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CG : CRPF के जवान ने सर्विस राइफल से खुद को मारी गोली, कैंप में मचा हड़कंप

CG : CRPF के जवान ने सर्विस राइफल से खुद को मारी गोली, कैंप में मचा हड़कंप

 गरियाबंद। छत्तीसगढ़ और ओडिशा की सीमा पर स्थित सीआरपीएफ (CRPF) कैंप से एक दुखद घटना सामने आई है। जहां सीआरपीएफ कैंप में एक जवान ने अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली। जिससे उसकी मौत हो गयी। इस घटना से सीआरपीएफ कैंप में सुरक्षाकर्मियों में हड़कंप मच गया है।

मामला जिले से सटे ओडिशा सीमा के अंतर्गत सोनाबेड़ा के आश्रित गांव ढेकूनपानी स्थित सीआरपीएफ कैंप का है। जहां सीआरपीएफ जवान ने सर्विस राइफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली।

मृतक सीआरपीएफ जवान की पहचान गोपीनाथ सबर के रूप में हुई है। जवान गोपीनाथ सबर ओडिशा के खरियार क्षेत्र के खरधरा गांव का रहने वाला था। गोपीनाथ सब ड्यूटी पर तैनात थे तभी अपने सर्विस राइफल AK-47 से खुद को गोली मार ली। गोली की आवाज आते ही कैंप में मौजूद अन्य जवान पहुंचे तो देखा उसकी मौत हो चुकी थी।

नक्सलवाद को बड़ा झटका, 10 लाख के इनामी दो हार्डकोर माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण

नक्सलवाद को बड़ा झटका, 10 लाख के इनामी दो हार्डकोर माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण

 गरियाबंद। नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत गरियाबंद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। शासन की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर प्रतिबंधित संगठन सीपीआई (माओवादी) के डीजीएन डिवीजन में सक्रिय दो हार्डकोर माओवादियों ने हिंसा का रास्ता छोड़ते हुए आत्मसमर्पण किया है। आत्मसमर्पण करने वाले दोनों माओवादी 5-5 लाख रुपये के इनामी थे, जिन पर कुल 10 लाख रुपये का इनाम घोषित था।

आत्मसमर्पण करने वालों में एसडीके एरिया कमेटी सदस्य संतोष उर्फ लालपवन तथा सीनापाली एरिया कमेटी सदस्य मंजू उर्फ नंदे शामिल हैं। दोनों माओवादी लंबे समय से गरियाबंद एवं ओडिशा सीमा क्षेत्र में सक्रिय थे और कई नक्सली घटनाओं में उनकी संलिप्तता रही है।

 
CG : अंडरब्रिज के पास बोरी में मिला अज्ञात महिला का शव— पुलिस जांच में जुटी

CG : अंडरब्रिज के पास बोरी में मिला अज्ञात महिला का शव— पुलिस जांच में जुटी

दुर्ग । दुर्ग  जिले के किचन्द्रा मौर्य अंडरब्रिज के पास बुधवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई जब नाली में बोरी में बंद अज्ञात महिला का शव मिला। बोरी के बाहर दिखाई पड़े महिला के हाथ को देखकर स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।

सूचना मिलते ही सुपेला थाना पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और क्षेत्र को घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। प्राथमिक अनुमान के अनुसार मामला हत्या कर शव को छिपाने का लग रहा है, हालांकि पुलिस सभी संभावित कोणों से जांच में जुटी है।

महिला की पहचान और घटना के कारणों का पता लगाने के लिए शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। सुपेला पुलिस ने कहा है कि जांच जारी है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।

 
CG – खौफनाक मंजर : मां के अंतिम संस्कार की तैयारी करने गांव जा रहे बेटे और मित्र की मौत…ऐसे गई जान…..

CG – खौफनाक मंजर : मां के अंतिम संस्कार की तैयारी करने गांव जा रहे बेटे और मित्र की मौत…ऐसे गई जान…..

 बिलासपुर। इलाज कराने गांव से अस्पताल जा रही मां की दोपहिया वाहन से गिरने के कारण गंभीर रूप से घायल हो गई और इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई। मां के मौत की सूचना के बाद संत अपने मित्र जितेंद्र बंजारे के साथ दोपहिया वाहन से गांव से तखतपुर अस्पताल पहुंचा। मां की मौत से गमगीन संत ने दूसरे दिन अंतिम संस्कार की तैयारी करने, ग्रामीणों व परिजनों को सूचना देने रात में जितेंद्र के साथ अस्पताल से गांव के लिए निकला। कुछ ही दूर पहुंचे थे कि रात के अंधेरे में सड़क किनारे खड़े भारी वाहन से दोपहिया वाहन टकरा गया। टक्कर इतना भयावह था कि दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।

एक ही गांव में एक दिन के अंतराल में तीन-तीन मौत हो गई। बीते दो दिनों से गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। गांव की गलियां और गुड़ी में लोग बैठे तो हैं पर पूरी तरह शांत और चुप। किसी को समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर इतनी बड़ी घटना एक ही झटके में कैसे घट गई।

ग्राम अरईबंद निवासी इंद्राबाई बंजारे की तबीयत खराब थी, जिसके कारण उन्हें इलाज के लिए तखतपुर लाया जा रहा था। शाम लगभग 4:00 बजे, रास्ते में ही दुपहिया वाहन से गिर जाने के कारण हुए हादसे में इंद्राबाई बंजारे की दर्दनाक मृत्यु हो गई।

शव देखकर मित्र के साथ लौट रहे थे संत

मां की दुर्घटना में मृत्यु की खबर मिलते ही, इंद्राबाई के पुत्र संत बंजारे पिता सुखचैन अपने मित्र जितेंद्र बंजारे पिता गोरेलाल के साथ दाेपहिया वाहन से तखतपुर स्वास्थ्य केंद्र, मां का शव देखने पहुंचे। मां की मृत्यु का समाचार देने और अन्य जानकारी साझा करने के लिए जब दोनों मित्र रात में वापस गांव लौट रहे थे, तभी यह भयावह हादसा हुआ। रात्रि लगभग 9:00 बजे, ग्राम खपरी के पास सड़क किनारे खड़ी एक ट्रक से उनकी दोपहिया वाहन टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि संत बंजारे और जितेंद्र बंजारे दोनों की मौके पर ही मृत्यु हो गई।

एक ही दिन के अंतराल में एक ही परिवार के तीन सदस्यों मां और बेटे सहित मित्र की दुर्घटना में मृत्यु हो जाने से ग्राम अरईबंद में मातम छा गया है। पुलिस ने दोनों मामलों में आवश्यक कार्रवाई करते हुए आगे की जांच शुरू कर दी है। स्थानीय लोगों ने सड़क किनारे खड़े भारी वाहनों पर कार्रवाई की मांग की है।

CG – छत्तीसगढ़ के इस नामी हॉस्पिटल में बड़ा कांड! महिला मरीज को इस हाल में छोड़कर भागा स्टाफ….. फिर जो हुआ…..

CG – छत्तीसगढ़ के इस नामी हॉस्पिटल में बड़ा कांड! महिला मरीज को इस हाल में छोड़कर भागा स्टाफ….. फिर जो हुआ…..

 दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के धमधा स्थित श्रेया हॉस्पिटल पर प्रशासनिक कार्यवाही लगभग तय है। जिला प्रशासन द्वारा बनाई गई तीन सदस्यीय टीम ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है, जिसमें साफ तौर पर गंभीर लापरवाही सामने आई है।

बता दें, कुछ दिन पूर्व धमधा के श्रेया हॉस्पिटल के स्टाफ ने एक महिला मरीज को भिलाई स्थित शंकराचार्य हॉस्पिटल में भर्ती कराने के बहाने छोड़कर भाग गया था। श्रेया हॉस्पिटल प्रबंधन ने अपनी यहां हुई मौत को छिपाने के लिए महिला को भिलाई भेजा था। एम्बुलेंस के जरिए महिला मरीज और स्टाफ पहुंचे। जैसे ही शंकराचार्य हॉस्पिटल के डॉक्टर ने महिला की जांच की तो पता चला कि महिला की मृत्यु हो चुकी थी।

इसके बाद महिला को ले जाने वाला स्टाफ वहीं से फरार हो गया और शंकराचार्य हॉस्पिटल के स्टाफ ने बिना नाम बताए महिला के शव को अज्ञात करार दे दिया। इस घटना से नाराज महिला मरीज के परिजनों ने प्रशासन में शिकायत दर्ज कराई थी। जिला प्रशासन अब रिपोर्ट के आधार पर कड़ी कार्रवाई करने की तैयारी कर रहा है।

देर रात रायपुर पहुंचे अमित शाह: एयरपोर्ट पर सीएम साय और मंत्रियों ने किया स्वागत, आज जाएंगे बस्तर

देर रात रायपुर पहुंचे अमित शाह: एयरपोर्ट पर सीएम साय और मंत्रियों ने किया स्वागत, आज जाएंगे बस्तर

 रायपुर। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह 11 दिनों बाद एक बार फिर शुक्रवार की रात को 9 बजे रायपुर पहुंचे। विमानतल पर उनका मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, डिप्टी सीएम विजय शर्मा, अरुण साव सहित प्रदेश के मंत्रियों और भाजपा नेताओं ने स्वागत किया। विमानतल से सीधे श्री शाह होटल मेयफेयर पहुंचे। यहां पर वे रात को विश्राम करेंगे। शनिवार का बस्तर जाने का कार्यक्रम है। इसके पहले सुबह को 11 बजे से एक बजे तक का समय आरक्षित रखा गया है। इस समय में वे प्रदेश सरकार और अधिकारियों के साथ नक्सल मुद्दे पर बैठक कर सकते हैं।

अमित शाह कार्यक्रम के मुताबिक, अंडमान निकोबार से बीएसएफ के विशेष विमान से रायपुर पहुंचे। उनका इस बार का दौरा विशेष रूप से बस्तर ओलंपिक का समापन करने के लिए हैं। श्री शाह शनिवार को यहां पर सुबह 11 बजे से लेकर एक बजे तक नक्सल मुद्दे पर चर्चा कर सकते हैं। वैसे इसका खुलासा नहीं किया जा रहा है। दो घंटे का समय आरक्षित रखा गया है। जानकारों का कहना है, इस समय में वे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, डिप्टी सीएम और गृह मंत्री विजय शर्मा, प्रदेश के अधिकारियों के साथ नक्सलवाद पर चर्चा करके अब तक की गतिविधियों की जानकारी ले सकते हैं। 1.30 बजे वे मेयफेयर में ही भोजन करेंगे और इसके बाद जगदलपुर के लिए रवाना होंगे।

बस्तर का करेंगे समापन ओलंपिक
श्री शाह दोपहर को 1.50 बजे बीएसएफ के विशेष विमान से यहां से जगदलपुर के लिए रवाना होंगे। उनके साथ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, डिप्टी सीएम विजय शर्मा और अरुण साव भी जाएंगे। जगदलपुर में बस्तर ओलंपिक के समापन में 2.45 से 4.45 बजे तक शामिल होंगे। इसके बाद 4.55 बजे जगदलपुर विमानतल से बीएसएफ के विशेष विमान से दिल्ली के लिए उड़ान भरेंगे।

कबीरधाम में चिकित्सा सुविधाओं के एक नए युग का सूत्रपात

कबीरधाम में चिकित्सा सुविधाओं के एक नए युग का सूत्रपात

 कबीरधाम जिला आज विकास के नए युग में कर रहा प्रवेश - मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

 0-मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज निर्माण स्थल पर शिला-स्थापना कर जिले को दी ऐतिहासिक सौगात

 0-मुख्यमंत्री ने कवर्धा में श्री पंचमुखी बूढ़ा महादेव रिवर फ्रंट निर्माण और रवेली में महाविद्यालय की घोषणा की

 0-मुख्यमंत्री श्री साय ने स्व सहायता समूहों को 7 करोड़ 78 लाख रुपये की राशि का चेक वितरण किया  

रायपुर--मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज कबीरधाम जिले के नवीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के निर्माण स्थल पर शिला-स्थापना कर जिले को एक ऐतिहासिक सौगात दी। इसके साथ ही जिले में चिकित्सा सुविधाओं के एक नए युग का सूत्रपात हुआ। कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह एवं उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा विशेष रूप से उपस्थित थे।शिला-स्थापना के साथ ही कबीरधाम जिले के स्वास्थ्य मानचित्र में विकास का एक नया अध्याय जुड़ गया है। मेडिकल कॉलेज की स्थापना से जिले का स्वास्थ्य ढांचा और अधिक सुदृढ़ होगा। विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता बढ़ेगी, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ विकसित होंगी तथा आम जनता को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ स्थानीय स्तर पर ही सुलभ हो सकेंगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा की मांग पर कवर्धा में श्री पंचमुखी बूढ़ा महादेव रिवर फ्रंट निर्माण तथा रवेली में महाविद्यालय की घोषणा की। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कबीरधाम जिले में नए शासकीय मेडिकल कॉलेज भवन की शिला-स्थापना को ऐतिहासिक बताते हुए जिलेवासियों को बधाई दी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बीते 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ ने विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं। राज्य गठन के बाद सड़क, बिजली, पानी और शिक्षा जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने अपने रायपुर प्रवास के दौरान मेडिकल कॉलेज भवन का भूमि-पूजन किया था और आज उसी क्रम में इसकी शिला-स्थापना संपन्न हुई है। लंबे समय से लंबित इस मांग के पूर्ण होने से लोगों को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में कवर्धा जिले के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूती मिली है। सीटी स्कैन और क्रिटिकल केयर यूनिट जैसी सुविधाओं की स्थापना से इलाज और अधिक सुलभ हुआ है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार जन-जन तक स्वास्थ्य सुविधाओं की सुलभ पहुँच सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि आज प्रदेश सरकार के दो वर्ष पूर्ण हो रहे हैं तथा छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में राज्यभर में रजत जयंती महोत्सव मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 1 नवंबर को प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी रायपुर आए थे, जहाँ उन्होंने नए विधानसभा भवन एवं ट्राइबल म्यूजियम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह संग्रहालय जनजातीय शौर्य और महापुरुषों के बलिदान की स्मृतियों से समृद्ध है, जिसे सभी को अवश्य देखना चाहिए।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की गारंटी के अनुरूप सभी कार्य समयबद्ध रूप से पूरे किए जा रहे हैं।

किसानों के हितों की चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि लगातार तीसरे वर्ष प्रति एकड़ 21 क्विंटल के मान से धान की खरीदी 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर पर की जा रही है।मुख्यमंत्री ने रामलला दर्शन योजना तथा तेंदूपत्ता की दर 4 हजार रुपये से बढ़ाकर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा किए जाने जैसे निर्णयों को किसानों और वनांचल के हित में उठाए गए महत्वपूर्ण कदम बताया।उन्होंने कहा कि कवर्धा क्षेत्र में बड़ी संख्या में बैगा एवं अन्य जनजातीय समाज निवास करते हैं, जिनके सर्वांगीण विकास के लिए केंद्र सरकार द्वारा पीएम जनमन योजना प्रारंभ की गई है। यह योजना विशेष पिछड़ी जनजातियों के विकास के लिए समर्पित है।मुख्यमंत्री ने बताया कि स्वदेश दर्शन योजना के तहत भोरमदेव विकास के लिए 146 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है, जिससे यह क्षेत्र राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान प्राप्त करेगा। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने शिला-स्थापना समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज का दिन कवर्धा के इतिहास में अभूतपूर्व और गौरवपूर्ण है। यह ऐसा क्षण है, जो स्वर्णाक्षरों में दर्ज रहेगा। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद कवर्धा जिले के गठन से लेकर अब तक अनेक महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं, किंतु मेडिकल कॉलेज की स्थापना जैसा ऐतिहासिक दिन जीवन में एक बार ही आता है। डॉ. सिंह ने कहा कि प्रदेश में किसानों का सम्मान सर्वोपरि है। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत माताओं-बहनों को प्रतिमाह 1 हजार रुपये की राशि सीधे उनके खातों में दी जा रही है, जिससे परिवारों को आर्थिक मजबूती मिली है। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री साय की दूरदर्शिता की सराहना करते हुए कहा कि कवर्धा को मिली विकास योजनाओं से जिले की दिशा और दशा तेजी से बदली है। उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि कवर्धा जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना हम सभी के लिए ऐतिहासिक सौगात है, जो जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के नए आयाम खोलेगी। उन्होंने बताया कि जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि 4.5 करोड़ रुपये की लागत से सीटी स्कैन सेवा प्रारंभ की गई है और अब तक 814 सीटी स्कैन किए जा चुके हैं। जिला अस्पताल की क्षमता 100 बिस्तरों से बढ़ाकर 220 बिस्तर कर दी गई है तथा 50 क्रिटिकल केयर बेड स्थापित किए गए हैं।

पिपरिया और बोड़ला में सोनोग्राफी मशीनें लगाई गई हैं।उप मुख्यमंत्री ने बताया कि नया मेडिकल कॉलेज 40 एकड़ परिसर में निर्मित किया जाएगा तथा 50 सीटों के साथ मेडिकल कॉलेज की पढ़ाई प्रारंभ करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। मेडिकल कॉलेज तक सुगम पहुँच के लिए घोटिया मार्ग एवं गौरव पथ मार्ग का निर्माण किया जा रहा है।उन्होंने आगे कहा कि जिले में जगमड़वा जलाशय, बड़ौदा खुर्द एवं रामपुर बरेंडा जलाशय सहित कई महत्वपूर्ण सिंचाई परियोजनाओं पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। विद्युत विभाग की 3.30 करोड़ रुपये की परियोजना के अंतर्गत 2 हजार से अधिक ट्रांसफार्मर लगाए जा रहे हैं तथा 8 नए सब-स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं। उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने बताया कि पीडब्ल्यूडी की 24 सड़कों, मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 28 सड़कों तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत 76 सड़कों को स्वीकृति मिली है।उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद पहली कैबिनेट बैठक में 18 लाख आवास स्वीकृत किए गए, जिनमें से अकेले कवर्धा जिले में 50 हजार से अधिक आवास शामिल हैं। जिले के सरकारी स्कूलों में 50 स्मार्ट क्लास स्थापित की गई हैं तथा रेंगाखार और पिपरिया में एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध कराई गई है।स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि कवर्धा क्षेत्र के लिए आज का दिन अत्यंत विशेष है। वर्षों पुरानी मांग आज पूरी हुई है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के समय केवल एक मेडिकल कॉलेज था, जिसे बढ़ाकर 10 मेडिकल कॉलेज तक पहुँचाने का श्रेय पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को जाता है।

शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से समग्र विकास की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है छत्तीसगढ़ - मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से समग्र विकास की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है छत्तीसगढ़ - मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

  शासन के 2 वर्ष ..जनविश्वास से जनकल्याण तक  

 रायपुर- मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज वर्तमान सरकार के 2 वर्ष पूर्ण होने पर न्यू सर्किट हाउस सिविल लाइन्स में आयोजित प्रेसवार्ता में राज्य सरकार के दो वर्ष के कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत करते हुए कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और उनकी गारंटियों पर विश्वास जताते हुए छत्तीसगढ़ की जनता ने जो सेवा का अवसर दिया, उसे सरकार ने पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ निभाया है। दो वर्षों में जनता का भरोसा और अधिक सशक्त हुआ है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सरकार के गठन के दूसरे ही दिन 18 लाख से अधिक जरूरतमंद परिवारों को प्रधानमंत्री आवास की स्वीकृति दी गई। किसानों के लिए 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से तथा 21 क्विंटल प्रति एकड़ के मान से धान खरीदी जारी है, जिससे खेती को लाभ का व्यवसाय बनाया गया है। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तीकरण के लिए महतारी वंदन योजना एक ऐतिहासिक पहल बनी। लगभग 70 लाख माताओं-बहनों को प्रतिमाह 1000 रुपये की सहायता दी जा रही है। डीबीटी के माध्यम से अब तक 22 किस्तों में 14 हजार 306 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी की जा चुकी है।मुख्यमंत्री ने कहा कि  जनजातीय समाज और वनोपज संग्राहकों के हित में तेंदूपत्ता पारिश्रमिक 4000 से बढ़ाकर 5500 रुपये किया गया है। 13 लाख परिवारों को इसका लाभ मिल रहा है। चरणपादुका योजना पुन: प्रारंभ की गई है तथा 73 लाख गरीब परिवारों को मुफ्त राशन दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि युवाओं के लिए पारदर्शी भर्ती व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। पीएससी घोटाले की जांच सीबीआई को सौंपी गई, प्रतियोगी परीक्षाओं का वार्षिक कैलेंडर लागू हुआ और आयु सीमा में छूट दी गई। 32 हजार से अधिक पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि माओवाद के विरुद्ध निर्णायक लड़ाई लड़ी जा रही है। पिछले दो वर्षों में 505 नक्सली न्यूट्रलाइज, 2386 ने आत्मसमर्पण किया और 1901 गिरफ्तार हुए। सुरक्षा के साथ-साथ विकास के जरिए बस्तर को मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है।उन्होंने कहा कि  नियद नेल्ला नार योजना के तहत सुदूर गांवों में राशन, आधार, आयुष्मान कार्ड, आवास, बिजली और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाई गई हैं। बस्तर में स्कूल पुन: शुरू हुए हैं और इको-टूरिज्म, बस्तर पंडुम तथा बस्तर ओलंपिक जैसे आयोजन नई पहचान बना रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत के संरक्षण हेतु श्रीरामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना संचालित की जा रही है। राजिम कुंभ कल्प, बस्तर दशहरा और शक्ति पीठों के विकास को नई भव्यता दी गई है।उन्होंने कहा कि सुशासन को सुदृढ़ करने के लिए 400 से अधिक सुधार किए गए हैं। सुशासन एवं अभिसरण विभाग, अटल मॉनिटरिंग पोर्टल, ई-ऑफिस और डिजिटल गवर्नेंस के माध्यम से योजनाओं की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि व्यापार और उद्योग के लिए नई औद्योगिक नीति लागू की गई है। 231 प्रावधानों को अपराधमुक्त किया गया, जनविश्वास अधिनियम लागू हुआ और अब तक 7.83 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। लॉजिस्टिक पार्क, एयर कार्गो सुविधा और औद्योगिक पार्क स्थापित किए गए हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि  जीएसटी संग्रह में 15 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 23,454 करोड़ रुपये की प्राप्ति हुई है। ई-वे बिल सीमा बढ़ाने, 24म7 प्रतिष्ठान संचालन और जिलों में जीएसटी कार्यालय खोलने से व्यापारियों को बड़ी राहत मिली है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में युक्तियुक्तकरण से शिक्षक संकट दूर किया गया। राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू हुई, स्मार्ट क्लास, विद्या समीक्षा केंद्र, मेडिकल कॉलेजों का विस्तार और हिंदी में एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू की गई है। उन्होंने कहा कि युवाओं के कौशल विकास के लिए मॉडल आईटीआई, नवा रायपुर को एजुकेशन सिटी के रूप में विकसित करना, अत्याधुनिक लाइब्रेरी, खेलो इंडिया सेंटर और खेल प्रोत्साहन योजनाएं लागू की गई हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डबल इंजन की सरकार के सहयोग से छत्तीसगढ़ में सड़क, रेल, एक्सप्रेसवे, औद्योगिक और सामाजिक अधोसंरचना का अभूतपूर्व विस्तार हुआ है। सरकार का संकल्प है कि विकास, सुरक्षा और सुशासन के साथ छत्तीसगढ़ को देश के अग्रणी राज्यों की पंक्ति में स्थापित किया जाए। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने बताया कि छत्तीसगढ़ में अधोसंरचना विकास को अभूतपूर्व गति मिली है। प्रदेश में 47 हजार करोड़ रुपये से अधिक की रेल परियोजनाओं पर कार्य प्रगति पर है तथा खरसिया-परमालकसा रेललाइन को स्वीकृति मिल चुकी है, जिससे राज्य के प्रमुख इंडस्ट्रियल कॉरिडोर आपस में जुड़ेंगे। विशाखापट्टनम और रांची से जोडऩे वाले एक्सप्रेस-वे पर काम तेज़ी से चल रहा है। साथ ही राष्ट्रीय राजमार्गों के विकास हेतु 18 हजार करोड़ रुपये से अधिक की 37 परियोजनाएं प्रगतिशील हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में एयर कनेक्टिविटी का भी व्यापक विस्तार हुआ है—अंबिकापुर एयरपोर्ट का शुभारंभ माननीय प्रधानमंत्री जी द्वारा किया गया, तथा बिलासपुर, जगदलपुर और अंबिकापुर से नई उड़ानें शुरू हो चुकी हैं। जशपुर और बलरामपुर हवाई पट्टी के विस्तार हेतु बजट में प्रावधान किया गया है। अटल जी के छत्तीसगढ़ निर्माण के विजन के अनुरूप सरकार संस्कृति-संवर्धन पर भी विशेष ध्यान दे रही है—लोक कलाकारों के कार्यक्रमों की संख्या बढ़ाई गई है, कलाकारों की पेंशन बढ़ाई गई है तथा चित्रोत्पला फिल्म सिटी के निर्माण की दिशा में कार्य किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनहित में 200 यूनिट तक बिजली उपभोग पर सब्सिडी दी जा रही है तथा सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना में केंद्र के साथ राज्य सरकार की सब्सिडी भी मिल रही है। शहरी मध्यम व निम्न वर्ग को किफायती भूखंड उपलब्ध कराने छत्तीसगढ़ किफायती जन आवास नियम बनाया गया है। जल जीवन मिशन के तहत 40 लाख से अधिक परिवारों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जा चुका है और वर्ष 2047 तक विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य हेतु अंजोर विजन दस्तावेज तैयार किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास की इस गति का लाभ हर नागरिक के जीवन में दिख रहा है; उन्होंने मीडिया के सहयोग के लिए आभार जताते हुए जनता को भरोसा दिलाया कि सरकार पूरी निष्ठा से छत्तीसगढ़ महतारी की सेवा करेगी और सभी से प्रदेश की सुख-समृद्धि हेतु एकजुट योगदान का आह्वान किया। 

तीरंदाजी में छत्तीसगढ़ को मिले दो गोल्ड सहित 4 पदक

तीरंदाजी में छत्तीसगढ़ को मिले दो गोल्ड सहित 4 पदक

 रायपुर। तेलंगाना में आयोजित 32 सीनियर एनटीपीसी राष्ट्रीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ को सीनियर राष्ट्रीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में दो गोल्ड, एक ब्रांच व एक सिल्वर मेडल प्राप्त हुए हैं। छत्तीसगढ़ के लिए खुशी की बात यह है कि चांदनी साहू और विकास कुमार यह दोनों जूनियर सब जूनियर के खिलाड़ी हैं और सीनियर वर्ग में खेलते हुए मेडल प्राप्त किए। टीम का रायपुर आने पर शानदार स्वागत किया जाएगा।

भारतीय तीरंदाजी संघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कैलाश मुरारका व छ.ग. प्रदेश आरचरी एसोसिएशन के सचिव आयुष मुरारक

ने बताया कि तीरंदाजी का यह प्रतियोगिता 10 से 20 दिसंबर 2025 तक आयोजित किया जा रहा है। आज इंडियन वर्ग की प्रतियोगिता में पहला मेडल 30 मीटर में विकास कुमार को गोल्ड मेडल मिला, दूसरा मेडल 50 मीटर में चांदनी साहू को सिल्वर मेडल मिला, तीसरा मेडल बालिका टीम में झारखंड को हराते हुए गोल्ड मेडल मिला और चौथा पदक ओलंपिक ग्राउंड में विकास कुमार को ब्रांच मेडल प्राप्त हुआ। 

मुरारका ने कहा कि नवंबर में ईटानगर अरुणाचल प्रदेश में भी इन्हीं लोगों ने गोल्ड मेडल जीता था, और कुछ दिन पहले नेशनल गेम में भी इन्हीं लोगों ने छत्तीसगढ़ की झोली में चार-चार में डाल दिए थे। छत्तीसगढ़ तीरंदाजी संघ के प्रदेश अध्यक्ष व मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, खेल व उपमुख्यमंत्री अरुण साव, विधायक पुरंदर मिश्रा, मोतीलाल साहू, अनुज शर्मा, भारतीय तीरंदाजी संघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कैलाश मुरारका, छग प्रदेश आरचरी एसोसिएशन के सचिव आयुष मुरारका, टी टी बहरा, आत्माराम ने सभी विजेता ख्रिलाडिय़ों को बधाई दिए।
 
कोपरा जलाशय को राज्य का पहला रामसर साइट घोषित किया जाना छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का क्षण: मुख्यमंत्री साय

कोपरा जलाशय को राज्य का पहला रामसर साइट घोषित किया जाना छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का क्षण: मुख्यमंत्री साय

 रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि बिलासपुर जिले के कोपरा जलाशय को छत्तीसगढ़ का पहला रामसर साइट घोषित किया जाना पूरे प्रदेश के लिए अत्यंत गर्व और सम्मान का विषय है। यह उपलब्धि राज्य की समृद्ध जैवविविधता, विविध पक्षी आवासों और सतत जल-संरक्षण प्रयासों को मिली वैश्विक मान्यता का प्रतीक है।

छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का क्षण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय


मुख्यमंत्री श्री साय ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए राज्य वेटलैंड प्राधिकरण, पर्यावरण विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं और स्थानीय समुदायों के संयुक्त प्रयासों की सराहना करते हुए उनका हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सभी के समन्वित सहयोग से कोपरा जलाशय अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरा उतर सका और छत्तीसगढ़ को यह ऐतिहासिक पहचान प्राप्त हुई।

जैवविविधता संरक्षण और जल-संरक्षण प्रयासों को मिली वैश्विक मान्यता


मुख्यमंत्री ने बताया कि कोपरा जलाशय को रामसर दर्जा मिलना “छत्तीसगढ़ अंजोर विजन 2047” के अंतर्गत वर्ष 2030 तक प्रदेश के 20 वेटलैंड्स को रामसर साइट घोषित कराने के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण और प्रेरक प्रगति है। यह उपलब्धि राज्य की पर्यावरण-संरक्षण नीति और दीर्घकालिक दृष्टि को भी सुदृढ़ करती है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस वैश्विक मान्यता से प्रदेश में इको-टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा, जिससे स्थानीय रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। साथ ही, यह वेटलैंड संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता को भी और अधिक मजबूत करेगा तथा भावी पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा।

जैवविविधता संरक्षण और जल-संरक्षण प्रयासों को मिली वैश्विक मान्यता


मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे इस अमूल्य प्राकृतिक धरोहर की सुरक्षा, संरक्षण और संवर्धन में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि प्रकृति की रक्षा केवल सरकार की नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है, और इसी सहभागिता से छत्तीसगढ़ सतत विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा।

नक्सल हमले में खोया एक पैर, पर हिम्मत नहीं, बस्तर ओलंपिक में चमके किशन

नक्सल हमले में खोया एक पैर, पर हिम्मत नहीं, बस्तर ओलंपिक में चमके किशन

 00 तीरंदाजी खेल में संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में पहला स्थान किया प्राप्त

रायपुर। बीजापुर जिले के छोटे से गांव छोटे तुमदार (भैरमगढ़) के 27 वर्षीय किशन कुमार हप्का ने साबित कर दिया है कि सच्चा खिलाड़ी परिस्थितियों से नहीं, अपने हौसले से पहचाना जाता है। कभी डीआरजी का जांबाज़ जवान रहे किशन को वर्ष 18 जुलाई 2024 में नक्सलियों द्वारा लगाए गए आईईडी विस्फोट की चपेट में आकर अपना एक पैर खोना पड़ा था। हादसा इतना बड़ा था कि कोई भी सामान्य इंसान हार मान ले, लेकिन किशन की सोच ने उनके लिए नया रास्ता तैयार कर दिया। उसने बस्तर ओलंपिक में तीरंदाजी खेल में अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित करने का $फैसला किया।

तीरंदाजी खेल में संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में पहला स्थान किया प्राप्त


शरीर ने साथ छोड़ा, पर दिल में खेलने का जुनून और देश सेवा की भावना आज भी उतनी ही मजबूत है। यही जुनून उन्हें फिर से मैदान में ले आया। अपने साहस से लड़ते हुए किशन ने न सिर्फ खुद को संभाला, बल्कि बस्तर ओलंपिक के जिला स्तरीय खेलों में चयनित होकर संभाग स्तरीय प्रतियोगिता तक पहुंचने का इतिहास रच दिया। किशन ने संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में पहला स्थान कर अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित किया ।

तीरंदाजी खेल में संभाग स्तरीय प्रतियोगिता में पहला स्थान किया प्राप्त

हादसे के बाद एक समय ऐसा भी आया जब किशन ने उम्मीद छोड़ दी थी, लेकिन उनके भीतर का खिलाड़ी हार मानने को तैयार नहीं था। खेल के प्रति प्रेम और अंदर छिपी आग ने उन्हें दोबारा खड़ा कर दिया। किशन अपने कोच दुर्गेश प्रताप सिंह को अपना मार्गदर्शक और प्रेरणा का स्रोत मानते हैं। वे कहते हैं कोच दुर्गेश ने मुझे सिर्फ खेल नहीं सिखाया, बल्कि यह भरोसा भी दिलाया कि अपंगता शरीर की होती है, मन की नहीं।
भैरमगढ़ ब्लॉक के छोटे तुमनार जैसे दूरस्थ गांव से निकलकर किशन आज पूरे बस्तर के लिए प्रेरणा बन चुके हैं। उनका संघर्ष हजारों युवाओं के लिए यह संदेश है कि मुश्किलें चाहे कितनी ही बड़ी हों, पर हौसला उससे हमेशा बड़ा होना चाहिए। किशन की यह उपलब्धि न सिर्फ उनके परिवार, बल्कि पूरे बीजापुर जिले के लिए गर्व का क्षण है।

बस्तर ओलंपिक 2025 में दंतेवाड़ा की ऐतिहासिक सफलता, एथलेटिक्स में जीते 4 गोल्ड

बस्तर ओलंपिक 2025 में दंतेवाड़ा की ऐतिहासिक सफलता, एथलेटिक्स में जीते 4 गोल्ड

 रायपुर। बस्तर संभाग स्तरीय बस्तर ओलंपिक 2025 में दंतेवाड़ा जिले के खिलाडिय़ों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कई विधाओं में पदक अपने नाम किए। एथलेटिक्स 400 मीटर दौड़ में दंतेवाड़ा की प्रतिभावान धाविका रानू भोगामी ने अथक मेहनत और उत्कृष्ट तकनीक के बल पर स्वर्ण पदक (प्रथम स्थान) हासिल किया। रानू भोगामी एकलव्य खेल परिसर, जावंगा (गीदम) की प्रशिक्षित एथलीट हैं, जिन्होंने पूरे मुकाबले में बेहतरीन गति और संयम का परिचय दिया।

कबड्डी, वॉलीबॉल, फुटबॉल, हॉकी, खो-खो, कराटे और बैडमिंटन में कुल 15 पदक हासिल


370 खिलाडिय़ों ने दंतेवाड़ा जिला का किया प्रतिनिधित्व
इस बार दंतेवाड़ा जिले से कुल 370 प्रतिभागियों ने संभाग स्तरीय प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया, जिनमें 184 महिला एवं 186 पुरुष खिलाड़ी शामिल रहे। खिलाडिय़ों की यह बड़ी सहभागिता जिले में खेल भावना और खेल संरचना की मजबूती को दर्शाती है।

कबड्डी, वॉलीबॉल, फुटबॉल, हॉकी, खो-खो, कराटे और बैडमिंटन में कुल 15 पदक हासिल


विभिन्न खेल विधाओं में दंतेवाड़ा का शानदार प्रदर्शन
खिलाडिय़ों ने अनेक खेलों में उल्लेखनीय सफलता अर्जित किए जिसमें रस्साकसी में दंतेवाड़ा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं महिला सीनियर वर्ग में दंतेवाड़ा ने वॉलीबॉल में प्रथम स्थान, कबड्डी में द्वितीय स्थान, जूनियर महिला हॉकी में तृतीय स्थान हासिल किया। बैडमिंटन में जूनियर महिला डबल में प्रथम स्थान, जूनियर पुरुष एकल में द्वितीय स्थान, सीनियर पुरुष एकल में द्वितीय स्थान प्राप्त किया। एथलेटिक्स फेंक प्रतियोगिता में दंतेवाड़ा के पांडु राम ने भाला फेंक में प्रथम स्थान एवं अनुसूर्या ने फेंक स्पर्धा में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इन उपलब्धियों से स्पष्ट होता है कि दंतेवाड़ा जिले के युवा विभिन्न खेल विधाओं में निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं और उच्च स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता रखते हैं।
जिला प्रशासन, खेल एवं युवा कल्याण विभाग तथा प्रशिक्षकों ने सभी विजेताओं एवं प्रतिभागियों को बधाई दी है और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ की हैं। बस्तर ओलंपिक का उद्देश्य स्थानीय प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और खेल के माध्यम से युवाओं के सर्वांगीण विकास को प्रोत्साहित करना है, जिसमें दंतेवाड़ा जिला निरंतर अग्रसर है।

नक्सलवाद मुक्त छत्तीसगढ़ का संकल्प अब तेजी से हो रहा साकार - सीएम साय

नक्सलवाद मुक्त छत्तीसगढ़ का संकल्प अब तेजी से हो रहा साकार - सीएम साय

 रायपुर। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सशक्त नेतृत्व और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में बस्तर आज ऐतिहासिक परिवर्तन का साक्षी बन रहा है। आज पुन: सुकमा जिले में पूना मारगेम - पुनर्वास से पुनर्जीवन कार्यक्रम के तहत दरबा डिवीजन कमेटी सहित विभिन्न नक्सली संगठनों के 10 माओवादी कैडरों ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा का मार्ग चुना है । इनमें 6 महिला माओवादी भी शामिल हैं, जिन पर कुल 33 लाख का इनाम घोषित था। 
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट करते हुए यह जानकारी साझा किया। इस दौरान उन्होंने लिखा कि हिंसा के मार्ग में न वर्तमान सुरक्षित है, न भविष्य। छत्तीसगढ़ सरकार की विशेष पुनर्वास नीति आत्मसमर्पण करने वालों को सम्मान, सुरक्षा, आजीविका और समाज में पुनर्स्थापना की गारंटी देती है। मुख्यधारा में लौटकर वे अपने परिवारों के साथ स्थायी, सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन की नई शुरुआत कर सकते हैं। हमारा लक्ष्य स्पष्ट है, छत्तीसगढ़ को पूर्णत: नक्सलवाद मुक्त बनाना और बस्तर को विकास, विश्वास और अवसरों की नई पहचान देना।

उप मुख्यमंत्री साव से मिलीं अंतरराष्ट्रीय मुक्केबाज मैरी कॉम, राज्य में खेल सुविधाओं के विकास पर हुई चर्चा

उप मुख्यमंत्री साव से मिलीं अंतरराष्ट्रीय मुक्केबाज मैरी कॉम, राज्य में खेल सुविधाओं के विकास पर हुई चर्चा

 रायपुर। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री रुण साव से छह बार की बॉक्सिंग विश्व चैंपियन एवं ओलंपिक पदक विजेता, प्रसिद्ध मुक्केबाज एम.सी. मैरी कॉम ने सौजन्य मुलाकात की। साव ने अपने नवा रायपुर स्थित शासकीय निवास कार्यालय में मुलाकात के दौरान उन्हें राज्य में खेलों के विकास और खेल प्रतिभाओं को तराशने के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी। अंतरराष्ट्रीय मुक्केबाज मैरी कॉम जगदलपुर में आयोजित बस्तर ओलंपिक-2025 के संभाग स्तरीय प्रतियोगिताओं के शुभारंभ समारोह में शामिल होने छत्तीसगढ़ आई थीं। उन्होंने 11 दिसम्बर को इसमें शामिल होकर खिलाडिय़ों की हौसला अफजाई की।

उप मुख्यमंत्री साव ने अभावों और मुश्किलों के बीच अपनी प्रतिभा, मेहनत और दृढ़ संकल्प से विश्व चैंपियनशिप और ओलंपिक जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों में भारत का नाम रोशन करने वाली मैरी कॉम की लंबी खेल यात्रा की प्रशंसा की। साव ने कहा कि मैरी कॉम देश का गौरव और प्रेरणा हैं। उनकी उपस्थिति से बस्तर के खिलाडिय़ों को आगे बढऩे और मेहनत करने की प्रेरणा जरूर मिली होगी। उन्होंने बस्तर ओलंपिक में शामिल होने छत्तीसगढ़ आने के लिए मैरी कॉम को धन्यवाद दिया।

मैरी कॉम ने अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के अपने अनुभव साझा करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री साव से छत्तीसगढ़ के युवाओं के खेल में सुधार के लिए हरसंभव मदद की बात कही। उन्होंने बस्तर ओलंपिक के आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि दूरस्थ गांवों से पहुंचे युवाओं को देख उनकी पुरानी यादें ताजा हो गईं। बस्तर ओलंपिक वहां के युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का अच्छा मंच है। उन्होंने आयोजन की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार खेलों और खिलाडिय़ों को बढ़ावा देने के लिए अच्छा काम कर रही है। आने वाले समय में यहां के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मेडल जरूर जीतेंगे। उन्होंने बस्तर ओलंपिक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किए जाने पर राज्य शासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

छत्तीसगढ़ का पहला रामसर साइट बना कोपरा जलाशय

छत्तीसगढ़ का पहला रामसर साइट बना कोपरा जलाशय

 रायपुर। बिलासपुर जिले का कोपरा जलाशय अब छत्तीसगढ़ का पहला रामसर साइट बन गया है। इसकी घोषणा के बाद पूरे प्रदेश में प्रसन्नता का माहौल है। यह दर्जा उन आर्द्रभूमियों को दिया जाता है जो जैवविविधता, जल संरक्षण और पर्यावरणीय महत्व के लिए वैश्विक स्तर पर अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती हैं। वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप ने इस उपलब्धि पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि कोपरा जलाशय की यह सफलता छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि जलाशय की विशिष्ट पारिस्थितिकी, स्थानीय और प्रवासी पक्षियों की विविधता तथा जल परितंत्र की समृद्धि ने इसे रामसर मान्यता के योग्य बनाया है।

वन मंत्री ने राज्य वेटलैंड प्राधिकरण, पर्यावरणविदों, वन विभाग के अधिकारियों, शोधकर्ताओं और स्थानीय समुदायों को भी धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि सभी की संयुक्त मेहनत और संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता से यह उपलब्धि संभव हो सकी है। मंत्री कश्यप ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ अंजोर विजन 2047 के अंतर्गत वर्ष 2030 तक 20 वेटलैंड्स को रामसर साइट का दर्जा दिलाने के लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि कोपरा जलाशय के रामसर साइट घोषित होने से प्रदेश में वेटलैंड संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और इको-टूरिज्म के नए अवसर भी विकसित होंगे। इससे स्थानीय समुदायों को रोजगार मिलेगा और सतत विकास को बढ़ावा मिलेगा।
वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे इस महत्वपूर्ण प्राकृतिक धरोहर की सुरक्षा और संवर्धन में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि वेटलैंड्स का संरक्षण हमारी जिम्मेदारी है और भविष्य की पीढिय़ों के लिए एक मजबूत प्राकृतिक विरासत छोडऩे का संकल्प भी।

तनाव मुक्त होकर स्वस्थ मन से पढ़ाई करें - चौधरी

तनाव मुक्त होकर स्वस्थ मन से पढ़ाई करें - चौधरी

 रायपुर। रायगढ़ विधायक एवं वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने कहा कि विद्यार्थी तनाव मुक्त होकर स्वस्थ मन से पढ़ाई करें। उन्होंने कहा कि परीक्षा कभी भी जीवन से बड़ी नहीं होती, इसलिए घबराएं नहीं, बल्कि सही समय पर मेहनत शुरू करें। वित्त मंत्री ने रायगढ जिले के पुसौर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम झलमला स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में कक्षा 10 वीं और 12 वीं के बच्चों से चर्चा 2025 कार्यक्रम में संवाद कर रहे थे। इस अवसर पर श्री चौधरी ने विद्यालय में अत्याधुनिक स्मार्ट क्लासरूम का उद्घाटन कर विद्यार्थियों को तकनीकी व नवीन शिक्षण संसाधनों का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया।

वित्त मंत्री ने विद्यार्थियों से कहा कि दिसंबर से परीक्षा तक के आगामी तीन महीने सफलता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि नियमित रूप से प्रतिदिन 7 से 8 घंटे पढ़ाई करें और छुट्टी के दिनों में 10 घंटे अध्ययन का लक्ष्य रखें। उन्होंने कहा कि एक भी दिन खराब नहीं करना है। यदि आप आने वाले तीन महीनों तक ईमानदारी और संकल्प के साथ पढ़ाई करेंगे तो बेहतर तैयारी और उत्कृष्ट परिणाम निश्चित हैं। उन्होंने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने की सलाह दी।

सफलता का मूल मंत्र अनुशासन, निरंतर प्रयास और सकारात्मक सोच 
वित्त मंत्री चौधरी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चे प्रतिभा से भरपूर होते हैं। उन्हें केवल बेहतर मार्गदर्शन, संसाधन और सुरक्षित वातावरण की जरूरत है। उन्होंने शिक्षकों व अभिभावकों से आग्रह किया कि वे बच्चों की रुचि और क्षमता के अनुसार अवसर प्रदान करें। वित्त मंत्री ने सफलता के लिए अनुशासन, निरंतर प्रयास और सकारात्मक सोच को मूल मंत्र बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं।

मेधावी छात्रों को एक लाख का पुरस्कार
वित्त मंत्री ने कहा कि राज्य की मेरिट सूची में यदि जिले का कोई विद्यार्थी स्थान प्राप्त करता है, तो उसे एक लाख रुपए पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। उन्होनं कहा कि आने वाली पीढ़ी को स्वस्थ और बेहतर भविष्य देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। कार्यक्रम में पूर्व विधायक श्री विजय अग्रवाल, श्री उमेश अग्रवाल, जिला पंचायत सदस्य बृजेश गुप्ता, जनपद अध्यक्ष पुसौर श्रीमती हेमलता चौहान, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती भाग्यवती नायक, सीईओ जिला पंचायत श्री अभिजीत बबन पठारे, एसडीएम रायगढ़ श्री महेश शर्मा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, छात्र एवं शिक्षक उपस्थित रहे।

दो साल का सुशासन - जशपुर में विकास की नई पहचान

दो साल का सुशासन - जशपुर में विकास की नई पहचान

 रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीते दो वर्ष जशपुर जिले के लिए विकास के स्वर्णिम अध्याय साबित हुए हैं। 13 दिसंबर को उनके कार्यकाल के दो वर्ष पूर्ण हो रहे हैं, और इस अवधि में जशपुर जिले ने वह प्रगति हासिल की है, जिसने न सिर्फ जिले की दिशा बदली, बल्कि विकास की नई परिभाषा भी गढ़ी। राज्य की जनता से किए वायदों को पूरा करना एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन श्री साय ने दृढ़ इच्छाशक्ति, पारदर्शी प्रशासन और संवेदनशील नेतृत्व के बल पर इन चुनौतियों को विकास के अवसर में बदल दिया।

गरीबों को मिली जीवनभर की सुरक्षा पक्का मकान बना खुशियों की बुनियाद

मुख्यमंत्री बनने के साथ ही श्री साय की पहली बड़ी प्राथमिकता थी—हर गरीब को पक्का घर। कैबिनेट की पहली बैठक में 18 लाख गरीब परिवारों को घर देने के वादे को स्वीकृति मिली। जशपुर जिले में 52,760 प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत हुए, जिससे हजारों परिवारों का वर्षों पुराना सपना पूरा हुआ। आज ये परिवार सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जी रहे हैं।

 
 

महिलाओं को मिली आर्थिक मजबूती - आत्मनिर्भरता की नई राह
महतारी वंदन योजना के तहत प्रदेश की 70 लाख महिलाओं को प्रति माह 1,000 रुपए प्रदान करने की घोषणा को श्री साय ने पूरे दृढ़ संकल्प के साथ लागू किया। जशपुर जिले में 2 लाख से अधिक महिलाओं को 448 करोड़ 97 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दी जा चुकी है। यह राशि महिलाओं के जीवन में वास्तविक सशक्तिकरण का आधार बनी है-चाहे वह बचत हो, छोटे व्यवसाय हों या परिवार की ज़रूरतें।

 

किसानों के जीवन में खुशियों की बहार - बोनस, खरीदी और सम्मान निधि से बढ़ा विश्वास

पिछली सरकार के बकाया दो साल के धान बोनस का भुगतान कर मुख्यमंत्री ने किसानों का भरोसा और मजबूत किया। जिले के 50 हजार से अधिक किसानों से 3,100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की गई। इसके साथ ही 1,23,168 किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि में 308 करोड़ 30 लाख 76 हजार रुपए दिए गए। इन कदमों ने कृषि को स्थिरता, किसानों को सुरक्षा और खेती को निरंतरता प्रदान की।

 
 

स्वास्थ्य सेवाओं में ऐतिहासिक परिवर्तन — आधुनिक चिकित्सालय की स्वीकृति
जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को उन्नत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए नए अत्याधुनिक चिकित्सालय भवन को मंजूरी मिली है। इससे मरीजों को बड़े शहरों में जाने की आवश्यकता कम होगी। प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को नए उपकरण, डॉक्टर, नर्स और संसाधन उपलब्ध कराए गए। साथ ही जिले में अतिरिक्त 108 संजीवनी एक्सप्रेस व शव वाहन की व्यवस्था से आपातकालीन सेवाओं में उल्लेखनीय सुधार आया है।

 

सड़कें बनी प्रगति का मार्ग -कनेक्टिविटी में आया व्यापक सुधार
जिले में सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों के लिए करोड़ों रुपए मंजूर हुए। पहले दुर्गम माने जाने वाले क्षेत्रों में भी पक्की सड़कें पहुंचीं, जिससे व्यापार, स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के अवसरों तक पहुंच आसान हुई। स्थानीय लोगों के लिए आवागमन आज पहले से कहीं अधिक सुगम है।

ऊर्जा व्यवस्था में नई शक्ति — उपकेंद्रों से मजबूत हुई बिजली आपूर्ति
जिले में अनेक नए विद्युत उपकेंद्रों की स्वीकृति से बिजली आपूर्ति की गुणवत्ता में बड़ा सुधार हुआ है। लो-वोल्टेज की समस्या में कमी आई है और गांवों में ट्रांसफार्मर व लाइन सुधार कार्य गति से जारी हैं। बेहतर बिजली ने उद्योग, शिक्षा और घरेलू जिंदगी को नई ऊर्जा दी है।
शिक्षा के क्षेत्र में विस्तार — युवाओं के लिए बढ़े अवसर
जशपुर को शिक्षा क्षेत्र में भी बड़ी सौगातें मिली हैं। जिले में दो नए महाविद्यालयों की स्वीकृति से छात्रों को अब उच्च शिक्षा के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। स्कूलों में भवन निर्माण, स्मार्ट क्लास, छात्रावास और अधोसंरचना उन्नयन पर विशेष ध्यान दिया गया है, जिससे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का मार्ग और मजबूत हुआ है।
पर्यटन विकास को मिली गति — जशपुर की पहचान को मिला नया आयाम
जिले की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन मद में विशेष बजट स्वीकृत हुआ है। पर्यटक स्थलों के सौंदर्यीकरण, सड़क सुधार और सुविधाओं के विकास से जशपुर पर्यटन के नए मानचित्र पर तेजी से उभर रहा है।

सिंचाई परियोजनाओं से खेतों में लौटी हरियाली
जिले में विभिन्न सिंचाई परियोजनाओं को मंजूरी देकर किसानों की वर्षों पुरानी मांग पूरी की गई। नलकूप खनन, एनीकट, तालाब निर्माण और अन्य योजनाओं से किसानों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा मिलेगी। फसल उत्पादन बढ़ेगा और किसान आर्थिक रूप से अधिक सशक्त बन सकेंगे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर जिले ने इन दो वर्षों में वह प्रगति हासिल की है, जिसकी कल्पना वर्षों से की जा रही थी। गरीबों के लिए घर, महिलाओं के लिए सम्मान, किसानों के लिए सुरक्षा, युवाओं के लिए अवसर और हर वर्ग के लिए विकास—इन्हीं उपलब्धियों ने जशपुर को नई पहचान दी है। आगे आने वाले वर्षों में यह गति और मजबूत होगी, यही विश्वास जशपुरवासियों के दिलों में है।

CG – ससुर बना जल्लाद : अपनी ही नई नवेली बहु के साथ किया ऐसा घिनौना काम, महिला की हो गई ये हालत……

CG – ससुर बना जल्लाद : अपनी ही नई नवेली बहु के साथ किया ऐसा घिनौना काम, महिला की हो गई ये हालत……

  कवर्धा। कवर्धा ज़िले के लोहारा थाना के बांधाटोला इलाके में एक सैप्टिक टैंक में 20 दिन पुरानी नवविवाहिता की लाश मिली है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस जांच में जुट गई है। इस पूरे मामले में हत्या की आशंका महिला के ससुर पर जताई जा रही है। फिलहाल पुलिस परिजनों से पूछताछ कर रही है।

पूरा मामला लोहारा थाना के बांधाटोला इलाके का है। पूरे गांव में उस वक़्त हड़कंप मच गया, जब सैप्टिक टैंक से सड़ी-गली हालत में नवविवाहिता की लाश मिली। महिला की लाश लगभग 20 दिन पुरानी बताई जा रही है, जो बुरी तरह से सड़ चुकी थी। आपको बता दें कि महिला ने ठीक दो महीने पहले ही इंटरकास्ट मैरिज की थी।मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। इस पूरे मामले में ससुर पर हत्या की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल पुलिस ने ससुर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है, वहीं अन्य परिजनों से भी पूछताछ की जा रही है।

गायत्री मंत्र मानव जीवन को ऊर्जावान और संस्कारित बनाते हैं : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय…

गायत्री मंत्र मानव जीवन को ऊर्जावान और संस्कारित बनाते हैं : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय…

 रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज सक्ती जिले के ग्राम हसौद में आयोजित भव्य 251 कुण्डीय गायत्री महायज्ञ में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने इस आयोजन को आध्यात्मिक एकता, सामाजिक सद्भाव और सांस्कृतिक गौरव का अद्भुत संगम बताया। उन्होंने कहा कि “मां महामाया की पावन भूमि हसौद में 251 कुंडों में एक साथ सम्पन्न हो रहा यह महायज्ञ छत्तीसगढ़ की आध्यात्मिक परंपरा को नई ऊंचाई देता है।”

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सनातन संस्कृति को विश्व पटल पर नई पहचान मिली है। उन्होंने कहा—“500 वर्षों के बाद अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर का निर्माण हुआ, काशी विश्वनाथ धाम का कायाकल्प हुआ। छत्तीसगढ़ तो स्वयं भगवान श्रीराम का ननिहाल है—माता कौशल्या की पावन भूमि है।” उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा सभी वर्गों की उन्नति और कल्याण के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं। रामलला दर्शन योजना का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि इसके माध्यम से अब तक 38 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने अयोध्या में प्रभु श्रीरामलला का दर्शन किया है।

मुख्यमंत्री हसौद में 251 कुण्डीय गायत्री महायज्ञ में हुए शामिल

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि गायत्री मंत्र के 24 अक्षर 24 सिद्धियों और शक्तियों के प्रतीक हैं, जो मानव जीवन को ऊर्जा, सदाचार और आध्यात्मिक शक्ति प्रदान करते हैं। कार्यक्रम के दौरान देव संस्कृति विश्वविद्यालय, शांतिकुंज हरिद्वार के कुलपति डॉ. चिन्मय पण्डया ने मुख्यमंत्री का सम्मान करते हुए उन्हें अभिनंदन पत्र भेंट किया।

इस अवसर पर कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। साथ ही देशभर से आए अखिल विश्व गायत्री परिवार के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

140 नवविवाहित जोड़ों को दिया आशीर्वाद – कन्या विवाह योजना के अंतर्गत प्रोत्साहन राशि प्रदान

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत हसौद में परिणय-सूत्र में बंधने वाले 140 नवविवाहित जोड़ों को शुभकामनाएँ और आशीर्वाद दिया।

जैतखाम में पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने हसौद प्रवास के दौरान जैतखाम पहुँचकर विधि-विधानपूर्वक पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, शांति, कल्याण एवं निरंतर प्रगति की कामना की।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी के सत्य, अहिंसा, समानता, सामाजिक समरसता तथा ‘मनखे-मनखे एक समान’ के संदेश हमें समाज में सद्भाव और एकता का मार्ग दिखाते हैं। उन्होंने जनसमूह से आह्वान किया कि इन आदर्शों को आत्मसात कर विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में सक्रिय योगदान दें।

गांजा तस्करी मामले में पेशी पर आया बंदी कोर्ट से हुआ फरार, सिपाहियों ने खोले थे आरोपी के हाथ, जांच में जुटी पुलिस

गांजा तस्करी मामले में पेशी पर आया बंदी कोर्ट से हुआ फरार, सिपाहियों ने खोले थे आरोपी के हाथ, जांच में जुटी पुलिस

  रायपुर। रायपुर कोर्ट परिसर से गांजा तस्करी के आरोपी के फरार होने का एक गंभीर  मामला सामने आया है। जहां कोर्ट में पेशी पर लाए गए गांजा तस्करी के मामले के बंदी आशीष राजावत को जेल से न्यायालय लाया गया था। पेशी के दौरान सिपाहियों ने उसकी हथकड़ी खोल दी, जिसके बाद वह मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया।

वहीं कहा जा रहा है कि सिपाहियों से सांठगांठ के बाद वह फरार हो गया। बताया जा रहा है कि सिपाहियों ने ही आरोपी का हथकड़ी खोल दिया था। अब पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी हुई है ।

 

सेप्टिक टैंक में मिली नवविवाहिता की लाश, कुछ महीने पहले हुई थी लव मैरिज, गांव में फैली दहशत

सेप्टिक टैंक में मिली नवविवाहिता की लाश, कुछ महीने पहले हुई थी लव मैरिज, गांव में फैली दहशत

  कवर्धा। लोहारा थाना क्षेत्र के बांधाटोला गांव में उस समय सनसनी फैल गई, जब एक नवविवाहित महिला का शव घर के सेप्टिक टैंक में मिला। अचानक तेज बदबू आने पर परिवार और ग्रामीणों को शक हुआ, जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ।

मिली जानकारी के अनुसार, मृतका की पहचान कामनी निषाद के रूप में हुई है, जिसने कुछ माह पहले लव मैरिज कर भोजराज पटेल से शादी की थी। दो माह पहले महिला के पति ने लोहारा थाना में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसके बाद पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी।

वहीं लगातार आ रही तेज गंध के बाद जब लोगों ने सेप्टिक टैंक में देखा तो उनके होश उड़ गए। जिसमें बाद जानकारी मिलते ही लोहारा पुलिस मौके पर पहुंची और सेप्टिक टैंक से शव को बरामद कर पंचनामा कार्रवाई शुरू कर दी। शव मिलने से  पूरे गांव में घटना को लेकर दहशत और आक्रोश का माहौल है।

 ग्रामीणों ने मृतका के ससुर जहर पटेल पर हत्या का संदेह जताया है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए ससुराल पक्ष के सभी सदस्यों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मृत्यु का कारण स्पष्ट हो पाएगा। मामले की जांच जारी है।

CG : बाप ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग बेटी से सालों बुझाता रहा हवस, अब आरोपी गिरफ्तार

CG : बाप ने रिश्ते को किया शर्मसार, नाबालिग बेटी से सालों बुझाता रहा हवस, अब आरोपी गिरफ्तार

 रायगढ़।  जिले में बाप-बेटी के रिश्ते को शर्मसार करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक शराबी पिता ने अपनी नाबालिग बेटी के साथ दो सालों तक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। पीड़ित नाबालिग ने पुलिस को बताया कि जब भी वह घर में अकेली रहती, तब आरोपी पिता उसके साथ मारपीट कर दुष्कर्म करता था। वहीं घटना खुलासा करने पर आरोपी पिता पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी देता था। पीड़िता की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है।

नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म की ये घटना चक्रधर नगर थाना क्षेत्र का है। 16 साल की पीड़ित नाबालिग ने बताया कि उसकी मां दूसरे के घरों में काम करती है। जबकि उसका पिता कोई काम न कर घर पर ही रहता था। पीड़िता ने बताया कि साल 2023 को वह अपने सहेलियों के साथ पार्क में घूमने गई थी और वहां फोटो खिंचवा रही थी। तभी उसके पिता ने उसे देख लिया। जब वह घर लौटी, तब उसके पिता ने उसके साथ मारपीट करते हुए जबरन उसके साथ शारीरिक संबंध बनाया।

नाबालिग ने अपने पिता की इस हैवानियत का विरोध भी किया, लेकिन वह डरा-धमकाकर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। इसके बाद आरोपी पिता ने उसे घटना की जानकारी किसी को भी देने पर परिवार के सभी लोगों को जान से मारने की धमकी दे दी। जिससे दहशत में आई नाबालिग ने डर कर अपने मुंह को बंद रखना मुनासिब समझा। इसके बाद आरोपी पिता जब भी नाबालिग बेटी घर पर अकेली रहती उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम देता।

CG : चरित्र संदेह में 74 साल की पत्नी की हत्या, आरोपी गिरफ्तार

CG : चरित्र संदेह में 74 साल की पत्नी की हत्या, आरोपी गिरफ्तार

  बलरामपुर।  जिले में 75 साल के बुजुर्ग ने कैरेक्टर के शक में 74 साल की पत्नी की कुल्हाड़ी मारकर हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी ने बेटी को फोन कर कहा तुम्हारी मां को मार दिया हूं। दरअसल, आरोपी खनिज विभाग से रिटायर्ड कर्मचारी है। साल 2009 में आरोपी ने पत्नी को ड्राइवर के सा​थ आपत्तिजनक हालत में देख लिया था।

इस बात को लेकर पति-पत्नी के बीच कई बार झगड़ा हुआ था। इसी विवाद के चलते पति ने 16 साल बाद पत्नी को मार डाला। पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है। मामले को लेकर पूछताछ की जा रही है। घटना राजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम ठरकी का है।

जानिए पूरा मामला

जानकारी के अनुसार 75 साल के बुजुर्ग ठिभू केरकेट्टा खनिज विभाग अंबिकापुर में सर्वेयर के पद से रिटायर हो चुके हैं। वे अपनी 74 वर्षीय पत्नी महेश्वरी के साथ रह रहे थे। मंगलवार की रात करीब 1 बजे चरित्र संदेह को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ।

दोनों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि गुस्से में आकर ठिभू ने पत्नी महेश्वरी पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया। इस हमले में महेश्वरी की मौके पर मौत हो गई।

बेटी को फोन कर दी जानकारी

वारदात के बाद आरोपी ने अंबिकापुर में रह रही अपनी बेटी अनिता तिर्की को फोन किया और बताया कि “तेरी मां की कुल्हाड़ी से मारकर हत्या कर दी है”। बेटी ने तुरंत यह बात अपने भाई सुनील (43 वर्ष) को बताई। घटनास्थल से करीब 150 मीटर दूर रह रहा सुनील सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचा।

आरोपी ठिभू ने दरवाजा खोला। इसके बाद सुनील ने जैसे ही कमरे की लाइट जलाई तो देखा कि उसकी मां पलंग के नीचे जमीन पर खून से लथपथ पड़ी थी। उसके बाएं कान के पास टांगी का घाव था और आसपास खून फैला हुआ था।

आरोपी ने जम कबूला

परिजनों ने पूछताछ की तो आरोपी ठिभू ने जुर्म कबूल करते हुए कहा कि उसने पत्नी को मार दिया है। इसके बाद घटना की जानकारी पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही राजपुर थाना प्रभारी भारद्वाज सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। आरोपी को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला कि साल 2009 में विभाग में काम करने वाला एक मार्शल वाहन ड्राइवर आरोपी ठिभू केरकेट्टा के साथ ग्राम ठरकी आया था। आरोपी ने उस रात पत्नी को उसी ड्राइवर के साथ एक खाट पर साथ सोते हुए देख लिया था।इसी बात को लेकर पति-पत्नी के बीच लंबे समय से झगड़ा चल रहा था। इसी विवाद के चलते आरोपी ने पत्नी की हत्या कर दी।

CG : बाइक सवार दो युवकों की मौत, तेज रफ्तार वाहन की ठोकर से हुआ हादसा

CG : बाइक सवार दो युवकों की मौत, तेज रफ्तार वाहन की ठोकर से हुआ हादसा

  जगदलपुर। जिले से सड़क हादसे को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। जहां तेज रफ्तार वाहन ने बाइक को जोरदार ठोकर मार दी। हादसे में दो युवकों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। वहीं, इस घटना के बाद वाहन सवार आरोपी फरार हो गया, जिसकी तलाश पुलिस द्वारा की जा रही है। घटना जगदलपुर के धरमपुरा क्षेत्र की है।

बताया जा रहा है पल्लीगांव निवासी राजेश बघेल पिता महेश बघेल 21 वर्ष व प्रिंस बघेल पिता रामधर 18 वर्ष के साथ जगदलपुर की और जा रहे थे। इसी दौरान कोतवाली थाना क्षेत्र के धरमपुरा स्थित सब्जी मार्केट के पास तेज रफ़्तार वाहन ने बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना भयावह था कि बाइक सवार दोनों युवक दूर जा गिरे।

इस हादसे में दोनों युवकों के सिर, हाथ और पैर में गंभीर चोट लगी थी। दर्दनाक एक्सीडेंट में दोनों युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना स्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों युवकों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। आज सुबह दोनों युवकों के शव का पोस्टमार्टम कराकर शव को परिजनों को सौंप दिया गया।

CG Visit : दो दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास पर आएंगे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, जानिए वजह…

CG Visit : दो दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास पर आएंगे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, जानिए वजह…

  रायपुर।  केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दो दिवसीय प्रवास पर छत्तीसगढ़ आ रहे हैं। वे कल यानी शुक्रवार की रात करीब 10 बजे रायपुर के माना एयरपोर्ट पहुंचेंगे, जहां से सीधे एक निजी रिसोर्ट के लिए रवाना होंगे और वहीं रात्रि विश्राम करेंगे।

अगले दिन शनिवार को दोपहर 1:30 बजे वे माना एयरपोर्ट से जगदलपुर के लिए उड़ान भरेंगे। अमित शाह दोपहर 2:45 बजे जगदलपुर पहुंचेंगे और 2:45 से 4:45 बजे तक बस्तर ओलंपिक के समापन समारोह में शामिल होंगे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद वे जगदलपुर से दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगे।