दमखम दिखाएंगे।

ओलंपिक के इतिहास में भारत की तरफ से अब तक कोई भी एथलीट ट्रैक एंड फील्ड स्पर्धा में पदक नहीं जीत पाया। जेवेलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा इस सूखे को खत्म कर सकते हैं। कुल मिलाकर जिस तरह से उन्होंने आज अपने पहले प्रयास में प्रदर्शन किया उसे देख उनसे पदक की उम्मीद है।

टोक्यो ओलंपिक में पदार्पण करने वाले नीरज चोपड़ा ने 86.65 मीटर दूर भाला फेंककर फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया। नीरज ने यह करिश्मा अपने पहले ही प्रयास में कर दिखाया। उनके इस शानदार प्रदर्शन के देखकर ऐसा कहा जा रहा है कि वह भारत को पदक अवश्य दिलाएंगे।

नीरज चोपड़ा टोक्यो ओलंपिक के लिए बेहतर तैयारी नहीं कर सके। उनकी तैयारियों में कोविड-19 महामारी और चोट आड़े आई। इसके बावजूद उन्होंने टोक्यो ओलंपिक में अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया और पहले ही थ्रो में फाइनल के लिए क्वालीफाई कर लिया।

टोक्यो ओलंपिक: भारत की बेटी ने जीता कांस्य पदक, पीएम ने दी बधाई

टोक्यो/नई दिल्ली: वेल्टरवेट महिला मुक्केबाज़ी के सेमी फ़ाइनल मुक़ाबले में बुधवार को भारतीय मुक्केबाज़ लवलीना बोरगोहाईं को दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी तुर्की की खिलाड़ी बुसेनाज़ सुर्मेनेली ने हरा दिया। लवलीना ने भारत के लिए दूसरा ओलंपिक मेडल पीवी सिंधु के कांस्य पदक जीतने से पहले ही 30 जुलाई को सुनिश्चित कर लिया था।

सेमीफ़ाइनल में जीतकर उनके पास कांस्य को रजत पदक में बदलने का मौक़ा था लेकिन तुर्की की शीर्ष वरीयता खिलाड़ी के आगे लवलीना टिक नहीं पाईं। पहले ही राउंड में सुर्मेनेली ने उन्हें हरा दिया और आगे का मैच बहुत आसानी से तुर्की की खिलाड़ी ने जीत लिया।

बीते शुक्रवार को उन्होंने वेल्टरवेट क्वार्टर फ़ाइनल मुकाबले में चीनी ताइपे की निएन-चिन चेन को हराकर सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई थी। ओलंपिक के प्री क्वार्टर फ़ाइनल में उन्हें बाई मिला था जबकि जर्मनी की खिलाड़ी को हराकर वो क्वार्टर फ़ाइनल में पहुँची थीं। राउंड-16 में उन्होंने जर्मनी की नडीन अपेत्ज़ को 3-2 से हराया था।

क्वार्टर फ़ाइनल मुक़ाबले में उन्होंने निएन-चिन चेन नाम की जिस खिलाड़ी के ख़िलाफ़ जीत हासिल की थी, वो पूर्व विश्व चैम्पियन हैं और अब तक के कई मुक़ाबलों में लवलीना उनसे हारती आई थीं। लवलीना 2018 के वर्ल्ड चैंपियनशिप में भी उनसे हार गई थीं।

लवलीना (दाएं) ने चीनी ताइपे की निएन-चिन चेन को हराकर सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई थी।
लेकिन शुक्रवार की लवलीना की जीत कोई मामूली जीत नहीं थी उन्होंने अपनी विरोधी खिलाड़ी को 4-1 से मात दी थी जो कि बहुत बड़ी जीत थी।
 

टोक्यो ओलंपिक : चीनी पहलवान को पटखनी देकर दीपक पहुंचे सेमीफाइनल में

टोक्यो/नई दिल्ली: भारत के युवा पहलवान दीपक पुनिया ने देश की उम्मीदों की बरकरार रखा है। टोक्यो ओलंपिक में कुश्ती के 86 किग्रा भारवर्ग के दूसरे वरीय दीपक ने सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। 22 वर्षीय पहलवान शानदार शुरुआत करते हुए प्री क्वार्टरफाइनल में नाइजीरियाई पहलवान एकरेकेम एगियोमोर को 12-1 से हराया। पहला मुकाबला आसानी से जीतने के बाद दीपक ने क्वार्टरफाइनल में भी जबरदस्त प्रदर्शन किया।

दीपक ने क्वार्टरफाइनल में चीनी पहलवान जुशेन लिन को 6-3 से पटखनी दी। हालांकि इस मुकाबले में दीपक को चीनी खिलाड़ी से कड़ी टक्कर मिली। एक समय दोनों खिलाड़ी 3-3 की बराबरी पर थे लेकिन भारतीय पहलवान ने आखिरी के 10 सेकंड में पूरी बाजी पलट दी। उन्होंने जोरदार पलटवार किया और दो तीन अहम टेक्निकल पॉइंट हासिल किए। इस जीत के साथ ही दीपक ने सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। अब अगले दौर में दीपक का मुकाबला अमेरिका के पहलवान डेविड टेलर से होगा।

टोक्यो ओलंपिक : हॉकी में बेल्जियम ने रोका भारत का विजय रथ

टोक्यो/नई दिल्ली: टोक्यो ओलंपिक में भारत को हॉकी स्पर्धा में बड़ा झटका लगा है। भारतीय पुरुष हॉकी टीम फाइनल की रेस से बाहर हो गई है। टीम इंडिया को सेमीफाइनल मुकाबले में विश्व चैंपियन बेल्जियम ने 5-2 से हराया। पूरे मैच के दौरान भा्रतीय पुरुष हॉकी टीम बेल्जियम के आगे संघर्ष करती रही। एक समय भारत की बेल्जियम पर बढ़त बना ली थी। लेकिन टीम इंडिया बहुत देर तक यह बढ़त कायम नहीं कर सकी। बीते कुछ मैचों में भारत ने जो पैनापन दिखाया वह इस सेमीफाइऩल मैच में नदारद रहा।

फिलहाल इस हार के बाद भी भारत की मेडल जीतने की उम्मीद अभी कायम है। कांस्य पदक के लिए 5 अगस्त को मुकाबला खेला जाएगा। इससे पहले दूसरे सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया और जर्मनी की टीम के बीच भिड़ंत होगी। उसमें से जो टीम हारेगी उसके साथ कांस्य पदक के लिए भारत का मुकाबला होगा। भारतीय हॉकी टीम साल 1980 के बाद से ओलंपिक में पदक नहीं जीती है।

वहीं अगर सेमीफाइनल मैच की बात की जाए तो बेल्जियम में शानदार शुरुआत की। खेल के दूसरे मिनट में मिले पेनाल्टी कॉर्नर पर लॉक लुईपर्ट ने गोल कर टीम को 1-0 की बढ़त दिला दी। इसके बाद टीम इंडिया ने वापसी करते हुए बराबरी का गोल दागा। सातवें मिनट पर मिले पेनाल्टी कॉर्नर पर हरमनप्रीत सिंह ने गोल कर भारत को 1-1 की बराबरी पर ला दिया। इसके बाद मनदीप सिंह ने 8वें मिनट में गोल कर टीम इंडिया को 2-1 से आगे कर दिया।

जब पहले क्वार्टर का खेल समाप्त हुए तो भारत 2-1 से आगे था। इसके बाद दूसरे क्वार्टर में बेल्जियम की टीम ने वापसी की। खेले के 19वें मिनट में एलेक्जेंडर हेंड्रिक्स ने गोल कर बेल्जियम को 2-2 की बराबरी पर ला दिया। जब हाफ टाइम का खेल समाप्त हुए तो दोनों टीमें 2-2 की बराबरी पर थीं।
इस दौरान मैच के तीसरे क्वार्टर में दोनों टीमों की तरफ से गोल करने की कोशिश की गई लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद 49वें मिनट में बेल्जियम को पेनाल्टी कार्नर मिला जिस पर हेंड्रिक्स ने गोल कर टीम को 3-2 की बढ़त दिलाई। 53वें मिनट में एक बार फिर हेंड्रिक्स ने गोल कर टीम को 4-2 की मजबूत बढ़त दिला दी। 60वें मिनट में डोहमेन ने भारतीय उम्मीदों पर तुषारापात करते करते हुए गोल दागा और बेल्जियम को 5-2 से जीत दिला दी।

इससे पहले भारतीय टीम लगातार चार मैच जीतकर अंतिम चार में जगह बनाई थी। लेकिन सेमीफाइनल मैच में टीम इंडिया अपनी लय बरकरार नहीं रख पाई। वहीं बेल्जियम को हॉकी में पहले गोल्ड मेडल का इंतजार है। फाइनल में बेल्जियम का मुकाबला ऑस्ट्रेलिया और जर्मनी के बीच खेले जाने वाले सेमीफाइनल के विजेता से होगा।

टोक्यो ओलंपिक : कमलप्रीत कौर मेडल की रेस से बाहर

कमलप्रीत कौर डिस्कस थ्रो के फाइनल में छठे नंबर पर रही. उनका सर्वश्रेष्ठ थ्रो 63.70 मीटर का रहा. हालांकि, उनके तीन थ्रो फाउल रहे. कमलप्रीत को मेडल हासिल करने के लिए 65.72 मीटर से ज्यादा का थ्रो करना था. डिस्कस थ्रो का गोल्ड मेडल अमेरिका की वैलेरी ऑलमैन (Valarie Allman) ने जीता, जबकि सिल्वर मेडल जर्मनी की क्रिस्टिन पुडेन्ज़ो (Kristin Pudenz) ने अपने नाम किया. कांस्य पदक क्यूबा की याइमे पेरेज़ के खाते में गया.

टोक्यो ओलंपिक : 49 साल बाद ओलंपिक के सेमीफाइनल में पहुंची भारतीय हॉकी टीम

टोक्यो/नई दिल्ली: भारतीय पुरुष हॉकी टीम टोक्यो ओलंपिक में पदक जीतने के और करीब पहुंच गई है। मनप्रीत सिंह की अगुवाई में टीम ने क्वार्टरफाइनल में ग्रेट ब्रिटेन को एकतरफा मुकाबले में 3-1 से पटखनी दी। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम 49 साल बाद ओलंपिक के सेमीफाइनल में पहुंचने में सफल रही। क्वार्टरफाइनल मुकाबले में भारत की तरफ से दिलप्रीत सिंह, गुर्जंत सिंह और हार्दिक सिंह ने एक-एक गोल दागे जबकि गोलकीपर श्रीजेश ने भी ब्रिटेन के कई शॉट्स को सफलतापूर्वक रोका।

भारत की जीत के साथ ही अब सेमीफाइनलिस्ट का नाम भी तय हो गया है। भारत को जहां विश्व चैंपियन बेल्जियम से चुनौती मिलेगी वहीं अन्य मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया और जर्मनी आमने-सामने होंगे।

बात करें भारत के अब तक के सफर की तो उसने न्यूजीलैंड के खिलाफ अपना पहला मुकाबला 3-2 से जीता। हालांकि इसके बाद दूसरे मैच में उसे ऑस्ट्रेलिया के हाथों 1-7 से शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा। लेकिन इसके बाद भारतीय टीम ने जोरदार वापसी की और फिर स्पेन को 3-0, अर्जेंटीना को 3-1 और जापान को 5-3 से हराया। इस के साथ भारतीय टीम ग्रुप ए में पांच में से चार मुकाबले जीतकर दूसरे स्थान पर रही।

टोक्यो ओलंपिक : क्वार्टरफाइनल में पहुंची महिला हॉकी टीम, इस टीम से होगी भिड़ंत

टोक्यो/नई दिल्ली: भारतीय महिला हॉकी टीम क्वार्टरफाइनल में पहुंच गई है, जहां उसकी भिड़ंत ऑस्ट्रेलिया से होगी। दरअसल, पूल ए के मैच में ब्रिटेन ने आयरलैंड को 2-0 से हरा दिया। इसके साथ ही भारत क्वार्टरफाइनल में प्रवेश कर गया। बता दें कि वंदना के शानदार खेल की बदौलत ही भारतीय टीम ग्रुप ए का अपना आखिरी मुकाबला जीतने में सफल रही और क्वार्टरफाइनल की उम्मीदों को बरकरार रखा। भारतीय टीम ने अपने आखिरी ग्रुप मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका को 4-3 से पटखनी दी। इसके साथ ही भारतीय टीम ने टोक्यो ओलंपिक की अपनी दूसरी जीत हासिल की और ग्रुप ए में छह अंक लेकर चौथे स्थान पर रही। इस जीत के बाद भारत की नजर आयरलैंड और ग्रेट ब्रिटेन के मुकाबले पर थी।

भारत को क्वार्टरफाइनल में पहुंचने के लिए आयरलैंड का हारना जरूरी था। हालांकि, हुआ भी ऐसा ही। अब दो अगस्त को भारतीय हॉकी टीम और ऑस्ट्रेलियाई टीम की भिड़ंत होगी। बता दें कि भारतीय हॉकी टीम ने 41 वर्षों में पहली बार ओलंपिक के क्वार्टरफाइनल में प्रवेश किया है। इससे पहले भारतीय महिला टीम का ओलंपिक में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 1980 में मास्को ओलंपिक में रहा जहां वह सेमीफाइनल में पहुंची थी लेकिन आखिर में उसे चौथे स्थान से संतोष करना पड़ा था।
 

टोक्यो ओलंपिक : घायल शेर की तरह लड़े बॉक्सर सतीश, हारकर भी जीत लिया दिल

टोक्यो/नई दिल्ली: टोक्यो ओलंपिक में बॉक्सिंग में भारत को जबरदस्त झटका लगा। बॉक्सर सतीश कुमार 91 किग्रा भार वर्ग में उजबेकिस्तान के बखोदिर जालोलोव से हार गए। जालोलोव ने उन्हें 5-0 से शिकस्त दी। इस हार के साथ सतीश का टोक्यो ओलंपिक में पदक जीतने का सपना टूट गया। प्री क्वार्टर फाइनल में लगी चोट के कारण वह सात टांके लगवाकर रिंग में उतरे थे। इस दौरान उन्होंने विश्व चैंपियन जालोलोव को कड़ी टक्कर देते हुए घायल भी किया। लेकिन यह उनकी बदकिस्मती रही कि सतीश मुकाबला जीत नहीं पाए।

सेना के 32 वर्ष के बॉक्सर सतीश ने अपने दाहिए हाथ से भी प्रतिद्वंदी पर पंच जड़े। लेकिन विश्व चैंपियन जालोलोव इस मुकाबले में भारतीय मुक्केबाज पर हावी रहे। तीसरे दौर का मुकाबला जब शुरू हुआ तो सतीश के माथे का घाव घुल गया। वह खून से लथपथ हो गए लेकिन लेकिन मैदान नहीं छोड़ा।


इस मुकाबले में सतीश ने घायल शेर की तरह अपने प्रतिद्वंदी का सामना किया। यही वजह थी कि जीतने के बाद खुद जालोलोव ने उनकी जमकर तारीफ की। सतीश ओलंपिक में सुपर हेवीवेट मुकाबले में क्वालीफाई करने वाले भारत के पहले मुक्केबाज थे। वहीं बखोदिर जालोलोव तीन बार एशियाई चैंपियन रह चुके हैं।

टोक्यो ओलंपिक : सिंधु ने अपने नाम किया कांस्य पदक

टोक्यो/नई दिल्ली: भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु ने टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक अपने नाम कर लिया है। सिंधु ने चीनी खिलाड़ी बिंग जियाओ को सीधे सेटों में हराकर इतिहास भी रच दिया है। वह दो ओलंपिक पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी भी बन गई हैं। इससे पहले सिंधु ने 2016 में रियो ओलंपिक में रजत पदक अपने नाम किया था। सिंधु का यह लगातार दूसरा ओलंपिक मेडल है। सिंधु के पदक के साथ ही भारत की झोली में भी दूसरा मेडल आ गया है।

बात करें सिंधु के ब्रॉन्ज़ मेडल मैच की तो उन्होंने अपनी प्रतिद्वंदी को सीधे सेटों में 21-13 और 21-15 से हराया। 53 मिनट तक चले मुकाबले में सिंधु शुरू से ही चीनी खिलाड़ी पर हावी रहीं।

टोक्यो ओलंपिक : मुक्केबाज सतीश कुमार के क्वार्टरफाइनल में खेलने पर संशय, हो सकते हैं बाहर...

टोक्यो/नई दिल्ली । टोक्यो ओलंपिक में भारत को एक और झटका लगा है। मुक्केबाज सतीश कुमार (+91 किग्रा) के क्वार्टरफाइनल में खेलने पर संशय लग रहा है क्योंकि उन्हें सात टांके लगे हैं। शनिवार को भारतीय मुक्केबाजी संघ के अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा कि डॉक्टर के कहने के बाद ही सतीश रिंग में उतरेंगे क्योंकि उन्हें सात टांके लगे हैं। दरअसल, सतीश को रविवार को उजबेकिस्तान के मुक्केबाज बखोदिर जलोलोव के खिलाफ रिंग में उतरना है। बता दें कि सतीश ने राउंड ऑफ 16 के मुकाबले में जमैका के रिकार्डो ब्राउन को हराकर क्वार्टरफाइनल में प्रवेश किया था। सतीश ने बंटे हुए फैसले के बावजूद 4-1 से जीत दर्ज की थी। वहीं, मौजूदा विश्व और एशियाई चैंपियन जालोलोव ने अजरबैजान के मोहम्मद अब्दुल्लायेव को 5-0 से हराकर क्वार्टरफाइनल में अपनी जगह बनाई थी। 

टोक्यो ओलंपिक : 64 मीटर के स्कोर के साथ कमलप्रीत ने फाइनल में मारी एंट्री

टोक्यो/नई दिल्ली: टोक्यो ओलंपिक के नौवें दिन कमलप्रीत कौर ने देश को खुशी का मौका दिया। महिलाओं की डिस्कस थ्रो स्पर्धा में कमलप्रीत कौर ने फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। क्वॉलिफिकेशन राउंड में ग्रुप बी से कौर ने तीसरे प्रयास में 64 मीटर का स्कोर हासिल किया और दूसरे स्थान पर रहीं। कमलप्रीत भारत की ओर से रिकॉर्ड स्कोर करने वाली खिलाड़ी बन गई हैं।

कमलप्रीत के अलावा ग्रुप ए से सीमा पुनिया ने 60.57 मीटर का स्कोर किया और छठे स्थान पर रहीं लेकिन वह फाइनल में क्वालीफाई करने से चूक गईं।

बात करें कमलप्रीत की तो उन्होंने पहले प्रयास में 60.29 मीटर, दूसरे में 63.97 और आखिरी प्रयास में 64 का स्कोर किया। फाइनल में पहुंचने के लिए 64 ही क्वॉलिफिकेशन मार्क था। अब कमलप्रीत दो अगस्त को फाइनल में भारत की तरफ से दावेदारी पेश करेंगी।

टोक्यो ओलंपिक : हॉकी में भारत ने दक्षिण अफ्रीका को चटाई धूल, 4-3 से जीता मैच

टोक्यो/नई दिल्ली: भारतीय महिला हॉकी टीम ने टोक्यो ओलंपिक में 31 जुलाई को पूल ए के मुकाबले में साउथ अफ्रीका को 4 - 3 से शिकस्त दी है, जिसके साथ भारत ने नॉकआउट की उम्मीदों को कायम रखा है। इस मैच में भारत की वंदना कटारिया ने कुल 3 गोल दागे. इसी के साथ वंदना ओलंपिक मैच में हैट्रिक लगाने वाली पहली भारतीय महिला बन चुकी हैं। अब भारत को ब्रिटेन और आयरलैंड के बीच होने वाले मुकाबले का इंतजार है. ब्रिटेन के हाथों आयरलैंड की हार भारत को आगे ले जाएगी और अगर आयरलैंड जीत जाता है, तो भारत बाहर हो जाएगा। क्योंकि तब आयरलैंड अंकों के मामले में भारत की बराबरी पर आ जाएगा और गोल डिफरेंस के मामले में आगे निकल जाएगा।

मैच का पहला गोल भारत की वंदना ने चौथे मिनट में किया। वंदना ने एक बेहतरीन फील्ड गोल के माध्यम से भारत को 1-0 से आगे किया। दक्षिण अफ्रीकी टीम ने वापसी के लिए जोर लगाया और उसे 15वें मिनट में सफलता मिल भी गई। टैरीन क्रिस्टी ग्लेसबाई ने एक बेहतरीन फील्ड गोल के माध्यम से स्कोर 1-1 कर दिया, जिसके दो मिनट बाद वंदना ने एक और गोल कर भारत को 2-1 से आगे कर दिया। वंदना ने यह गोल पेनल्टी कॉर्नर पर किया। 30वें मिनट में कप्तान एरिन हंटर ने पेनाल्टी कार्नर पर गोल कर स्कोर एक बार फिर 2-2 कर दिया।

2 मिनट पश्चात् नेहा ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल कर भारत को 3-2 की लीड दिला दी लेकिन 39वें मिनट में मेरिजान मेरिएस ने एक शानदार फील्ड गोल के जरिए स्कोर 3-3 कर दिया. भारत को आगे जाने के लिए इस मैच में हर हाल में जीत की जरूरत थी और साथ ही उसे यह भी प्रार्थना करना है कि आयरलैंड की टीम ब्रिटेन से हार जाए। ऐसे में भारतीय टीम खूब जोर लगा रही थी। वंदना ने एक बार फिर अपना क्लास दिखाया और 49वें मिनट में पेनाल्टी कॉर्नर पर गोल कर भारत को एक बार फिर 4-3 से आगे कर दिया। भारत इस स्कोर को बचाने में सफल रहा और साथ ही उसने आगे जाने की सम्भावनाओं को भी जिंदा रखा है।

ओलंपिक में भारत के ये खिलाड़ी कल दिखाएंगे दम, यहां देखें पूरा शेड्यूल

India Schedule, Tokyo Olympic : खेलों के महाकुंभ एक सप्ताह पूरा हो चुका है. अब तक भारत के खाते में सिर्फ एक मेडल है. ऐसे में शनिवार को कई खिलाड़ी देश के लिए मेडल पक्का करने के इरादे से ओलंपिक में उतरेंगे. पीवी सिंधु से सेमीफाइनल मुकाबले में पूरे देश को उम्मीद है. अगर वे सेमीफाइनल में जीतीं, तो भारत का दूसरा पदक पक्का हो जाएगा. उनके अलावा भी कई खिलाड़ी मैदान पर जोर-आजमाइश करते नजर आएंगे. टोक्यो ओलंपिक में भारतीय खिलाड़ियों के शनिवार के कार्यक्रम पर एक नजर डाल लेते हैं.


तीरंदाजी
सुबह 7.18 बजे तीरंजादी का क्वार्टर फाइनल मुकाबला भारत की अतनु दास जापान की ताकाहारू फुरुकावा के साथ होगा.


एथलेटिक्स

सुबह 6 बजे से महिला चक्का फेंक, सीमा पूनिया, क्वालीफिकेशन ग्रुप ए
सुबह 7.25 बजे से महिला चक्का फेंक, कमलप्रीत कौर, क्वालीफिकेशन ग्रुप बी
दोपहर 3:40 बजे से पुरुष लंबी कूद, सिरिशंकर, क्वालीफिकेशन ग्रुप बी


बैडमिंटन

दोपहर 3:20 बजे से महिला एकल सेमीफाइनल पीवी सिंधू बनाम ताइ जू यिंग (चीनी ताइपे)


मुक्केबाजी
सुबह 7:30 बजे से अमित पंघाल बनाम युबेर्जेन रिवास (कोलंबिया) 52 किग्रा पुरुष प्री-क्वार्टर फाइनल
दोपहर 3:36 बजे से पूजा रानी बनाम ली कियान (चीन) 75 किग्रा महिला प्री-क्वार्टर फाइनल


गोल्फ
सुबह 4:15 बजे से अनिर्बान लाहिड़ी और उदयन माने, पुरुषों का व्यक्तिगत स्ट्रोक प्ले


हॉकी
सुबह 8:45 बजे से भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका, महिला पूल ए मैच


सेलिंग (पाल नौकायन)
सुबह 8:35 बजे से केसी गणपति और वरुण ठक्कर , पुरुषों की स्किफ में रेस 10, 11 एवं 12


निशानेबाजी
सुबह 8:30 बजे से अंजुम मौदगिल और तेजस्वी सावंत, महिला 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन क्वालीफिकेशन


शुक्रवार को भारत का ऐसा रहा सफर
शुक्रवार का दिन भी भारत के लिए काफी अच्छा रहा. बैंडमिंटन में पीवी सिंधु ने क्वार्टर फाइनल में जीत हासिल कर सेमीफाइनल में जगह बना ली. इसके अलावा बॉक्सिंग में 69 किलोग्राम कैटेगरी के क्वार्टर फाइनल मुकाबला जीत कर लवलीना सेमीफाइनल में पहुंच गई है. इसके अलावा पुरुष हॉकी टीम ने भी जापान को हराकर जीत हासिल कर ली.

 

BIG NEWS : युजवेंद्र चहल सहित भारतीय टीम के इन खिलाड़ियो को हुआ कोरोना, कुल 3 संक्रमित

कोलंबो: भारतीय टीम को श्रीलंका दौरे पर गुरुवार को हुए अंतिम टी20 के मुकाबले में टीम को 7 विकेट से हार का सामना करना पड़ा. इस तरह से श्रीलंका ने सीरीज पर 2-1 से कब्जा किया. क्रुणाल पंड्या (Krunal Pandya) के पॉजिटिव आने के बाद 8 और खिलाड़ी आइसोलेशन में चले गए थे और सीरीज के अंतिम दो मैच नहीं खेल सके थे. लेकिन अब रिपोर्ट आ रही है कि दो और खिलाड़ी पॉजिटिव हो गए हैं।

क्रिकइंफो की खबर के अनुसार, युजवेंद्र चहल और कृष्णप्पा गौतम पॉजिटिव पाए गए हैं. नए टेस्ट के बाद यह परिणाम आया है. इससे पहले पृथ्वी शॉ, सूर्यकुमार यादव, हार्दिक पंड्या, कृष्णप्पा गौतम, मनीष पांडे, ईशान किशन, युजवेंद्र चहल और दीपक चाहर आइसोलेशन में थे. क्रुणाल पंड्या से इन खिलाड़ियों के संपर्क की बात सामने आई थी. टीम इंडिया आज श्रीलंका से रवाना होगी. आइसोलेशन में रह रहे अन्य खिलाड़ियों हार्दिक, पृथ्वी, सूर्यकुमार, मनीष, दीपक चाहर और ईशान की रिपोर्ट निगेटिव आई है. वे भी टीम के साथ भारत आएंगे।

10 दिन आइसोलेशन में रहना होगा

श्रीलंका सरकार के प्रोटोकॉल के अनुसार, पॉजिटिव आने वाले खिलाड़ी को 10 दिन तक आइसोलेशन में रहना होगा. इसके बाद निगेटिव टेस्ट के बाद ही वे देश छोड़ सकते हैं. संपर्क में आने वाले व्यक्ति को 7 दिन आइसोलेशन में रहना होता है. युजवेंद्र चहल और कृष्णप्पा गौतम की पॉजिटिव रिपोर्ट शुक्रवार को ही आई है. ऐसे में उन्हें अगले 10 दिन तक श्रीलंका में ही रहना होगा.


पृथ्वी शॉ और सूर्यकुमार को लेकर जानकारी नहीं

बीसीसीआई ने पिछले दिनों पृथ्वी शॉ और सूर्यकुमार यादव को इंग्लैंड में होने वाली पांच मैचों टेस्ट सीरीज के लिए चुना था. लेकिन श्रीलंका में कोरोना के केस आने के बाद दोनों खिलाड़ियों को लेकर बोर्ड की ओर से अब तक कोई अपडेट नहीं आया है. रिपोर्ट के मुताबिक, उनकी जगह दूसरे खिलाड़ियों काे इंग्लैंड भेजा जा सकता है.

टोक्यो ओलंपिक : बॉक्सिंग में भारत का पदक पक्का, सेमीफाइनल में पहुंचीं लवलीना

टोक्यो/नई दिल्ली: भारत की बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन ने टोक्यो ओलंपिक में इतिहास रच दिया। वह सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं। उनके सेमीफाइनल में पहुंचने के बाद भारत का एक और पदक पक्का हो गया है। क्वार्टर फाइनल में लवलीना ने महिलाओं की 69 किग्रा भार वर्ग में चीनी ताइपे की खिलाड़ी निएन चिन चेन को 4-1 से करारी शिकस्त दी।

अब सेमीफाइनल में लवलीना का मुकाबला मौजूदा विश्व चैंपियन तुर्की की बुसानेज सरमेनेली से होगा। जिन्होंने क्वार्टर फाइनल में अन्ना लिसेंको को शिकस्त दी। दो बार की विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीत चुकीं लवलीना बोरगोहेन ने मैच के दौरान गजब का प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिद्वंदी को हराया। मुकाबले के आखिरी के तीन मिनटों में उन्होंने अपना रक्षण भी नियंत्रित रखा और जवाबी हमले में अपने प्रतिद्वंदी पर भारी पड़ीं।
बीते साल लवलीना कोरोना संक्रमण का शिकार गई थीं। जिसके चलते वह अभ्यास करने के लिए यूरोप नहीं जा पाईं। चीनी ताइपे की खिलाड़ी निएन चिन चेन को हराने के बाद जैसे ही रेफरी ने उनका हाथ ऊपर उठाया वह खुशी के मारे फूली नहीं समाई और जोर-जोर से चिल्लाने लगीं।

इससे पहले बॉक्सिंग में भारत की खराब शुरुआत हुई और सिमरनजीत कौर को 60 किग्रा स्पर्धा में थाईलैंड की सुदापोर्न सीसोंदी से हार का सामना करना पड़ा। सीसोंदी ने सिमरनजीत को एकतरफा मुकाबले में 5-0 से शिकस्त दी थी।

टीम इंडिया के लिए नई टेंशन, एक और खिलाड़ी सीरीज से बाहर!

कोलंबो। श्रीलंका के खिलाफ टी20 इंडिया को आज तीन मैचों की सीरीज का आखिरी टी20 इंटरनेशनल मैच खेलना है। इस मैच से पहले टीम इंडिया की टेंशन बढ़ गई है। सीरीज से पहले 9 खिलाड़ी आउट हो चुके हैं और अब नवदीप सैनी की इंजरी ने टीम मैनेजमेंट की टेंशन को और बढ़ा दिया है। श्रीलंका दौरे पर बॉलिंग कोच के तौर पर गए पारस म्हाम्ब्रे ने कहा है कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की मेडिकल टीम तेज गेंदबाज नवदीप सैनी पर नजर रखे हुए है जिनके कंधे में श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टी20 मैच के दौरान चोट लग गई थी।सैनी ने मैच में एक भी ओवर नहीं किया था। उन्हें श्रीलंकाई पारी के 19वें ओवर में कंधे पर चोट लगने के बाद मैदान से बाहर ले जाना पड़ा।
 
क्रुणाल पांड्या के कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद भारत के आठ खिलाड़ी आइसोलेशन में थे। भारतीय टीम चार विकेट से मुकाबला हार गई। म्हाम्ब्रे ने मैच के बाद कहा कि नवदीप के मामले में मेडिकल टीम नजर रखे हुए है। हम हालात का आकलन करेंगे और उसके अनुसार ही फैसला लेंगे। फैसला लेने पर चयनकर्ताओं और कोच को बता दिया जाएगा।मैच की बात करें तो श्रीलंका ने एक बार फिर टॉस जीता और भारत के खिलाफ पहले गेंदबाजी का फैसला लिया। कप्तान शिखर धवन ने 40 रनों की पारी तो खेली, लेकिन इसके लिए उन्होंने 42 गेंदों का सामना किया। डेब्यू करने वाले गायकवाड़ ने धवन के साथ पारी का आगाज किया, लेकिन 18 गेंद पर 21 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद देवदत्त पडीक्कल आए और 29 रनों की पारी खेली। पडीक्कल ने 23 गेंदों का सामना किया। संजू सैमसन ने एक बार फिर निराश किया और महज 7 रन बनाकर आउट हुए, जबकि नीतीश राणा भी 9 रन से आगे नहीं बढ़ सके। भारत ने 20 ओवर में पांच विकेट पर 132 रन बनाए। अकीला धनंजय ने दो विकेट लिए। जवाब में श्रीलंका ने 19.4 ओवर में छह विकेट पर 133 रन बनाकर मैच अपने नाम किया। धनंजय डि सिल्वा 34 गेंद पर 40 रन बनाकर नॉटआउट लौटे और मैन ऑफ द मैच चुने गए।