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लोकतंत्र की पाठशाला बना नेशनल रोवर – रेंजर जंबूरी

लोकतंत्र की पाठशाला बना नेशनल रोवर – रेंजर जंबूरी

 युवा संसद में डॉ. रमन सिंह बने अध्यक्ष और बच्चे बने सांसद, लोकहित के मुद्दों पर हुई चर्चा

यूथ पार्लियामेंट में दिखी भविष्य के नेतृत्व की सशक्त झलक

रायपुर-  नेशनल रोवर – रेंजर जंबूरी का आयोजन पूरे उत्साह, अनुशासन और जीवंत सहभागिता के साथ बालोद जिले के ग्राम दुधली में सम्पन्न किया रहा है। आयोजन के तीसरे दिन जंबूरी परिसर लोकतांत्रिक चेतना का केंद्र बन गया, जब रोवर–रेंजरों एवं उपस्थित नागरिकों को लोकसभा की वास्तविक कार्यवाही का प्रत्यक्ष और व्यावहारिक अनुभव कराया गया। यूथ पार्लियामेंट के मंच पर रोवर–रेंजरों ने सांसदों की भूमिका निभाई वहीं विधानसभा के अध्यक्ष संसद के अध्यक्ष की भूमिका का निर्वहन किया। युवाओं ने जिस आत्मविश्वास, विषयगत समझ और मर्यादित संवाद शैली का प्रदर्शन किया, वह दर्शनीय था। यह मंच भावी जनप्रतिनिधियों को गढ़ने का सशक्त माध्यम गया था।
अनुशासन और आत्मविश्वास की मिसाल बने रोवर–रेंजर
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने की आयोजित युवा संसद की सराहना करते हुए कहा कि यूथ पार्लियामेंट के दौरान रोवर–रेंजरों जिस प्रकार आत्मविश्वास और अनुशासन के साथ अपनी भूमिका को निभाया है, उससे देश के उज्ज्वल भविष्य की कल्पना साकार नजर आती है। आज के युवा कल के हमारे समाज के प्रतिनिधि हैं। इनके कंधों पर हमारी विरासतों को आगे ले जाने का जिम्मा है, जिसे वे बखूबी निभाएंगे इसका हम सभी को भरोसा है। उन्होंने सभी की भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से युवाओं में लोकतांत्रिक मूल्यों, संसदीय परंपराओं और जिम्मेदार नागरिकता की मजबूत नींव पड़ती है।
इस अवसर पर स्कूली शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने भी युवाओं को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि आज के रोवर – रेंजर देश का आने वाला भविष्य है।भारतीय स्काउट गाइड के मुख्य राष्ट्रीय आयुक्त डॉ. के. के. खंडेलवाल, राज्य मुख्य आयुक्त श्री इंद्रजीत सिंह खालसा, जिला मुख्य आयुक्त श्री राकेश यादव, कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी, रोवर–रेंजर, स्काउट–गाइड्स एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।

सीख, सेवा और साहस से भरा रहा तीसरा दिन

जंबूरी का तृतीय दिवस प्रतिभागियों के लिए विविध और प्रेरक गतिविधियों का आयोजन किया गया। जागरण और शारीरिक जांच के साथ फ्लैग सेरेमनी के साथ अनुशासन और एकता का संदेश दिया जाएगा। डॉग शो में कुत्तों की बेहतरीन कलात्मक प्रदर्शन के साथ मार्च पास्ट प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। स्वच्छ भारत अभियान से जुड़ी प्रतियोगिताओं में भी युवाओं ने बढ़ चढ़ कर भाग लेते हुए सामाजिक दायित्वों के प्रति जागरूक किया।
आज जम्बूरी में आदिवासी संस्कृति परंपरा के साथ आधुनिकता की अनूठी प्रस्तुति दी गयी। आदिवासी वेशभूषा में पारंपरिक व्यंजनों के निर्माण के साथ लोकवाद्यों की भी प्रस्तुति की गई। आदिवासी नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच पारंपरिक भोजन के साथ ही हॉर्स राइडिंग, बाइक रेस और वाटर एक्टिविटी जैसी साहसिक गतिविधियां का भी प्रदर्शन किया गया।
युवाओं को आपदा प्रबंधन और ग्लोबल डेवलपमेंट विलेज से जुड़ी प्रतियोगिताओं के साथ वृक्षारोपण भी किया गया। कंटीजेंट लीडर मीटिंग, प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, एच डब्लू बी रीयूनियन, नाइट हाईक तथा पायोनियरिंग प्रोजेक्ट प्रतियोगिताओं के भी आयोजित की जाएगी। एरिना में आयोजित इंटरनेशनल नाइट कार्यक्रम में विभिन्न संस्कृतियों की रंगारंग प्रस्तुतियां जंबूरी को अंतरराष्ट्रीय स्वरूप प्रदान किया जाएगा।

पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से राम नारायण का बिजली बिल हुआ शून्य, मिला सब्सिडी का लाभ

पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से राम नारायण का बिजली बिल हुआ शून्य, मिला सब्सिडी का लाभ

 राम नारायण बिजली उपभोक्ता से बने ऊर्जादाता

रायपुर-  शासन की महत्वाकांक्षी पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। यह योजना न केवल बढ़ते बिजली बिल से राहत दे रही है, बल्कि लोगों को स्वच्छ, सस्ती और हरित ऊर्जा से भी जोड़ रही है। योजना का लाभ लेकर आम उपभोक्ता अब आत्मनिर्भर बन रहे हैं और बिजली उपभोग के साथ-साथ ऊर्जा उत्पादन में भी सहभागी बन रहे हैं।
इस योजना की सफलता का जीवंत उदाहरण अंबिकापुर नगर के भिट्ठी कला निवासी राम नारायण गुप्ता हैं। उन्होंने अपने घर की छत पर 5 किलोवाट क्षमता का सोलर रूफटॉप पैनल स्थापित किया और महज एक माह के भीतर उनका बिजली बिल पूरी तरह शून्य हो गया। पहले जहां अधिक बिजली खपत के कारण हर माह भारी-भरकम बिल आता था, वहीं अब सौर ऊर्जा के उपयोग से उन्हें राहत मिली है।
श्री राम नारायण गुप्ता ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने तुरंत इसका लाभ लेने का निर्णय लिया। योजना के अंतर्गत केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा कुल 1 लाख 8 हजार रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है, जिससे सोलर रूफटॉप पैनल लगाना आम नागरिकों के लिए सरल और किफायती हो गया है। सब्सिडी मिलने से प्रारंभिक लागत में काफी कमी आई और उनका निर्णय और भी आसान हो गया।
उन्होंने बताया कि सोलर पैनल लगाए अभी एक ही महीना हुआ है और इस अवधि में बिजली बिल पूरी तरह से शून्य आ गया है। इतना ही नहीं, यह योजना उन्हें केवल बिजली उपभोक्ता ही नहीं, बल्कि ऊर्जादाता भी बना रही है। उन्होंने बताया कि योजना के तहत विद्युत विभाग के साथ एक एग्रीमेंट किया जाता है, जिसके अनुसार सौर ऊर्जा से उत्पादित बिजली पहले घर की जरूरतों में उपयोग होती है। इसके बाद जो अतिरिक्त बिजली बचती है, वह ग्रिड के माध्यम से विद्युत विभाग को भेज दी जाती है, जिसका भुगतान वित्तीय वर्ष के अंत में उपभोक्ता को किया जाता है।
राम नारायण ने कहा कि यह योजना पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल है। सौर ऊर्जा के उपयोग से ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा मिल रहा है और जीवाश्म ईंधनों पर निर्भरता कम हो रही है। साथ ही सरकार द्वारा दी जा रही सब्सिडी आम नागरिकों को इस योजना से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित कर रही है।
उन्होंने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को जनहितकारी बताते हुए केंद्र एवं राज्य सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया और अन्य नागरिकों से भी अपील की कि वे इस योजना का लाभ उठाकर न केवल अपने बिजली बिल को कम करें, बल्कि स्वच्छ और सतत ऊर्जा अपनाकर पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान दें।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव जिला एवं तहसील साहू संघ के शपथ ग्रहण समारोह में हुए शामिल

उप मुख्यमंत्री अरुण साव जिला एवं तहसील साहू संघ के शपथ ग्रहण समारोह में हुए शामिल

 रायपुर : उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव आज महासमुंद जिला एवं तहसील साहू संघ के शपथ ग्रहण समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने महासमुंद के बीटीआई रोड स्थित कर्मा भवन में आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि साहू समाज एक संगठित और अनुशासित समाज के रूप में जाना जाता है। समाज का इतिहास अत्यंत वैभवशाली रहा है। इसे और अधिक सशक्त एवं समृद्ध बनाने के लिए सभी को मिलकर कार्य करना होगा। उन्होंने युवाओं को सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने, समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच बनाने तथा सामाजिक समरसता को मजबूत करने पर जोर दिया।

श्री साव ने कार्यक्रम में कहा कि सर्वसम्मति से पदाधिकारियों का चुनाव अच्छी परंपरा है। यह समाज के लिए शुभ संकेत भी है। महासमुंद जिला कृषि, रोजगार और संसाधनों के मामले में समृद्ध है। यहां किए जा रहे कार्यों का संदेश अन्य जिलों तक जाना चाहिए। उन्होंने कर्मा भवन में शेड निर्माण के लिए 25 लाख रुपए देने की घोषणा की। विधायकगण सर्वश्री मोतीलाल साहू, संदीप साहू और योगेश्वर राजू सिन्हा भी कार्यक्रम में शामिल हुए।

शपथ ग्रहण समारोह को अति विशिष्ट अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री श्री ताम्रध्वज साहू ने सामाजिक संगठन को मजबूत बनाने सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि पदाधिकारी अपने व्यवहार में नम्रता रखें तथा नशा, दिखावा एवं अन्य सामाजिक बुराइयों को समाप्त करने की दिशा में पहल करें। साहू समाज के प्रदेशाध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू ने समाज के संगठन की मजबूती पर बल देते हुए बुराइयों को रोकने प्रत्येक व्यक्ति को आगे आने को कहा।

महासमुंद जिला साहू समाज के नवनिर्वाचित अध्यक्ष श्री ढालूराम साहू ने मां कर्मा एवं राजिम भक्तिन माता का स्मरण करते हुए कहा कि वे शिक्षा को बढ़ावा देने, संगठन में पारदर्शिता लाने तथा सामाजिक समरसता स्थापित करने के तीन संकल्पों के साथ कार्य करेंगे। राज्य भंडार गृह निगम के अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद श्री चंदूलाल साहू, श्री चुन्नीलाल साहू, साहू समाज के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष श्री विपिन साहू, नगर पालिका अध्यक्ष श्री निखिलकांत साहू और श्री येतराम साहू सहित साहू समाज के अनेक पदाधिकारी एवं गणमान्य नागरिक समारोह में बड़ी संख्या में मौजूद थे।

कर्मचारियों की मेहनत, निष्ठा और अनुशासन से ही धरातल पर साकार होती हैं शासन की नीतियां : मुख्यमंत्री साय

कर्मचारियों की मेहनत, निष्ठा और अनुशासन से ही धरातल पर साकार होती हैं शासन की नीतियां : मुख्यमंत्री साय

राज्य कर्मचारी संघ, छत्तीसगढ़ के त्रैवार्षिक अष्टम प्रदेश अधिवेशन को मुख्यमंत्री ने किया संबोधित

मुख्यमंत्री ने शासकीय अधिकारी-कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 55 प्रतिशत से बढ़ाकर 58 प्रतिशत करने की घोषणा की

रायपुर- कर्मचारी शासन-प्रशासन की रीढ़ होते हैं और उनकी ईमानदारी, कर्मठता तथा संवेदनशीलता से ही सरकार की योजनाएं, नीतियां और निर्णय वास्तविक रूप में धरातल पर उतरते हैं। छत्तीसगढ़ का प्रशासनिक ढांचा आप सभी की मेहनत, निष्ठा और अनुशासन के कारण ही प्रभावी ढंग से कार्य कर पा रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के रोहिणीपुरम स्थित सरस्वती शिक्षा संस्थान परिसर में राज्य कर्मचारी संघ, छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित त्रैवार्षिक अष्टम प्रदेश अधिवेशन को संबोधित करते हुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश के शासकीय अधिकारी-कर्मचारियों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए महंगाई भत्ता 55 प्रतिशत से बढ़ाकर केंद्र सरकार के समान 58 प्रतिशत किए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई के बीच यह निर्णय कर्मचारियों को वास्तविक राहत प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि यह निर्णय सरकार की कर्मचारी-हितैषी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने अधिवेशन को संबोधित करते हुए कहा कि यह अधिवेशन संगठनात्मक विचार-विमर्श के साथ ही सुशासन के संकल्प को सुदृढ़ करने का एक सशक्त अवसर है। जब सरकार और कर्मचारी कंधे से कंधा मिलाकर कार्य करते हैं, तभी विकास का मार्ग प्रशस्त होता है और शासन व्यवस्था अधिक सशक्त बनती है। उन्होंने कहा कि पिछले दो वर्षों में सरकार ने कर्मचारियों के हित में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। स्थानांतरण नीति, पदोन्नति प्रक्रिया और कार्यस्थल संबंधी व्यवस्थाओं में सुधार कर प्रशासन को अधिक पारदर्शी, सुचारु और कर्मचारी-अनुकूल बनाया गया है। सुशासन एवं अभिसरण विभाग के गठन से जन-विश्वास आधारित शासन तंत्र को और मजबूती मिली है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि पेंशन, ग्रेच्युटी एवं अन्य सेवानिवृत्ति लाभों के समयबद्ध भुगतान पर विशेष ध्यान दिया गया है, ताकि कर्मचारियों को सेवानिवृत्ति के समय किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। छत्तीसगढ़ पेंशन फंड की स्थापना कर तथा पेंशन फंड विधेयक को विधानसभा से पारित कर राज्य ने इस दिशा में एक मजबूत विधायी आधार भी प्रदान किया है। उन्होंने कहा कि ई-ऑफिस, ऑनलाइन सेवाओं और तकनीकी नवाचारों के माध्यम से कर्मचारियों की कार्यक्षमता को सशक्त बनाया गया है, वहीं प्रशिक्षण एवं क्षमता विकास कार्यक्रमों के जरिए उन्हें बदलते समय के अनुरूप तैयार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य है। एक समय नक्सलवाद प्रदेश के लिए बड़ी चुनौती था, लेकिन हमारे सुरक्षा बलों ने अद्वितीय साहस और पराक्रम से इसका डटकर मुकाबला किया है। उन्होंने मंच से सुरक्षा बलों की वीरता को नमन करते हुए कहा कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के लिए बेहतर और मानवीय पुनर्वास नीति लागू की गई है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के संकल्प के अनुरूप 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद के समूल उन्मूलन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बस्तर क्षेत्र में शांति व्यवस्था तेजी से स्थापित हो रही है और ‘नियद नेल्ला नार’ योजना के माध्यम से सुदूर वनांचलों तक बिजली, पानी और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं। विकसित भारत 2047 के राष्ट्रीय लक्ष्य के अनुरूप राज्य सरकार ने भी ‘छत्तीसगढ़ अंजोर विजन 2047’ तैयार कर प्रदेश के विकास को नई दिशा और गति दी है।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ श्रम कल्याण मंडल के अध्यक्ष श्री योगेश दत्त मिश्रा, राष्ट्रीय राज्य कर्मचारी संघ के अखिल भारतीय अध्यक्ष श्री गौरव कुमार सोनी, महामंत्री श्री राजेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, राज्य कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष श्री अरूण तिवारी, प्रदेश महामंत्री श्री अश्वनी चेलक तथा बड़ी संख्या में कर्मचारी-अधिकारी उपस्थित थे।

छत्तीसगढ़ के एक और IAS अधिकारी को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति,भारत सरकार में बने डायरेक्टर…

छत्तीसगढ़ के एक और IAS अधिकारी को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति,भारत सरकार में बने डायरेक्टर…

  रायपुर :- छत्तीसगढ़ के प्रशासनिक महकमे से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। राज्य के एक और भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जा रहे हैं। बलौदाबाजार जिले के वर्तमान कलेक्टर और 2011 बैच के IAS अधिकारी दीपक सोनी को भारत सरकार में नई पोस्टिंग मिली है। उन्हें स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण में डायरेक्टर के पद पर नियुक्त किया गया है। यह प्रतिनियुक्ति पांच वर्षों की अवधि के लिए होगी।

भारत सरकार की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं। केंद्र सरकार ने छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर दीपक सोनी को तत्काल प्रभाव से उनके वर्तमान पद से रिलीव करने के निर्देश दिए हैं, ताकि वे नई जिम्मेदारी संभाल सकें। माना जा रहा है कि औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी होते ही दीपक सोनी जल्द ही दिल्ली पहुंचकर अपना कार्यभार ग्रहण करेंगे।

सरकारी कर्मियों के डी ए में 3% का इजाफा, मुख्यमंत्री तथा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का आभार : फेडरेशन

सरकारी कर्मियों के डी ए में 3% का इजाफा, मुख्यमंत्री तथा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का आभार : फेडरेशन

 सरकारी कर्मियों के डी ए में 3% का इजाफा, मुख्यमंत्री तथा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का आभार : फेडरेशन

जगदलपुर। आज छत्तीसगढ़ के शासकीय कर्मियों में खुशी की लहर दौड गई। जब छत्तीसगढ़ शासन के माननीय मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कर्मचारी संघ के एक कार्यक्रम में प्रदेश के शासकीय कर्मचारियों को केंद्र के समान 3 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने की घोषणा की। इसी के साथ माननीय मुख्यमंत्री जी ने कहा कि कर्मचारियों की शेष मांगों पर सरकार चर्चा करते हुए शीघ्र ही सकारात्मक निर्णय लेगी।

ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के द्वारा केंद्र के समान महंगाई भत्ता सहित 11 सूत्रीय मांगों को लेकर तीसरे चरण के आंदोलन में 03 दिवसीय निश्चित कालीन हड़ताल 29 से 31 दिसंबर 2025 को किया था।जिसका व्यापक असर पूरे प्रदेश के सरकारी कामकाज पर पड़ा।

हड़ताल के पश्चात स्थानीय स्तर पर लगातार फेडरेशन के बस्तर संभाग प्रभारी कैलाश चौहान, बस्तर जिला संयोजक गजेंद्र श्रीवास्तव तथा प्रांतीय प्रचार मंत्री टार्जन गुप्ता के द्वारा जगदलपुर विधायक एवं भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष किरण देव जी से मिलकर इस संबंध में सरकार के सकारात्मक निर्णय की मांग करते रहे। जिस पर श्री किरण देव जी ने माननीय मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन से हड़ताली कर्मियों की मांगों पर चर्चा भी की। जिसके फलस्वरुप आज पूरे प्रदेश के कर्मियों को महंगाई भत्ता में 3 प्रतिशत का इजाफा हुआ।

छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन जिला बस्तर के अजय श्रीवास्तव, देवराज खूंटे ,चंद्रप्रकाश देवांगन, रज्जी वर्गीज, देवदास कश्यप, नारायण सिंह मौर्य, मोतीलाल वर्मा, गिरीश कश्यप, डॉ अखिलेश त्रिपाठी, मनोज कुमार, श्रीमती पदमा नायडू ,गायत्री मरकाम, पूर्णिमा कोर्राम ,आशा दान ,नीलम मिश्रा, उमेश मेश्राम ,उदय किशोर पांडे ,रूपेंद्र सिंह, पल्लव झा आदि पदाधिकारी ने महंगाई भत्ता में तीन प्रतिशत की बढ़ोतरी किए जाने पर माननीय मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन तथा जगदलपुर विधायक एवं प्रदेश अध्यक्ष किरण देव का हृदय से आभार व्यक्त किया है।

CG- छत्तीसगढ़ की राजधानी में पुलिस की बड़ी कार्रवाई!…दो विदेशी महिला हिरासत में, जानिए आखिर क्या है पूरा मामला…..

CG- छत्तीसगढ़ की राजधानी में पुलिस की बड़ी कार्रवाई!…दो विदेशी महिला हिरासत में, जानिए आखिर क्या है पूरा मामला…..

 रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में पुलिस ने दो विदेशी महिलाओं को हिरासत में (Videshi Mahilayen Hirasat Me) लिया है। ये दोनों महिलाएं उज्बेकिस्तान की रहने वाली है, जो वीजा खत्म होने के बाद भी कई सालों से यहां रह रही थी। वहीं पुलिस अब उनके दस्तावेज खंगाल रही है और उनसे पूछताछ भी जारी है।

दो विदेशी महिलाएं पुलिस की हिरासत में

यह पूरा मामला तेलीबांधा थाना क्षेत्र का है। यहां पुलिस की बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है। दरअसल, पुलिस ने उज्बेकिस्तान की रहने वाली दो महीलाओं को हिरासत में लिया है, जो कि वीजा खत्म होने के बाद भी कई सालों से रायपुर में रह रही थी। वहीं पुलिस अब महिलाओं से पूछताछ में जुट गई है और उनके दस्तावेज खंगाले जा रहे हैं।

उज्बेकिस्तान की रहने वाली है दोनों महिलाएं

दरअसल तेलीबांधा पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली की दो विदेशी महिलाएं कई सालों से रायपुर के तेलीबांधा थाना क्षेत्र में VIP रोड स्थित एक होटल में रह रही है, जिनके वीजा को लेकर शक है। ऐसे में पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए दोनों महिलाओं को हिरासत में ले लिया। वहीं जब दोनों महिलाओं से पूछताछ की गई, तो उन्होंने बताया कि वे उज्बेकिस्तान की रहने वाली है।

नियमों के उल्लंघन पर की जाएगी कार्रवाई

पुलिस के मुताबिक, जिन दो विदेशी महिलाओं को हिरासत में लिया गया है, वे दोनों उज्बेकिस्तान की रहने वाली है और वीजा खत्म होने के बाद भी लंबे समय से रायपुर में रह रही है। इसके साथ ही उनका कहना है कि यदि वीजा नियमों के उल्लंघन की पुष्टी होती है, तो विदेशी नागरिकता अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर पूरी जानकारी दी जाएगी।

सरपंच की हत्या के दो शूटर रायपुर से गिरफ्तार

राजधानी रायपुर में पंजाब पुलिस की एक बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है। दरअसल, पंजाब पुलिस ने अमृतसर में आम आदमी पार्टी (AAP) के सरपंच की हत्या के मामले में फरार दो शूटरों को रायपुर से गिरफ्तार किया है। वहीं पुलिस अब शूटरों को कोर्ट में पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर लेने की तैयारी में हैं।

हत्या कर दोनों शूटर फरार

पंजाब पुलिस के मुताबिक, तरनतारन जिले के वल्टोहा गांव से आम आदमी पार्टी (AAP) के सरपंच जरमल सिंह 4 जनवरी को लड़की पक्ष की ओर से एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए अमृतसर के मैरी गोल्ड रिसॉर्ट में गए थे। इसी दौरान वहां पहुंचे दो आरोपियों उसकी गोली मारकर हत्या कर दी थी और मौके से फरार हो गए थे।

पंजाब पुलिस ने रायपुर में दी दबिश

हत्या की वारदात के बाद पंजाब पुलिस शूटरों की तलाश में जुटी थी। पुलिस ने जब दोनों आरोपियों की तलाश के लिए तकनीकी उपकरणों का सहारा लिया, तो पता चला कि दोनों शूटर छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में छिपे हैं। इसके बाद पुलिस ने यहां दबिश देते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। वहीं अब दोनों शूटरों को कोर्ट में पेश कर ट्राजिंट रिमांड पर लेने की तैयारी की जा रही है।

BREAKING : पार्टी से निकाले गए कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी, 6 साल के लिए निष्कासित

BREAKING : पार्टी से निकाले गए कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी, 6 साल के लिए निष्कासित

 रायपुर।  कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी पर उनकी ही पार्टी ने ही एक्शन लिया है। विकास तिवारी को 6 साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया गया। इस आदेश का पत्र प्रदेश अध्यक्ष दीपक बच के आदेश अनुसार प्रदेश महामंत्री मलकीत सिंह गेंदु ने जारी किया।

जानकारी के मुताबिक विकास तिवारी झीरम कांड घटना के जांच आयोग को पत्र लिखकर अपनी ही पार्टी के नेताओं का नार्को टेस्ट कराने का निवेदन किया था, जो पार्टी नेताओं को नागवार गुजरा और पार्टी ने यह फैसला लिया।

ब्रेकिंग : छत्तीसगढ़ के अधिकारी – कर्मचारियों को बड़ी सौगात, CM साय ने बढ़ाया महंगाई भत्ता

ब्रेकिंग : छत्तीसगढ़ के अधिकारी – कर्मचारियों को बड़ी सौगात, CM साय ने बढ़ाया महंगाई भत्ता

 रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ के अष्टम प्रदेश अधिवेशन में शामिल होकर राज्य के अधिकारी-कर्मचारियों के हित में एक बड़ी घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब छत्तीसगढ़ के शासकीय कर्मचारियों को केंद्र सरकार के समान भत्ता प्रदान किया जाएगा।

सीएम साय ने घोषणा करते हुए बताया कि राज्य कर्मचारियों को मिलने वाला महंगाई भत्ता 55 प्रतिशत से बढ़ाकर 58 प्रतिशत किया जा रहा है। इस फैसले से राज्य के लाखों अधिकारी-कर्मचारियों को सीधा लाभ मिलेगा।

CG : तेज रफ्तार हाइवा की चपेट में आने से शिक्षिका की मौत, स्कूटी से जा रही थी मायके

CG : तेज रफ्तार हाइवा की चपेट में आने से शिक्षिका की मौत, स्कूटी से जा रही थी मायके

 दुर्ग। तेज रफ्तार हाइवा के चपेट में आने से शिक्षिका की मौत हो गई है। हादसा दुर्ग जिले के पाटन-भखारा कुरूद रोक की है। शिक्षिका स्कूटी से अपने मायके जा रही थी। शिक्षिका की पहचान 48 वर्षीय मधुबाला चंद्राकर के रूप में हुई है। मधुबाला कुरूद की रहने थी। ग्राम बगौद स्थित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय में शिक्षिका के पद पर कार्यरत थी। मधुबाला एक्टिवा वाहन से अपने मायके ग्राम आमालोरी जा रही थी।

ग्राम कौही के पास जैसे ही वह मोड़ पर पहुंचनी थी, विपरीत दिशा से तेज गति से आ रहे हाइवा ने एक्टिवा को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि शिक्षिका सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन सहित मौके पर रुक गया। हादसे के तुरंत बाद, आसपास मौजूद ग्रामीणों ने घायल शिक्षिका को पाटन शासकीय अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतका शिक्षिका की दो बेटियां हैं। शिक्षिका के पति किसान हैं।

Press Club Election 2026 : रायपुर प्रेस क्लब चुनाव के लिए इस दिन को होगा मतदान, 37 प्रत्याशी मैदान में

Press Club Election 2026 : रायपुर प्रेस क्लब चुनाव के लिए इस दिन को होगा मतदान, 37 प्रत्याशी मैदान में

 रायपुर : रायपुर प्रेस क्लब की निर्वाचन प्रक्रिया के अंतर्गत मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन दिनांक 01 जनवरी 2026 को किया गया था। मतदाता सूची पर दावा–आपत्ति प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 03 जनवरी 2026 निर्धारित थी। इस अवधि में कुल 114 सदस्यों से दावा–आपत्ति प्राप्त हुई, जिनका विधिवत निराकरण कर दिनांक 05 जनवरी 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया गया।

निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार दिनांक 06 जनवरी से 08 जनवरी 2026 तक नाम निर्देशन पत्र प्राप्त किए गए। विभिन्न पदों के लिए प्राप्त नाम निर्देशन पत्रों का विवरण इस प्रकार है :- अध्यक्ष पद हेतु – 06, उपाध्यक्ष पद हेतु – 08, कोषाध्यक्ष पद हेतु – 06, महासचिव पद हेतु – 08, संयुक्त सचिव पद हेतु – 10 इस प्रकार कुल 38 नाम निर्देशन पत्र प्राप्त हुए।

दिनांक 09 जनवरी 2026 को नाम निर्देशन पत्रों की संवीक्षा की गई, जिसमें सभी नाम निर्देशन पत्र वैध पाए गए। इसके पश्चात दिनांक 10 जनवरी 2026 को नाम वापसी की प्रक्रिया में संयुक्त सचिव पद हेतु 01 नाम निर्देशन पत्र वापस लिया गया। नाम वापसी उपरांत अब कुल 37 प्रत्याशी, 05 पदों के लिए निर्वाचन मैदान में शेष हैं।

मतदान 13 जनवरी 2026 को प्रातः 8 बजे से शाम 4 बजे तक प्रेस क्लब रायपुर में संपन्न होगा। मतदान समाप्ति के तत्काल पश्चात् उसी दिन मतगणना भी प्रेस क्लब रायपुर में की जाएगी।

आज रायपुर और कोरबा जिले का दौरा करेंगे सीएम साय, विभिन्न कार्यक्रमों में होंगे शामिल

आज रायपुर और कोरबा जिले का दौरा करेंगे सीएम साय, विभिन्न कार्यक्रमों में होंगे शामिल

 रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज रायपुर और कोरबा जिले का दौरा करेंगे। वे सुबह 10:30 बजे मुख्यमंत्री निवास में बैठक लेंगे। इसके बाद वे सुबह 11.45 को राज्य कर्मचारी संघ के “प्रदेश अधिवेशन” सरस्वती शिक्षा संस्थान में शामिल होंगे।

वहीं दोपहर 1:00 बजे पुलिस ग्राउंड हेलीपैड से कोरबा के लिए रवाना होंगे। वहीं दोपहर करीब 2 बजे कोरबा में गौरा पूजा महोत्सव और बैगा पूजेरी सम्मेलन में शामिल होंगे और शाम 4:15 बजे मुख्यमंत्री निवास पहुंचेंगे।

CG – भगवा पहनकर भिक्षा मांग रहा था मुस्लिम युवक, बजरंग दल ने पकड़कर किया पुलिस के हवाले…..फिर जो हुआ…

CG – भगवा पहनकर भिक्षा मांग रहा था मुस्लिम युवक, बजरंग दल ने पकड़कर किया पुलिस के हवाले…..फिर जो हुआ…

 भिलाई। छत्तीसगढ़ के भिलाई से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मुस्लिम युवक हिंदू साधु का भेष धारण कर बस्तियों और घरों में भिक्षा मांग रहा था। शक होने पर बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने उसे घेरा और पूछताछ की। पूछताछ के दौरान उसकी पहचान मुस्लिम युवक के रूप में हुई, जिसके बाद बजरंग दल ने उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

मिली जानकारी के अनुसार, पूरा मामला जामुल थाना क्षेत्र का है। यहां युवक साधु का भेष धारण कर घर-घर भिक्षा मांग रहा था। उसकी संदिग्ध गतिविधियों और बातचीत के लहजे को देखकर स्थानीय लोगों और बजरंग दल के सदस्यों को शक हुआ। लोगों ने उससे पूछताछ की और इसी दौरान उसने अपने मुस्लिम होने की बात कबूल की।

बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने तत्काल उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने युवक को हिरासत में लेते हुए पूछताछ शुरू कर दी है। फिलहाल इस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

टीबी से घबराने की जरूरत नहीं, इलाज संभव : मंत्री लखनलाल देवांगन

टीबी से घबराने की जरूरत नहीं, इलाज संभव : मंत्री लखनलाल देवांगन

 रायपुर । कोरबा जिले में टीबी उन्मूलन अभियान को सशक्त बनाने के उद्देश्य से आज उद्योग, वाणिज्य, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम विभाग मंत्री लखनलाल देवांगन ने टीबी मरीजों को पोषण आहार किट का वितरण किया। उन्होंने मरीजों से आत्मीय बातचीत कर उनका हालचाल जाना और उपचार संबंधी आवश्यक सुझाव भी देते हुए कहा कि टीबी का उपचार पूरी तरह संभव है। 

अनुपयोगी खानपान और स्वास्थ्यकर आदतों के कारण यह बीमारी किसी को भी हो सकती है, लेकिन समय पर जांच और उपचार से इसे पूरी तरह ठीक किया जा सकता है। इससे घबराने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि टीबी को जड़ से खत्म करने के लिए लगातार छह माह तक की नियमित दवा का सेवन आवश्यक है। इसलिए पीड़ित को उपचार अवधि में पूरक पोषण आहार, स्वच्छता और सावधानियों का पालन करना चाहिए ताकि शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढ़े और इलाज अधिक प्रभावी हो सके। मंत्री ने सभी के शीध्र स्वस्थ्य होने की कामना भी की।

मंत्री देवांगन ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में टीबी जैसे रोग को जड़ से मिटाने का अभियान स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से संचालित हो रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निरन्तर प्रयास से प्रदेश में गांव से लेकर शहर तक टीबी सहित अन्य बीमारियों के रोकथाम और उपचार के लिए सतत प्रयास जारी है। उन्होंने कहा कि कोरबा जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा सर्वाजनिक उपक्रमों के सहयोग से टीबी उन्मूलन की दिशा में एक सशक्त अभियान चलाया जा रहा है। निक्षय निरामय मित्र के माध्यम से टीबी मरीजों की पहचान और उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है।

मंत्री देवांगन ने कहा कि जिले में मरीजों की संख्या पहले से घटकर कम हो गई है। आने वाले समय में सभी मरीजों का उपचार होगा और जिला टीबी मुक्त होगा। उन्होंने टीबी मरीजों के बेहतर उपचार में परिवार, समाज और सामाजिक संस्थाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए उनके बेहतर स्वास्थ्य के लिए सहयोग करने की अपील भी की। इस दौरान उन्होंने टीबी मरीजों को पोषण आहार किट का वितरण किया।

कार्यक्रम में महापौर संजूदेवी राजपूत, गोपाल मोदी, सीएमएचओ डॉ. एस.एन. केशरी, क्षय अधिकारी डॉ. बी.आर. रात्रे ने टीबी से बचाव और उपचार के लिए अपनी बातें रखी। टीबी अधिकारी डॉ.रात्रे ने जिले में क्षय रोग को दूर करने जिले में संचालित गतिविधियों की जानकारी दी। इस दौरान अपर कलेक्टर ओंकार यादव, एसडीएम सरोज महिलांगे आदि सहित जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहें।

सरकार ने 34 अधिकारियों की जिम्मेदारी बदली

सरकार ने 34 अधिकारियों की जिम्मेदारी बदली

 रायपुर। राज्य शासन ने जल जीवन मिशन के कार्यों में तेजी लाने, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के काम-काज में कसावट तथा विभागीय कार्य प्रणाली में सुधार लाने प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव किए हैं। उप मुख्यमंत्री तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री अरुण साव के निर्देश पर विभाग ने वरिष्ठ स्तर पर राज्य कार्यालय, जल जीवन मिशन मुख्यालय और मैदानी कार्यालयों के 34 अधिकारियों का स्थानांतरण व जिम्मेदारी बदल दी गई है। विभाग ने मैदानी स्तर पर कार्यों को और गति देने 26 उप अभियंताओं को सहायक अभियंता के रूप में पदोन्नत किया है। उप मुख्यमंत्री साव ने मैदानी कार्यों में कसावट लाने दोहरे प्रभार पर चल रहे अधीक्षण अभियंता श्री संजीव बृजपुरिया को अपने ओएसडी के प्रभार से मुक्त कर दिया है। अब उनके पास केवल दुर्ग मंडल के अधीक्षण अभियंता की जिम्मेदारी रहेगी। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने कार्यों में लापरवाही बरतने एवं त्रुटिपूर्ण रिपोर्टिंग के चलते निलंबित किए गए 6 कार्यपालन अभियंताओं की बहाली के भी आदेश जारी किए हैं।

उप मुख्यमंत्री तथा विभागीय मंत्री अरुण साव ने जल जीवन मिशन के कार्यों में लापरवाही बरतने एवं सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के बिना सामग्री में परिवर्तन करने पर कड़ा रूख अख्तियार करते हुए रायपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता राजेश गुप्ता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभाग ने उनके विरूद्ध विभागीय जांच के भी आदेश जारी कर दिए हैं। जांचकर्ता अधिकारी को एक माह में जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

इन अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी

राज्य शासन ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के प्रभारी प्रमुख अभियंता ओंकेश चंद्रवंशी को वर्तमान दायित्वों के साथ जल जीवन मिशन के अतिरिक्त मिशन संचालक की भी जिम्मेदारी दी है। मंत्रालय में विभागीय ओएसडी के रूप में पदस्थ मुख्य अभियंता के.के. मरकाम को रायपुर परिक्षेत्र का मुख्य अभियंता बनाया गया है। कोंडागांव मंडल के अधीक्षण अभियंता एवं जगदलपुर परिक्षेत्र के प्रभारी मुख्य अभियंता जी.एल. लखेरा को प्रभारी मुख्य अभियंता, जगदलपुर परिक्षेत्र पदस्थ किया गया है। मुख्य अभियंता कार्यालय, रायपुर में अधीक्षण अभियंता राजेन्द्र कुमार शुक्ला को कोंडागांव मंडल का अधीक्षण अभियंता बनाया गया है। जल जीवन मिशन के अतिरिक्त मिशन संचालक एस.एन. पाण्डेय को प्रमुख अभियंता कार्यालय में अधीक्षण अभियंता पदस्थ किया गया है। विभाग ने कांकेर खंड कार्यालय में कार्यपालन अभियंता के रूप में पदस्थ अधीक्षण अभियंता बी.एन. भोयर को प्रमुख अभियंता कार्यालय में जल जीवन मिशन में कार्य करने के लिए आदेशित किया है। अधीक्षण अभियंता श्री समीर शर्मा को राजनांदगांव खंड कार्यालय से स्थानांतरित करते हुए रायपुर में मुख्य अभियंता कार्यालय में पदस्थ करते हुए जल जीवन मिशन का काम सौंपा गया है। इनके साथ ही विभाग ने मैदानी स्तर पर पदस्थ 22 कार्यपालन अभियंताओं तथा तीन सहायक अभियंताओं के भी तबादले के आदेश जारी किए हैं।

ये अधिकारी बने उप अभियंता से सहायक अभियंता

लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने 26 उप अभियंताओं (सिविल) के सहायक अभियंता (सिविल) के पद पर पदोन्नति के आदेश जारी किए हैं। इनमें सर्वश्री गुणेश कुमार पानीग्रही, सरोतन सिंह पैंकरा, रवि प्रकाश जोशी, प्रणेश कुमार रामटेके, प्रकाश सिंह ठाकुर, गुलाब सिंह चौहान, दौलत राम बंजारे, अमित कुमार मिश्रा, अशोक कुमार राज, कौशल कुमार नेताम, विशाल गेडाम, कृष्णमूर्ति, पवन कुमार अग्रवाल, अमित राय, आलोक मंडल, श्रीमती अंजू साहू, श्रीमती रीना सिंह, श्रीमती सुभ्रा बघेल और श्रीमती के. सुनीता शामिल हैं। विभाग ने सात उप अभियंताओं को परिभ्रमण से मुक्त करते हुए सहायक अभियंता के रूप में पदोन्नति दी है। इनमें सर्वश्री विनोद कुमार सिंह, रेवेन्द्र महोबिया, प्रमोद कुमार महतो, डेमन लाल देशमुख, रूपचंद सूर्यवंशी, सत्यनारायण सिंह कंवर और विमलेश कुमार सिंह शामिल हैं।

6 अभियंताओं की निलंबन से बहाली

लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने जल जीवन मिशन के कार्यों में लापरवाही बरतने एवं त्रुटिपूर्ण रिपोर्टिंग के चलते निलंबित किए गए 6 कार्यपालन अभियंताओं की बहाली के भी आदेश जारी किए हैं। इनमें सर्वश्री जगदीश कुमार, उत्तर कुमार राठिया, चन्द्रबदन सिंह, एस.पी. मंडावी, जे.एल. महला और रूपेश कुमार धनंजय शामिल हैं।

रायपुर बीजेपी दफ्तर में वीबी जी राम जी योजना पर कार्यशाला का आयोजन आज

रायपुर बीजेपी दफ्तर में वीबी जी राम जी योजना पर कार्यशाला का आयोजन आज

 रायपुर. केंद्र सरकार की वीबी जी राम जी योजना को लेकर भाजपा के राष्ट्रीय संगठन के निर्देश पर प्रदेश संगठन ने भी प्रदेशभर में इस योजना को लेकर जन जागरण चलाने का फैसला किया है. जनवरी में पूरे माह प्रदेश में आयोजन होंगे. प्रदेशभर में होने वाले सम्मेलनों में जहां प्रदेश के मुख्यमंत्री, मंत्री, सांसद, विधायक और भाजपा नेता शामिल होंगे, वहीं भाजपा के राष्ट्रीय नेता भी सम्मेलनों के लिए आएंगे. कब कहां सम्मेलन होंगे, इसका फैसला रविवार को कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में होने वाली कार्यशाला में होगा. केंद्र सरकार ने मनेरगा के स्थान पर अब वीबी जी राम जी योजना प्रारंभ की है.

इसको लेकर तरह-तरह की बातें हो रही हैं. इस योजना का विपक्ष लगातार विरोध कर रहा है. ऐसे में अब भाजपा के राष्ट्रीय संगठन ने इस योजना को लेकर देश के सभी राज्यों में जन जागरण अभियान चलाने का फैसला किया है. राज्यों में इसके लिए टीम भी बनाई गई है. छत्तीसगढ़ में भी प्रदेश टोली का गठन किया गया है. इसका प्रदेश संयोजक प्रदेश भाजपा के महामंत्री यशवंत जैन को बनाया गया है. इसी के साथ सदस्य भी बनाए गए हैं.

11 जनवरी को सुबह 10 बजे से कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में प्रदेश स्तरीय कार्यशाला होगी. इसमें प्रदेशाध्यक्ष किरण देव, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल, प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय का मार्गदर्शन मिलेगा. पवन साय इस समय बंगाल के दौरे पर हैं, उनको वहां पर भाजपा के राष्ट्रीय संगठन ने 56 विधानसभाओं का जिम्मा मिला है. ऐसे में पवन साय कार्यशाला में बंगाल से ऑनलाइन जुड़ेंगे. इस कार्यशाला में सभी जिलाध्यक्ष, संभाग और जिलों के प्रभारी, सभी मोर्चा के अध्यक्ष, प्रकोष्ठ के संयोजक, सहकारी बैंकों के अध्यक्षों को बुलाया गया है. इस कार्यशाला में सम्मेलनों की रूपरेखा तय होगी.

CG ब्रेकिंग : एक साथ 8 संकुल समन्वयकों का इस्तीफा, कहा नहीं करेंगे ये कार्य…

CG ब्रेकिंग : एक साथ 8 संकुल समन्वयकों का इस्तीफा, कहा नहीं करेंगे ये कार्य…

 बिलासपुर। जिला शिक्षा विभाग में कार्य करने वाले शहर एवं ग्रामीण क्षेत्र के आठ संकुल समन्वयकों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इस्तीफा की वजह पारिवारिक और स्वास्थ्यगत तथा व्यक्तिगत कारण बताया जा रहा है। हालांकि शिक्षा विभाग से मिले सूत्रों के अनुसार शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्यों के अलावा कई अलग से कार्य संकुल समन्वयकों से करवाए जा रहे है। वहीं छोटी सी मानवीय या लिपिकीय त्रुटि होने के बाद संकुल समन्वयकों को प्रताड़ित किया जाता है और कुछ तथाकथित आरटीआई कार्यकर्ताओं द्वारा उनका भयादोहन कर उनसे वसूली करते हैं और पैसे नहीं मिलने पर झूठी शिकायतें उच्चाधिकारियों से करते हैं। जिससे तंग आकर संकुल समन्वयकों ने इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना इस्तीफा समग्र शिक्षा विभाग के संचालक को भेजा है।

समग्र शिक्षा विभाग को आठ अलग-अलग संकुल समन्वयकों के त्यागपत्र प्राप्त हुए है। सभी में एक ही तरह का कारण बताया गया है। इस्तीफा में पारिवारिक और स्वास्थ्यगत कारणों को आधार बनाया गया है। इस्तीफे में कहा गया है कि गिरता स्वास्थ्य, पारिवारिक व्यस्तताएं और व्यक्तिगत समस्याओं के चलते वे इस्तीफा दे रहे है। समन्वयकों के अनुसार वे अब अपने मूल जिम्मेदारी शिक्षण कार्य पर अधिक ध्यान देना चाहते हैं। वे व्यक्तिगत कारणों से इस प्रशासनिक पद का निर्वहन करने में स्वयं को असमर्थ पा रहे हैं। हालांकि अधिकारियों ने किसी का इस्तीफा स्वीकृत नहीं किया है और उन्हें होल्ड पर रखा है। समग्र शिक्षा विभाग के अधिकारी संकुल समन्वयकों से बात करने की बात कह रहे है।

समन्वयकों ने बताया कि शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्यों के अलावा उनसे जाति प्रमाण पत्र,व्यक्तिगत कार्य और अन्य विभागों के डाक आदान– प्रदान व प्रशासनिक पत्राचार जैसे गैर शैक्षणिक कार्य भी कराए जा रहे हैं। यह उनके दायित्व क्षेत्र से बाहर है और इन कार्यों के चलते उनका मूल शैक्षणिक कार्य भी प्रभावित हो रहा है।

अतिरिक्त कार्यों के दबाव के चलते इसका असर संकुल समन्वयकों के स्वास्थ्य पर भी पड़ रहा है। मिली जानकारी के अनुसार दयालबंद संकुल के एक शैक्षणिक समन्वयक की अकाल मौत काम के दबाव में हो चुकी हैं। वही दयालबंद संकुल के ही एक अन्य समन्वयक को हाई बीपी के चलते लकवा हो गया है।

इस्तीफा देने वाले समन्वयकों ने बातचीत में बताया कि कुछ तथाकथित आरटीआई कार्यकर्ताओं के द्वारा छोटी सी भी लिपिकीय या मानवीय त्रुटि होने पर उनसे उगाही का प्रयास किया जाता है। पैसे नहीं देने पर नौकरी खा जाने और निलंबित करवाने की धमकी दी जाती है। संकुल समन्वयकों ने बताया कि एक साल में शिक्षा विभाग में कुल 102 आरटीआई आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिनमें 88 व्यक्तिगत जानकारी के आवेदन है। इसके बलबूते पर उनसे वसूली की कोशिश की जा रही है। इसकी शिकायत सभी संकुल समन्वयकों ने पुलिस में भी की है। पर अब तक कार्यवाही नहीं हुई है।

इन्होंने दिया इस्तीफा

विकास साहू कुदुदंड, मनोज सिंह बिजौर, योगेंद्र वर्मा मोपका,आशीष वर्मा सिरगिट्टी,श्रीकांत भगत दयालबंद,प्रभात कुमार मिश्रा तारबाहर, शेषमणी कुशवाहा चांटीडीह,शशिभूषण पाटनवार बालक सरकंडा शामिल है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया ‘ADHYAY – The Women Who Lead’ का विमोचन

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया ‘ADHYAY – The Women Who Lead’ का विमोचन

 रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ की महिला उद्यमिता, नेतृत्व और नवाचार की प्रेरक यात्राओं को समर्पित कॉफी टेबल बुक ‘ADHYAY – The Women Who Lead’ का रायपुर स्थित श्रीराम बिज़नेस पार्क में आयोजित कॉस्मो एक्सपो के दौरान विमोचन किया। कार्यक्रम में सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारी श्री राकेश चतुर्वेदी, कॉस्मो एवं रोटरी के पदाधिकारी सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित थे।

यह विशेष प्रकाशन छत्तीसगढ़ राज्य के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर तैयार किया गया है, जिसमें राज्य की प्रगति, आर्थिक सशक्तिकरण और सामाजिक बदलाव में योगदान देने वाली 25 महिला उद्यमियों की जीवन यात्राओं को संजोया गया है। संपादक उचित शर्मा और उनकी टीम ने इसका संपादन किया है ।

कार्यक्रम के दौरान पुस्तक में सम्मिलित सभी महिला उद्यमियों को मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सम्मानित किया। यह सम्मान उनके साहस, नेतृत्व, नवाचार और उद्यमशील योगदान के लिए प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर ADHYAY कॉफी टेबल बुक की सराहना करते हुए कहा कि यह छत्तीसगढ़ की महिला शक्ति, आत्मनिर्भरता और नेतृत्व की जीवंत गाथा है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का दस्तावेज़ बनेगी। उन्होंने इस तरह के दस्तावेज़ीकरण को महिला उद्यमिता के लिए प्रेरणादायी और मार्गदर्शक बताया। इस पुस्तक का उद्देश्य उन महिलाओं को मंच देना है जिन्होंने व्यवसाय, उद्योग, सेवा, नवाचार और सामाजिक उद्यमिता के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है और यह दर्शाती है कि छत्तीसगढ़ की महिलाएँ आज केवल उद्यम नहीं चला रहीं, बल्कि समाज और सोच को नई दिशा दे रही हैं।

गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं, बल्कि जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव और अधिकारियों के काम-काज में दिखना चाहिए – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं, बल्कि जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव और अधिकारियों के काम-काज में दिखना चाहिए – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

 रायपुर: गुड गवर्नेंस कागजों पर नहीं, बल्कि जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव और अधिकारियों के काम-काज में दिखना चाहिए। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी नवा रायपुर में आयोजित मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2025-26 कार्यक्रम को सम्बोधित करतेभुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय  ने सुशासन एवं अभिसरण विभाग द्वारा आयोजित मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2025-26 में  सुशासन एवं नवाचारों के लिए 5 विभागों एवं 5 जिलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने ई-प्रगति पोर्टल का भी शुभारंभ किया, जिसके माध्यम से अब छत्तीसगढ़ के सभी विभागों के 25 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाले निर्माण कार्यों की निगरानी की जाएगी। इस पोर्टल के माध्यम से निर्माण की मंजूरी से लेकर बजट, मजदूरी, भुगतान, एमआईएस, स्ट्रक्चर लेवल सहित सभी पहलुओं की मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा मॉनिटरिंग की जाएगी।

 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि गुड गवर्नेंस का उद्देश्य यह है कि समाज के अंतिम व्यक्ति को बुनियादी सेवाओं के लिए भटकना न पड़े। पंचायतों में शुरू किए गए अटल डिजिटल सेवा केंद्रों के माध्यम से ग्रामीणों को आधार, पेंशन, बैंकिंग और बिल भुगतान जैसी सुविधाएँ एक ही स्थान पर उपलब्ध हो रही हैं। हमारी सरकार ने तकनीकी नवाचारों के माध्यम से नागरिकों तक सुशासन की प्रभावी पहुँच सुनिश्चित करने के लिए अनेक पहल की हैं। इसी क्रम में आज ई-प्रगति पोर्टल का शुभारंभ किया गया है, जिसका उद्देश्य राज्य की वृहद परियोजनाओं एवं योजनाओं के क्रियान्वयन को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध बनाना है। इस पोर्टल से योजनाओं की प्रगति का डेटा रियल-टाइम में उपलब्ध होगा। सभी विभागों, जिला प्रशासन तथा मुख्यमंत्री कार्यालय के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा। इससे राज्य में ई-गवर्नेंस को और मजबूती मिलेगी तथा नागरिकों को योजनाओं का लाभ समय पर और सहज रूप से प्राप्त हो सकेगा। उन्होंने सभी कलेक्टरों, सचिवों एवं संबंधित अधिकारियों से योजनाओं की प्रगति को नियमित रूप से अपडेट करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री श्री साय ने ई-प्रगति पोर्टल का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के एकात्म मानववाद, श्रद्धेय अटल जी की अंत्योदय की अवधारणा और यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व से हमने सुशासन को गहराई से समझा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमने देश का पहला सुशासन एवं अभिसरण विभाग बनाया है, जो सभी योजनाओं के समन्वय और प्रभावी क्रियान्वयन का केंद्र है। पिछले दो वर्षों में हमने 400 से अधिक नीतिगत सुधार किए, पुराने अनुपयोगी नियम-कानून समाप्त किए और कई में संशोधन किए। इन सुधारों से प्रदेशवासियों का जीवन सरल हुआ और प्रशासन अधिक कुशल बना। आज मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार के माध्यम से 5 जिलों और 5 विभागों के नवाचारी प्रयासों को सम्मानित किया गया है। इससे अच्छा कार्य करने वाले अधिकारी प्रोत्साहित होंगे। आगामी वर्ष से 8 अलग-अलग क्षेत्रों में यह पुरस्कार प्रदान किया जाएगा, जिनमें ई-गवर्नेंस, सेवा वितरण, ग्रामीण और शहरी विकास जैसे क्षेत्र शामिल होंगे। इससे स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ में नवाचार और सुशासन की एक सशक्त संस्कृति विकसित हो रही है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शासन में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए “पहल” और “प्रेरणा” योजनाएँ प्रारंभ की जा रही हैं। “पहल” से नए विचारों को सहयोग मिलेगा और “प्रेरणा” से सफल योजनाओं का विस्तार होगा। शीघ्र ही मुख्यमंत्री हेल्पलाइन भी प्रारंभ की जाएगी, जिससे शिकायत निवारण और जनभागीदारी मजबूत होगी। सेवाओं की उपलब्धता बेहतर बनाने के लिए प्रक्रियाओं का सरलीकरण किया जा रहा है और लोक सेवा गारंटी अधिनियम को LSG-2.0 के रूप में विकसित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बदलते दौर में तकनीक जीवनशैली का हिस्सा बन चुकी है। इसलिए हमने डिजिटल संसाधनों की शक्ति को पहचानते हुए तकनीक को सुशासन का प्रमुख हथियार बनाया है। सभी नागरिक सेवाओं को ऑनलाइन उपलब्ध कराना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। ई-ऑफिस ने सरकारी कामकाज में गति और पारदर्शिता दोनों सुनिश्चित की हैं। अब फाइलें हफ्तों-महीनों नहीं, बल्कि एक क्लिक पर आगे बढ़ती हैं। इससे कर्मचारियों और अधिकारियों की जवाबदेही भी तय हो रही है और भ्रष्टाचार की गुंजाइश कम हुई है। ई-ऑफिस मंत्रालय से प्रारंभ हुआ था और अब विभागाध्यक्ष कार्यालयों में भी लागू हो चुका है। आगामी कुछ महीनों में इसे सभी संभागों और जिलों में भी लागू किया जाएगा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने ई-प्रगति पोर्टल का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि मुख्य सचिव श्री विकास शील द्वारा ई-ऑफिस में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को सम्मानित किया जाना एक सराहनीय पहल है, जिससे कार्यसंस्कृति में सकारात्मक बदलाव आ रहा है। बायोमेट्रिक उपस्थिति को भी चरणबद्ध तरीके से सभी कार्यालयों में लागू किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में भारत विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हुआ है, जिसके पीछे सुशासन सबसे बड़ा कारक है। डिजिटल भुगतान में भारत का विश्व में अग्रणी स्थान भी गुड गवर्नेंस का ही परिणाम है।

उन्होंने कहा कि खनिज परिवहन की परमिट व्यवस्था को ऑनलाइन किया गया है, जिससे भ्रष्टाचार पर रोक लगी है और विकास कार्यों के लिए संसाधनों की सुरक्षा हुई है। इसी तरह शासकीय खरीदी को जेम पोर्टल से जोड़ा गया है, जिससे पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा बढ़ी है। उन्होंने अधिकारियों को खरीदी प्रक्रियाओं में समयबद्धता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रजिस्ट्री विभाग में की गई 10 क्रांतिकारी पहल से अब नागरिक घर बैठे ही रजिस्ट्री कर पा रहे हैं। नई औद्योगिक नीति के तहत पिछले वर्ष 7.83 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। सिंगल विंडो सिस्टम 2.0 के माध्यम से निवेशकों को तेजी से स्वीकृति और क्लियरेंस दिए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से गांव-गांव जाकर 41 लाख आवेदनों का निराकरण किया गया। यह जनभागीदारी का सशक्त उदाहरण है।उन्होंने कहा कि सांसदों और विधायकों के पत्रों और आवेदनों का समय पर निराकरण होना चाहिए। अच्छे प्रशासन के लिए संवाद, समन्वय और फीडबैक आवश्यक हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने के साथ-साथ नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन आवश्यक है। सरकार के निर्णयों और उपलब्धियों का सही संचार भी उतना ही जरूरी है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ अंजोर विजन के अंतर्गत 2030 तक के लक्ष्यों की समीक्षा कर प्रदेश को समृद्ध और विकसित राज्य बनाने का स्पष्ट रोडमैप तैयार किया गया है।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य सचिव श्री विकास शील ने पुरस्कार प्रक्रिया में भाग लेने वाली सभी टीमों को बधाई दी।

जिला श्रेणी के विजेता नवाचार

दंतेवाड़ा जिले की “ब्लॉकचेन आधारित भूमि अभिलेख डिजिटलीकरण” पहल एक प्रमुख उदाहरण के रूप में सामने आई। इस नवाचार के माध्यम से मैनुअल और कागजी प्रक्रियाओं को समाप्त कर ब्लॉकचेन आधारित छेड़छाड़-रोधी प्रणाली लागू की गई, जिससे भूमि अभिलेख प्राप्त करने का समय हफ्तों से घटाकर कुछ ही मिनटों में संभव हो सका। इस पहल से दस्तावेज़ी धोखाधड़ी पूरी तरह समाप्त हुई और सेवा प्रदाय में अभूतपूर्व तेजी आई, जिसने आदिवासी और दूरस्थ क्षेत्रों में राजस्व प्रशासन के लिए एक नया मानक स्थापित किया।

जशपुर जिले की “निर्माण जशपुर” पहल ने यह दर्शाया कि एकीकृत डिजिटल मॉनिटरिंग किस प्रकार बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के क्रियान्वयन को प्रभावी बना सकती है। 16 विभागों की 7,300 से अधिक परियोजनाओं और 444 ग्राम पंचायतों को कवर करने वाली इस प्रणाली ने रियल-टाइम निगरानी, जियो-टैग्ड सत्यापन और GIS आधारित योजना को संभव बनाया, जिससे कार्यों की गुणवत्ता में सुधार हुआ और विलंब में उल्लेखनीय कमी आई।

मोहला–मानपुर–अंबागढ़ चौकी में लागू संवर्धित टेक-होम राशन (A-THR) नवाचार ने गंभीर कुपोषण जैसी चुनौती का प्रभावी समाधान प्रस्तुत किया। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय संस्थानों के सहयोग से विकसित इस पोषण-घन आहार के माध्यम से गंभीर कुपोषित बच्चों में 77.5 प्रतिशत सुधार दर दर्ज की गई। यह पहल इस बात का उदाहरण है कि साक्ष्य-आधारित पोषण हस्तक्षेप बड़े पैमाने पर जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं।

गरियाबंद जिले की “हाथी ट्रैकिंग एवं अलर्ट ऐप” ने मानव–वन्यजीव संघर्ष को कम करने में तकनीक की भूमिका को सशक्त रूप से सामने रखा। AI आधारित ट्रैकिंग और रियल-टाइम अलर्ट व्यवस्था के माध्यम से मानव हताहतों की संख्या लगभग शून्य तक लाई गई, साथ ही फसल क्षति और मुआवजा बोझ में भी उल्लेखनीय कमी आई। राज्य के बाहर भी अपनाई जा चुकी यह पहल संघर्ष-संवेदनशील शासन का एक प्रभावी मॉडल बन चुकी है।

नारायणपुर जिले का “इंटिफाई इंटेलिजेंस टूल” आंतरिक सुरक्षा के क्षेत्र में डेटा एकीकरण की उपयोगिता को दर्शाता है। रियल-टाइम, जियो-स्पेशियल और पूर्वानुमान आधारित इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से 100 से अधिक नियोजित अभियानों का संचालन संभव हुआ, विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय बेहतर हुआ और वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में परिस्थितिजन्य जागरूकता को मजबूती मिली।

विभागीय श्रेणी के विजेता नवाचार

इसी तरह विभागीय श्रेणी में शिक्षा विभाग का “विद्या समीक्षा केंद्र (VSK)” डेटा-आधारित शिक्षा शासन का एक मजबूत स्तंभ बनकर उभरा। यह AI सक्षम प्लेटफॉर्म 56,000 से अधिक विद्यालयों, 2.83 लाख शिक्षकों और 57.5 लाख विद्यार्थियों की निगरानी करता है, जिससे ड्रॉपआउट की प्रारंभिक पहचान, संसाधनों का बेहतर उपयोग और साक्ष्य-आधारित निर्णय लेना संभव हो सका है।

वाणिज्य एवं उद्योग विभाग की “वन क्लिक सिंगल विंडो सिस्टम” ने व्यवसाय सुगमता सुधार के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है। 16 विभागों की 136 सेवाओं को एकीकृत करते हुए इस प्रणाली ने अनुमोदन, प्रोत्साहन, शिकायत निवारण और निरीक्षण प्रक्रियाओं को सरल बनाया, जिससे विलंब कम हुआ और पारदर्शिता के साथ निवेशकों का विश्वास बढ़ा।

वाणिज्य कर (आबकारी) विभाग की समग्र ई-गवर्नेंस सुधार पहल ने राजस्व संग्रह और अनुपालन व्यवस्था को सुदृढ़ किया।एंड-टू-एंड डिजिटलीकरण, ट्रैक एंड ट्रेस प्रणाली और रियल-टाइम डैशबोर्ड के माध्यम से विभाग ने ₹5,425 करोड़ का राजस्व अर्जित किया और पारदर्शिता तथा नियामक निगरानी के नए मानक स्थापित किए।

वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की “FDS 2.0 – ई-कुबेर डिजिटल भुगतान प्रणाली” ने मैनुअल चेक आधारित प्रक्रियाओं को समाप्त कर पूर्णतः कैशलेस, RBI एकीकृत भुगतान व्यवस्था लागू की। इसके माध्यम से ₹1,776 करोड़ से अधिक के 18 लाख लेन-देन पूर्ण हुए, जिससे दूरस्थ और नक्सल प्रभावित वन क्षेत्रों में भी समय पर मजदूरी भुगतान, आजीविका सुरक्षा और पारदर्शी फंड प्रवाह सुनिश्चित हुआ।

मुख्यमंत्री श्री साय ने ई-प्रगति पोर्टल का किया शुभारंभ

पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा मनरेगा अंतर्गत लागू QR कोड आधारित सूचना स्वप्रकटीकरण व्यवस्था ने नागरिक-केंद्रित शासन को नई मजबूती दी। QR कोड के माध्यम से ग्रामीणों को वास्तविक समय की योजना जानकारी उपलब्ध कराकर इस पहल ने मध्यस्थों पर निर्भरता कम की और 11,000 से अधिक ग्राम पंचायतों में पारदर्शिता को सुदृढ़ किया।

कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन सुशासन एवं अभिसरण विभाग के सचिव श्री राहुल भगत ने दिया तथा धन्यवाद ज्ञापन संयुक्त सचिव श्री मयंक अग्रवाल ने किया। इस अवसर पर डीजीपी श्री अरुण देव गौतम, अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा, एससीएस गृह श्री मनोज पिंगुआ, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध सिंह, प्रमुख सचिव श्रीमती निहारिका बारिक, सुशासन एवं अभिसरण विभाग के संचालक श्री रजत बंसल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

इन सभी नवाचारों के माध्यम से यह स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ में शासन केवल योजनाओं के क्रियान्वयन तक सीमित नहीं है, बल्कि परिणामों, प्रभाव और नागरिक विश्वास पर केंद्रित एक नई प्रशासनिक संस्कृति विकसित हो रही है। मुख्यमंत्री उत्कृष्टता पुरस्कार 2025–26 के अंतर्गत सम्मानित ये जिले और विभाग सुशासन, पारदर्शिता, तकनीकी नवाचार और जनकल्याण के नए मानक स्थापित कर रहे हैं। यह उपलब्धियाँ न केवल राज्य के प्रशासनिक तंत्र की क्षमता को दर्शाती हैं, बल्कि विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा में सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता और भविष्य के लिए स्पष्ट दृष्टि को भी सुदृढ़ करती हैं।

CG – 5 साल के बच्चे से हैवानियत : अकेला देख युवक ने किया अननेचुरल सेक्स, फिर जो हुआ….

CG – 5 साल के बच्चे से हैवानियत : अकेला देख युवक ने किया अननेचुरल सेक्स, फिर जो हुआ….

 राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में 5 साल के मासूम अनाचार का मामला सामने आया है। जहां एक युवक ने 5 साल के मासूम बालक के साथ अननेचुरल सेक्स किया है। इस मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही आगे की कार्रवाई में जुट गई है।

यह पूरा मामला डोंगरगढ़ थाना क्षेत्र का है। यहां एक हैवान ने 5 साल के बालक को अपने हवस का शिकार बनाया है। आरोपी ने उसके साथ अननेचुरल सेक्स किया है, जिससे बालक को गंभीर चोटें आई है। पीड़ित के परिजनों के शिकायत के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही आगे की कार्रवाई शुरु कर दी है।

जानकारी के मुताबिक, इंदिरा वार्ड क्षेत्र में रहने वाले आरोपी समीर सहारे ने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। आरोपी ने पड़ोस में रहने वाले 5 साल के बालक को अकेले में ले जाकर उसके साथ अननेचुरल सेक्स किया, जिसके कारण बालक को गंभीर चोटे आई है। घटना के बाद जब बालक ने घर पहुंचकर इसकी जानकरी अपने परिजनों को दी, तो इस पूरे मामले का खुलासा हुआ।

घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गया था। पीड़ित बालक के माता-पिता के शिकायत के बाद पुलिस ने भी मामला दर्ज कर लिया और फरार आरोपी की तलाश शुरु कर दी। सीसीटीवी खंगालते हुए पुलिस ने आरोपी समीर सहारे को 9 जनवरी को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

CG : कलेक्टर दीपक सोनी को केंद्र में मिली बड़ी जिम्मेदारी, इस विभाग में डायरेक्टर नियुक्त

CG : कलेक्टर दीपक सोनी को केंद्र में मिली बड़ी जिम्मेदारी, इस विभाग में डायरेक्टर नियुक्त

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के कलेक्टर और 2011 बैच के आईएएस अधिकारी दीपक सोनी को केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण पद मिला है। उन्हें स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, नई दिल्ली में डायरेक्टर नियुक्त किया गया है।

दीपक सोनी इससे पहले दंतेवाड़ा जिले के कलेक्टर के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। उनकी केंद्र प्रतिनियुक्ति के लिए राज्य सरकार ने पहले ही सहमति दे दी थी, जिसके बाद अब आधिकारिक आदेश जारी कर दिया गया है।

जानकारी के अनुसार, दीपक सोनी की यह नियुक्ति पांच वर्षों की अवधि या आगामी आदेश तक प्रभावी रहेगी। उन्हें अपने वर्तमान पद से कार्यमुक्त किया जाएगा और तीन सप्ताह के भीतर नई जिम्मेदारी संभालनी होगी।

BREAKING : नई पदस्थापना पर न आने वाले 38 शिक्षक निलंबित, शिक्षा विभाग ने जारी किया आदेश

BREAKING : नई पदस्थापना पर न आने वाले 38 शिक्षक निलंबित, शिक्षा विभाग ने जारी किया आदेश

 कांकेर। युक्तियुक्तकरण के तहत नई पदस्थापना पर न आने वाले अतिशेष शिक्षकों के खिलाफ शिक्षा विभाग ने कड़ी कार्यवाही की है। जिले में 38 शिक्षक निलंबित कर दिए गए हैं। शिक्षकों ने अपने नए पदस्थापन पर ज्वाइनिंग नहीं की, जिससे शिक्षा विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आदेश जारी किया।

जिला शिक्षा विभाग के अनुसार, अतिशेष घोषित होने के बावजूद कई शिक्षकों ने निर्धारित नई पदस्थापना पर रिपोर्ट नहीं किया। इसके कारण विभाग ने निलंबन की प्रक्रिया शुरू की और संबंधित आदेश सभी जिलाधिकारी और प्राचार्यों को भेज दिए हैं। इस निर्णय से जिले में शिक्षकों में हड़कंप मच गया है।

ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है : CM विष्णुदेव साय

ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है : CM विष्णुदेव साय

 रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर के नीजि रिसॉर्ट में आयोजित इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने चावल निर्यातकों को बड़ी सौगात दी है। मंडी शुल्क में छूट की अवधि एक साल बढ़ाई है। इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट के दौरान सीएम साय ने की घोषणा से चावल निर्यातकों और किसान दोनों के लिए बड़ी सौगात है। साथ ही कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) के क्षेत्रीय कार्यालय का भी शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है और दंतेवाड़ा में ऑर्गेनिक चावल की खेती हो रही है, जिसे और प्रोत्साहन देने की आवश्यकता है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट का यह दूसरा संस्करण अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस आयोजन में 12 देशों के बायर्स तथा 6 देशों के एम्बेसी प्रतिनिधिमंडल की उपस्थिति से छत्तीसगढ़ को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलने में मदद मिलेगी। उन्होंने छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर सभी विदेशी मेहमानों का स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने छत्तीसगढ़ को सोच-समझकर “धान का कटोरा” कहा था और आज प्रदेश इस नाम की सार्थकता सिद्ध कर रहा है। चावल छत्तीसगढ़ के खानपान का अभिन्न हिस्सा रहा है और यहां हजारों किस्मों की धान की प्रजातियां उगाई जाती हैं। सरगुजा अंचल के सुगंधित जीराफूल और दुबराज जैसे चावलों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इनकी खुशबू दूर से ही पहचान में आ जाती है। छतीसगढ़ से चावल के एक्सपोर्ट को बढ़ावा मिलेगा। चावल निर्यातक लंबे समय से मंडी शुल्क में छूट की मांग कर रहे थे। पिछले साल भी सरकार ने दी थी, छूट दिसंबर 2025 में मंडी शुल्क में छूट की अवधि खत्म हो रही थी।

छत्तीसगढ़ से 90 देशों को करीब एक लाख टन चावल का किया जा रहा है निर्यात

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति के अंतर्गत लघु उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे चावल के प्रसंस्करण और निर्यात को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ से वर्तमान में लगभग 90 देशों को करीब एक लाख टन चावल का निर्यात किया जा रहा है। सरकार निर्यातकों के सहयोग के लिए सदैव तत्पर है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में किसानों से 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी की जा रही है। पिछले वर्ष 149 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हुई थी और इस वर्ष भी खरीदी में वृद्धि की संभावना है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने केंद्र व राज्य शासन द्वारा किसानों के हित में संचालित योजनाओं की जानकारी भी साझा की।

इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट के दौरान मुख्यमंत्री साय ने चावल पर केन्द्रित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने विभिन्न किस्मों के चावल, क्षेत्र विशेष में उत्पादित प्रजातियों, चावल उत्पादन में हो रहे नवाचारों तथा आधुनिक तकनीक के माध्यम से उत्पादकता बढ़ाने के प्रयासों की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने शासकीय स्टालों का भी निरीक्षण कर चावल के उत्पादन और विपणन को बढ़ावा देने से जुड़े कार्यों की सराहना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे नवाचारों से चावल की पैदावार में वृद्धि होगी, जिससे किसानों को सीधा लाभ मिलेगा और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

भारत स्काउट एंड गाईड के मुख्य राष्ट्रीय कमिश्नर खण्डेलवाल ने की जम्बुरी की व्यवस्थाओं की तारीफ

भारत स्काउट एंड गाईड के मुख्य राष्ट्रीय कमिश्नर खण्डेलवाल ने की जम्बुरी की व्यवस्थाओं की तारीफ

 रायपुर। भारत स्काउट एंड गाइड के मुख्य राष्ट्रीय कमिश्नर डॉ.के.के. खंडेलवाल ने बालोद के ग्राम दुधली में आयोजित राष्ट्रीय रोवर्- रेंजर जम्बुरी में की गई व्यवस्थाओं की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ने एक महीने के भीतर इतनी बेहतरीन व्यवस्था करके एक मिसाल कायम की है।

उन्होंने कहा कि मुझे अत्यंत गर्व के साथ यह बताते हुए खुशी हो रही है कि भारत का प्रथम रोवर एंड रेंजर जम्बुरी का आयोजन बालोद के ग्राम दुधली में किया जा रहा है। यह केवल एक कार्यक्रम नहीं है बल्कि यह युवा शक्ति का एक राष्ट्रीय कार्यक्रम है। इस कार्यक्रम में देश भर से रोवर एंड रेंजर्स, ट्रेनर्स, स्काउट्स, वालंटियर्स भाग ले रहे हैं। मैंने स्वयं यहां की व्यवस्थाओं, एडवेंचर्स, भोजन व्यवस्था, टॉयलेट और प्रतिभागियों के रुकने के लिए की गई व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया है। हर स्तर पर अनुशासन सुरक्षा और उत्कृष्ट व्यवस्था स्पष्ट रूप से दिखाई देती है।मैं छत्तीसगढ़ राज्य भारत स्काउट गाइड का हार्दिक अभिनंदन करता हूँ।

डॉ खण्डेलवाल ने कहा कि जम्बुरी के उद्घाटन का सुंदर आयोजन था। यह ऐतिहासिक जंबूरी है। इसका उद्घाटन छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमन डेका ने किया । उन्होंने अपने उद्बोधन में जिस प्रकार से व्यवस्थाओं की तारीफ की। स्काउट एंड गाइड की सेवा भावना और समर्पण की प्रसंशा की। डॉ खण्डेलवाल ने कहा कि भारत स्काउट एंड गाइड का अनुकरणीय सेवा का इतिहास रहा है। जिस कार्य के लिए सामन्यतः दो वर्ष का समय लगता है। छत्तीसगढ़ ने इस कार्य को एक महीने के समय में किया है। यह समर्पण, अनुशासन और सेवा भावना केवल सच्चे स्काउट में ही देखने को मिलता है।

विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में उद्यमियों की होगी महत्वपूर्ण भूमिका : CM साय

विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में उद्यमियों की होगी महत्वपूर्ण भूमिका : CM साय

 रायपुर। सीएम विष्णुदेव साय विगत दिवस राजधानी रायपुर में रोटरी क्लब ऑफ कॉस्मोपॉलिटन रायपुर द्वारा आयोजित कॉस्मो ट्रेड एंड बिल्ड फेयर एक्सपो 2026 के शुभारंभ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में उद्यमियों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार हर वर्ग के उत्थान के लिए कार्य कर रही है। व्यापार जगत की बेहतरी और ग्राहकों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से जीएसटी दरों में कटौती की गई, जिसका सीधा लाभ जनता को मिल रहा है। जीएसटी रिफॉर्म्स से कई वस्तुओं की कीमत में कमी आई है। जीएसटी की प्रक्रिया को काफी सुगम बनाया गया है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की नई उद्योग नीति को देश-विदेश में सराहा जा रहा है। लगभग आठ लाख करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव हमें प्राप्त हो चुके हैं। हर सेक्टर में हमें ये निवेश प्रस्ताव मिले हैं जिनपर धरातल पर कार्य भी प्रारंभ हो चुका है। प्रदेश में रोजगार सृजन पर हमारा विशेष फोकस है। नई उद्योग नीति में एक हजार से अधिक रोजगार प्रदान करने वाले उद्यमियों को विशेष इंसेंटिव प्रदान करने के प्रावधान किए गए हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ बनाने में रोटरी क्लब और उद्यमियों की भी महत्वपूर्ण भूमिका होगी। रोटरी क्लब उद्यम के साथ ही परोपकार का भी कार्य करता है। क्लब द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्य बहुत प्रशंसनीय हैं। ये बहुत खुशी की बात है कि यह एक्सपो मध्य भारत का सबसे बड़ा एक्सपो है, जिसमें 300 से अधिक स्टॉल हैं। इस विशाल आयोजन का लाभ निश्चित रूप से छत्तीसगढ़ को मिलेगा।

रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ तेजी से विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है। छत्तीसगढ़ को लगभग 8 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। ये बहुत खुशी की बात है कि रोटरी क्लब द्वारा आयोजित इस एक्सपो का यह 16वां वर्ष है। रोटरी क्लब सेवा से जुड़ी एक संस्था है। रोटरी क्लब द्वारा पोलियो निर्मूलन के कार्य में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया गया है।

मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम में मोबाइल आई क्लीनिक की एम्बुलेंस का लोकार्पण किया। उन्होंने विभिन्न सेक्टर्स में विशिष्ट योगदान दे रही 25 महिला उद्यमियों को सम्मानित किया और इन महिला उद्यमियों पर केंद्रित पुस्तक का विमोचन भी किया।