BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |
पति की दरिंदगी की हदें पार, मोमोज में नशीली दवा मिलाकर पत्नी को खिलाया, फिर दोस्तों से कराया गैंगरेप

पति की दरिंदगी की हदें पार, मोमोज में नशीली दवा मिलाकर पत्नी को खिलाया, फिर दोस्तों से कराया गैंगरेप

 छतरपुर। मध्यप्रदेश के छतरपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिसने पति-पत्नी के रिश्ते को शर्मसार कर दिया है। यहां एक पति ने पत्नी को मोमोज में नशे की दवा खिलाकर दोस्तो से गैंगरेप कराया। इस घटना के बारे में जिसने भी सुना वह दंग रह गया। वहीं पुलिस ने पति सहित तीन लोगों के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म की FIR दर्ज की है।

दरअसल, बीते 9 सितंबर को छतरपुर सागर-कानपुर नेशनल हाईवे पर महिला संदिग्ध हालत में मिली। उसके हाथ-पैर बंधे हुए थे। जिसके बाद स्थानीय लोगों ने महिला को अस्पताल पहुंचाया और पुलिस को सूचना दी। वहीं होश आने के बाद महिला ने पुलिस को आपबीती सुनाई। जिसे सुनकर पुलिस भी सन्न रह गई।

 महिला ने बताया कि, उसका पति उसे बाजार ले गया और मोमोज खिलाए। इसके बाद वह बेहोश हो गई और आरोपियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद आरोपियों ने उसे हाईवे किनारे हाथ-पैर बांधकर छोड़ दिया। जिसके बाद पुलिस ने महिला की शिकायत पर आरोपी पति सहित उसके दो साथियों पर एफआईआर दर्ज कर लिया है। वहीं इस मामले में पुलिस ने बताया कि, पीड़ित महिला पहले भी गैंगरेप का मामला दर्ज करवा चुकी है,लेकिन बयान नहीं देने के कारण आरोपी कोर्ट से बरी हो गए थे।

दर्दनाक हादसा: निर्माणाधीन शौचालय टैंक में दम घुटने से दो युवकों की मौत

दर्दनाक हादसा: निर्माणाधीन शौचालय टैंक में दम घुटने से दो युवकों की मौत

 प्रतापगंज (सुपौल): सुपौल जिले के प्रतापगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत भवानीपुर उत्तर पंचायत में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हुआ। निर्माणाधीन शौचालय टैंक में दम घुटने से दो युवकों की मौत हो गई। घटना के बाद पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसर गया।

ऐसे हुआ हादसा

मृतकों की पहचान भवानीपुर दक्षिण पंचायत वार्ड नंबर 10 निवासी दीपक कुमार उर्फ दशरथ और वार्ड नंबर 11 निवासी रवि मंडल के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार, दीपक कुमार ने करीब 15 दिन पहले पूर्व मुखिया उदय विराजी के परिसर में शौचालय टैंक का निर्माण कार्य ठेके पर लिया था।

शुक्रवार की सुबह लगभग 5 बजे दीपक मजदूर रवि मंडल को लेकर टैंक की सेटरिंग खोलने पहुंचा। पहले रवि को टैंक के भीतर उतारा गया, लेकिन अंदर मौजूद गैस और ऑक्सीजन की कमी से उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। साथी को परेशान देख दीपक भी टैंक में उतर गया, लेकिन वह भी बाहर नहीं निकल सका। देखते ही देखते दोनों की टैंक के भीतर दम घुटने से मौत हो गई।

शोर सुनकर जुटे ग्रामीण

घटना के समय पास ही मौजूद एक ठेला वाले ने शोर मचाया। इसके बाद ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पूरे गांव में मातमी माहौल बन गया।

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही प्रतापगंज थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की छानबीन शुरू की। खबर लिखे जाने तक जेसीबी की मदद से टैंक तोड़कर शवों को बाहर निकाला जा रहा था। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी शुरू कर दी थी।

गमगीन माहौल

ग्रामीणों का कहना है कि अगर टैंक के अंदर सुरक्षा इंतजाम और उचित वेंटिलेशन होता तो यह हादसा टल सकता था। घटना के बाद मृतकों के घर में कोहराम मचा हुआ है। दीपक और रवि की असमय मौत से परिजन समेत पूरा गांव शोक में डूब गया है।

Gst Rate:जानिए नई GST व्यवस्था से मरीजों को कितना होगा फायदा?

Gst Rate:जानिए नई GST व्यवस्था से मरीजों को कितना होगा फायदा?

  दिल्ली :  नई जीएसटी व्यवस्था 22 सितंबर 2025 से लागू हो जाएगी। ऐसे में दवाईयां और मेडिकल डिवाइस की कीमतों में भारी कटौती होगी। अब नए नियम के तहत कंपनियों को अपने उत्पादों का खुदरा मूल्य निर्धारित करना होगा। जिसका सीधा फायदा उपभोक्ताओं और मरीजों को मिल सके।

इसे लेकर रसायन और उर्वरक मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी करते हुए फार्मा कपंनियों को आदेश जारी किया है। जिसमें उल्लेखित किया गया है कि, कंपनियां दवाइयां, फॉर्मुलेशंस और मेडिकल डिवाइस का नया एमआरपी प्राइस तैयार करें और इसे डीलर्स, रिटेलर्स, राज्य ड्रग कंट्रोलर और सरकार के साथ शेयर करें।

साथ ही, नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइसिंग अथॉरिटी (NPPA) ने स्पष्ट किया है कि, इस टैक्स कटौती का पूरा लाभ कंपनियां उपभोक्ताओं तक पहुंचाएं। वहीं, सरकार ने कंपनियों को राहत प्रदान करते हुए छूट दी है कि, 22 सितंबर से पहले बाजार में उपलब्ध स्टॉक को रिटर्न मंगाने और नया लेबल लगाने की आवश्यकता नहीं है। नई व्यवस्था के तहत कई जरूरी दवाओं पर GST को 5% से घटाकर शून्य (0%) कर दिया गया है।

कैंसर और अस्थमा जैसी गंभीर बीमारियों की दवाओं पर भी अब 12% की जगह केवल 5% GST लगेगा। वॉडिंग, गॉज, बैंडेज और ड्रेसिंग सामग्री पर टैक्स 12% से घटाकर 5% कर दिया गया है। इसके अलावा, रोजाना इस्तेमाल में आने वाले उत्पादों जैसे टैलकम पाउडर, हेयर ऑयल, शैम्पू, टूथपेस्ट, साबुन, शेविंग क्रीम और आफ्टरशेव लोशन पर अब 18% की जगह केवल 5% GST लगेगा।

इलाज और जीवनयापन पर असर

विशेषज्ञों के अनुसार, GST में इस कटौती से इलाज का खर्च काफी घटेगा। पहले 1000 रुपये की दवा पर जहां 120 रुपये तक टैक्स लगता था, अब केवल 50 रुपये देना होगा। इससे गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी।

मंत्रालय का निर्देश: जनता को दी जाए सही जानकारी

स्वास्थ्य मंत्रालय ने फार्मा कंपनियों और उद्योग संगठनों से अपील की है कि वे अखबारों, सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों के जरिए उपभोक्ताओं व रिटेलर्स को नई कीमतों की जानकारी दें। इससे हर स्तर पर पारदर्शिता बनी रहेगी और आम लोगों को इसका वास्तविक लाभ मिल सकेगा।

रिश्तों का कत्ल! सगे भाई ने उजाड़ दिया बहन का सुहाग, खून से लथपथ मिली लाश

रिश्तों का कत्ल! सगे भाई ने उजाड़ दिया बहन का सुहाग, खून से लथपथ मिली लाश

 उत्तर प्रदेश के बड़ौत कोतवाली क्षेत्र में रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। जहाे साले पर अपने ही जीजा की गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। मृतक की पहचान सोनू के रूप में हुई है, जिसकी लाश नहर किनारे खून से लथपथ हालत में मिली। सिर पर बेहद करीब से गोली मारी गई थी।

साले के साथ निकला था सोनू

मूल रूप से किदवई नगर, बड़ौत निवासी सोनू रोज की तरह घर पर था, जब उसका साला मोहन उसे मिलने आया। दोनों बाइक पर कहीं गए। परिजनों को लगा कि किसी पारिवारिक काम से गए होंगे, लेकिन कुछ घंटों बाद खबर आई कि सोनू की लाश नहर के पास मिली है।

घटना के बाद परिवार में मचा कोहराम

सोनू की लाश देखकर परिजन और पुलिस दोनों दंग रह गए। सिर पर बेहद नजदीक से गोली मारी गई थी। एक हाथ में कलावा बंधा हुआ था, जिससे उसकी पहचान हुई। मौके पर पहुंची पुलिस ने तुरंत छानबीन शुरू की।

पति-पत्नी में चल रहा था विवाद, साले पर शक

परिवार का कहना है कि सोनू और उसकी पत्नी के बीच काफी समय से झगड़ा चल रहा था। मृतक के परिजन का आरोप है कि साले मोहन और सास ने मिलकर साजिश रची। सोनू की बहन ने भी साफ कहा कि उसका भाई उसी मोहन के साथ गया था।

सोनू के पिता सुखमाल ने बताया कि साला मोहन ही उसे बाइक पर लेकर गया था। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि दोनों के बीच कोई पुराना विवाद सुनने में नहीं आया था। केवल पति-पत्नी के बीच तनाव था, जिसकी वजह से धमकियां भी मिल चुकी थीं।

 इस दीवाली नहीं सुनाई देगी धूम- धड़ाक और बम-बम की आवाज़ें! CJI ने जारी किया बड़ा आदेश

 इस दीवाली नहीं सुनाई देगी धूम- धड़ाक और बम-बम की आवाज़ें! CJI ने जारी किया बड़ा आदेश

 सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस बी. आर. गवई ने शुक्रवार को पटाखों पर सिर्फ दिल्ली-एनसीआर में प्रतिबंध लगाने का कड़ा विरोध किया। उन्होंने कहा कि साफ हवा का अधिकार सिर्फ दिल्ली के 'खास' लोगों का नहीं, बल्कि पूरे देश के हर नागरिक का है। कोर्ट ने रुख साफ करते हुए कहा पटाखे पूरे देश में बंद किए जाने चाहिए, केवल एक शहर यह रुल सीमित नहीं रहना चाहिए।  

CJI ने क्यों कहा सिर्फ दिल्ली में क्यों?

CJI ने कहा, "हम दिल्ली के लिए अलग नियम नहीं बना सकते क्योंकि वहां अमीर लोग रहते हैं। अगर एनसीआर के शहरों को साफ हवा का हक है, तो बाकी शहरों के लोगों को क्यों नहीं?" उन्होंने पंजाब के अमृतसर का उदाहरण दिया, जहां सर्दियों में प्रदूषण दिल्ली से भी ज्यादा होता है। कोर्ट का मानना है कि इस तरह की नीतियां पूरे देश के लिए होनी चाहिए।

गरीब मजदूरों का क्या होगा?

पटाखा बनाने वाले व्यापारियों ने कोर्ट से कहा कि इस बैन से हजारों परिवारों की रोजी-रोटी छिन रही है। CJI ने इस पर सहमति जताते हुए कहा कि बैन से गरीब मजदूर सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं, लेकिन प्रदूषण की समस्या का हल राष्ट्रीय स्तर पर ही निकालना होगा। कोर्ट ने एयर क्वालिटी मैनेजमेंट कमीशन (CAQM) से इस मुद्दे पर जवाब मांगा है।

बॉलीवुड की फेमस एक्ट्रेस के घर के बाहर फायरिंग, प्रेमानंद महाराज जी का किया था अपमान

बॉलीवुड की फेमस एक्ट्रेस के घर के बाहर फायरिंग, प्रेमानंद महाराज जी का किया था अपमान

 बॉलीवुड एक्ट्रेस दिशा पाटनी के बरेली स्थित घर के बाहर शुक्रवार सुबह करीब 4:30 बजे फायरिंग की घटना हुई है। जानकारी के अनुसार, अज्ञात हमलावरों ने दो राउंड हवाई फायरिंग की। हालांकि, इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ है। फायरिंग के समय घर पर दिशा पाटनी की बहन खुशबू पाटनी और उनके माता-पिता मौजूद थे। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है और पुलिस जांच में जुट गई है।

सोशल मीडिया पर मिली धमकी

इस फायरिंग की जिम्मेदारी एक व्यक्ति ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर ली है। खुद को वीरेंद्र चारण गैंग से जुड़ा बताने वाले शख्स ने दावा किया है कि फायरिंग उसने करवाई है। पोस्ट में लिखा गया है कि यह कार्रवाई दिशा पाटनी की बहन खुशबू पाटनी द्वारा कथित रूप से सनातन धर्म और संतों का अपमान करने के चलते की गई है। आरोपी ने कहा कि यह सिर्फ "एक ट्रेलर" था और आगे यदि किसी ने धर्म या संतों के खिलाफ कुछ कहा, तो बड़ा नुकसान उठाना पड़ेगा।

परिवार ने नहीं दी कोई प्रतिक्रिया

फिलहाल दिशा पाटनी या उनके परिवार की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। खुशबू पाटनी सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहती हैं, लेकिन उन्होंने इस मामले में अब तक कोई बयान नहीं दिया है।

पुलिस कर रही जांच, सुरक्षा बढ़ाई गई

बरेली पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं, और सोशल मीडिया पर वायरल धमकी पोस्ट की भी साइबर टीम जांच कर रही है।

दर्दनाक हादसा: नाव पलटने से 86 लोगों की मौत, मरने वालों में छात्रों की गिनती ज्यादा

दर्दनाक हादसा: नाव पलटने से 86 लोगों की मौत, मरने वालों में छात्रों की गिनती ज्यादा

 उत्तर-पश्चिमी कॉन्गो के इक्वेटर प्रांत में शुक्रवार को एक बड़ा नाव हादसा हुआ है, जिसमें कम से कम 86 लोगों की मौत हो गई। यह हादसा बसनकुसु इलाके में हुआ, जहां नाव में सवार ज्यादातर लोग छात्र-छात्राएं बताए जा रहे हैं।

नाव में ओवरलोडिंग और रात के समय यात्रा कारण

राज्य समाचार एजेंसी के अनुसार, यह दुर्घटना एक मोटर चालित नाव के पलटने से हुई। नाव में जरूरत से ज्यादा यात्री और सामान लादे गए थे। अधिकारियों ने बताया कि नाव रात के समय यात्रा कर रही थी, तभी अचानक संतुलन बिगड़ने के कारण नाव नदी में पलट गई।

मृतकों की संख्या और बचाव कार्य जारी

अधिकारियों ने बताया कि अब तक 86 शव बरामद किए गए हैं, जबकि कई लोग अभी भी लापता हैं। स्थानीय प्रशासन और बचाव दल मौके पर मौजूद हैं और खोज कार्य जारी है। नदी के किनारे बसे गांवों के लोग भी इस अभियान में मदद कर रहे हैं।

छात्रों की मौत ने परिवारों को किया शोकाकुल

हादसे में सबसे अधिक छात्रों की मौत हुई है, जो अपने घरों से पढ़ाई के लिए दूसरे कस्बों की ओर जा रहे थे। इस घटना से परिवारों में गहरा शोक व्याप्त है और पूरे इलाके में मातम छाया हुआ है।

IMD Alert: अगले 72 घंटे बाद मानसून दिखाएगा रौद्र रूप, 15-16 सितंबर से भारी बारिश और गरज-चमक के साथ तेज हवाओं का दौर लौटेगा

IMD Alert: अगले 72 घंटे बाद मानसून दिखाएगा रौद्र रूप, 15-16 सितंबर से भारी बारिश और गरज-चमक के साथ तेज हवाओं का दौर लौटेगा

 मध्यप्रदेश  :- मध्यप्रदेश में अगले 72 घंटे बाद एक बार फिर मानसून अपना रौद्र रूप दिखाने को तैयार है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 15-16 सितंबर से प्रदेश में भारी बारिश और गरज-चमक के साथ तेज हवाओं का दौर लौट सकता है। कई जिलों में अलर्ट जारी कर दिया गया है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

बारिश के आंकड़े क्या कहते हैं?
मौसम विभाग के अनुसार, भोपाल में 1 जून से अब तक 38.65 इंच बारिश दर्ज की जा चुकी है, जो कि सीजन की सामान्य औसत बारिश 42.33 इंच से लगभग एक सेंटीमीटर कम है। यानी राजधानी में बारिश का कोटा पूरा होने के लिए अभी करीब 3.74 इंच पानी और चाहिए।

अगले पांच दिन मौसम रहेगा साफ
फिलहाल राहत की खबर यह है कि भोपाल समेत मध्यप्रदेश के अधिकतर हिस्सों में अगले 5 दिनों तक आसमान साफ रहने की संभावना जताई गई है। इसके चलते फिलहाल भारी बारिश की कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। हालांकि, कुछ जिलों में हल्की बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें देखने को मिल सकती हैं। मौसम वैज्ञानिकों ने राज्य के लिए सामान्य अलर्ट जारी किया है।

15-16 सितंबर से फिर बढ़ेगा एक्टिविटी का दौर
मौसम विभाग की भविष्यवाणी के अनुसार, 15 सितंबर के बाद एक नया मानसूनी सिस्टम बनने के संकेत हैं।

इस सिस्टम के अंतर्गत:
 मानसून ट्रफ (Monsoon Trough) की पुनर्स्थापना और साइक्लोनिक सर्कुलेशन (Cyclonic Circulation)का असर देखा जा सकता है, जिससे प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश हो सकती है।

चुनावी माहौल के बीच बिहार को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सभी जिलों में अलर्ट जारी, मचा हड़कंप

चुनावी माहौल के बीच बिहार को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सभी जिलों में अलर्ट जारी, मचा हड़कंप

 Bihar Bomb Threat: बिहार में आगामी दिनों में चुनाव होने को है। सभी राजनीतिक पार्टियां चुनाव की तैयारी में लगी हुई है। इस बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। यहां बिहार को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। इस जानकारी मिलते ही धमकी मिलते ही राज्य पुलिस मुख्यालय हरकत में आ गया और सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों को विशेष अलर्ट जारी कर दिया गया है।

मिली जानकारी के अनुसार, बिहार में चुनावी माहौल के बीच पुलिस को एक पाकिस्तानी एक्स हैंडल से गुरुवार की दोपहर चार बजे बिहार में सार्वजनिक स्थानों पर बम ब्लास्ट की धमकी मिली है। इस धमकी के बाद पुलिस मुख्यालय ने सभी पुलिस अधीक्षकों को अलर्ट जारी किया है। पुलिस अधीक्षकों को सभी प्रमुख स्थानों पर बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड से सघन जांच करने का निर्देश दिया है।

Bihar Bomb Threat:बता दें कि, इससे पहले भी पटना में साहिब गुरुद्वारा और सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। इसके बाद गुरुद्वारे को खाली करवा दिया गया था। वहीं 29 अगस्त को पटना सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी, जिसके बाद पूरे परिसर की तलाशी ली गई थी।

झुमने के लिए हो जाएं तैयार, घटने वाली है बीयर पीने की आयुसीमा , जानें अब किस उम्र में छलका सकेंगे जाम

झुमने के लिए हो जाएं तैयार, घटने वाली है बीयर पीने की आयुसीमा , जानें अब किस उम्र में छलका सकेंगे जाम

 नई दिल्ली।  दिल्ली में नई आबकारी नीति लागू होने वाली है। जिसके तहत सरकार बीयर पीने की कानूनी उम्र 25 साल से घटाकर 21 साल करने पर विचार कर रही है। ऐसा करने से दिल्ली का नियम नोएडा, गाजियाबाद, गुड़गांव और फरीदाबाद जैसे पड़ोसी शहरों के बराबर हो जाएगा। कहा जा रहा है कि, सरकार के इस नियम के लागू होने से कालाबाजारी पर रोक लगेगी और राजस्व का नुकसान भी नहीं होगा।

बता दें कि, सोमवार को हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में इस प्रस्ताव पर चर्चा हुई, जिसमें मंत्रियों, आबकारी विभाग के अधिकारियों और शराब उद्योग से जुड़े लोगों ने हिस्सा लिया। इस बैठक में राजधानी में शराब की दुकानों को चलाने के लिए हाइब्रिड मॉडल अपनाया जाने को लेकर चर्चा की गई।

इस बैठक में कहा गया कि, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद में पहले से ही 21 साल की उम्र में बीयर पीने की अनुमति है। अधिकारियों का मानना है कि अगर दिल्ली भी यही नियम अपनाती है तो इससे न केवल ब्लैक मार्केट और अवैध बिक्री पर रोक लगेगी, बल्कि सरकार के राजस्व में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।वहीं दिल्ली सरकार नई आबकारी नीति लाने की तैयारी कर रही है। जिसका मकसद शराब की दुकानों को बेहतर बनाना और सुरक्षित माहौल देना है। शराब की दुकानों को घनी आबादी वाले आवासीय इलाकों से भी बाहर किया जा सकता है। सरकार चाहती है कि दिल्ली में शराब की कीमतें पड़ोसी राज्यों की दरों के समान हो। इसआबकारी नीति के तहत राजधानी में प्रीमियम ब्रांड की शराब आसानी से उपलब्ध कराना चाहती है।

सीपी राधाकृष्णन ने देश के 15वें उप-राष्ट्रपति के तौर पर ली शपथ, पीएम मोदी समेत कई दिग्गज नेता रहें मौजूद

सीपी राधाकृष्णन ने देश के 15वें उप-राष्ट्रपति के तौर पर ली शपथ, पीएम मोदी समेत कई दिग्गज नेता रहें मौजूद

 CP Radhakrishnan Oath Live : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने शुक्रवार को सीपी राधाकृष्णन को देश के 15वें उप-राष्ट्रपति के तौर पर शपथ दिलाई। राधाकृष्णन ने विपक्ष के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी को चुनाव में हराया था। इस दौरान पीएम मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह से लेकर पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनख़ड़, वैकेंया नायडू और हामिद अंसारी मौजूद रहे।

मदिरा प्रेमियों के लिए बड़ी खबर, अब जाम छलकाना पड़ेगा महंगा, लागू होने जा रही ये नई नीति

मदिरा प्रेमियों के लिए बड़ी खबर, अब जाम छलकाना पड़ेगा महंगा, लागू होने जा रही ये नई नीति

 नई दिल्ली। अगर आप भी शराब के शौकीन है तो ये खबर आपके लिए है। दरअसल, दिल्ली सरकार नई आबकारी नीति लाने की तैयारी कर रही है। जिसका मकसद शराब की दुकानों को बेहतर बनाना और सुरक्षित माहौल देना है। शराब की दुकानों को घनी आबादी वाले आवासीय इलाकों से भी बाहर किया जा सकता है। सरकार चाहती है कि दिल्ली में शराब की कीमतें पड़ोसी राज्यों की दरों के समान हो।

बता दें कि, आबकारी नीति के तहत राजधानी में प्रीमियम ब्रांड की शराब आसानी से उपलब्ध कराना चाहती है। अभी ये ब्रांड दिल्ली में कम मिलते हैं, इसलिए लोग हरियाणा और उत्तर प्रदेश की ओर रुख करते हैं। इससे दिल्ली के राजस्व में काफी नुकसान होता है।

वहीं आबकारी विभाग के एक अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया कि, नई नीति से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि दिल्ली को पड़ोसी राज्यों की वजह से राजस्व का नुकसान न हो।

यह खबर आपको सोचने पर मजबूर कर देगी : ‘बच्चा सो नहीं रहा था, इसलिए फ्रिज में रख दिया,’ मां का जवाब सुन उड़ गए घरवालों के होश

यह खबर आपको सोचने पर मजबूर कर देगी : ‘बच्चा सो नहीं रहा था, इसलिए फ्रिज में रख दिया,’ मां का जवाब सुन उड़ गए घरवालों के होश

  मुरादाबाद: एक नवजात बच्चे को फ्रिज में रखने की एक मां की दिल दहला देने वाली हरकत ने सबको सकते में डाल दिया है। यह घटना सिर्फ एक हादसा नहीं, बल्कि प्रसव के बाद महिलाओं को प्रभावित करने वाली एक गंभीर मानसिक बीमारी ‘पोस्टपार्टम साइकोसिस’ का भयावह चेहरा है। यह मामला दिखाता है कि मानसिक स्वास्थ्य के बारे में जानकारी की कमी कैसे एक बड़े खतरे को जन्म दे सकती है।

क्या हुआ था?

मामला मुरादाबाद के करूला इलाके का है, जहाँ एक 23 वर्षीय महिला ने 15 दिन पहले ही एक बेटे को जन्म दिया था। 5 सितंबर को जब बच्चा लगातार रो रहा था और सो नहीं रहा था, तो उसकी माँ ने एक ऐसी हरकत की, जिसकी कोई कल्पना भी नहीं कर सकता। वह उसे रसोई में ले गई, फ्रिज में रखा और खुद जाकर सो गई।

सौभाग्य से, जब बच्चे को ठंड लगी, तो वह जोर-जोर से रोने लगा। दूसरे कमरे में सो रही दादी की नींद खुल गई। जब उन्हें फ्रिज के अंदर से रोने की आवाज सुनाई दी, तो वह चौंक गईं। उन्होंने तुरंत फ्रिज खोला और अंदर अपने पोते को देखा। उन्होंने तुरंत बच्चे को बाहर निकाला, जिससे उसकी जान बच गई।

‘भूत-प्रेत का साया’ नहीं, एक गंभीर बीमारी
जब परिवार वालों ने महिला से पूछा कि उसने ऐसा क्यों किया, तो वह गहरी नींद से उठी और बड़ी ही शांति से जवाब दिया, “सो नहीं रहा था, इसलिए रख दिया।”

शुरुआत में परिवार को लगा कि महिला पर किसी “ऊपरी हवा” या “भूत-प्रेत” का असर है। उन्होंने झाड़-फूंक कराने के लिए उसे तांत्रिक के पास भी ले गए, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। बाद में, एक रिश्तेदार की सलाह पर वे उसे एक मनोचिकित्सक (साइकेट्रिस्ट) के पास ले गए।

डॉक्टर ने जांच के बाद बताया कि महिला पोस्टपार्टम डिसऑर्डर से पीड़ित है और तुरंत उसका इलाज शुरू किया गया। यह घटना उन सभी परिवारों के लिए एक सबक है, जहां नई मां का मानसिक स्वास्थ्य अक्सर अनदेखा कर दिया जाता है।

क्या है पोस्टपार्टम साइकोसिस?

मनोचिकित्सक के अनुसार, यह एक गंभीर मानसिक स्थिति है जो प्रसव के बाद नई माताओं में विकसित हो सकती है। यह सामान्य ‘बेबी ब्लूज़’ या ‘पोस्टपार्टम डिप्रेशन’ से कहीं अधिक खतरनाक है। इस बीमारी से पीड़ित महिला का वास्तविकता से संपर्क टूट सकता है। वह ऐसी चीजें देख या सुन सकती है जो असल में नहीं हैं। यह स्थिति इतनी गंभीर हो सकती है कि महिला खुद को या अपने बच्चे को नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए, ऐसे मामलों में तुरंत मेडिकल सहायता लेना बेहद ज़रूरी है।

यह घटना दिखाती है कि डिलीवरी के बाद महिलाओं को भावनात्मक और शारीरिक समर्थन देना कितना महत्वपूर्ण है, ताकि ऐसी दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं को रोका जा सके।

पूरे देश में होगी मतदाता सूची की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’, ‘घुसपैठियों’ को बाहर करने की तैयारी

पूरे देश में होगी मतदाता सूची की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’, ‘घुसपैठियों’ को बाहर करने की तैयारी

 नई दिल्ली: आने वाले महीनों में देश की मतदाता सूचियों में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। चुनाव आयोग (ECI) ने पूरे भारत में विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) अभियान चलाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसका उद्देश्य अवैध विदेशी प्रवासियों को मतदाता सूची से हटाना और एक त्रुटिरहित, पारदर्शी सूची तैयार करना है।

क्यों है यह ‘सर्जिकल स्ट्राइक’?

इस अभियान की अहमियत उन राज्यों में और बढ़ जाती है जहाँ अवैध प्रवासियों, खासकर बांग्लादेश और म्यांमार से आने वाले लोगों की संख्या ज्यादा है। आयोग का कहना है कि यह कदम उसके संवैधानिक दायित्व का हिस्सा है ताकि मतदाता सूची की शुद्धता और अखंडता बनी रहे।

चुनाव अधिकारी हर घर जाकर मतदाताओं की जानकारी का क्रॉस-चेक करेंगे। नए मतदाता और किसी अन्य राज्य से स्थानांतरित होने वाले लोगों के लिए एक नया फॉर्म लागू किया गया है। इसमें उन्हें प्रमाणित करना होगा कि उनका जन्म 1 जुलाई 1987 से पहले भारत में हुआ था। यदि जन्म 1 जुलाई 1987 से 2 दिसंबर 2004 के बीच हुआ है, तो उन्हें माता-पिता के जन्म से संबंधित दस्तावेज भी जमा करने होंगे।
इस कदम की आलोचना भी हो रही है। विपक्षी दलों का दावा है कि लाखों योग्य भारतीय, जिनके पास आवश्यक दस्तावेज नहीं हैं, उन्हें इस प्रक्रिया से बाहर किया जा सकता है। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने भी संज्ञान लिया है और चुनाव आयोग को निर्देश दिया है कि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से छूट न जाए। चुनाव आयोग के लिए यह चुनौती दोहरे पक्ष वाली है—एक ओर अवैध प्रवासियों को सूची से बाहर करना, वहीं दूसरी ओर भारतीय नागरिकों के मताधिकार को सुरक्षित रखना।
ECI की योजना है कि यह गहन पुनरीक्षण इस साल के अंत तक शुरू हो सकता है। इसे 2026 में होने वाले विधानसभा चुनावों (असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल) से पहले लागू किया जाएगा। विशेष गहन पुनरीक्षण न सिर्फ अवैध प्रवासियों की पहचान करेगा, बल्कि चुनावों में मतदाता सूची की विश्वसनीयता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

नए उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन को मिली CRPF की Z+ सुरक्षा

नए उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन को मिली CRPF की Z+ सुरक्षा

 दिल्ली। NDA उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन देश के नए उपराष्ट्रपति चुने गए हैं। मंगलवार को हुए चुनाव में उन्होंने 452 वोट हासिल कर अपने प्रतिद्वंद्वी बी. सुदर्शन रेड्डी को हराया। जीत के बाद अब उनकी सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है।

सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राधाकृष्णन की सुरक्षा की जिम्मेदारी दिल्ली पुलिस से लेकर सीआरपीएफ (CRPF) को सौंप दी है। उपराष्ट्रपति प्रोटोकॉल के अनुसार, उन्हें Z+ श्रेणी की सुरक्षा उपलब्ध कराई जाएगी। पहले यह जिम्मेदारी दिल्ली पुलिस संभाल रही थी, लेकिन अब नया खतरा आकलन रिपोर्ट आने के बाद सुरक्षा CRPF के हवाले कर दी गई है।

जानकारी के अनुसार, सीआरपीएफ कमांडोज को वीपी एन्क्लेव परिसर के भीतर तैनात किया जाएगा। उपराष्ट्रपति को क्लोज प्रोटेक्शन में रखा जाएगा ताकि किसी भी संभावित खतरे से बचाव सुनिश्चित हो सके। वहीं, दिल्ली पुलिस की भूमिका केवल आउटर सर्किल और कार मार्ग निकासी यानी बाहरी रास्तों की सुरक्षा तक सीमित होगी।

गौरतलब है कि उपराष्ट्रपति को हमेशा से Z+ कैटेगरी की सुरक्षा दी जाती रही है। हालांकि, अब सुरक्षा एजेंसी बदलकर CRPF कर दी गई है। यह बदलाव गृह मंत्रालय की ओर से किए गए नए सुरक्षा मूल्यांकन के बाद लागू हुआ है।

सीपी राधाकृष्णन को यह जिम्मेदारी मिलने के बाद राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर उनकी सुरक्षा को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। माना जा रहा है कि CRPF का यह सिक्योरिटी सेटअप उपराष्ट्रपति की सुरक्षा को और मजबूत बनाएगा।

उपराष्ट्रपति की कितनी है Salary और क्या मिलते हैं फायदे, पढ़ कर हो जाएंगे हैरान

उपराष्ट्रपति की कितनी है Salary और क्या मिलते हैं फायदे, पढ़ कर हो जाएंगे हैरान

  देश में 21 जुलाई 2025 को उपराष्ट्रपति जगदीप धनकड़ ने अचानक अपना इस्तीफा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को सौंप दिया था। उनके इस्तीफे के बाद उपराष्ट्रपति का पद खाली हो गया था। अब 9 सितंबर 2025 को नए उपराष्ट्रपति के चुनाव होने हैं। एनडीए ने सी.पी. राधाकृष्णन को और विपक्ष ने बी. सुरदर्शन रेड्डी को अपना उम्मीदवार बनाया है।

भारत के उपराष्ट्रपति को मासिक 4 लाख रुपये वेतन मिलता है, जिसमें महंगाई भत्ता भी शामिल है। इसके अलावा उन्हें दिल्ली में आधिकारिक आवास, स्वास्थ्य सुविधाएं, कार काफिला, मोबाइल और लैंडलाइन, सुरक्षा और स्टाफ जैसी सुविधाएं मिलती हैं। बच्चों की पढ़ाई के लिए सरकारी स्कूल और कॉलेज में फीस में छूट भी दी जाती है। विदेश यात्रा पर उन्हें डिप्लोमैटिक पासपोर्ट और अन्य विशेष सुविधाएं भी मिलती हैं।

उपराष्ट्रपति पद छोड़ने के बाद भी पूर्व उपराष्ट्रपति को आधा वेतन पेंशन के रूप में मिलता है। इसके साथ ही बंगला, स्टाफ और सुरक्षा जैसी सुविधाएं भी जारी रहती हैं। उनकी मृत्यु के बाद उनकी पत्नी को भी बंगला और कुछ सुविधाएं मिलती हैं।

उपराष्ट्रपति का चुनाव संसद के दोनों सदनों, यानी लोकसभा और राज्यसभा के सांसद करते हैं, और यह मतदान गुप्त होता है। इस वोटिंग में बैलेट पेपर और सिंगल ट्रांसफरेबल वोट प्रणाली का इस्तेमाल किया जाता है, ताकि किसी को यह पता न चले कि किसने किसे वोट दिया। इसी तरीके से आज देश को 15वां उपराष्ट्रपति मिलेगा।

भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता पर पीएम मोदी का बयान, बोले– साझेदारी की असीम संभावनाओं को मिलेगा नया आयाम

भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता पर पीएम मोदी का बयान, बोले– साझेदारी की असीम संभावनाओं को मिलेगा नया आयाम

 नई दिल्ली।  भारत और अमेरिका के बीच चल रही व्यापार वार्ता को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ा बयान दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए पीएम मोदी ने ट्वीट कर कहा कि “भारत और अमेरिका घनिष्ठ मित्र और स्वाभाविक साझेदार हैं। मुझे विश्वास है कि हमारी व्यापार वार्ता भारत-अमेरिका साझेदारी की असीम संभावनाओं को उजागर करने का मार्ग प्रशस्त करेगी।”

पीएम मोदी ने आगे कहा कि दोनों देशों की टीमें इन चर्चाओं को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए काम कर रही हैं। उन्होंने यह भी लिखा कि वे राष्ट्रपति ट्रंप से बातचीत के लिए उत्सुक हैं और भारत-अमेरिका मिलकर दोनों देशों के नागरिकों के लिए एक उज्जवल और समृद्ध भविष्य सुनिश्चित करेंगे।

Breaking : नेपाल में प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री आवास में लगाईं आग

Breaking : नेपाल में प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री आवास में लगाईं आग

 नेपाल : नेपाल से बड़ी खबर सामने आ रही है. नेपाल में प्रदर्शनकारियों ने भक्तपुर के बालकोट स्थित प्रधानमंत्री ओली के आवास में आग लगा दी है. रिपोर्ट्स के मुताबिक पूर्व प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल प्रचंड के घर को भी निशाना बनाया गया है.

नेपाल में भड़के विरोध प्रदर्शन के बीच अब तक 19 लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं सैकड़ों लोग घायल हुए हैं. प्रदर्शनकारियों ने मंगलवार (9 सितंबर) को नेपाल के राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल के घर पर अटैक कर दिया. प्रदर्शनकारी कई मंत्रियों के घर पर भी हमला कर चुके हैं. 

नेपाल में सोशल मीडिया पर लगे बैन को लेकर प्रदर्शन कर रहे Gen-Z ने पुलिस और सेना पर पत्थरबाजी भी की. प्रदर्शनकारी संसद भवन में भी घुस गए. उन्होंने गेट पर टायर रखकर आग लगा दी. इसके कई वीडियो सामने आए हैं. प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति पौडेल के घर को भी नहीं बख्शा. उनके घर में भी आग लगा दी गई है.

नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने दिया इस्तीफा

नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने दिया इस्तीफा

 PM KP Sharma Oli resigned : नेपाल से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने जेन ज़ी के प्रदर्शनों के बीच इस्तीफा दे दिया है। इससे पहले नेपाल के गृह मंत्री और कृषि मंत्री ने इस्तीफा दे दिया था।गौरतलब है कि सोशल मीडिया पर बैन के खिलाफ मंगलवार को हुए प्रदर्शनों के दौरान पुलिस की गोली लगने से कई लोगों की मौत हो गई थी।

 
देश को आज मिलेगा नया उपराष्ट्रपति, चुनाव के लिए मतदान जारी

देश को आज मिलेगा नया उपराष्ट्रपति, चुनाव के लिए मतदान जारी

 नई दिल्ली। Vice President Election 2025: पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे के बाद आज उपराष्ट्रपति पद के लिए चुनाव है। वहीं इस पद के लिए एनडीए के सीपी राधाकृष्णन और विपक्ष समर्थित बी सुदर्शन रेड्डी के बीच मुकाबला है। मतदान संसद भवन में सुबह 10 बजे से शुरू हो गया है, जो शाम 5 बजे तक चलेगा और मतगणना शाम 6 बजे शुरू होगी। परिणाम देर शाम तक आने की उम्मीद है।

कौन है सीपी राधाकृष्णन

सीपी राधाकृष्णन का पूरा नाम चंद्रपुरम पोन्नुस्वामी राधाकृष्णन है जिनका जन्म 20 अक्टूबर, 1957 को तमिलनाडु के तिरुप्पुर में हुआ था और जो कि, वर्तमान में महाराष्ट के राज्यपाल है। जो ओबीसी समुदाय से आते हैं। इन्होंने तमिलनाडू में बीजेपी की सरकार बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है। जो कि तमिलनाडू में बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष भी रहे हैं। 1960 में महाराष्ट्र के गठन के बाद से सीपी राधाकृष्णन राज्य के 21वें राज्यपाल बने थे।

कौन है सुदर्शन रेड्डी

Vice President Election 2025: बता दें कि, सुदर्शन रेड्डी सुप्रीम कोर्ट में जज के पद पर रह चुके हैं। वह आंध्र प्रदेश HC के न्यायाधीश, गुवाहाटी HC के मुख्य न्यायाधीश और सुप्रीम कोर्ट के जज के रूप में काम कर चुके हैं। साथ ही, वे सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय के लिए भी काम करते रहे हैं। वहीं रेड्डी 1971 को में हैदराबाद में आंध्र प्रदेश बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में रजिस्टर्ड हुए थे। इसके साथ ही वे 6 महीने की अवधि के लिए केंद्र सरकार के अतिरिक्त स्थायी वकील के रूप में भी काम कर चुके हैं।