धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है, यहां शराब के लिए पैसे नहीं देने पर कलयुगी पोते ने अपनी नानी पर हमला कर दिया। इस दौरान बुजुर्ग महिला के सिर में गंभीर चोट आने से उसकी मौत हो गई। ये पूरा मामला कोतवाली थाना क्षेत्र के बठेना वार्ड का है। पुलिस ने आरोपी पोते को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
कोंडागांव। जिले के फरसगांव ब्लॉक अंतर्गत ग्राम आलोर झाटीबन की पहाड़ी गुफा में स्थित प्राचीन व रहस्यमयी माँ लिंगेश्वरी मंदिर इस वर्ष भी केवल एक दिन के लिए खुलेगा। मगुफा का पट 3 सितंबर 2025, दिन बुधवार को परंपरा अनुसार खोला जाएगा।
बस्तर की सुरम्य वादियों में स्थित यह मंदिर धार्मिक आस्था का अद्भुत केंद्र माना जाता है। यहाँ माता लिंगेश्वरी शिवलिंग रूप में विराजमान हैं। मान्यता है कि मंदिर में मन्नतें मांगने आने वाले भक्तों की इच्छाएँ पूरी होती हैं।
हर वर्ष हजारों की संख्या में श्रद्धालु छत्तीसगढ़ ही नहीं बल्कि अन्य राज्यों से भी यहाँ पहुँचते हैं। खासतौर पर निःसंतान दंपत्ति संतान प्राप्ति की कामना लेकर माता के दर्शन करने आते हैं। परंपरा के अनुसार मंदिर में खीरा चढ़ाया जाता है। बाद में पुजारी उस खीरे को दोनों पति-पत्नी को बराबर हिस्से में काटकर प्रसाद स्वरूप देते हैं। मान्यता है कि ऐसा करने से दंपत्ति की मन्नतें पूरी होती हैं।
माँ लिंगेश्वरी सेवा समिति के पुजारी नंदलाल दीवान (ग्राम आलोर झाटीबन) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि इस वर्ष भी पूर्व परंपरा के अनुसार मंदिर के पट 3 सितंबर की सुबह खोले जाएंगे और हजारों श्रद्धालु इस पावन अवसर के साक्षी बनेंगे।
माँ लिंगेश्वरी मेले का लोगों को वर्षभर बेसब्री से इंतजार रहता है। एक दिन पहले से ही भक्त यहाँ डेरा डालना शुरू कर देते हैं ताकि माता के दर्शन का पहला सौभाग्य उन्हें प्राप्त हो सके।
सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आ रही है, यहां एक बार फिर नक्सलियों ने दो ग्रामीणों को धारदार हथियार से गला रेतकर मौत के घाट उतार दिया है। बताया जाता है कि नक्सलियों ने बीती रात इस घटना को अंजाम दिया है। मृतकों के नाम पदाम पोज्जा और पदाम देवेंद्र है। ये पूरा मामला पूरा मामला केरलापाल थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस मुखबिरी के आरोप में ग्रामीणों की हत्या की गई है। वहीं अन्य दो ग्रामीणों की बेरहमी से पिटाई की खबर भी मिल रही है। इस वारदात के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। लोग डरे सहमें से है। फ़िलहाल पुलिस मामले की जाँच में जुटी है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ की जनता के लंबे समय से लंबित एक महत्वपूर्ण मांग को आखिरकार सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता श्री बृजमोहन अग्रवाल ने पूरा कर दिखाया है। अब छत्तीसगढ़ के विद्यार्थियों और स्कूल प्रबंधन को CBSE (केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड) से संबंधित कार्यों के लिए भुवनेश्वर की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। राजधानी रायपुर में CBSE का क्षेत्रीय कार्यालय प्रारंभ हो गया है।
पिछले कई वर्षों से छत्तीसगढ़ के विद्यार्थी, विशेषकर बस्तर और सरगुजा जैसे सुदूरवर्ती अंचलों के बच्चे एवं स्कूल प्रबंधन, अपने कार्यों के समाधान के लिए भुवनेश्वर (ओडिशा) स्थित CBSE कार्यालय पर निर्भर थे। इससे उन्हें समय, धन और श्रम तीनों की हानि उठानी पड़ती थी।
उनके दृढ़ संकल्प, दूरदर्शिता और सतत् प्रयासों का ही परिणाम है कि आज रायपुर में CBSE का क्षेत्रीय कार्यालय खुल गया है। इससे न केवल रायपुर, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ के लाखों विद्यार्थी और सैकड़ों स्कूल प्रत्यक्ष रूप से लाभान्वित होंगे।
इस अवसर पर सांसद श्री अग्रवाल ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान का आभार जताते हुए कहा है कि, यह कार्यालय छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था में एक बड़ा सकारात्मक बदलाव लाएगा। अब राज्य के विद्यार्थियों को किसी अन्य राज्य पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। रायपुर में ही उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान मिलेगा। यह कदम छत्तीसगढ़ के शैक्षिक उत्थान की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर किसानों के हित में एक बड़ी राहत मिल रही है। भारत सरकार ने छत्तीसगढ़ के लिए 60 हजार टन अतिरिक्त यूरिया का आबंटन स्वीकृत किया है। इसमें सितम्बर माह के प्रथम सप्ताह में 20 हजार टन, द्वितीय सप्ताह में 35 हजार टन और शेष 5 हजार टन की आपूर्ति माह के अंत तक सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि किसानों की हर आवश्यकता पर राज्य सरकार संवेदनशील है और यह अतिरिक्त आबंटन उनकी खरीफ फसलों को सुरक्षित रखने में सहायक होगा।
मार्कफेड अधिकारियों ने बताया कि चालू खरीफ सीजन के लिए 28 अगस्त की स्थिति में सहकारी क्षेत्र में 3 लाख 91 हजार 79 मीट्रिक टन और निजी क्षेत्र में 3 लाख 11 हजार 563 मीट्रिक टन, इस तरह कुल 7 लाख 2 हजार 642 मीट्रिक टन यूरिया का भंडारण किया गया है। इसके विरुद्ध 6 लाख 38 हजार 599 मीट्रिक टन यूरिया किसानों को वितरित किया जा चुका है। इसमें 3 लाख 42 हजार 444 मीट्रिक टन सहकारी क्षेत्र और 2 लाख 96 हजार 155 मीट्रिक टन निजी क्षेत्र से वितरण शामिल है। यह आँकड़ा पिछले वर्ष की इसी अवधि में हुए 6 लाख 17 हजार 798 मीट्रिक टन वितरण से अधिक है, जो इस बार की बेहतर आपूर्ति व्यवस्था का प्रमाण है।
प्रदेश में किसानों के लिए नैनो खाद की भी पर्याप्त व्यवस्था की गई है। सहकारी क्षेत्र में 1 लाख 78 हजार 919 और निजी क्षेत्र में 1 लाख 12 हजार 140, इस तरह कुल 2 लाख 91 हजार 59 बॉटल नैनो यूरिया का भंडारण हुआ है। इसी प्रकार सहकारी क्षेत्र में 1 लाख 58 हजार 809 और निजी क्षेत्र में 79 हजार 810, कुल 2 लाख 38 हजार 619 बॉटल नैनो डीएपी संग्रहित किया गया है। अब तक किसानों को 2 लाख 32 हजार 652 बॉटल नैनो यूरिया और 1 लाख 85 हजार 136 बॉटल नैनो डीएपी वितरित किया जा चुका है।
विरुद्ध सहकारी एवं निजी क्षेत्रों में 15.64 लाख टन का भंडारण कर लिया गया है। भंडारण के आधार पर किसानों को अब तक 13.19 लाख टन खाद वितरित किया गया है। यह व्यवस्था बताती है कि समितियों और निजी क्षेत्रों में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध हैं और किसानों को किसी तरह की कठिनाई नहीं होगी।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि खरीफ सीजन में किसानों को खाद की आपूर्ति उनकी समयबद्ध जरूरतों के अनुरूप प्राथमिकता से की जा रही है। अब तक निर्धारित लक्ष्य का 98 प्रतिशत यूरिया किसानों तक पहुँच चुका है। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि किसानों को मौसम और फसल की आवश्यकताओं के अनुरूप पर्याप्त खाद की आपूर्ति लगातार जारी रहेगी और उनकी उपज सुरक्षित रहेगी।
इस संबंध में गत दिनों कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम और राज्य के सांसदों ने भी केंद्रीय उर्वरक मंत्री श्री जे.पी. नड्डा से भेंट कर छत्तीसगढ़ के किसानों की मांग रखी थी। मुख्यमंत्री श्री साय के मार्गदर्शन में केंद्र सरकार से लगातार संपर्क किया गया और किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त 60 हजार टन यूरिया का आबंटन स्वीकृत किया गया।
अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में सहकारी सोसायटियों और निजी विक्रेताओं के माध्यम से खाद का वितरण सुव्यवस्थित तरीके से किया जा रहा है। किसान समितियों में आसानी से खाद उपलब्ध करा पा रहे हैं और समय पर आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। इससे खेती-किसानी प्रभावित होने के बजाय और मजबूती पा रही है। प्रदेश के विभिन्न जिलों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, किसानों ने सरकार और प्रशासन की इस पहल पर संतोष व्यक्त किया है। उनका कहना है कि समय पर यूरिया और अन्य खाद उपलब्ध होने से बुवाई और फसल प्रबंधन का काम सुचारू रूप से हो रहा है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है। उन्होंने कहा कि खाद, बीज और सिंचाई जैसी मूलभूत आवश्यकताओं को पूरा करना सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र और राज्य के समन्वित प्रयासों से खरीफ सीजन में किसानों को समुचित राहत मिलेगी और छत्तीसगढ़ कृषि उत्पादन में नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।
छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज बदला, अगले 48 घंटे भारी बारिश की चेतावनी, रायपुर समेत कई जिलों में अलर्ट
अगले 48 घंटे भारी बारिश अलर्ट
रायपुर समेत कई जिलों में चेतावनी
किसानों को फसलों की सुरक्षा सलाह
CG Rainfall Alert: सितंबर की शुरुआत के साथ ही छत्तीसगढ़ का मौसम एक बार फिर करवट ले चुका है। राज्य के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश (Light to Moderate Rainfall) का दौर जारी है और मौसम विभाग ने आने वाले 48 घंटों के लिए भारी से अति भारी बारिश (CG Heavy Rainfall Alert) की चेतावनी जारी की है। खासतौर पर दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में आंधी-तूफान और गरज-चमक के साथ तेज वर्षा (Thunderstorm with Lightning) की संभावना जताई गई है।

रायपुर में तापमान और बारिश का हाल
राजधानी रायपुर (Raipur Weather Update) में सोमवार को अधिकतम तापमान 31.5°C (88.7°F) और न्यूनतम तापमान 24.6°C (76.3°F) दर्ज किया गया। सामान्य से यह तापमान मामूली ही ऊपर-नीचे रहा। सुबह 8:30 बजे तक केवल Trace Rainfall दर्ज की गई थी, लेकिन शाम तक बारिश ने जोर पकड़ा और 34.1 मिमी वर्षा हुई। शहर में आर्द्रता (Humidity) का स्तर सुबह 92% और शाम को 100% तक पहुंच गया, जिससे लोगों को उमस का भी सामना करना पड़ा।
कहाँ-कहाँ हुई सबसे ज्यादा बारिश?
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश हुई। सबसे ज्यादा बारिश (Heavy Rainfall in Chhattisgarh) कोंटा में 7 सेमी, केशकाल और मानपुर में 6-6 सेमी, औंधी और खड़गांव में 5-5 सेमी, जबकि जगदलपुर और चांपा में 4-4 सेमी दर्ज की गई। इसके अलावा कई जगहों पर 3 सेमी से कम बारिश भी हुई। प्रदेश में सबसे ज्यादा अधिकतम तापमान 32.4°C बिलासपुर और अंबिकापुर में, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 21.2°C दुर्ग में दर्ज किया गया।

मौसम विभाग का पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी (Bay of Bengal Low Pressure) के उत्तरी हिस्से में निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। इसके चलते आने वाले दो दिनों तक छत्तीसगढ़ में बारिश की तीव्रता (CG Rainfall Alert) और मेघगर्जन की गतिविधियां बढ़ेंगी।
विशेष रूप से बस्तर संभाग और मध्य छत्तीसगढ़ के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश (Heavy to Very Heavy Rainfall) के आसार हैं। साथ ही गरज-चमक के साथ बिजली गिरने (Lightning Alert) की भी संभावना जताई गई है।
रायपुर में क्या होगा मौसम का हाल?
मौसम विभाग ने रायपुर के लिए भी खास अपडेट (Raipur Local Weather Forecast) जारी किया है। 2 सितंबर को राजधानी में आकाश सामान्यतः मेघमय रहेगा और दिनभर में एक-दो बार गरज-चमक के साथ बारिश या बौछारें (Showers) पड़ सकती हैं। अधिकतम तापमान 32°C और न्यूनतम तापमान 24°C के आसपास रहने का अनुमान है।

क्यों बदल रहा है मौसम?
वर्तमान में मानसून द्रोणिका (Monsoon Trough) गंगानगर, सतना, डाल्टनगंज से होते हुए उत्तर-पूर्व बंगाल की खाड़ी तक सक्रिय है। इसके अलावा बंगाल की खाड़ी और म्यांमार तट पर एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) बना हुआ है, जो समुद्र तल से लगभग 5.8 किमी ऊँचाई तक फैला हुआ है। यह सिस्टम दक्षिण-पश्चिम की ओर झुका हुआ है, जिससे छत्तीसगढ़ सहित पूर्वी और मध्य भारत में बारिश की गतिविधियां तेज हो रही हैं।
लोगों के लिए सलाह
मौसम विभाग ने जनता को सतर्क (CG Rainfall Alert) रहने की सलाह दी है। भारी बारिश (Heavy Rainfall Alert) के दौरान नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की गई है। बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए खुले मैदान और पेड़ के नीचे शरण न लेने की हिदायत दी गई है। किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे फसलों की सुरक्षा के लिए खेतों में पानी के निकासी की व्यवस्था रखें।
रायपुर। बिलासपुर एसएसपी रजनेश सिंह ने निरीक्षकों के तबादले और पोस्टिंग को लेकर नए आदेश जारी किए हैं। हाल ही में तीजा पर्व के दिन ट्रैफिक चेकिंग के दौरान महिलाओं और परिवार वालों को परेशान करने के मामले में हिर्री थाना प्रभारी अवनीश पासवान को निलंबित कर दिया गया था। इसके साथ ही रतनपुर थाने में स्टाफ पर नियंत्रण नहीं रख पाने के कारण टीआई नरेश चौहान को लाइन अटैच कर दिया गया गया।
इन दोनों थानों के खाली होने के बाद सोमवार को एसएसपी ने नई पदस्थापन सूची जारी की। आदेश के अनुसार, रेंज साइबर थाना में पदस्थ निरीक्षक रविशंकर तिवारी को हिर्री थाने की कमान सौंपी गई है। वहीं, लंबे समय से लाइन में पदस्थ निरीक्षक रजनीश सिंह को रेंज साइबर थाना बिलासपुर भेजा गया है। इसके अलावा, रतनपुर थाने में निरीक्षक संजय सिंह राजपूत को नया थाना प्रभारी नियुक्त किया गया है।
प्रशासनिक दृष्टिकोण से अस्थाई तौर पर आगामी आदेश पर्यन्त निम्नलिखित निरीक्षकों को स्थानान्तरित कर उनके नाम के सम्मुख दर्शित नवीन पदस्थापना में पदस्थ किया जाता है :-
रायपुर। आजादी के बाद पहली बार राज्य सरकार ने शनिवार को लगने वाले स्कूल के समय में ना केवल बदलाव कर दिया है,साथ ही इस दिन की पढ़ाई के साथ ही बच्चों की गतिविधियों को लेकर भी जरुरी रद्दोबदल किया गया है। जरुरी बदलाव में सुबह होने वाले योग और व्यायाम अब दोपहर को होगा। दोपहर भोजन के बाद बच्चे योग और व्यायाम करेंगे। पहले की व्यवस्था पर नजर डालें तो शनिवार को स्कूल सुबह 7:30 से 11:30 बजे तक लगाई जाती थी। नए निर्देशों के अनुसार अब सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक संचालित होंगे। शिक्षक नेता भी इस आदेश को अव्यवहारिक मान रहे हैं और पूर्व की तरह ही शनिवार को स्कूल संचालन की मांग कर रहे हैं। आइए जानते हैं शिक्षक नेताओं का क्या विचार है।
योग, प्राणायाम और व्यायाम के लिए सुबह का समय अनुकूल- वीरेंद्र दुबे
छग शालेय शिक्षक संघ के प्रांताध्यक्ष वीरेंद्र दुबे का कहना है कि शिक्षा का उद्देश्य बच्चों का सर्वांगीण विकास करना होता है न कि केवल किताबी ज्ञान देना। पाठ्य विषयों की शिक्षा के साथ बच्चों को शारीरिक शिक्षा, मानसिक शिक्षा , नैतिक शिक्षा, व्यवहारिक शिक्षा, कौशल शिक्षा, स्वावलंबन की शिक्षा आदि भी देना आवश्यक होता है तभी हम भावी पीढ़ी सुशिक्षित, सुसंस्कृत, और सशक्त देशभक्त नागरिक बना सकते हैं। व्यायाम से शरीर मजबूत होता है, योग और प्राणायाम से शरीर संतुलित होता है, और निरोग रहता है तथा मानसिक शक्ति का विकास होता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योग, प्राणायाम और व्यायाम को स्कूल के पाठ्यक्रम में शामिल कराया है। इन गतिविधियों के लिए सुबह का समय ही अनुकूल होता है,क्योंकि ये सब खाली पेट किया जाता है।
शारीरिक शिक्षा व योग से शरीर और मन के बीच संतुलन बैठाना जरुरी- चंद्रशेखर तिवारी
छग शालेय शिक्षक संघ के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष चन्द्रशेखर तिवारी का कहना है कि शनिवार को सुबह स्कूल लगाने का फैसला हमारे शिक्षाविदों ने यूं ही नही लिया था, इसके पीछे बहुत से कारण हैं। जिनमे से एक बहुत बड़ा कारण है शारीरिक शिक्षा व योग, प्राणायाम से शरीर और मन के बीच संतुलन बैठाना होता है। मन जब स्वस्थ होगा तो तन पर उसका परिणाम परिलक्षित होता है। इसी तरह जब तन स्वस्थ होगा तो मन स्वस्थ होगा। योग, प्राणायाम व व्यायाम के लिए हमारे पूर्वजों ने सदैव सुबह के समय को सर्वानुकूल बताया है, इसलिये हम हमेशा इन गतिविधियों को सुबह अथवा शाम को करते हैं। बच्चों का सर्वागीण विकास ही शिक्षा का मूल उद्देश्य है, ऐसे में केवल पुस्तकीय पढाई पर बल देना और अन्य गतिविधियों को ठप करना कोई समझदारी का काम नहीं है।
स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से यह निर्णय अव्यवहारिक है- जितेंद्र शर्मा
छग शालेय शिक्षक संघ के प्रदेश मीडिया प्रभारी जितेंद्र शर्मा का कहना है कि पीएम मोदी ने योग,प्राणायाम और व्यायाम को स्कूल के पाठ्यक्रम में शामिल कराया है। इसके लिए सुबह का समय ही अनुकूल होता है,क्योंकि ये सब खाली पेट किया जाता है। परंतु छग लोक शिक्षण संचालनालय के एक आदेश के साथ संलग्न समय सारणी की वजह से प्राचार्य व संस्थाप्रमुख शनिवार को भी सुबह 10 बजे से 4 बजे तक शाला अवधि करने आमादा है। कई जगहों पर 10 से 4 शाला लगाना प्रारम्भ भी कर दिया गया है, जो कि स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से और ना ही व्यवहारिक तौर पर उचित है। शनिवार को सुबह स्कूल न लगाना बच्चों के सर्वांगीण विकास में बाधक है। लिहाजा शनिवार को पूर्ववत सुबह स्कूल ही लगना चाहिए ।
शारीरिक शिक्षा, योग व्यायाम प्राणायाम जैसे गतिविधियां ठप पड़ गई- धर्मेश शर्मा
छग शालेय शिक्षक संघ के प्रांतीय महासचिव धर्मेश शर्मा का कहना है कि शाला संचालन अवधि हेतु स्कूल शिक्षा विभाग ने 1 सितंबर 2018 को एक स्थायी आदेश निकालकर सोमवार से शुक्रवार एक पाली वाले स्कूल का शाला समय 10 से 04 तथा शनिवार के दिन प्रातः 7:30 से 11:30 बजे तक निर्धारित किया है। स्कूल शिक्षा विभाग के इस शाला संचालन समयावधि आदेश को DPI द्वारा 22 जुलाई 2025 के एक आदेश में समय सारणी भेजकर अधिक्रमित करने का प्रयास किया है। जिससे पूरे प्रदेश में एकरूपता का अभाव आ गया है। शारीरिक शिक्षा, योग व्यायाम प्राणायाम जैसे गतिविधियां ठप पड़ गई है। शासन जल्द निर्णय लेकर स्पष्ट आदेश जारी करे जिससे शनिवार को सुबह होने वाली स्कूली गतिविधियां संचालित हो सके।
सुबह का समय व्यायाम, योगाभ्यास, खेलकूद के लिए प्रासंगिक- संजय शर्मा
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा ने कहा कि शनिवार को एक पाली शाला का संचालन पूर्व की भांति सुबह 7:30 से 11:30 तक किया जाना चाहिए। एक परिसर की शाला के लिए अत्यंत अव्यवहारिक व आपत्तिजनक टाइमटेबल है। शनिवार को स्कूल में योगाभ्यास का यह समय कैसे तय हुआ? एक दिन प्रातःकालीन स्कूल समय सार्थक व रुचिकर होता है, नए निर्देश व टाइमटेबल से भ्रम की स्थिति निर्मित हुई है। सुबह के वक्त प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी योजना “करे योग – रहे निरोग” की सुचारू एवं लाभदायक संचालन होता है। 10 बजे से शाला संचालित करने पर बच्चे योगाभ्यास से दूर हो जाएंगे, प्रातःकालीन समय व्यायाम, योगाभ्यास, खेलकूद के लिए प्रासंगिक ही नहीं होता है वरन स्वस्थ्य जीवन के लिए अति श्रेयस्कर होता है।
शनिवार को इस तरह संचालित होंगी स्कूलें
10:00-10:15: प्रार्थना, राष्ट्रगान, एवं माहवार थीम पर विचार।
10:15-11:05 (पहला कालखंड): मातृभाषा, पुस्तकालय, आकलन आधारित उपचारात्मक शिक्षा।
11:05-11:55 (दूसरा कालखंड): गणित व उपचारात्मक शिक्षा।
11:55-12:05: लघु अवकाश।
12:05-12:55 (तीसरा कालखंड): अंग्रेजी व उपचारात्मक शिक्षा।
12:55-1:45 (चौथा कालखंड): पर्यावरण व उपचारात्मक शिक्षा।
1:45-2:35: भोजन अवकाश।
2:35-3:15 (पांचवां कालखंड): वर्कबुक, रीडिंग-राइटिंग, विषयवार उपचारात्मक शिक्षा।
3:15-4:00 (अंतिम कालखंड): शारीरिक शिक्षा, योग, खेल, कला व बागवानी। पहले जो गतिविधियां सुबह कराई जाती थीं (जैसे व्यायाम, खेलकूद आदि), अब वे अंतिम कालखंड में कराई जाएंगी।
रायपुर। दंतेवाड़ा में हाल ही में आई बाढ़ से निपटने और प्रभावितों को आवश्यक मदद पहुँचाने में प्रशासन तत्पर रहा। अपने विदेश दौरे के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दक्षिण कोरिया से वीडियो कांफ्रेंसिंग कर बाढ़ प्रभावित जिलों के कलेक्टरों को आवश्यक निर्देश भी दिए थे।
आज मुख्यमंत्री के दंतेवाड़ा के चूड़ी टिकरापारा पहुँचने पर बाढ़ प्रभावित परिवारों ने प्रशासन द्वारा समय पर बचाव एवं राहत पहुँचाने के लिए आभार व्यक्त किया। मौजूद लोगों ने कहा कि सरकार की इस संवेदनशील पहल से सभी प्रभावित परिवार सुरक्षित और सकुशल हैं। राहत शिविर में रहने, भोजन और इलाज जैसी सभी सुविधाएँ उपलब्ध हैं।
बाढ़ पीड़ित गुप्तेश्वरी कश्यप, शालिनी शर्मा, सविता पात्रे एवं लता सागर ने मुख्यमंत्री साय को बताया कि राहत शिविर में किसी भी तरह की दिक्कत नहीं है और अब राशन, बर्तन, कपड़े, गैस सिलेंडर एवं चूल्हा भी दिया गया है। मकान ढहने पर सहायता राशि भी मिल चुकी है और अब घर बनने तक वे यहाँ राहत शिविर में रहेंगे। प्रभावितों ने बताया कि बाढ़ आने के साथ ही प्रशासन की अपील पर सभी लोग सुरक्षित ऊँचे स्थान पर चले गए थे। फिर बाढ़ का पानी उतरने के बाद उन्हें चूड़ी टिकरापारा के छात्रावास भवन में राहत शिविर में ठहराया गया।
इसी तरह रीता कश्यप, द्रोपदी नाग, कुंदन गुप्ता, महेश नाग, बबीता नाग सहित अन्य प्रभावितों ने भी प्रशासन के राहत एवं पुनर्वास प्रयासों की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री साय को धन्यवाद दिया।
मुख्यमंत्री के समक्ष भावुक हुईं सोमड़ी सोढ़ी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बाढ़ प्रभावितों से मिलने के दौरान चूड़ी टिकरापारा निवासी सोमड़ी सोढ़ी के घर पहुँचे तो सोमड़ी सोढ़ी भावुक हो गईं। उन्होंने बताया कि बाढ़ से पूरा घर डूब गया था। बाढ़ आने के एक दिन पहले वह अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती हुई थीं और उनकी दोनों बेटियाँ भी साथ में थीं, इस कारण उनकी जान बच गई। अस्पताल से ठीक होकर शुक्रवार को वह घर लौटीं।
सोमड़ी ने बताया कि, बाढ़ के पानी में घर का पूरा सामान खराब हो गया है। इस बीच प्रशासन ने राशन, बर्तन, कपड़े, गैस सिलेंडर एवं चूल्हा उपलब्ध कराया है। साथ ही राहत शिविर में नाश्ता, भोजन और इलाज की सुविधा भी दी जा रही है। इस आपदा की घड़ी में सरकार की सहायता के लिए सोमड़ी ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार प्रकट किया।
CG News: इसी तरह दंतेवाड़ा के चूड़ी टिकरापारा के बाढ़ प्रभावित सुरेश बघेल ने बताया कि बाढ़ आने के दिन पूरा परिवार घर में ही था। प्रशासन की सूचना पर वे सभी सुरक्षित स्थान पर चले गए और एक दिन बाद राहत शिविर पहुँचे। पिछले शुक्रवार को वे शिविर से घर लौटे हैं। सुरेश ने बताया कि, प्रशासन द्वारा राशन, बर्तन, गैस सिलेंडर एवं चूल्हा, कंबल-चादर और कपड़े जैसे सभी जरूरी सामान उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे उनके परिवार को बड़ी राहत मिली है।
बस्तर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज बस्तर पहुंचे। यहां उन्होंंनेबाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का मुआयना और हवाई सर्वेक्षण कर स्थिति का जायजा लिया। साथ ही दंतेवाड़ा के जिला कार्यालय में बाढ़, आपदा और राहत कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। इस बैठक में दंतेवाड़ा, सुकमा, बीजापुर और बस्तर जिले के कलेक्टर एवं वरिष्ठ अधिकारियों ने स्थिति की जानकारी साझा की।
सीएम साय ने कहा कि, बीते दिनों बस्तर संभाग में आई भीषण बाढ़ से जन-धन और अधोसंरचना की जो क्षति हुई है वह अपूरणीय है, लेकिन प्रशासन और सामाजिक संगठनों ने त्वरित कार्रवाई कर राहत पहुँचाने का जो प्रयास किया है, वह सराहनीय है। कई वर्षों बाद बस्तर क्षेत्र में आई अतिवृष्टि से दंतेवाड़ा, बस्तर, सुकमा और बीजापुर प्रभावित हुए हैं। विदेश यात्रा के दौरान भी मैंने लगातार स्थिति पर नजर रखी और प्रशासन को निर्देश दिए। लौटते ही सबसे पहले मैंने यहां आकर स्थलीय व हवाई सर्वेक्षण किया। संकट की इस घड़ी में शासन-प्रशासन हर कदम पर जनता के साथ है और आवश्यक सहायता समय पर उपलब्ध कराई जा रही है।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि, मैंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि स्थिति सामान्य होने तक राहत और स्वास्थ्य शिविर लगातार जारी रहें, प्रभावित परिवारों को हर जरूरी मदद समय पर उपलब्ध कराई जाए और स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता के साथ गाँव-गाँव तक पहुँचाया जाए। साथ ही जलजनित बीमारियों की रोकथाम और पेयजल के शुद्धीकरण पर विशेष ध्यान देने के लिए भी कहा गया है। प्रदेश सरकार पूरी गंभीरता के साथ बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में खड़ी है और हर संभव सहयोग सुनिश्चित कर रही है।
CG News: वहीं आज की इस बैठक में कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप जी, टंकराम वर्मा जी, बस्तर सांसद महेश कश्यप जी, विधायक चैतराम अटामी जी, जिला पंचायत अध्यक्ष नंदलाल मुड़ामी जी सहित अधिकारीगण उपस्थित रहे।
जगदलपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आज जगदलपुर में मां दंतेश्वरी हवाई अड्डे पर आत्मीय स्वागत किया गया। वे बस्तर, दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर जिले के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने और राहत कार्यों की समीक्षा करने के लिए पहुंचे हैं।
हवाई अड्डे पर बस्तर सांसद महेश कश्यप, चित्रकोट विधायक विनायक गोयल, जगदलपुर के महापौर संजय पांडेय सहित अन्य जनप्रतिनिधियों और पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा, आयुक्त नगर निगम प्रवीण वर्मा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। मुख्यमंत्री साय के साथ वन मंत्री केदार कश्यप, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह और सचिव श्रीमती रीना बाबा साहब कंगाले भी पहुंचे हैं।
हवाई अड्डे पर स्वागत के बाद मुख्यमंत्री साय सड़क मार्ग से दंतेवाड़ा के लिए रवाना हो गए। वे बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेंगे और स्थिति का जायजा लेंगे। इसके साथ ही, वे राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा भी करेंगे ताकि प्रभावित लोगों को तत्काल सहायता पहुंचाई जा सके।
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक (अपेक्स बैंक) और 6 जिला सहकारी केन्द्रीय बैंकों में जूनियर और डिप्टी मैनेजर कैडर की भर्ती परीक्षा के लिए प्रवेश पत्र जारी कर दिए गए हैं। परीक्षार्थी छत्तीसगढ़ व्यापम की वेबसाइट vyapamcg.cgstate.gov.in से 1 सितंबर, 2025 से अपने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। परीक्षा 7 सितंबर (रविवार) को सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:15 बजे तक पांच जिलों में आयोजित होगी।
इन पदों के लिए होगी परीक्षा?
परीक्षा में जूनियर मैनेजर (कन्सट्रक्शन/मेंटेनेन्स), डिप्टी मैनेजर (उपयंत्री), सीनियर मैनेजर (कृषि विशेषज्ञ),जूनियर मैनेजर (आईटी/प्रोग्रामर), और अस्सिटेंट मैनेजर (प्रोग्रामर) समेत कई पदों पर भर्ती होगी।
परीक्षा के दिन इन बातों का रखें ध्यान
सभी परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर कम से कम दो घंटे पहले, यानी 9:00 बजे तक पहुंचना अनिवार्य है।
10:30 बजे के बाद किसी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं मिलेगा।
परीक्षार्थियों को अपना डाउनलोड किया हुआ प्रवेश पत्र और फोटोयुक्त मूल पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस या विद्यालय का परिचय पत्र लेकर आना जरूरी है।
डाक द्वारा प्रवेश पत्र नहीं भेजा जाएगा; सिर्फ ऑनलाइन डाउनलोड करना होगा।
परीक्षा केन्द्र में हल्के रंग के आधी बांह वाले कपड़े और चप्पल पहनकर आएं। जूते और कान के आभूषण वर्जित हैं।
परीक्षा कक्ष में मोबाइल, घड़ी, पर्स, स्कार्फ, बेल्ट, टोपी आदि ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
परीक्षा शुरू होने के पहले और समाप्ति के आखिरी आधा घंटा में कक्ष से बाहर जाना नियम विरुद्ध है।
रायपुर। राजधानी रायपुर में आज से दो पहिया वाहनों को बिना हेलमेट के पेट्रोल नहीं दिया जाएगा। छत्तीसगढ़ पेट्रोलियम डीलर एसोसिएशन ने सख्त निर्देश जारी करते हुए कहा कि, अगर कोई इस पर आपत्ति जताएगा या विवाद करता है तो उसके खिलाफ पुलिस कार्रवाई की जाएगी। जिसकी शिकायत पंप वाले डायल 112 में कर सकते हैं।
दरअसल, हेलमेट नहीं लगाने की वजह से रायपुर में पिछले 7 महीने में 214 लोगों ने जान गंवाई है, जबकि 150 से ज्यादा को गंभीर चोटें आई है। वहीं सीट बेल्ट नहीं लगाने की वजह से 20 से ज्यादा लोगों की जान गई है। मालूम हो कि, पिछले महीने 1 अगस्त मध्य प्रदेश के दो बड़े शहरों भोपाल और इंदौर में ‘नो हेलमेट, नो पेट्रोल’ नियम लागू हो गया है।
बता दें कि, यह फैसला सड़क पर बढ़ते हादसों के चलते लिया गया है, ताकि हादसों में होने वाली मौतों पर रोक लगाई जा सके। बिना हेलमेट वाले दोपहिया वाहनों को पेट्रोल पंप पर पेट्रोल नहीं देने का नियम लागू हुआ। साथ ही उल्लंघन करने वाले खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में पुलिस ने बड़ा सेक्स रैकेट का खुलासा (Sex racket exposed) किया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, पुलने गदा चौके पास मौजुद ईशा होटल में छापा मारते हुए दो युवतियों को एक ग्राहक के साथ धर दबोचा। इसके अलावा वहां मौजूद कुछ प्रेमी जोड़ों को भी पुलिस ने हिरासत में लिया है। घटना वैशाली नगर थाना क्षेत्र की है।
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, अलग-अलग जगहों से आए प्रेमी जोड़ों से पुलिस बयान ले रही है। वहीं होटल के मैनेजर और मालिक के खिलाफ भी पुलिस कार्रवाई जारी है।
जांच के दौरान पकड़ी गई युवतियों को बयान देने के बाद उनके घर भेज दिया गया। पुलिस फिलहाल सभी आरोपी पक्षों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है।
बीजापुर। जिले से सनसनी खेज मामला सामने आया है। ग्राम नैमेड स्थित कन्या आवासीय विद्यालय में 9वीं कक्षा की छात्रा की फांसी के फंदे पर लटकी हुई लाश मिली है। घटना से आक्रोशित परीजनों ने जिला अस्पताल के सामने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। परिजनों का आरोप है कि उन्हें शव देखने तक नहीं दिया गया। फिलहाल मौत की वजह अज्ञात है. वहीं मामले की गंभीरता को देखते हुए डीईओ ने एसडीएम स्तर पर जांच करवाने की बात कही है।
जानकारी के मुताबिक, रात में सभी मेस में खाना के लेने के लिए पहुंची। इस दौरान छात्रा नजर नहीं आई तो सहपाठियोंं ने उसे ढूंढना शुरू किया। उन्होंने कपड़े सूखाने वाले कमरे में जाकर देखा तो वाहन मृतिका की लाश फांसी के फंदे पर लटकी हुई मिली। छात्राओं ने विद्यालय प्रबंधन को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद पिंकी कुरसम को जिला हॉस्पिटल बीजापुर ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
इधर घटना की जानकारी मिलने पर छात्रा के परिजन जिला हॉस्पिटल पहुंचे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप है कि उन्हें शव को देखने तक नहीं दिया जा रहा है। प्रशासन सच को छुपा रहा है। क्या असल में यह मामला आत्महत्या का है, या उनकी बेटी के साथ अनहोनी हुई है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से मांग की है कि इस घटना की स्पष्टता से जांच की जाय और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो।
नैमेड थाना प्रभारी हरिनाथ रावत ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल मौत का कारण अभी अज्ञात है, मृतिका की सहेलियों और स्टाफ से पूछताछ की जारी है। हर पहलू से जांच जारी है।
रायपुर : खाद्य विभाग की टीम ने बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में छापेमारी कर अवैध रूप से घरेलू गैस सिलेण्डर का भण्डारण एवं अधिक दाम पर विक्रय करने की शिकायतों पर बड़ी कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान मेसर्स माँ महामाया एचपी गैस एजेंसी, करमदा में 6,33,536 रुपए मूल्य के विभिन्न प्रकार के 233 सिलेण्डर अनियमित रूप से संग्रहित पाए गए। इस पर एजेंसी संचालक सुनीता अग्रवाल और प्रबंधक तामेश वर्मा के विरुद्ध द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय एवं वितरण विनियमन) आदेश 2000 के प्रावधानों के तहत कार्यवाही की गई तथा संबंधित को नोटिस जारी किया जाएगा।
जिले में घरेलू गैस सिलेण्डर की कालाबाजारी और एजेंसियों द्वारा वितरण में गड़बड़ी की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। कलेक्टर श्री दीपक सोनी के निर्देश पर एवं जिला खाद्य अधिकारी पुनीत वर्मा के मार्गदर्शन में सहायक खाद्य अधिकारी विजय कुमार किरण, लक्ष्मण कश्यप, खाद्य निरीक्षक कमलनारायण साहू और शीतलेश यादव की टीम ने यह कार्रवाई की।
खाद्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि घरेलू गैस सिलेण्डर का अवैध भण्डारण कर विक्रय करने वालों तथा गैस एजेंसियों द्वारा वितरण में अनियमितता बरतने वालों पर आगे भी इसी प्रकार की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
गरियाबंद। छुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले जरगांव गांव के कटेलपारा में शनिवार को एक खेत से युवक का शव बरामद होने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान गांव के ही 45 वर्षीय गंगाधर के रूप में हुई है।
परिजनों के अनुसार, गंगाधर बीते बुधवार को बाजार जाने के बाद से लापता था। लगातार खोजबीन के बाद भी जब कोई सुराग नहीं मिला, तो परिजनों ने पांच दिन बाद गुमशुदगी की रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई थी।
शनिवार सुबह ग्रामीणों ने खेत में शव देखा, जिसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही फॉरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए।
बिलासपुर। सिटी कोतवाली पुलिस ने नाबालिग से छेड़छाड़ और धमकी देने वाले आरोपी शेख ईमरान खान उर्फ गिल्लू उर्फ मूसा को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
पीड़िता ने 29 अगस्त को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि आरोपी उसके साथ बुरी नियत से हाथ-बांह पकड़कर बातचीत के लिए दबाव डालता और मना करने पर चाकू दिखाकर जान से मारने की धमकी देता था। आरोपी पीड़िता का पहले भी स्कूल आते-जाते समय पीछा करता था
शिकायत पर पुलिस ने धारा 74, 78, 351(2) BNS और पाक्सो एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने दबिश देकर आरोपी को पकड़ लिया और पूछताछ में उसने अपराध स्वीकार किया। घटना में प्रयुक्त चाकू को भी जब्त कर 25, 27 आर्म्स एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं। आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा अक्सर सुर्खियों में बनी रहती हैं. एक बार फिर से वो केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को लेकर दिए आपत्तिजनक बयान को लेकर मुश्किल में पड़ गई हैं. मोइत्रा के खिलाफ अब छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में माना पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज की गई है. पुलिस ने रविवार (31 अगस्त) को यह जानकारी दी.
टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा ने पश्चिम बंगाल के नदिया जिले में एक कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से बात करते हुए अमित शाह को लेकर विवादित बयान दिया था. घुसपैठ को लेकर किए गए एक सवाल के जवाब में मोइत्रा ने केंद्र सरकार पर सीमा सुरक्षा के मामले में अपनी जिम्मेदारियों से भागने का आरोप लगाया था.
उन्होंने कहा था कि अगर शाह बांग्लादेश से घुसपैठ रोकने में विफल रहते हैं, तो सबसे पहले आपको उनका सिर काटकर अपनी मेज पर रखना चाहिए. उन्होंने कहा था कि इसे रोकना केंद्रीय गृह मंत्रालय की जिम्मेदारी है, जिसमें गृह मंत्री अमित शाह पूरी तरह विफल रहे हैं. मोइत्रा के इस बयान के सामने आने के बाद राजनीतिक बवाल मच गया.
विभिन्न धाराओं में केस दर्ज
पुलिस के मुताबिक एक स्थानीय निवासी गोपाल सामंतो की शिकायत के आधार पर बीते शनिवार को माना पुलिस स्टेशन में टीएमसी सांसद के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196 (धर्म, नस्ल, जन्मस्थान, निवास, भाषा आदि के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना) और 197 (राष्ट्रीय एकता के लिए पूर्वाग्रह से भरी बातें कहना) के तहत मामला दर्ज किया गया है.
‘आपत्तिजनक और असंवैधानिक बयान’
शिकायतकर्ता गोपाल सामंतो का आरोप है कि मोइत्रा का बयान आपत्तिजनक और असंवैधानिक है. इसके साथ ही शिकायत में यह भी कहा गया है कि रायपुर के माना कैंप इलाके में भारी संख्या में 1971 में आए बांग्लादेशी शरणार्थी बसे हुए हैं. ऐसे बयान से उनके बीच भय का माहौल बन रहा है और अन्य समुदायों में गुस्सा भड़क सकता है.
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के लोकप्रिय मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 125वीं कड़ी का सीधा प्रसारण आज नवा रायपुर स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद उद्योग एवं व्यापार परिसर के कन्वेंशन सेंटर में हुआ। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, उद्योग मंत्री लखन देवांगन, राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा, कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक इंद्र कुमार साहू तथा छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधिगण और नागरिक उपस्थित थे।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में खेलों को न केवल स्वास्थ्य बल्कि आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता का भी आधार बताया। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि खेलकूद में सक्रिय भागीदारी कर अपने जीवन और देश दोनों को ऊर्जावान बनाएं.
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर कहा कि ‘मन की बात’ हर माह प्रदेशवासियों को नई ऊर्जा और प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का ‘मन की बात’ रेडियो कार्यक्रम समाज के सभी वर्गों में सकारात्मक सोच और राष्ट्रीय चेतना को प्रबल करता है।
रायपुर : पुरानी बस्ती रायपुर स्थित जैतू साव मठ में राधा अष्टमी का पर्व हर्षोल्लास पूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर भगवान की विधिवत पूजार्चना की गई एवं उन्हें छप्पन भोग अर्पित किया गया। मठाधीश महन्त रामसुन्दर दास जी महाराज ने अपने संदेश में कहा है कि- भाद्र शुक्ल पक्ष अष्टमी को प्रत्येक वर्ष जैतू साव मठ में राधा अष्टमी का पर्व मनाया जाता है। इस वर्ष भी यह पर्व परंपरागत रूप से मनाया गया है।
उन्होंने राधा अष्टमी की सभी श्रद्धालु भक्तों को शुभकामनाएं एवं बधाई दी है। पूर्व मंत्री सत्यनारायण शर्मा ने कहा कि प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी भगवान को राधा अष्टमी के पावन पर्व पर छप्पन भोग अर्पित किया गया है यहां यह पर्व श्रद्धा भक्ति पूरक मनाया जाता है। भगवान के लिए छप्पन भोग प्रसाद तैयार करने में अजय तिवारी जी का सराहनीय योगदान है।
इस अवसर पर विशेष रूप से महेंद्र अग्रवाल, सुरेश शुक्ला, रमेश यदु, चंद्रकांत यदु, अंकित पाठक, सुमित तिवारी, दीपक पाठक, रोहित ध्रुव, सत्यम वर्मा, सियाराम यादव, पुजारी एवं विद्यार्थि गण सहित लोग बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
बलरामपुर। जिले से दिल दहला देने वाली खबर सामने आ रही है, यहां देर रात करीब 2 बजे तेज रफ्तार बाइक माइल स्टोन से टकराकर गई। जबकि बाइक सवार युवक-युवती 50 फीट दूर खेत में जा गिरे। हादसे में दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना शंकरगढ़ थाना क्षेत्र की है।
जानकारी के मुताबिक, राजपुर-कुसमी मार्ग पर सरगांवा नाले के पास तेज रफ्तार स्पोर्ट्स बाइक सड़क किनारे लगे माइल स्टोन पत्थर से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक दो टुकड़ों में टूट गई। घटना की सूचना पर शंकरगढ़ थाने की पुलिस पेट्रोलिंग टीम मौके पर पहुंची।
हादसे के बाद दूसरे बाइक पर पहुंचे युवक-युवती
इसके बाद पिकअप को रोककर दोनों को शंकरगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। जहां डॉक्टर ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना स्थल पर बाइक सवारों के पीछे दूसरी बाइक में सवार युवक-युवती भी पहुंचे थे। पुलिस टीम को देखकर बाइक सवार युवक भाग निकला।
पूछताछ करने पर हुई मृतकों की पहचान
वहीं युवती से पूछताछ करने पर मृतकों की पहचान देवराज (21) निवासी बलरामपुर और बिंदू टोप्पो (16) निवासी हर्राटोली के रूप में हुई। उसने बताया कि वे अंबिकापुर से हर्राटोली लौट रहे थे। फिलहाल, पुलिस ने शवों का पंचनामा कर पीएम के लिए भिजवा दिया है।
पुलिस ने मृतकों के परिजनों को घटना की जानकारी दे दी है और मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
रायपुर / तिल्दा नेवरा। पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी बाजपेयी की स्मृति में सासा होली वार्ड क्रमांक 22 में अटल परिसर का निर्माण किया गया है। जिसका लोकार्पण रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ,राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ,नगर पालिका अध्यक्ष चन्द्रकला खु मान वर्मा और अतिथियों द्वारा विधिवत पूजन कर किया गया।
आपको बता दें कि अधोसंरचना मद अंतर्गत स्वीकृत राशि 28.16 लाख रुपए से सासा होली वार्ड क्रमांक 22 में अटल परिसर का निर्माण किया गया है। अटल परिसर में आकर्षक प्रतिमा के साथ साथ पेडेस्टल, फ्लोर एवं वॉल में आकर्षक ग्रेनाइट पत्थर लगाकर विद्युत से सुसज्जित किया गया है।
रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा आज हमने अटल परिसर का लोकार्पण किया है। यह हमारे लिए गर्व का क्षण है। भारत के पूर्व प्रधानमंत्री भारतरत्न स्वर्गीय अटल जी का व्यक्तित्व सबसे ऊंचा है। उन्हें विपक्ष के लोग भी सम्मान देते थे। गांव में विकास की क्रांति लाने में उनका अमूल्य योगदान है। उन्होंने किसानों को साहूकारों के चंगुल से छुटकारा दिलाया। किसान क्रेडिट योजना किसानों के लिए वरदान साबित हुई।
राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा की पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी एक श्रेष्ठ राजनेता, एक अच्छे कवि, लेखक, संपादक थे। जिसके कारण उनको भारत रत्न से सम्मानित किया गया। उन्होंने पोखरण में परमाणु परीक्षण कराकर भारत को परमाणु संपन्न राष्ट्र बनाया। उन्होंने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से गांव-गांव तक सड़कों का जाल बिछाया। जिसके कारण वे हमेशा याद किए जाते रहेंगे।
नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती चन्द्रकला खु मान वर्मा ने पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा स्थापित करने के लिए मुख्यमंत्री साय एवं छत्तीसगढ़ शासन को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया है।
लोकार्पण समारोह में प्रमुख रूप से राम पंजवानी ,मनोज निषाद ,श्रीमती पलक विकास सुखवानी पार्षद ईश्वर यदु,विनोद कुमार नेताम,,धर्मेंद्र डहरिया,,ज्योति नागवानी,सतीश निषाद,नीता वर्मा,राजकुमार गेन्डरे,अन्नपूर्णा कश्यप,दिनेश साहू,पारूल अग्रवाल,,किरण बाला नायक,जयेश पैकरा,पूर्णिमा सेन, दिनेश साहू,संतोष यदु,रानी सौरभ जैन मौजूद थे।
भाजपा के पदाधिकारीगण, नगरपालिका के अधिकारी कर्मचारी गण ,जनप्रतिनिधिगण, भाजपा के कार्यकर्ता,भारी संख्या में नगरवासी उपस्थित रहे।
राजनांदगांव : राजनांदगांव शहर में गणेश पंडाल के माध्यम से आस्था के साथ ही सामाजिक सरोकार का संदेश लेकर गणेश स्थापना करने वाली त्रिमूर्ति गणेश उत्सव समिति द्वारा इस वर्ष भी संदेशप्रद भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित की गई है। जहां बालश्रम के खिलाफ शिक्षा का संदेश दिया जा रहा है।
राजनांदगांव शहर के वार्ड नंबर 7 शंकरपुर में त्रिमूर्ति गणेश उत्सव समिति ने इस वर्ष बाल श्रम की थीम को शामिल किया है। यहां गणेश पंडाल में भगवान गणेश बच्चों के बीच पुस्तक लेकर खड़े हुए । वही पंडाल में बनाई गई अन्य प्रतिमा बालश्रम के खिलाफ और शिक्षा से उन्नति को प्रदर्शित कर रही है। इस पंडाल में संदेश दिया जा रहा है कि शिक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य को प्राप्त किया जा सकता है। गणेश पंडाल में एक ही प्रतिमा के दो रूप दिखाए गए हैं । जिसमें एक साईड शिक्षा के साथ और एक तरफ शिक्षा के बगैर जीवन पर पड़ने वाले असर को प्रदर्शित करता है। यहां भगवान गणेश के पीछे हिंदी और अंग्रेजी के वर्ण लिखे गए हैं। वही फ्लेक्स के माध्यम से गणेश उत्सव समिति बाल श्रम का विरोध करते हुए बच्चों को शिक्षा देने लोगों को प्रेरित कर रही है।
इस गणेश पंडाल में बीते वर्ष पर्यावरण जागरूकता का संदेश दिया गया था और पेड़ों की कटाई के खिलाफ धार्मिक आस्था के माध्यम से लोगों को जागरूक किया गया । वहीं इस वर्ष बाल श्रम के बढ़ते मामलों को देखते हुए शिक्षा से दूर होते बच्चों के प्रति संदेश दिया गया है। जिसमें ज्ञान, विवेक और बुद्धिमत्ता के स्वामी गणेश शिक्षा का संदेश दे रहे हैं।
त्रिमूर्ति गणेश उत्सव समिति द्वारा लगभग 30 वर्षों से यहां गणेश प्रतिमा की स्थापना की जा रही है। इस गणेश पंडाल में अधिकांश युवाओं की टीम है जो सामाज की भलाई से संबंधित संदेश देने वाली प्रतिमा विराजित करती है। शंकरपुर के रविदास मार्ग में स्थापित इस गणेश प्रतिमा को लेकर समिति के अध्यक्ष रवि जगने ने बताया कि आस्था के साथ दिए गए संदेश से लोग ज्यादा प्रेरित होते हैं । इस वजह से यहां एक मैसेज देने वाली प्रतिमा स्थापित की जाती है।





























