रायपुर, राजधानी रायपुर के कई इलाकों में जहां इन दिनों मलेरिया व डेंगू के मरीज बढ़ रहे है, वहीं उन इलाको के अलावा कई और एसे इलाके भी बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है जहां जाम पड़ी नाली-नालो के साथ खाली प्लाटो में गंदगी व बारिश के पानी से भराव की स्थिति है।
राजधानी रायपुर में इन दिनों जोन-7 अंतर्गत रामनगर, भरतनगर, लक्ष्मणनगर, कर्मा चौक, छोटा-बड़ा रामनगर इलाके में डेंगू संक्रमण के मामले सामने आये है। सर्वाधिक मामले रामनगर में मिले है। इसके अलावा शहर के अन्य कई मोहल्लों में भी मलेरिया के मामले भी सामने आ रहे है। हालांकि मलेरिया से संक्रमित लोग ज्यादातर निजी अस्पतालों में इलाज कराना पसंद करते है जिसके चलते मरीजों के आकड़े की जानकारी नहीं मिल पायी है।
कोरोना काल में एक ओर जहां लोग पहले से ही कोविड-19 की पहली और दूसरी लहर के बाद तीसरी लहर से बचने के लिए प्रयासरत है है, वहीं दूसरी ओर राजधानी रायपुर में अब डेंगू व मलेरिया की चपेट में आ रहे है, जिसकी सबसे बड़ी वजह जाम पड़े नाले-नालियां एवं गंदगी है। शहर के कई इलाकों में नगर निगम का साफ-सफाई अभियान सिर्फ कागजों पर ही सिमट कर रह गई है। जबकि जमीनी हकीकत में शहर के वीवीआईपी, वीआईपी और रिहायशी कालोनियों में ही नियमित रूप से सफाई अभियान चलाया जाता है, वहीं निचली बस्तियों व मोहल्लों में सफाई अभियान का काम 50 प्रतिशत भी नहीं किया जा रहा है परिणाम स्वरूप बस्तियों व मोहल्लों में बारिश के दिनों में अक्सर लोगों को विभिन्न बीमारियों की चपेट में आते है। हालांकि बीमारियो का कारण जाम पड़े नाली-नाले नहीं है, बल्कि खाली पड़े प्लाट भी है, जहां कचरों का ढेर के साथ बारिश का भरा पानी विभिन्न बीमारियों को आमंत्रित कर रहा है। शहर के अमलीडीह और महावीर नगर सहित शहर के कई मोहल्लों, कालोनियों में लोगों ने प्लाट खरीद कर खाली छोड़ दिए है। इन प्लाटो पर कचरो का ढेर के साथ बारिश का पानी भर गया है। ऐसे में इन प्लाटों में फैली गंदगी के कारण भी मच्छरों का प्रकोप के साथ मलेरिया व डेंगू का खतरा भी मंडरा रहा है।
रायपुर । छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक ने शास्त्री चौक, रायपुर स्थित आयोग कार्यालय में महिलाओं से सम्बंधित प्रकरणों पर जनसुनवाई की। जन सुनवाई में आयोग के नवनियुक्त सदस्य सुश्री शशिकांता राठौर, श्रीमती नीता विश्वकर्मा, श्रीमती अर्चना उपाध्याय भी उपस्थित थीं।
जन सुनवाई के एक प्रकरण में उपस्थित अनावेदकों ने बताया कि थाना पटेवा, जिला महासमुंद में अनावेदिका महिला ने आवेदिका महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया है। जबकि आवेदिका ने एफआईआर दर्ज होने के बाद आयोग में आवेदन प्रस्तुत किया। इसी तरह एक अन्य प्रकरण मे एफआईआर दर्ज होने की सूचना आयोग को दी गई, जिसमें आवेदिका और उसके पति के खिलाफ धारा 294, 306 का अपराध दर्ज किया गया है। उसके बाद आवेदिका ने आयोग के समक्ष आवेदन प्रस्तुत किया है। महिला आयोग के अधिकार क्षेत्र से बाहर होने के कारण प्रकरण को नस्तीबद्ध किया गया। साथ ही आवेदिका ने निवेदन किया कि इन अनावेदकों के खिलाफ उनकी ओर से किसी भी प्रकार से एफआईआर दर्ज नही किया जा रहा है और किसी भी प्रकार से सुनवाई नही हो पा रही है। आयोग ने समझाइश दी कि भविष्य में इन अनावेदकों द्वारा यदि कोई आपराधिक कृत्य किया जाता है और थाना में आवेदन करने पर भी एफ आई आर दर्ज नही करते हैं, तब ऐसी दशा में आयोग के समक्ष थाना प्रभारी और अनावेदकों को पक्षकार बनाते हुए आयोग के समक्ष आवेदन प्रस्तुत कर सकते है।
एक अन्य प्रकरण में आवेदिका और एक अनावेदक उपस्थित शेष अनावेदक की उपस्थिति के लिए थाना प्रभारी, खरोरा को अलग से सूचना भेजने के निर्देश दिए गए। पुलिस अनावेदक की तफ्तीश कर जैसे ही मिले उसे आयोग के समक्ष उपस्थित करने निर्देशित किया गया है, ताकि आवेदिका और उसके पति को नौ लाख रुपये की प्रक्रिया का समाधान किया जा सके। थाना प्रभारी खरोरा को 15 दिवस के भीतर अपना रिपोर्ट भेजने कहा गया। एक अन्य प्रकरण में आवेदिका ने अनावेदक द्वारा घर से बेघर किये जाने की बात कही है।वह पिछले कई दिनों से भटक रही है और उनके स्वयं के मकान में ताला लगा है। इस पर अनावेदक ने बताया कि उसने मकान का ताला बंद करके चाबी दे दिया है और किसी भी तरह से कब्जा नही किया है। अनावेदक को समझाइश दिया गया कि वह आवेदिका और उसके अन्य सन्तानो के आस पास पहुँचकर उन्हें परेशान न करे। आवेदिका पुलिस थाने में और आयोग के समक्ष भी शिकायत कर सकेगी। चूंकि अभी आवेदिका को मकान का कब्जा मिल जाने के बाद प्रकरण को निराकृत किया जाएगा। आवेदिका पहले अपने घर का कब्जा ताला तोड़कर ले। आयोग की इसकी सूचना देने कहा गया आगामी सुनवाई में थाने के माध्यम से आवश्यक रूप से उपस्थित कराने कहा गया जिससे ऐसी घटना पर कार्यवाही किया जा सके।
इसी तरह एक प्रकरण में अनावेदक ने बताया कि बीईएमबीए तक शिक्षित है और कोरबा में सीएसईबी में बाबू के पद पर कार्यरत हैं। उसका मासिक वेतन 30,000 रुपये है। साथ ही उन्होंने बताया कि उसके और पत्नी का मामला न्यायालय में लंबित है। न्यायालय के आदेश से 6,500 भरण पोषण राशि देने का उल्लेख है। उच्चतम न्यायालय में भरण पोषण देने का स्टे लगा है कहकर अनावेदक ने जो कागज दिखाया उसमे स्थगन आदेश को कोई उल्लेख नही है, तथा कभी भी उच्चतम न्यायालय भरण पोषण राशि हेतु स्थगन आदेश नही देता है। इस स्तर पर अनावेदक से उच्चतम न्यायालय के आदेश की प्रति मांगी गई जिसमे स्टे दिए जाने का कोई उल्लेख नही है। इससे स्पष्ट है कि अनावेदक आवेदिका को भरण पोषण देने से बचने की कोशिश कर रहा है। आयोग के समक्ष भी झूठा वक्तव्य दे रहा है। इस कारण प्रकरण को निराकृत नही किया जाएगा। साथ आवेदिका अनावेदक के विरुद्ध थाने में जाकर एफआईआर दर्ज कर सकती है। एक अन्य प्रकरण में अनावेदक ने अपने आवेदिका पत्नी एवं बेटी को पहचानने से इंकार कर दिया। अनावेदक ने कहा कि यह तो न मेरी पत्नी है और न मेरी बेटी है। आवेदिका पत्नी ने बताया कि सन 1980 में मेरा विवाह अनावेदक से हुई थी। ग्रामीण परिवेश में विवाह हुआ है और 5 साल तक अपने ससुराल में रही है। इस प्रकरण अध्यक्ष डॉ नायक ने आगामी सुनवाई शिकायत के आधार पर जारी रखे जाने के पूर्व आवेदिका पुत्री और अनावेदक का डीएनए टेस्ट कर रिपार्ट प्रस्तुत करने कहा। इस स्तर पर डॉक्टरों से चर्चा उपरांत थाना प्रभारी सिविल लाइन के माध्यम से सुपरिटेंडेंट मेडिकल कॉलेज को डीएनए टेस्ट के लिए भेजा गया है। डीएनए टेस्ट लेते तक आवेदिकागण को सखी सेंटर में सुरक्षित रखा गया है। इस प्रकरण की समस्त जानकारी हेतु आयोग के समक्ष शासकीय कार्यावधि समय मे जानकारी को थाना प्रभारी एस आई के माध्यम से आयोग को अवगत कराने कहा गया।
एक अन्य प्रकरण में जिला जांजगीर से एस आई के माध्यम से अनावेदक को उपस्थित कराया गया। अनावेदक पिछले दिसम्बर माह की सुनवाई में उपस्थित हुआ था, तब भी दुधमुंही बच्ची को लेकर नही आया था और आज सुनवाई में भी बच्ची को लेकर उपस्थित नही हुआ और आज आयोग के समक्ष उपस्थित होकर उच्चतम न्यायालय में लगाये पिटीशन को कॉपी दिखाकर कहता है कि मामला कोर्ट में चल रहा है, साथ ही आयोग की अधिकारिता को मानने से इंकार कर रहा है। चूंकि अनावेदक का रवैया बार-बार बच्ची को लेकर ताला बंद कर घर के सदस्यों सहित फरार हो जाने का है आज भी उसकी नियत बच्ची को देने की नही है। ऐसी स्तिथि में आवेदिका आयोग से सीधा सिविल लाइन थाना भेजा गया थाना सिविल लाइन ने अनावेदक के खिलाफ एफआईआर दर्ज भी कर लिया है।
रायपुर । राज्य शासन द्वारा स्कूल शिक्षा विभाग के अंतर्गत शिक्षकों की 14 हजार 580 पदों पर सीधी भर्ती के लिए नियुक्ति आदेश जारी किए जाने की सहमति प्रदान कर दी है। यह सहमति वित्त विभाग से प्राप्त सहमति के आधार पर दी गई है। आज यहां मंत्रालय से स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा इस आशय का आदेश जारी किया गया है।
स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा आयुक्त लोक शिक्षण संचालनालय को जारी आदेश में कहा गया है कि नियुक्ति आदेश व्यक्तिगत जारी किए जाएं, नियुक्ति आदेश में स्पष्ट उल्लेख किया जाए कि प्रोबेशन अवधि तथा प्रोबेशन अवधि में देय वेतन वित्त विभाग के वित्त निर्देश क्रमांक 21/2020 के अनुसार होगा।
रायपुर | राजधानी रायपुर में आज 12 कोरोना मरीजों की पहचान हुई है। वही हॉस्पिटल से 10 और होम आइसोलेशन से 08 कुल 18 मरीज स्वस्थ हुए है। जबकि आज किसी मरीज की मौत नहीं हुई, इस प्रकार मौत का कुल आकड़ा 3138 हुआ, साथ ही अब रायपुर में एक्टिव मरीज 115 है। आज तक रायपुर में 157678 मरीजो की पहचान हुई है और 154425 मरीजों ने कोरोना से जंग जीती है।
आपको बता दे छत्तीसगढ़ प्रदेश में आज कुल 102 नए कोरोना मरीजों की पहचान की गई है | जिसमे जिला रायपुर से सर्वाधिक 12 मरीज मिले है| आज प्रदेश में कुल 203 कोरोना संक्रमित मरीज कोरोना की जंग जीत कर स्वस्थ्य हुए है | राज्य में आज कुल 01 कोरोना संक्रमितों की मौत हुई है | प्रदेश में अब कुल एक्टिव मरीजों की संख्या 1863 है | आज प्रदेश में 38644 टेस्ट हुए है |

भिलाई । भिलाई इस्पात संयंत्र ने अपने मानव संसाधन के अभिनव प्रयासों से निरन्तर राष्ट्रीय व अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अनेक पुरस्कार व उपलब्धियां प्राप्त करता आ रहा है। भिलाई के कर्मवीरों ने अपने इनोवेटिव कार्यों से पूरे देश में एक अलग पहचान बनाने में सफलता हासिल की है। संयंत्र के एक ऐसे ही कर्मवीर है सेफ्टी इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के विभागाध्यक्ष तथा कार्यकारी मुख्य महाप्रबंधक जी पी सिंह। इनको ए सिस्टम फॉर कंट्रोलिंग एंड मैनेजिंग बर्नर ऑपरेशन इन सिंटर प्लांट के डिजाइन व क्रियान्वयन के अभिनव प्रयास के लिए पेटेंट अधिनियम 1970 के तहत इस आविष्कार को भारत सरकार के इटेलैक्चुअल प्रॉपर्टी इंडिया के पेटेंट ऑफिस द्वारा पेंटेंट प्रदान किया गया। जिसकी पेटेंट संख्या 370951 है। यह पेटेंट 20 वर्षों के लिए प्रदान किया जाता है। इस प्रकार जी पी सिंह ने अपने क्रिएटिव कार्यों के लिए पेटेंट प्राप्त कर सेल एवं भिलाई इस्पात संयंत्र का नाम रोशन किया है।
इस इनोवेटिव कार्य से संयंत्र को अनेक लाभ प्राप्त हुए हैं। इस नवोन्मेषी विधि की मदद से जहाँ सयंत्र की दक्षता और सुरक्षा में सुधार हुआ है। वहीं मशीन डाउन टाइम को कम करने में तथा लागत बचाने में मदद मिली है। इससे माप और नियंत्रण की विश्वसनीयता बढ़ी और मनुष्य और उपकरण की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकी है।
विदित हो कि जी पी सिंह ने आईआईटी चेन्नई से इलेक्ट्रानिक्स में बी.टेक करने के साथ ही एमबीए (फायनेंस) में स्नातकोत्तर उपाधि प्राप्त कर चुके है। इसके अतिरिक्त वर्तमान में श्री सिंह के नाम 2 कॉपीराइट तथा 3 पेटेंट दर्ज है। अब तक उन्होंने जापान, चीन तथा भारत में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय क्वालिटी सर्कल प्रतिस्पर्धा में भाग लेकर संयंत्र का नाम रोशन किया है। साथ ही श्री सिंह ने राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय सेमिनारों में 15 से अधिक तकनीकी पेपरों की प्रस्तुति की है।
इनके इनोवेटिव कार्य के लिए प्राप्त इस पेटेंट के लिए श्री सिंह को भिलाई इस्पात संयंत्र के डायरेक्टर इंचार्ज अनिर्बान दासगुप्ता, ईडी (वक्र्स), अंजनी कुमार सहित भिलाई की इस्पात बिरादरी ने बधाई दी।
बालोद । जिला टीकाकरण अधिकारी डाॅ एस.के. सोनी ने बताया कि 01 अगस्त 2021 को जिले के सभी कोविड-19 टीकाकरण केन्द्रों में वेैक्सीन की उपलब्धता नहीं होने के कारण टीकाकरण नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य से वैक्सीन प्राप्त होने पर जिला बालोद के समस्त टीकाकरण केन्द्रों में कोविड-19 टीकाकरण कार्यक्रम पूर्ववत् किया जाएगा।
रायगढ़ । विवाहित महिला की फोटो एडिट कर उसे व्हाटसअप ग्रुप में शेयर कर महिला का चरित्र हनन करने की शिकायत पर गंभीरता पूर्वक कार्रवाई करते हुए कोतवाली पुलिस ने आरोपी को जांजगीर से हिरासत में लेकर रायगढ़ लाया, जिसे आज रिमांड पर भेजा गया है।
थाना कोतवाली में पीड़ित महिला की मां रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी बेटी के विवाह के लिये जांजगीर चांपा निवासी विवेक प्रसाद साहू का रिश्ता आया था। विवेक ने लड़की को पसंद किया, लेकिन घरवालों को विवेक पसंद नहीं आया तो रिश्ते की बात आगे नहीं बढ़ी, लेकिन विवेक शादी के लिए दबाव बनाने लगा। आत्महत्या करने की धमकी देने लगा था। लेकिन लड़की के परिवारवाले इस धमकी को अनदेखा कर लड़की की शादी योग्य वर से करा दिए। जिसके बाद विवेक लड़की के घरवालों का व्हाटसअप ग्रुप बनाकर उसमें लडकी की छवि खराब करने के लिये फोटो एडिट कर शेयर करने लगा। अंततः लड़की के परिवार वालों ने कोतवाली में शिकायत दर्ज करवाई।
गरियाबंद, जिले के नगर पंचायत राजिम के वार्ड नम्बर 15 में कोरोना वायरस के सक्रिय प्रकरण पाये जाने पर संबंधित चौहद्दी को कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री निलेशकुमार क्षीरसागर द्वारा माईक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है। कलेक्टर द्वारा जारी आदेश में कंटेनमेंट जोन के चिन्हित क्षेत्र अंतर्गत सभी दुकानें एवं अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठान आगामी आदेश पर्यन्त तक बन्द रहेंगे। प्रभारी अधिकारी द्वारा घर पंहुच सेवा के माध्यम से आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति उचित दरों पर सुनिश्चित की जायेगी। सभी प्रकार के वाहनों के आवागमन पूर्ण प्रतिबन्ध रहेगा। मेडिकल इमरजेंसी को छोड़कर अन्य किन्हीं भी कारणों से घर के बाहर निकलना प्रतिबंधित रहेगा। वार्ड नम्बर 15 में पाये गये संक्रमित व्यक्ति के आवास के पूर्व दिशा, पश्चिम, उत्तर एवं दक्षिण दिशा के चिन्हित चौहद्दी को माईक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है। आदेश के तहत उक्त क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग के मानकों के अनुरूप व्यवस्था हेतु पुलिस पेट्रोलिंग सुनिश्चित की जायेगी। स्वास्थ्य विभाग के निर्देशानुसार आवश्यक सर्विलांस, कान्टेक्ट, ट्रेसिंग एवं सैम्पल जांच आदि की कार्यवाही की जायेगी। साथ ही जोन में कार्यवाही हेतु अधिकारियों को दायित्व सौंपा गया है। केवल एक प्रवेश एवं निकास हेतु बैरिकटिंग हेतु कार्यपालन अभियंता लोक निर्माण विभाग, प्रवेश एवं निकास सहित क्षेत्र की सेनिटाइजिंग व्यवस्था एवं आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने संबंधित जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को दायित्व सौंपा गया है। कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी गरियाबंद को दायित्व सौंपा गया है। खण्ड चिकित्सा अधिकारी को स्वास्थ्य टीम को दवा, मास्क, पीपीई कीट इत्यादि उपलब्ध कराने एवं बायोमेडिकल अपशिष्ट प्रबंधन तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के पर्यवेक्षक को घरों का एक्टिव सर्विलांस व विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी को खंड स्तर पर स्थापित नियंत्रण कक्ष में व्यवस्था हेतु दायित्व सौंपा गया है। पुलिस विभाग के संबंधित अनुविभागीय अधिकारी को दुकानें बंद करवाने और आवागमन प्रतिबंधित करने दायित्व सौंपा गया है। संबंधित क्षेत्र के लिए पर्यवेक्षण अधिकारी नियुक्त किया गया है एवं संबंधित अनुविभागीय दण्डाधिकारी (राजस्व) श्री जी.डी वाहिले को संबंधित क्षेत्र के सम्पूर्ण प्रभार एवं इंसीडेन्ट कमांडर का दायित्व सौपा गया है। उपरोक्त समस्त अधिकारी-कर्मचारी आपस में समन्वय बनाकर समस्त दायित्वों का निर्वहन करेंगे। आवश्यकता पडऩे पर उपरोक्त कार्यों हेतु अन्य स्थानीय अमलों की ड्यूटी लगाने हेतु अधिकृत होंगे।
रायपुर, भारतीय पुलिस सेवा के अफसर विवेकानंद एडीजी के पद पर पदोन्नत हो गए हैं। इससे परे चार एडिशनल एसपी की नई पोस्टिंग हुई है।
गृह विभाग से जारी आदेश के मुताबिक धर्मेन्द्र कुमार छवई को प्रभारी सेनानी नारायणपुर से अमलेश्वर, उमेश चौधरी को एआईजी पीएचक्यू, और चैनदास टंडन को एसपी बिलासपुर रेडियो जोन, और सुरजनराम भगत को उप सेनानी महासमुंद से कांकेर पदस्थ किया गया है।
दूसरी तरफ 96 बैच के अफसर विवेकानंद एडीजी के पद पर पदोन्नत हो गए हैं। वे दुर्ग आईजी के पद पर हैं।
रायगढ़़: खरसिया चौकी क्षेत्र के छपरीगंज स्थित पंजाब नेशनल बैंक में 50 हजार रुपये की चोरी का मामला सामने आया है। वहीं चोरी के कुछ समय बाद ही चोर भी पकड़ा गया और रूपए भी बरामद कर लिए गए हैं।
बताया जा रहा है कि शनिवार को कोई व्यापारी 2 लाख जमा करने आया था। वहीं चालाकी से चोर ने 50 हजार की एक गड्डी पर हाथ मार लिया। यह घटना सीसीटीवी में रिकॉर्ड हो गई। खरसिया चौकी प्रभारी नंदकिशोर गौतम ने बताया कि बैंकों में हेल्प डेस्क का स्टीकर लगाया गया है, जिसके माध्यम से बैंक द्वारा उन्हे सूचना दी गई सूचना मिलते ही वे अपनी टीम को तत्काल बैंक के लिए रवाना किए और बैंक में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई, जिससे चोर की पहचान हुई। चोर की पहचान अमन अग्रवाल पुत्री शाला रोड खरसिया के रूप में हुई है।
जिसके हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पहले तो वह आनाकानी करने लगा फिर कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने चोरी करना कूंबुल किया। चोरी की रकम उसने घर के बाथरूम में छिपाकर रखा थी। जहां से पुलिस ने 50 हजार रूपए बरामद कर लिए। वहीं आगे की कार्रवाई की जा रही है।
रायपुर | राजधानी रायपुर में आज 08 कोरोना मरीजों की पहचान हुई है। वही हॉस्पिटल से 05 और होम आइसोलेशन से 06 कुल 11 मरीज स्वस्थ हुए है। जबकि आज किसी मरीज की मौत नहीं हुई, इस प्रकार मौत का कुल आकड़ा 3138 हुआ, साथ ही अब रायपुर में एक्टिव मरीज 121 है। आज तक रायपुर में 157666 मरीजो की पहचान हुई है और 154407 मरीजों ने कोरोना से जंग जीती है।
आपको बता दे छत्तीसगढ़ प्रदेश में आज कुल 125 नए कोरोना मरीजों की पहचान की गई है | जिसमे जिला बस्तर से सर्वाधिक 15 मरीज मिले है| आज प्रदेश में कुल 243 कोरोना संक्रमित मरीज कोरोना की जंग जीत कर स्वस्थ्य हुए है | राज्य में आज कुल 03 कोरोना संक्रमितों की मौत हुई है | प्रदेश में अब कुल एक्टिव मरीजों की संख्या 1965 है | आज प्रदेश में 42714 टेस्ट हुए है |

भिलाई । रिसाली निगम क्षेत्र की सड़को पर बैठने वाली दुधारू मवेशियों को निगम के अधिकारी गोठान पहुंचा रहे हैं। निगम आयुक्त प्रकाश कुमार सर्वे के निर्देश पर शुक्रवार को भी रोका-छेका अभियान के तहत् 6 गाय को गोठान पहुंचाया गया। मैत्री नगर के खटाल संचालक गोपाल यादव से 2000 हजार जुर्माना वसूला गया।
निगम राजस्व प्रभारी हरचरण सिंह अरोरा ने बताया की एक दिन पहले ही गोपाल यादव को चेतावनी दी गई थी। उसके खटाल की गाय-भैंस सड़कों पर घूम रही थी। इसके बाद भी चेतावनी का असर नही हुआ। रोको-छेका अभियान के तहत् दोबारा मवेशी घूमते मिलने पर तत्काल पकड़कर गोठान पहुंचाया गया। बाद में डेयरी संचालक से 2000 जुर्माना वसूल कर गाय को सुपुर्द किया गया। रिसाली निगम क्षेत्र में डेयरी संचालक से अपील किया गया है कि वे डेयरी के आस-पास गंदगी न फैलाए। गंदगी मिलने पर निगम पहली बार में 5000 और दूसरी बार में राशि दस हजार रूपये जुर्माना वसूल करेगा।
रेडियम पट्टी लगाने का कार्य
शहर के अंदर दर्जन भर से ज्यादा डेयरी संचालित है। आमतौर पर डेयरी संचालक दुध निकालने के बाद दुधारू मवेशियों को छोड़ देती है। रात भर मवेशी बाजार क्षेत्र व सड़कों पर घूमते रहते है। आयुक्त ने निर्देश दिए है कि मवेशी के सड़क पर बैठने की वजह से दुर्घटनाए भी होती है। दुर्घटना को रोकने मवेशियों के गले में रेडियम लगा पट्टा बांधे।
विवाद करने पर एफआईआर
गुरूवार को रोका-छेका अभियान शुरू करने पर कल्याणी मंदिर के निकट कुछ डेयरी संचालक अधिकारियों से ऊंची आवाज में बातचीत करने लगे। दरअसल वे रोका-छेका का विरोध कर रहे थे। इसे गंभीरता से लेते हुए आयुक्त ने निर्देश दिए है कि शासकीय कार्य मे बाधा करने वाले लोगो के खिलाफ थाना में एफआईआर कराए। निगम आयुक्त ने खटाल संचालकों को आगाह किया है कि वे मवेशी को बांधने और दुध निकालने के कार्य के लिए जमीन पर अतिक्रमण न करें। अन्यथा निगम अतिक्रमित जमीन को खाली कराने बेदखली अभियान चलाएगा। आयुक्त ने निगम अधिकारियों को निर्देश दिये है कि वे डेयरी संचालक से मिलकर खटाल की वास्तविक भूमि को चिन्हित करें। अतिक्रमित जमीन मिलने पर सूची तैयार करें और नोटिस दे।
दुर्ग, आदर्श नगर निवासी कु. वर्षा वर्मा का पीएससी परीक्षा के माध्यम से असिस्टेंट प्रोफेसर(फिजिक्स)के पद पर चयन हुआ है। उन्होने यह उपलब्धि महिला केटेगरी में प्रथम स्थान व मेरिट सूची में आठवॉ स्थान हासिल कर प्राप्त किया है। वर्षा शुरु से ही मेधावी छात्रा रही है। उन्होने 10 वीं व 12वीं की परीक्षा आदर्श कन्या उच्च माध्यमिक शाला दुर्ग और बीएससी व एमएससी(फिजिक्स) की परीक्षा कल्याण कॉलेज भिलाई से अच्छे अंक लेकर उत्तीर्ण की। वर्षा के पिता दल्लू वर्मा ऑटो रिपेयरिंग का कार्य करते है। इस कठिनाई में भी उन्होने अच्छी शिक्षा दिलाकर वर्षा को उचे मुकाम पर पहुंचाया। वर्षा की मां उर्मिला वर्मा गृहणी है। भाई अपने पिता के ऑटो रिपेयरिंग कार्य में हाथ बटांता है। बहन धमधा जनपद में संविदा कर्मचारी के तौर पर कार्यरत है। कु. वर्षा वर्मा के असिस्टेंट प्रोफेसर पद की यह उपलब्धि ने प्रदेश में दुर्ग शहर को गौरांवित किया। उपलब्धि पर उन्हे बधाईयों का तांता लगा हुआ है।
कोरिया । प्राकृतिक आपदा में मृतकों के वारिसों के लिए 44 लाख रूपये की राशि की मंजूरी दी गई है। जिसमें तहसील मनेन्द्रगढ़ के ग्राम लाई की राजकुमारी की सर्पदंश से मृत्यु होने पर उनके वारिस सुनील, ग्राम तेंदूडांड की रामबाई की सर्पदंश से मृत्यु होने पर उनके वारिस लक्ष्मण सिंह, ग्राम चनवारीडांड के विक्रम कुमार खरे की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस सुनीता, तहसील सोनहत के ग्राम किशोरी के राम सिंह की सर्पदंश से मृत्यु होने पर उनके वारिस हरभजन सिंह, ग्राम सोनहत की भूखली बाई की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस भैयालाल, तहसील चिरमिरी के ग्राम कोरिया कालरी के मोहन सिंह की मधुमक्खी काटने से मृत्यु होने पर उनके वारिस शांति, तहसील खड़गवां के ग्राम बोड़ेमुड़ा के प्रेमलाल की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस सेमवती, ग्राम रतनपुर की भगमनिया की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस नवरतन सिंह, ग्राम धवलपुर के सुन्दर सिंह की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस तीजिया बाई, ग्राम बोडेमुडा की सुनिता की सर्पदंश से मृत्यु होने पर उनके वारिस राय सिंह एवं ग्राम बेलबहरा के दिनेश कुमार की पानी में डूबने से मृत्यु होने पर उनके वारिस समिल के लिए 4-4 लाख रूपये की राशि शामिल है। इस राशि की मंजूरी राजस्व पुस्तक परिपत्र के प्रावधानों के तहत प्राकृतिक आपदा राहत के अंतर्गत दी गई है।
रायपुर, कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी रायपुर द्वारा कोविड-19 के रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु नगर पालिक निगम, रायपुर के जोन क्रमांक 10 के अंतर्गत गुरुतेग बहादुर नगर, महावीर नगर, रानी दुर्गावती वार्ड क. 50, रायपुर (थाना न्यू राजेन्द्र नगर) में 02 से अधिक नये कोरोना पॉजिटिव पाये जाने के फलस्वरूप उक्त क्षेत्र को कन्टेनमेंट जोन घोषित किया गया है।
इस कन्टेनमेंट जोन की परिसीमाएं पूर्व में राजेश हेयर ड्रेसर तक, पश्चिम में आर.एन. प्रसाद के मकान तक, उत्तर में सतगुरु किराना स्टोर तक तथा दक्षिण में निर्माणाधीन मकान तक निर्धारित की गई है। कलेक्टर ने कंटेनमेंट जोन में आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने हेतु अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी है।
कांकेर। जिले के पखांजुर थाना अंतर्गत ग्राम पंचायत देवपुर के तालाब में एक ट्रेक्टर के अनियंत्रित होकर सीधे तालाब में पलट जाने से ट्रेक्टर चालक युवक निशिदा दत्ता उम्र 36 वर्ष की मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार युवक निशिदा दत्ता पिता संतोष दत्ता अपने निजी ट्रेक्टर से अपने रिश्तेदार के खेत की जुताई करने गया था। कार्य सम्पन्न कर आज वापस अपने घर लौट रहा था, तभी ट्रेक्टर अनियंत्रित होकर सीधे तालाब में जाकर पलट गई, इस दुर्घटना में युवक मौत हो गई है। आसपास खेतो में काम कर रहे किसानो के द्वारा युवक को बचाने के लिए काफी जद्दोजहद के बाद करीबन 10 से 15 मिनट के बाद युवक को तलाब से बाहर निकालकर युवक को पखांजुर के निजी अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया जहा डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।














