अंबिकापुर, अंबिकापुर के कवलगिरी पंचायत में मितानिनों से कोरोना वैक्सीन छीनने का मामला सामने आया है।
कोरोना वैक्सीन का विरोध कर रहे नशेड़ी युवकों ने वैक्सीन का एक एम्पुल छीन लिया।
मितानिनों से की गालीगलौज की भी की। युवकों ने वैक्सीन के बॉक्स को फेंकने की भी कोशिश की। सोमवार देर रात युवकों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
रायपुर। राजधानी के माना कोविड केयर सेंटर के पास आज सुबह एक युवती का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गयी। बता दे कि मॉर्निंग वॉक के लिए निकले स्थानीय लोगो ने युवती का शव रास्ते पर देखा तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी। मौके पर पहुँची माना थाना पुलिस टीम आशंका जता रही है कि युवती कोविड सेंटर से ही निकली होगी, इसलिए कोरोना प्रोटोकॉल के तहत मामले की जांच कर रही है। फिलहाल फोरेंसिक की टीम भी मौके पर पहुँची हुई है। अब तक युवती की शिनाख्त नहीं हो पाई है। प्रथम दृष्टि युवती की उम्र 20 से 25 वर्ष के बीच दिख रही है। वही उसके शरीर पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं पाए गए है।
रायपुर, रायपुर में लॉकडाउन को लेकर आज फैसला हो सकता है। जिला प्रशासन की बैठक के बाद निर्णय लिया जा सकता है। चैंबर ने दुकानों के खुलने के समय को बढ़ाने की मांग की है। इस मांग को लेकर चैंबर ने मुख्यमंत्री को भी पत्र लिखा है।
कोरोना के मौजूदा हालातों के देखते हुए फैसला लिया जा सकता है। रायपुर में संक्रमण दर में 29 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। लॉकडाउन को लेकर जिला प्रशासन सीएम बघेल से भी चर्चा कर सकता है।
आपको बता दें संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने भी छत्तीसगढ़ में 15 मई तक लॉकडाउन को बढ़ाए जाने की मांग की है। उनके मुताबिक वर्तमान समय जान बचाने का है। लॉकडाउन के नतीजे अच्छे रहे हैं। इसिलए इसे 15 मई तक लागू रखने की जरुरत बताई है।
अंबिकापुर, अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज के कोविड वार्ड में लापरवाही का मामला सामने आया है। संक्रमित मरीज की मौत के बाद भी परिजनों को इसकी सूचना नहीं दी गई। करीब 17 घंटे बाद परिजनों को मरीज की मौत की जानकारी हुई।
मरीज के परिजन कोविड वार्ड में भर्ती अपने परिजन के लिए खाना भिजवाते रहे मगर करीब 17 घंटे पहले ही मरीज की मौत हो चुकी थी ऐसे में जब अस्पताल प्रबंधन से किसी तरह की सूचना नहीं मिली तो मरीज के परिजन खुद पीपीई कीट पहनकर आईसीयू पहुंचे। यहां मरीज को न पाकर जब परिजनों ने हंगामा शुरू किया तब उन्हें पता चला कि मरीज की मौत के बाद शव को मर्च्यूरी में रख दिया गया है।
वहीं लापरवाही की इस घटना के बाद अब मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन हर बार की ही तरह जांच और कार्रवाई की बात कह रहा है। दरअसल सूरजपुर जिले के रहने वाले एक वृद्ध को पहले मेडिकल कॉलेज अस्पताल के आइसोलेसन वार्ड में भर्ती कराया गया था। पॉजिटिव आने पर मरीज को आईसीयू में दाखिल किया गया था।
मरीज के परिजन दो टाइम तक मरीज को खाना पहुंचाने के लिए अस्पताल कर्मियों को देते रहे और अस्पताल कर्मी मरीज के परिजनों को खाना पहुंचाने के लिए आश्वस्त भी करते रहे। मगर करीब 17 घंटे बाद एक बार भी परिजनों की बात मरीज से नहीं हुई तो उन्होंने खुद पीपीई किट पहनकर आईसीयू में मरीज कि तलाश की।
तब मरीज वहां मौजूद नहीं था ऐसे में वार्ड बॉय ने जानकारी दी कि मरीज की मौत करीब 17 घंटे पहले ही हो चुकी है और उसके शव को मर्च्यूरी में रख दिया गया है। परिजनों ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए इसकी शिकायत मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन से की है। इधर मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन मामले की जांच कर कार्रवाई की बात कह रहा है।
रायपुर। राजधानी के सुपरस्पेशलिटी अस्पताल में आग लगने के मामले में अस्पताल संचालक मंडल के दो डॉक्टर सचिन मल और अरविंदो राय को गिरफ्तार किया गया है।
गैर इरादतन हत्या के आरोप में पुलिस ने दोनों डॉक्टर्स को गिरफ्तार कर लिया है। टिकरापारा थाने में गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज है।
आपको बता दें अस्पताल में आग लगने से 6 लोगों की जान गई थी।
रायपुर। संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने छत्तीसगढ़ में 15 मई तक लॉकडाउन बढ़ाने की मांग की है। उनके मुताबिक छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण से गंभीर हुए हालात धीरे-धीरे सुधरते अब दिख रहे हैं और इसकी मुख्य वजह लॉकडाउन ही है ऐसे में इस स्थिति को और बेहतर बनाये रखने 15 मई तक लॉकडाउन को बढ़ाया जाना चाहिए।
विकास उपाध्याय ने कहा,इस बार आम जनता खुद चाह रही है कि जान है तो जहान है और जिस तरह से इस बार के लॉकडाउन को आम जनता का समर्थन मिला है वह अभूतपूर्व है। ज्ञात रहे कि बढ़ते कोरोना के दूसरे वेव को रोकने विकास उपाध्याय ने सबसे पहले लॉकडाउन लगाए जाने की वकालत की थी।
संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने कहा,छत्तीसगढ़ में 15 मई तक लॉकडाउन को बढ़ाया जाना चाहिए। आज छत्तीसगढ़ में कोरोना संक्रमण से गंभीर हुए हालात धीरे-धीरे सुधरते दिख रहे हैं तो सबसे बड़ा कारण यही है कि आम जनता ने इसे ही बेहतर विकल्प के साथ कारगर माना है और रोजाना नए संक्रमित मरीजों की सर्वाधिक संख्या वाले शीर्ष 10 राज्यों की सूची से बाहर निकल निकल कर राज्यों के क्रम में छत्तीसगढ़ 14वें स्थान पर आ गया है।
रायपुर। स्वास्थ्य विभाग ने राज्य के 6 अस्पतालों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। ये अस्पताल राजधानी रायपुर और बिलासपुर के हैं। विभाग ने बिलासपुर के श्रीराम केयर, अपोलो और किम्स हॉस्पिटल को एंटीजन की रिपोर्ट ऑनलाइन पोर्टल में अपडेट नहीं करने पर नोटिस थमाया है। वहीं राजधानी रायपुर में अस्पताल प्रबंधन ने बेड खाली नहीं होने की जानकारी दी थी। रायपुर के श्रीबालाजी, हेरिटेज और बांठिया हॉस्पिटल को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण मांगा है।
रायपुर | मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ राज्य में अन्य राज्यों से आने वाले लोगों, प्रवासी श्रमिकों को अनिवार्य रूप से क्वारेंटिंन सेंटर में ठहराने और उनका करोना टेस्ट कराने के निर्देश दिए हैं । मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा है कि राज्य के कई ग्रामीण इलाकों में अन्य राज्यों से आने वाले प्रवासी श्रमिकों एवं लोगों के संक्रमित होने की जानकारी मिल रही है । राज्य में कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए यह जरूरी है , कि अन्य राज्यों से आने वाले लोगों को गांव, घर- परिवार के बीच जाने देने के बजाय उन्हें गांव के बाहर स्थापित क्वॉरेंटीन सेंटर में कुछ दिनों के लिए एहतियात के तौर पर अनिवार्य रूप से ठहराया जाए और उनका कोरोना टेस्ट भी कराया जाए। कोरोना टेस्ट की रिपोर्ट नेगेटिव होने पर ही उन्हें गांव एवं घर परिवार में जाने की अनुमति दी जाए। यह इसलिए जरूरी है कि थोड़ी सी सावधानी बरतकर हम गांव और ग्रामीणों को संक्रमित होने से बचा सकते हैं ।
मुख्यमंत्री ने पंचायत पदाधिकारियों , शासन की सभी विभागों के ग्रामीण अमले के कर्मचारियों विशेषकर मितानिनों,आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, कोटवारों से अन्य राज्यों से गांवों में आने वाले पर निगरानी रखने और उन्हें क्वॉरेंटीन सेंटर में ठहराने के लिए समझाइश देने को कहा है । मुख्यमंत्री ने कहा है कि इस निर्देश का पालन न करने वालों की सूचना तत्काल संबंधित इलाके तहसीलदार, एसडीएम एवं जिला प्रशासन को दी जानी चाहिए।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बिलासपुर एवं सरगुजा संभाग के ग्रामीण इलाके के मितानिनों एवं स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं से गांवों में कोरोना संक्रमण की स्थिति की जानकारी ले रहे थे । इस दौरान रायगढ़ जिले के तमनार के एक ही मोहल्ले में 30 से अधिक लोगों के संक्रमित होने की मितानिन द्वारा जानकारी दिए जाने पर मुख्यमंत्री ने जब विस्तार से पूछताछ की तो मितानिन श्रीमती गोमती साहू ने बताया कि यह सभी लोग बाहर कमाने गए थे । अभी लौट कर आए हैं । कोरोना जांच में सभी पॉजिटिव पाए गए हैं । कमोबेश इसी तरह की जानकारी अन्य क्षेत्रों की मितानिनो एवं स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा दी गई थी।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने सभी नागरिकों से कोरोना संक्रमण के वर्तमान हालात को देखते हुए राज्य शासन द्वारा निर्धारित व्यवस्था का पालन करने की अपील की है । मुख्यमंत्री ने कहा है कि सभी के सहयोग एवं सावधानी से ही कोरोना को रोकने और उसे परास्त करने में कामयाबी मिलेगी।
दंतेवाड़ा। कोविड संक्रमण के लगातार बढ़ रहे मामलों के मद्देनजर जिले में 18 अप्रैल को सुबह 6 बजे से 6 मई सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन घोषित किया गया है। जिसे ध्यान रखते हुए जिला प्रशासन तथा पुलिस प्रशासन के अधिकारियों और जवानों ने गीदम से दंतेवाड़ा तक मुख्य मार्ग में फ्लेग मार्च कर आम नागरिकों और व्यावसायियों से लॉकडाउन में सहयोग प्रदान करने धन्यवाद दिया। इस दौरान अधिकारियों ने कोविड संक्रमण से बचाव करने के लिए मास्क का उपयोग करने, सोशल डिस्टेंस का पालन करने, साबुन से हाथ की धुलाई करने और घर में ही सुरक्षित रहने की समझाईश नागरिकों को दी। इस दौरान एसडीएम अबिनाश मिश्रा, अपर पुलिस अधीक्षक जायसवाल, डिप्टी कलेक्टर प्रीति दुर्गम, सीएमओ एल एस मरकाम, सहित जिला प्रशासन, नगर निगम के अधिकारी और पुलिस अधिकारी तथा पुलिस जवान मौजूद थे।
रायपुर। cg 18 vaccination : 18 प्लस लोगों को प्रदेश सरकार द्वारा लगाई जाने वाले कोविड 19 वैक्सीन के टीकाकरण को लेकर राजनीति गरमा गया है। अंत्योदय कार्ड यानी बीपीएल कार्डधारियों को टीकाकारण में आरक्षण करना प्रदेश सरकार के लिए मुसीबत बनता नजर आ रहा है। टीकारण में आरक्षण का विरोध करते हुए जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर सरकार के इस फैसले को चुनौति दी है।
अमित जोगी ने बताया कि छत्तीसगढ़ सरकार के 30 अप्रैल के टीकाकरण अभियान के आरक्षण लागू करने के निर्णय को चुनौती देते हुए अधिवक्ता अरविंद श्रीवास्तव के माध्यम से हाई कोर्ट में रिट याचिका दायर कर दी है। याचिका में अमित जोगी ने दलील दी कि छत्तीसगढ़ सरकार का टीकाकरण में आरक्षण लागू करने का निर्णय असंवैधानिक और अनैतिक होने के साथ-साथ ग़ैर-वैज्ञानिक भी है। टीके की खुराक पहले उन लोगों को लगना चाहिए जिनके संक्रमित होने की अधिक सम्भावना है, भले ही वे किसी भी वर्ग या जाति के क्यों न हों। इस बात का निर्णय अस्पताल में विशेषज्ञ-डॉक्टर ही ले सकते हैं न कि वातानुकूलित कमरों में बैठे ग़ैर-विशेषज्ञ नेता।
याचिका में अमित जोगी ने कहा कि भारत के संविधान के अंतर्गत किसी भी शासक को यह तय करने का अधिकार नहीं दिया जा सकता कि कौन जिये और कौन मरे। टीकाकरण का आधार आरक्षण की जगह विज्ञान होना चाहिए और उपचार का केवल एक ही आधार होता है जिसे चिकित्सा की भाषा में ट्रीआज़ कहा जाता है।
याचिका में अमित जोगी ने उल्लेख किया कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 15 अप्रैल को बुलाई सर्वदलीय बैठक में उन्होंने लिखित में कोरोना के रोकथाम, नियंत्रण और उपचार के लिए सुझाव दिए थे। इसमें उन्होंने शासन से आग्रह किया था कि ‘1 मई से शुरू होने वाले 18-45 आयु के लक्षित समूह के टीकाकरण अभियान में ट्रीआज़ के आधार पर पूर्व रोग से ग्रसित लोगों को पहले टीका लगाया जाना चाहिए। अमित जोगी ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा प्रचलित वैज्ञानिक सिद्धांतों को ताक में रखते हुए मनमाने तरीक़े से टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है जिसका ख़ामियाज़ा वास्तविक ज़रूरतमंदों को अपने जीवन से चुकाना पड़ सकता है। अमित ने हाई कोर्ट से इस मामले पर प्राथमिकता से सुनवाई करने की भी गुहार लगाई।
रायपुर । अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान नई दिल्ली ने जारी किये गए नए प्रोटोकाल अनुसार एवं राज्य के वरिष्ठ डाक्टरों की अनुशंसा पर कोविड के ईलाज के लिए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, छत्तीसगढ़ ने नया प्रोटोकॉल जारी किया गया है। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, नई दिल्ली एवं आईसीएमआर की अनुशंसा अनुसार निर्देश जारी किए गए हैं कि रेमेडीसिविर, टोसीलिजुमाब एवं प्लाज्मा थेरेपी का उपयोग केवल अस्पतालों में ही किया जाए। इन दवाओं को प्रिस्काइब करने वाले डाक्टर की यह जिम्मेदारी होगी कि वह इन दवाओं के संबंध में मरीज की आवश्यकता का आकलन कर लें एवं यह भी सुनिश्चित कर ले कि मरीज को अन्य कोई बीमारी जैसे किडनी रोग, ह्दय रोग, कैंसर आदि तो नहीं, यह दवाएं अभी एक्सपेरीमेंटल दवाएं हैं। अतः इन दवाओं को किसी भी मरीज को देने से पूर्व मरीज के परिजन से इन्फार्ड कंसेन्ट प्राप्त करना अनिवार्य होगा।
साथ ही राज्य सरकार ने यह भी निर्देश दिए है कि इन दवाओं के उपयोग के संबंध में राज्य चिकित्सा परिषद ने दवाओं के उपयोग की ऑडिट की जाएगी एवं बिना किसी कारण ऐसी दवाएं प्रिस्काइब करने वाले डाक्टर के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
राज्य सरकार ने आदेश जारी किया है कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी रायपुर ने 5 अलग-अलग दल बनाए जाएगें, जो कि निजी अस्पतालों का भ्रमण कर यह सुनिश्चित करेंगे कि पोर्टल पर बेड उपलब्धता की जानकारी अद्यतन रहे एवं बेड उपलब्ध होने की स्थिति में किसी भी मरीज को भर्ती होने से वंचित न होना पड़े। यह भ्रमण दल अस्पतालों में मरीजों से मिल यह भी ज्ञात करेंगे कि अस्पताल में मरीजों को भर्ती से वंचित तो नहीं किया जा रहा। यदि कोई अस्पताल मरीज को बेड उपलब्ध होने के बावजूद भर्ती करने से इंकार करता है तो ऐसी स्थिति में छत्तीसगढ़ उपचर्या गृह एवं रोगोपचार संबंधी स्थापनाए अधिनियम 2010 एवं नियम 2013 महामारी अधिनियम 1897 की कंडिका दो एवं छ.ग. एपिडेमिक डिसीज कोविड-19 रेगुलेशन 2020 की कण्डिका 3 के अंतर्गत ऐसे अस्पतालों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
दुर्ग । सोशल मीडिया में नेहरू नगर, सेक्टर-7 और सेक्टर-10 में कंटेनमेंट जोन बनाए जाने के संबंध में सोशल मीडिया में कुछ भ्रामक व् गलत जानकारियाँ वायरल हुई हैं।
मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गंभीर सिंह ठाकुर ने इसका खंडन किया है और लोगों से ऐसी भ्रामक जानकारियों से बचने की अपील की है। साथ ही ऐसी किसी भ्रामक जानकारी को प्रसारित नहीं करने की अपील भी की है।
उन्होंने बताया कि कंटेनमेंट जोन बनाने का निर्णय सैंपलिंग के आधार पर पॉज़िटिव आने वाले मामलों की संख्या के आधार पर निर्धारित होता है। अनुपात से अधिक पॉज़िटिव आने पर संक्रमण की रोकथाम सुनिश्चित करने कंटेनमेंट जोन बनाए जाते हैं। यह प्रोटोकाल के तहत किया जाता है और नेहरू नगर, सेक्टर-7 व् सेक्टर-10 में भी इसी के चलते कंटेनमेंट जोन बनाने का निर्णय लिया गया।
सोशल मीडिया में इसे लेकर कुछ गलत जानकारियाँ वायरल हुई हैं यह प्रशासन के संज्ञान में आया है। डॉ. ठाकुर ने जिले के नागरिकों से अपील की है कि कोविड को लेकर भ्रामक जानकारियों से बचें। किसी भी तरह की दुविधा होने पर कंट्रोल रूम में संपर्क करें ताकि वस्तुस्थिति की सही जानकारी प्राप्त हो सके।
धमतरी। कोरोना संक्रमण के इस कठिन दौर में पूरे सेवा व संस्कार के साथ हर धर्म की भावनाओं को अपने में आत्मसात करते हुए, अंतिम संस्कार करने वाले वर्तमान समय में समाज के रियल हीरो की तरह अपनी भूमिका निभा रहे युवाओं के बीच भाजपाई पार्षद पहुंचे।
नगर निगम के सुभाष साहू, ओंकार निषाद, जगनंदन राजपूत, वीरेंद्र साहू, रितेश टंडन, खिलेश्वर साहू, ओंकार निर्मलकर, सुरमुख चौहान आदि इन रियल हीरो और फ्रंटलाइन वारियर्स से मिलने नेता प्रतिपक्ष नरेंद्र रोहरा, नगर निगम के पूर्व सभापति और वर्तमान पार्षद राजेंद्र शर्मा, आमापारा के पार्षद व भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष विजय मोटवानी मुख्य नहर किनारे स्थित श्मशान घाट पहुंचे। उनकी समस्याओं से वाकिफ भी हुए।
नेता प्रतिपक्ष श्री रोहरा ने निगम के उक्त कार्य के प्रभारी अधिकारी से कहा कि समाज के सामने आई इस भीषण तथा चुनौतीपूर्ण दौर में हम सबको सेवा दे रह,े उक्त सेवाधारियों को समस्या मुक्त रखना हमारा नैतिक धर्म है। निगम के पूर्व सभापति राजेंद्र शर्मा ने आने वाले बारिश से पूर्व अंतिम संस्कार करने के लिए निगम को परेशानी ना हो उससे पूर्व शेड बनाने और विद्युत शवदाह मशीन को वर्तमान समय की अनिवार्य व महत्वपूर्ण आवश्यकता बताते हुए, उक्त कार्यों को अविलंब पूरा करने के लिए निगम के जिम्मेदार लोगों से मांग की।
पार्षद विजय मोटवानी ने संकट के इस गंभीर व कठिन दौर में अपनी जान जोखिम में डालकर सेवा दे रहे अग्रिम पंक्ति के इन कोरोना वाँरियरो को प्रोत्साहित व हर संभव सहयोग प्रदान करने को अपना धर्म व कर्तव्य निरूपित किया है। इस अवसर पर श्मशानघाट घाट में स्वच्छता प्रभारी शशांक मिश्रा, स्वास्थ्य निरीक्षक योगेश निषाद, राजस्व अधिकारी निखिल चंद्रांकर, उप अभियंता कामता नागेन्द्र सिन्हा उपस्थित रहे।
जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले से एक दर्दनाक खबर प्रकाश में आ रही है। जिले के सन्ना इलाके से 10 किमी दूर दूभर कोना में थोड़ी देर पहले गाज गिरने से एक साथ 3 लोगो की मौत हो गयी है। जबकि 4 लोग गाज की चपेट में आने से घायल हो गए हैं। जानकारी के मुताबिक गाज की चपेट में आकर जान गंवा चूके मृतक मिर्ची खेती की रखवाली कर रहे थे तभी अचानक तेज बारिश शुरू हो गयी।इसी बीच आकाशीय बिजली गिरी और मिर्ची खेत मे मौजूद करीब 7 से 8 लोगो को अपने चपेट में ले लिया । 3 की मौके पर ही मौत हो गयी जबकि अन्य घायलों को सन्ना और छिछली असप्ताल लाया गया है। मौसम विभाग ने बीते 24 घंटे पहले राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश तथा वज्रपात के साथ तेज हवा और अंधड़ चलने की संभावना जताई थी। उत्तरी छत्तीसगढ़ के सरगुजा जशपुर जैसे जिलों के सुदूर इलाकों में तेज हवाओं के साथ बज्रपात भी हुई है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड़ इंडस्ट्रीज के प्रदेश अध्यक्ष अमर पारवानी, कैट के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष विक्रम सिंहदेव, चेम्बर के महामंत्री अजय भसीन एवं कोषाध्यक्ष उत्तम गोलछा ने बताया कि आज प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बधेल को पत्र जारी कर टीकाकरण में 18 वर्ष से 44 वर्ष के बीच के व्यापारीयों एवं व्यापार में कार्यरत कर्मचारियों को प्राथमिकता दिए हेतु माननीय मुख्यमंत्री श्री भूपेश से अनुरोध किया ।













