नईदिल्ली। भारत में चिकित्सा उपकरण क्षेत्र महंगी विनिर्माण क्षमता के साथ साथ प्रतिस्पर्धी अर्थव्यवस्था, घरेलू आपूर्ति श्रृंखला और लॉजिस्टिक्स की कमी, वित्त की उच्च लागत, बिजली की कम उपलब्धता की समस्या से ग्रस्त है। इसके अलावा, डिजाइन क्षमताओं, अनुसंधान और विकास (आर एंड डी) और कौशल विकास आदि पर भी कम ध्यान केंद्रित होने के कारण इस क्षेत्र पर असर पड़ रहा है। घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से, चिकित्सा उपकरण क्षेत्र में बड़े निवेश को आकर्षित करने के लिए, औषधि विभाग ने चिकित्सा जगत के घरेलू निर्माताओं के लिए बराबरी के स्तर का अवसर सुनिश्चित करने के लिए उत्पादन से सम्बद्ध प्रोत्साहन (पीएलआई) योजना शुरू की थी। चिकित्सा उपकरणों के घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए विभाग ने 2020-21 से 2027-28 की अवधि के लिए 3,420 करोड़ रुपये के कुल वित्तीय परिव्यय को मंज़ूरी दी थी।"कैंसर देखभाल / रेडियोथेरेपी चिकित्सा उपकरण", "रेडियोलॉजी और इमेजिंग चिकित्सा उपकरण (दोनों आयनीकरण और गैर-आयनीकरण विकिरण उत्पाद) और परमाणु इमेजिंग उत्पाद", "एनेस्थेटिक्स और कार्डियो-रेस्पिरेटरी चिकित्सा उपकरण, कैथेटर्स कार्डियो-रेस्पिरेटरी श्रेणी में कैथेटर्स सहित और रीनल केयर चिकित्सा उपकरण”और“ इंप्लांटेबल इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेज सहित सभी इंप्लांट्स ” के लिये चार अलग-अलग लक्षित खंडों के तहत आवेदन आमंत्रित किए गए थे।
नईदिल्ली। भारत में पहली बार डीजल ट्रैक्टर को सीएनजी में परिवर्तित किया गया है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी द्वारा इसे कल औपचारिक रूप से लॉन्च किया जाएगा। रावमट टेक्नो सॉल्यूशंस और टॉमासेटो अचीले इंडिया द्वारा संयुक्त रूप से किए गए इस रूपांतरण से किसानों को उत्पादन लागत कम करने तथा ग्रामीण भारत में रोजगार के ज़्यादा से ज़्यादा अवसर पैदा करने में मदद मिलेगी। केंद्रीय मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान, नरेंद्र सिंह तोमर, पुरुषोत्तम रूपाला और जनरल (सेवानिवृत्त) वी.के. सिंह भी उद्घाटन समारोह में मौजूद रहेंगे। इस प्रकार से किसानों के लिए सबसे महत्वपूर्ण लाभ ईंधन की लागत पर सालाना एक लाख रुपये से अधिक की बचत करना सुलभ होगा। इसके अतिरिक्त उन्हें अपनी आजीविका में सुधार करने में भी मदद मिलेगी।
सीएनजी में रूपांतरण के महत्वपूर्ण लाभ हैं:
- यह एक स्वच्छ ईंधन है क्योंकि इसमें कार्बन और अन्य प्रदूषकों की मात्रा सबसे कम है।
- यह बहुत किफायती है क्योंकि इसमें सीसा लगभग शून्य के बराबर है। यह गैर-संक्षारक, गाढ़ा और कम प्रदूषण फैलाने वाला है जो इंजन की जीवन क्षमता बढ़ाने में मदद करता है और इसके लिए नियमित रखरखाव की कम आवश्यकता होती है।
- यह बेहद सस्ता है क्योंकि सीएनजी की कीमतें पेट्रोल की कीमतों में उतार-चढ़ाव की तुलना में कहीं अधिक सुसंगत हैं। डीजल तथा पेट्रोल चालित वाहनों की तुलना में सीएनजी वाहनों का औसत माइलेज भी बेहतर है।
- यह बहुत सुरक्षित है क्योंकि सीएनजी वाहन सीलबंद टैंक के साथ आते हैं, जो ईंधन भरने या स्पिल की स्थिति में विस्फोट की संभावना को न्यूनतम करता है।
- यह भविष्य को बेहतर बनाएगा क्योंकि पूरी दुनिया में लगभग 1 करोड़ 20 लाख वाहन वर्तमान में प्राकृतिक गैस द्वारा ही संचालित होते हैं। दिन प्रतिदिन अधिक से अधिक कंपनियां और नगर पालिकाएं सीएनजी को बढ़ावा देने के आंदोलन में शामिल हो रही हैं।
- यह वेस्ट टू वेल्थ (कचरे से धन) कार्यक्रम का ही एक हिस्सा है क्योंकि फ़सल की पराली का उपयोग बायो-सीएनजी के उत्पादन के लिए कच्चे माल के रूप में किया जा सकता है जो किसानों को उनके अपने इलाके में बायो-सीएनजी उत्पादन इकाइयों को बेचकर पैसा कमाने में मदद करेगा।
किसानों के लिए ट्रैक्टर को सीएनजी में परिवर्तित करने के और अधिक विशिष्ट लाभ हैं:
- परीक्षण रिपोर्ट यह बताती है कि डीजल से चलने वाले इंजन की तुलना में रेट्रोफिटेड ट्रैक्टर उससे अधिक / बराबर शक्ति का उत्पादन करता है।
- इससे डीजल की तुलना में कुल कार्बन उत्सर्जन में 70% की कमी आई है।
यह किसानों को ईंधन की लागत पर 50% तक की बचत करने में मदद करेगा क्योंकि वर्तमान में डीजल की कीमत 77.43 रुपये प्रति लीटर हैं जबकि सीएनजी केवल 42 रुपये प्रति किलोग्राम हैं।
नईदिल्ली। भारत ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। भारत कोविड-19 के खिलाफ 70 लाख से अधिक लोगों को टीके लगाने वाला दुनिया का सबसे तेज देश बन गया है। भारत ने यह उपलब्धि केवल 26 दिनों में अर्जित की है, जबकि अमेरिका ने इस आंकड़े तक पहुंचने में 27 दिन और इंग्लैंड ने 48 दिन का समय लिया है। भारत कुछ दिन पहले 60 लाख के आंकड़े पर पहुंचने वाला भी दुनिया पहला देश बना था। 11 फरवरी, 2021 को प्रातः आठ बजे तक देशव्यापी कोविड-19 टीकाकरण अभियान के तहत 70 लाख (70,17,114) से अधिक लाभार्थियों को टीके लग गए हैं। अभी तक कुल 70,17,114 लाभार्थियों को टीके लगे हैं, जिनमें 57,05,228 स्वास्थ्य देखभाल कर्मी (एचसीडब्लू) और 13,11,886 फ्रंटलाइन कर्मचारी (एफएलडब्लू) शामिल हैं। अभी तक 1,43,056 सत्र आयोजित किए जा चुके हैं। टीकाकरण के 26वें दिन यानि 10 फरवरी, 2021 को 4,05,349 लाभार्थियों (एचसीडब्लू 94,890 और एफएलडब्लू-3,10,459) को 8,308 सत्रों में टीके लगाए गए हैं। टीके लगाए जाने वाले लाभार्थियों की संख्या में दिन-प्रतिदिन लगातार बढ़ोतरी हो रही है। 13 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 65 प्रतिशत से अधिक पंजीकृत स्वास्थ्य देखभाल कर्मियों को टीके लगाए गए हैं। बिहार में सबसे अधिक संख्या में 79 प्रतिशत पंजीकृत एचसीडब्लू को कोविड के टीके लग चुके हैं। सात राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 40 प्रतिशत से कम पंजीकृत स्वास्थ्य देखभाल कर्मियों को टीके लगे हैं। पुदुचेरी में सबसे कम 17.5 प्रतिशत कर्मियों को टीके लगे हैं। कोविड-19 के खिलाफ भारत की लड़ाई से अन्य मोर्चों पर भी प्रतिदिन सफलता हासिल हो रही है। 17 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में पिछले चौबीस घंटों के दौरान कोविड से कोई भी मौत नहीं हुई है। ये राज्य/केंद्र शासित प्रदेश हैं- तेलंगाना, गुजरात, असम, हरियाणा, ओडिशा, उत्तराखंड, मेघालय, नगालैंड, लक्षद्वीप, लद्दाख, सिक्किम, मणिपुर, मिजोरम, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, त्रिपुरा, अरुणाचल प्रदेश, दमन और दीव तथा दादरा और नगर हवेली।
देश में पिछले चौबीस घंटों के दौरान 1,42,562 सक्रिय मामले दर्ज हुए हैं। अब देश के कुल संक्रमित मामलों की संख्या कुल मामलों की केवल 1.31 प्रतिशत ही है। प्रति दस लाख आबादी पर देश में सक्रिय मामलों की संख्या केवल 104 है, जो दुनिया में सबसे कम है। देश में पिछले चौबीस घंटों के दौरान 12,923 नए पुष्ट मामले दर्ज हुए हैं जबकि इसी अवधि के दौरान 11,764 नए मरीज ठीक हुए हैं। राष्ट्रीय रिकवरी दर 97.26 प्रतिशत है, जो दुनिया की सबसे ऊंची रिकवरी दर है।
अभी तक कुल 1,05,73,372 कोविड के मरीज ठीक हो चुके हैं। सक्रिय मामलों और ठीक हुए मामलों के बीच अंतर लगातार बढ़ते हुए 1,04,30,810 तक पहुंच गया है। 83.20 प्रतिशत ठीक हुए नए मामले छह राज्यों में दर्ज हुए हैं। केरल में सबसे अधिक संख्या में 5,745 नए मरीज ठीक हुए हैं। महाराष्ट्र और गुजरात में क्रमशः 2,421 और 495 नए मरीज ठीक हुए हैं। केरल में कल सबसे अधिक 5,980 नए मरीज सामने आए हैं, जबकि महाराष्ट्र और तमिलनाडु में क्रमशः 3,451 और 479 नए मामले दर्ज हुए हैं। पिछले चौबीस घंटों के दौरान कोविड के 108 मरीजों की मौत हुई है। 79.63 प्रतिशत मौत के मामले सात राज्यों से संबंधित हैं। महाराष्ट्र में सबसे अधिक 30 लोगों की मौत हुई है, जबकि केरल में मौत के 18 नए मामले दर्ज हुए हैं।
नईदिल्ली। वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग द्वारा निर्धारित शहरी स्थानीय निकाय (यूएलबी) सुधारों को सफलतापूर्वक पूरा करने वाला गोवा देश का छठा राज्य बन गया है। इस प्रकार गोवा खुली बाजार उधारी के माध्यम से 223 करोड़ रुपए के अतिरिक्त वित्तीय संसाधन जुटाने का हकदार हो गया है। व्यय विभाग ने इसके लिए अनुमति जारी कर दी थी। गोवा यूएलबी सुधार पूरा करने वाले पांच अन्य राज्यों – आंध्र प्रदेश, मध्य प्रदेश, मणिपुर, राजस्थान और तेलंगाना के साथ शामिल हो गया है। ये सुधार पूरा करने के बाद इन पांच राज्यों को 10,435 करोड़ रुपए की अतिरिक्त ऋण अनुमति प्रदान की गई है।
रायपुर | छत्तीसगढ़ प्रदेश में आज कुल 222 नए कोरोना मरीजों की पहचान की गई है | जिसमे जिला रायपुर से सर्वाधिक 67 मरीज, दुर्ग से 36, राजनांदगांव से 8, बालोद से 4, बेमेतरा से 1, कबीरधाम से 3, धमतरी से 5, बलौदा बाजार से 05, महासमुंद से 10, गरियाबंद से 7, बिलासपुर से 18, रायगढ़ से 14, कोरबा से 6, जांजगीर-चांपा से 7, मुंगेली से 2, जीपीएम से 0, सरगुजा से 9, कोरिया से 2, सूरजपुर से 7, बलरामपुर से 2, जशपुर से 2, बस्तर से 4, कोंडागांव से 0, दंतेवाड़ा से 0, सुकमा से 0, कांकेर से 2, नारायणपुर से 0, बीजापुर से 0, अन्य राज्य से 1 मरीज शामिल है । आज प्रदेश में कुल 312 कोरोना संक्रमित मरीज स्वस्थ्य होने के उपरांत अपने घर लौटे है | राज्य में आज कुल 7 कोरोना संक्रमितों की मौत हुई है | प्रदेश में अब कुल एक्टिव मरीजों की संख्या 4073 है |
222 नए कोरोना पॉजिटिव मरीज़ों की आज पहचान हुई व 312 मरीज़ स्वस्थ होने के उपरांत डिस्चार्ज/रिकवर्ड हुए। राज्य में स्वस्थ होने के उपरांत डिस्चार्ज/रिकवर्ड हुए मरीज़ों की संख्या 3,00,390 है।#ChhattisgarhFightsCorona@TS_SinghDeo @ChhattisgarhCMO pic.twitter.com/8SMjdtlVYV
— Health Department CG (@HealthCgGov) February 10, 2021
नईदिल्ली । इस साल देश के चार राज्यों (पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, और असम) एक केंद्र शासित प्रदेश (पुडुचेरी) में विधानसभा चुनाव होने हैं। जानकारी के अनुसार भारतीय निर्वाचन आयोग इन राज्यों में चुनाव कार्यक्रम की घोषणा 15 फरवरी के बाद कभी भी कर सकता है। आयोग फिलहाल चुनावों की तैयारियों का जायजा लेने के लिए दक्षिणी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश की यात्रा पर है। आयोग की दक्षिणी राज्यों की यात्रा 15 फरवरी को संपन्न होगी जिसके बाद इन राज्यों के लिए चुनाव कार्यक्रम की घोषणा की जा सकती है। निर्वाचन आयोग के सूत्रों के अनुसार चुनाव पैनल फरवरी अंत या मार्च की शुरुआत में इन राज्यों के लिए विस्तृत चुनाव कार्यक्रम का एलान कर सकता है। सूत्रों ने कहा कि तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में एक चरण में मतदान होगा। पश्चिम बंगा में छह से आठ चरणों में मतदान हो सकता है और असम में इसकी संख्या दो से तीन तक जा रह सकती है। सभी राज्यों में मतगणना एक ही दिन की जाएगी। आयोग की योजना सभी चुनाव एक मई से पहले कराने की है, जब से सीबीएसई की 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं शुरू हो जाएंगी। बता दें कि आयोग के अधिकारी असम और पश्चिम बंगाल का पहले ही दौरा कर चुके हैं। गौरतलब है कि इन चारों राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी की विधानसभाओं का कार्यकाल मई से जून के बीच में समाप्त होने वाला है। मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा, चुनाव आयुक्त सुशील चंद्रा और राजीव कुमार 10 और 11 फरवरी को तमिलनाडु में रहेंगे। 12 फरवरी को ये लोग पुडुचेरी में रहेंगे और 13 व 14 फरवरी को केरल पहुंच वहां के चुनाव व प्रशासनिक अधिकारियों से बात करके चुनावी तैयारियों का जायजा लेंगे।आयोग अन्य राजनीतिक दलों के साथ भी चर्चा करेगा। चुनाव आयोग सामान्य तौर पर चुनावी कार्यक्रम की घोषणा से पहले राज्यों का दौरा करता है। बिहार के मामले में सिर्फ ऐसा हुआ जब कार्यक्रम की घोषणा के बाद आयोग ने राज्य का दौरा किया था।
बंगाल में फर्जी मतदाताओं की पहचान के लिए ईसीआई एप का हो सकता है इस्तेमाल
पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनाव में फर्जी मतदाताओं की पहचान करने, एवं चुनाव प्रक्रिया के ब्योरे तत्काल सामने लाने के लिए निर्वाचन आयोग अपने बूथ मोबाइल एप का पूरी तरह से इस्तेमाल कर सकता है। अगर ऐसा होता है तो पश्चिम बंगाल पहला राज्य होगा जहां की चुनावी प्रक्रिया में इस एप का पूरी तरह से इस्तेमाल किया जाएगा।
रायपुर । राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम ने राज्यसभा में विशेष उल्लेख के माध्यम से दूरदर्शन छत्तीसगढ़ी भाषा का पृथक चैनल बनाए जाने का मामला उठाया। राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ को पृथक राज्य बने 20 साल हो चुके हैं। इस दौरान छत्तीसगढ़ी भाषा के विकास को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए। विभिन्न राज्यों में स्थानीय भाषाओं में प्रसारण के लिए दूरदर्शन के अलग-अलग चैनल हैं। जिसमें वहां की स्थानीय भाषा में प्रसारण किया जाता है। लेकिन छत्तीसगढ में दूरदर्शन से ऐसा चैनल नहीं चलाया जा रहा जिसमें केवल छत्तीसगढ़ी भाषा में प्रसारण हो। जबकि निजी क्षेत्र के क्षेत्रीय चैनलों पर छत्तीसगढ़ी भाषा में प्रसारण किया जा रहा है। राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम ने यह भी कहा कि छत्तीसगढ में एक ऐसे चैनल की आवश्यकता है जो यहां की कला, संस्कृति को सहेजने के साथ-साथ कलाकारों के हितों को भी संरक्षित करें। छत्तीसगढ़ में दूरदर्शन इस आवश्यकता को पूर्ण करने में सक्षम है। सदन के माध्यम से मांग की है कि दूरदर्शन छत्तीसगढ़ी भाषा में प्रसारण के लिए पृथक चैनल चलाया जाए। जिससे छत्तीसगढी भाषा के साथ-साथ स्थानीय कलाकारों, गायकों, निर्माताओं का भी विकास हो सकेगा।
नईदिल्ली। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने आज ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर्स कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीवीएफसीएल), नामरूप (असम) को यूरिया निर्माण इकाइयों के संचालन को बनाए रखने के लिए 100 करोड़ रुपये की अनुदान सहायता के लिए उर्वरक विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीवीएफसीएल), नामरूप एक सार्वजनिक क्षेत्र का उपक्रम है जो कंपनी अधिनियम के अनुसार भारत सरकार के उर्वरक विभाग (डीओएफ) के प्रशासनिक नियंत्रण के तहत बनाया गया है।वर्तमान में कंपनी असम के नामरूप में बीवीएफसीएल के परिसर में अपने दो पुराने संयंत्रों नामरूप-2 और नामरूप-3 में कार्य कर रही है। भारत में पहली गैस आधारित यूरिया विनिर्माण इकाई होने एवं सभी बुनियादी ढांचे और फीडस्टॉक की उपलब्धता होने के बावजूद, अपनी पुरानी और अप्रचलित प्रौद्योगिकी के कारण इस कंपनी के लिए लागत प्रभावी तरीके से मौजूदा इकाइयों से समुचित उत्पादन स्तर बनाए रखना मुश्किल रहा है। संयंत्रों के सुरक्षित, टिकाऊ और आर्थिक संचालन को सुनिश्चित करने के लिए, कुछ उपकरणों और मशीनों को प्रतिस्थापित/ओवरहाल किए जाने की आवश्यकता है। मैकेनिकल, इलेक्ट्रिकल, इंस्ट्रूमेंटेशन और उत्प्रेरक वस्तुओं आदि की खरीद के साथ संयंत्रों के सुचारू संचालन के लिए किए जाने वाली न्यूनतम कार्यात्मक मरम्मत पर 100 करोड़ रुपये का अनुमानित व्यय होगा और इसलिए सरकार ने ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीवीएफसीएल) को 100करोड़ रुपये की सहायता प्रदान की। ब्रह्मपुत्र वैली फर्टिलाइजर कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीवीएफसीएल) भारत के पूर्वोत्तर भाग में स्थित है, जो इस क्षेत्र में आर्थिक विकास की महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। बीवीएफसीएल को 100 करोड़ रुपये की सहायता प्रदान करने से प्रतिवर्ष 3.90 लाख मीट्रिक टन यूरिया उत्पादन क्षमता बहाल होगी और पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र विशेषकर असम में चाय उद्योग और कृषि क्षेत्र को यूरिया की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित होगी । इससे करीब 580 कर्मचारियों का स्थायी आधार पर और अन्य 1500 व्यक्तियों का मौजूदा रोजगार भी तदर्थ आधार पर जारी रहेगा। इसके अलावा इस प्रतिष्ठान द्वारा 28000 लोगों को सीधे लाभ मिलता है। इससे भारत सरकार के 'आत्मनिर्भर भारत अभियान' को भी मजबूती मिलेगी ।
नईदिल्ली। भारत में कोविड के दैनिक नए मामलों में गिरावट लगातार जारी है। देश में आज कोरोना वायरस के संक्रमण का उपचार करा रहे रोगियों की संख्या घटकर 1.41 लाख (1,41,511) पर आ गई है। वर्तमान मरीज़ों की कुल संख्या अब भारत के कुल सकारात्मक मामलों का केवल 1.30 प्रतिशत हैं। राष्ट्रीय आंकड़ों के अनुसार 33 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने पिछले 24 घंटों में 5000 से कम सक्रिय मामलों की सूचना दी है। दमन और दीव तथा दादरा और नगर हवेली में वर्तमान में एक भी सक्रिय मामला नहीं है। पिछले 24 घंटों में 11,067 नए रोगी सामने आये हैं। जबकि बीते एक दिन में 13,087 मरीज ठीक होकर अपने घर जा चुके हैं। इससे कुल सक्रिय मामलों के आंकड़े में 2,114 मामलों की कमी आई है। दो राज्यों केरल एवं महाराष्ट्र में देश के कुल सक्रिय मामलों का 71 प्रतिशत हिस्सा है। उन्नीस राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने पिछले 24 घंटों में किसी भी मौत की सूचना नहीं दी है। ये हैं - उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर, झारखंड, पुदुचेरी, मणिपुर, नागालैंड, लक्षद्वीप, मेघालय, सिक्किम, अंडमान और निकोबार द्वीप, केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख, मिज़ोरम, अरुणाचल प्रदेश, त्रिपुरा, दमन और दीव तथा दादरा और नगर हवेली। भारत में आज अब तक संक्रमण मुक्त होने वाले लोगों की कुल संख्या 1,05,61,608 है। जबकि रिकवरी दर 97.27 प्रतिशत है। देशव्यापी कोविड-19 टीकाकरण अभ्यास के तहत 10 फरवरी, 2021 के सुबह 8:00 बजे तक लगभग 66 लाख (66,11,561) लाभार्थियों का टीकाकरण किया गया है।
जबलपुर | मध्यप्रदेश के जबलपुर से एक बड़ी खबर आ रही है | खबर है कि आबकारी विभाग के कंट्रोल रुम से शराब की चोरी हुई है। जानकारी मिली है कि शराब चुराने वाले और कोई नहीं बल्कि खुद आबकारी पुलिस के अधिकारी हैं।
मिली जानकारी के अनुसार शराब माफिया से जब्त की जाने वाली शराब को आबकारी विभाग के कंट्रोल रुम में रखा जाता है। यहां से बीते दिनों आबकारी पुलिस के चार अधिकारी-कर्मचारियों ने शराब की पेटियां चुरा लीं, चोरी में मशगूल अधिकारी ये तक भूल गए कि कंट्रोल रुम में CCTV कैमरे लगे हुए हैं।
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जानकारी के अनुसार आबकारी कंट्रोल रुम में शराब की पेटियां चुराते अधिकारी-कर्मचारियों के CCTV फुटेज विभाग मुख्यालय तक पहुंच गए, जिसके बाद मामले में कार्रवाई की गई है। प्रदेश के आबकारी आयुक्त ने मामले में आबकारी पुलिस के 2 सब इंस्पेक्टर, 1 हेड कॉन्स्टेबल और 1 कॉन्स्टेबल के खिलाफ एफआईआर के आदेश जारी किए हैं।
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आबकारी आयुक्त के निर्देश पर जबलपुर की गोरखपुर थाना पुलिस ने आबकारी पुलिस के एसआई सुधीर मिश्रा, नीरज दुबे, हेड कॉन्स्टेबल राकेश बोहरे और कॉन्स्टेबल जैनेन्द्र प्यासी के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया है। मामले में दोषी अधिकारी-कर्मचारियों को विभाग ने पहले ही सस्पैंड कर दिया है।
रायपुर | छत्तीसगढ़ प्रदेश में आज कुल 206 नए कोरोना मरीजों की पहचान की गई है | जिसमे जिला रायपुर से सर्वाधिक 59 मरीज, दुर्ग से 29, राजनांदगांव से 5, बालोद से 1, बेमेतरा से 4, कबीरधाम से 0, धमतरी से 8, बलौदा बाजार से 23, महासमुंद से 12, गरियाबंद से 1, बिलासपुर से 10, रायगढ़ से 25, कोरबा से 4, जांजगीर-चांपा से 2, मुंगेली से 3, जीपीएम से 0, सरगुजा से 7, कोरिया से 0, सूरजपुर से 5, बलरामपुर से 0, जशपुर से 0, बस्तर से 1, कोंडागांव से 2, दंतेवाड़ा से 1, सुकमा से 0, कांकेर से 2, नारायणपुर से 1, बीजापुर से 1, अन्य राज्य से 0 मरीज शामिल है । आज प्रदेश में कुल 222 कोरोना संक्रमित मरीज स्वस्थ्य होने के उपरांत अपने घर लौटे है | राज्य में आज कुल 1 कोरोना संक्रमितों की मौत हुई है | प्रदेश में अब कुल एक्टिव मरीजों की संख्या 4172 है |
आज 206 नए कोरोना पॉजिटिव मरीज़ों की पहचान हुई व 222 मरीज़ स्वस्थ होने के उपरांत डिस्चार्ज/रिकवर्ड हुए। राज्य में स्वस्थ होने के उपरांत डिस्चार्ज/रिकवर्ड हुए मरीज़ों की संख्या 3,00,078 है।@TS_SinghDeo @ChhattisgarhCMO pic.twitter.com/EjHiVdDD51
— Health Department CG (@HealthCgGov) February 9, 2021






