- अपना मोबाइल नंबर एप्लीकेशन फॉर्म में भरें
- अपनी पर्सनल डिटेल्स दें
- अपना मोबाइल नंबर वैरिफाई करने के लिए ओटीपी दर्ज करें
- लोन उद्देश्य और लोन अमाउंट चुनें
- लोन ऑफर्स की तुलना करें और बेहतर लोन विकल्प चुनें
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
आप बिना बैंक जाएं, घर बैठे मोबाइल या लैपटॉप से ऑनलाइन लोन आवेदन कर सकते हैं। इसकी एक सामान्य प्रक्रिया नीचे दी गई है, जो लगभग सभी लेडिंग प्लेटफॉर्म्स पर लागू होती है। हालांकि कुछ के लिए प्रक्रिया थोड़ी भिन्न भी हो सकती है:
- जिस बैंक या एनबीएफसी से लोन लेना हो, उसके ऐप, नेट बैंकिंग या वेबसाइट पर जाएं
- मोबाइल नंबर, ईमेल और OTP के जरिए अकाउंट बनाएं
- नाम, पता, जन्मतिथि, इनकम, जॉब प्रोफाइल जैसी पर्सनल डिटेल्स भरें
- आधार व PAN कार्ड अपलोड करें, कुछ प्लेटफॉर्म लाइव फोटो या वीडियो KYC भी मांगते हैं
- बैंक खाता दर्ज करें जिसमें आप लोन राशि प्राप्त करना चाहते हैं
- अपनी ज़रूरत अनुसार लोन राशि व अवधि चुनें
- सैलरी स्लिप, बैंक स्टेटमेंट या IT रिटर्न (अगर मांगा जाए) जैसे डॉक्यूमेंट्स अपलोड करें
- सभी जानकारी चेक करें और ‘Submit’ या ‘Apply’ बटन पर क्लिक करें
- सब कुछ सही होने पर यानी लोन अप्रूवल के बाद राशि आपके खाते में ट्रांसफर कर दी जाती है
लोन अप्रूवल और डिस्बर्सल टाइमलाइन
लोन अप्रूवल और डिस्बर्सल टाइमलाइन उस समय अवधि को दर्शाती है जिसमें आपका लोन आवेदन प्रोसेस होकर राशि आपके खाते में ट्रांसफर की जाती है। यह टाइमलाइन कई कारकों जैसे- लोन के प्रकार (पर्सनल/इंस्टेंट लोन, होम लोन, बिज़नेस लोन या कार लोन), संस्था (बैंक/NBFCs या डिज़िटल प्लेटफॉर्म), क्रेडिट स्कोर, डॉक्यूमेंट्स, और प्रोफाइल (सेल्फ-एम्प्लॉइड या सैलरीड) आदि पर निर्भर करता है।
उदाहरण के लिए- अगर एसबीआई से आपको प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन ऑफर हो रहा है, तो प्रोसेस करने पर लोन राशि कुछ मिनट या घंटों में आपके खाते में ट्रांसफर हो सकती है। वहीं, एचडीएफसी जैसे बैंक में लोन आवेदन करने पर डिस्बर्स होने में 2-4 दिन का समय लग सकता है।
कौन-कौन से बैंक या ऐप तुरंत लोन देते हैं?
यस बैंक, ICICI बैंक व एक्सिस बैंक जैसे कई बैंक इंस्टेंट पर्सनल लोन ऑफ़र करते हैं। इसके अलावा HDFC बैंक अपने प्री-अप्रूव्ड कस्टमर्स को व्यक्तिगत ऋण के आवेदन के 10 सेकंड के भीतर लोन राशि अकाउंट में जमा करने का दावा करता है।
तुरंत लोन की पात्रता क्या है?
तुरंत लोन यानी प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन की पात्रता मुख्य रूप से आवेदक के क्रेडिट प्रोफाइल पर निर्भर करती है। लेंडर्स ये ऑफर अपने ऐसे मौजूदा ग्राहकों को ऑफर करते हैं, जिनकी क्रेडिट प्रोफाइल अच्छी होती है। जिसके लिए लेंडर आवेदक का बैंक बैलेंस, लेन-देन का पैटर्न, हाल की क्रेडिट सैलरी, पहले से लिए गए लोन या ईएमआई की स्थिति, जॉब हिस्ट्री और लोन चुकाने की आदत वगैरह ध्यान से चेक करते हैं। ये सब देखकर ही बैंक व एनबीएफसी किसी आवेदक को प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन (Pre-Approved Personal Loan) ऑफर करते हैं।
हालांकि प्री-अप्रूव्ड का मतलब ये नहीं कि लोन पक्का मिल ही जाएगा। अगर आप लोन ऑफर स्वीकार करते हैं और आगे की प्रक्रिया करते हैं तो आपके डॉक्यूमेंट्स और एप्लीकेशन फॉर्म की गहनता से जांच की जाती है। हो सकता है कि लेंडर अपनी इंटरनट पॉलिसी के मुताबिक कुछ जांच और भी करें। यानी प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन के अप्रूवल की संभावना अधिक है, लेकिन लोन मिलने की गारंटी नहीं होती।
तुरंत लोन के लिए ज़रूरी दस्तावेज़
बैंक व एनबीएफसी आमतौर पर तुरंत लोन (प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन) प्रोसेस करते समय नए दस्तावेज़ों की मांग नहीं करते, क्योंकि उनके पास पहले से ही अपने मौजूदा ग्राहकों के ज़रूरी KYC दस्तावेज़ (जैसे पहचान, पता और आय का प्रमाण) उपलब्ध होते हैं।
इससे न केवल कागजी कामकाज कम हो जाता है, बल्कि आवेदक का समय और मेहनत भी बचती है, और जिन लोगों को जल्दी पैसे की ज़रूरत होती है उनके लिए लोन अप्रूवल प्रक्रिया काफी तेज़ हो जाती है।
तुरंत लोन की ब्याज दरें (इंस्टेंट पर्सनल लोन की ब्याज दरें)
अधिकांश लेंडर्स अपने मौजूदा ग्राहकों को प्री-अप्रूव्ड लोन पर विशेष (preferential) ब्याज दरें देते हैं, लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि वही सबसे कम ब्याज दर होगी।
इसलिए जो भी व्यक्ति पर्सनल लोन लेने की सोच रहे हैं, उनके लिए ये ज़रूरी है कि वे अपने बैंक, क्रेडिट कार्ड कंपनी या जहां पहले से लोन चल रहा है, वहां के साथ-साथ अन्य लेंडर्स की ब्याज दरों की भी तुलना करें। ऐसा करने से आप केवल किसी एक प्री-अप्रूव्ड ऑफर को मानने के बजाय, अपने लिए सबसे बेहतर और सस्ती शर्तों पर लोन प्राप्त कर सकते हैं।
प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क
प्री-अप्रूव्ड पर्सनल लोन पर लगने वाली प्रोसेसिंग फीस आमतौर पर सामान्य पर्सनल लोन की तुलना में या तो समान होती है या उससे कम होती है। सामान्य लोन में ये फीस लोन राशि की 4% तक भी हो सकती है। कई बार बैंक या लोन संस्थान एक लिमिट तय कर देते हैं, यानी लोन राशि कितनी भी हो, प्रोसेसिंग फीस एक तय सीमा से ज़्यादा नहीं ली जाएगी।
इसके अलावा, कुछ लेंडर त्योहारों के समय या खास ऑफर्स के दौरान प्रोसेसिंग फीस पूरी तरह माफ भी कर देते हैं। चूंकि प्रोसेसिंग फीस आपके कुल लोन खर्च को काफी हद तक प्रभावित कर सकती है, इसलिए यह ज़रूरी है कि ग्राहक प्री-अप्रूव्ड लोन की फीस की तुलना अन्य सामान्य लोन ऑफर्स से ज़रूर करें। इससे आप बेहतर और किफायती विकल्प चुन सकेंगे।
तुरंत लोन EMI कैलकुलेशन कैसे करें?
तुरंत/इंस्टेंट पर्सनल लोन की EMI (Equated Monthly Installment) कैलकुलेट करना बहुत आसान है। इससे आपको पहले ही पता चल जाता है कि हर महीने कितनी रकम चुकानी होगी। फिर आप अपनी भुगतान क्षमता के हिसाब से लोन अवधि चुन सकते हैं। साथ ही अपने फाइनेंस को अच्छे से मैनेज कर सकते हैं ताकि लोन ईएमआई भुगतान में चूक न हो।
ईएमआई कैलकुलेशन के लिए आप ऑनलाइन EMI कैलकुलेटर का इस्तेमाल कर सकते हैं। EMI कैलकुलेट करने के लिए लोन राशि, इंटरेस्ट रेट और लोन अवधि जैसी जानकारी दर्ज करें, उसके बाद ईएमआई पता चल जाएगी। साथ ही आप कुल ब्याज लागत भी जान सकते हैं। Add EMI Calculator
लोन अमाउंट और अवधि के अनुसार EMI
ईएमआई का सीधा संबंध लोन अमाउंट और अवधि से जुड़ा होता है। आप पर्सनल लोन EMI कैलकुलेटर की मदद से आसानी से जान सकते हैं कि किस ब्याज दर पर कितने अवधि के लिए कितनी ईएमआई होगी। यहां नीचे टेबल में 15% प्रति वर्ष ब्याज दर पर अलग-अलग लोन राशि व अवधि के हिसाब से EMI दी गई है:
| लोन राशि (₹) |
अवधि: 1 साल (₹ EMI) |
अवधि: 2 साल (₹ EMI) |
अवधि: 3 साल (₹ EMI) |
| 20,000 |
1,805 |
969 |
696 |
| 30,000 |
2,707 |
1,454 |
1,039 |
| 50,000 |
4,512 |
2,424 |
1,733 |
| 1,00,000 |
9,025 |
4,848 |
3,466 |
| 2,00,000 |
18,051 |
9,697 |
6,933 |
ध्यान रखें कि लोन की अवधि छोटी होने से ईएमआई ज्यादा होगी लेकिन कुल ब्याज लागत कम होगी। वहीं इसके उल्ट अवधि लंबी होने से EMI कम होगी, पर कुल ब्याज ज़्यादा चुकाना पड़ेगा।
तुरंत लोन के फायदे और जोखिम
इंस्टेंट पर्सनल लोन के कई फायदें हैं। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि लोन राशि तुरंत अकाउंट में जमा कर दी जाती है। इसके साथ ही इस लोन राशि का इस्तेमाल आप बिना किसी प्रतिबंध के किसी भी उद्देश्य (जुड़ा और अन्य प्रतिवंधित काम को छोड़कर) के लिए कर सकते हैं।
वहीं बात करे इसके खामियों की तो इंस्टेंट पर्सनल लोन के ऑफर्स को देखकर आप लोन लेने के लिए प्रेरित हो सकते हैं, भले ही आपको लोन की आवश्यकता न हो। इस तरह एक गलत कदम और आप बड़े कर्ज के दलदल में फंस सकते हैं। इसलिए अपने फैसला समझदारी से लें। लोन लेने से पहले ये ज़रूर तय करें कि क्या सच में आपको लोन की ज़रूरत है या नहीं। साथ ही लोन लेने से पहले सर्विस फीस और किसी भी तरह की छिपी हुई फीस का पता ज़रूर लगा लें।