BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |
भेदभाव से तंग नाबालिग बेटी ने परिवार वालों को खाने में मिला कर दे दिया जहर, 4 की मौत

भेदभाव से तंग नाबालिग बेटी ने परिवार वालों को खाने में मिला कर दे दिया जहर, 4 की मौत

दावनगरे: कर्नाटक के दावनगरे में एक लड़की ने भेदभाव से परेशान होकर अपने पूरे परिवार के खाने में जहर मिला दिया जिसमें उसके माता-पिता, छोटी बहन और दादी की मौत हो गई। हालांकि इन सब में उसके बड़े भाई की जान बच गई। यह मामला जुलाई का है, लेकिन शनिवार को फॉरेंसिक रिपोर्ट सामने आने पर खुलासा हुआ कि परिवार की मौत रात के खाने में मिले जहर से हुई जिसे 17 साल की लड़की ने बनाया था। पुलिस ने बताया कि लड़की को पढ़ाई न करने के लिए पीटा जाता था और काम करने के लिए खेतों में भेजा जाता था। उसे लगता था कि उसके घरवाले उसके साथ दुर्वय्वहार करते हैं। फॉरेंसिक रिपोर्ट में कहा गया है कि लड़की ने 12 जुलाई की रात को खाने में जहर मिलाकर अपने घरवालों को खिला दिया जिसके बाद 80 साल की दादी, 45 साल के पिता और 40 साल की मां, 16 साल की एक बहन को अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उनकी मौत हो गई। हालांकि भाई की जान बच गई।


पुलिस ने बताया कि 17 साल की लड़की राधिका अपने नाना-नानी के घर पली-बढ़ी थी। तीन साल पहले वह अपने मां-बाप के साथ शिफ्ट हो गई जिनका घर तीन गली छोड़कर ही है। दोनों परिवार एक ही गांव में रहते थे। पुलिस ने बताया कि लड़की को लगता था कि उसे नानी के घर पर ज्यादा प्यार मिलता था और उसके मां-बाप उसके भाई-बहन को ज्यादा प्यार करते थे।


लड़की ने पुलिस को बताया कि उसके घरवाले उसे हर रोज डांटते थे और पीटते थे। काम करने के लिए उसे खेतों में भेजते थे। पुलिस ने बताया कि जब वह अपने मां-बाप के घर आई तो आठवीं क्लास में उसका दाखिला कराया गया, लेकिन वह अच्छे से नहीं पढ़ रही थी जिसको लेकर हर रोज झगड़ा होता था। अपने मां-बाप के व्यवहार से परेशान होकर उसने उन्हें मार डालने का फैसला किया।

केंद्रीय कर्मियों को दिवाली का तोहफा : सरकार ने किया एडहॉक बोनस का ऐलान

केंद्रीय कर्मियों को दिवाली का तोहफा : सरकार ने किया एडहॉक बोनस का ऐलान

नई दिल्ली: वित्त मंत्रालय ने केंद्र सरकार के कर्मियों को दीपावली के मौके पर नॉन-प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस (एडहॉक बोनस) देने की घोषणा की है। इसके तहत सभी पात्र कर्मियों को 30 दिन के वेतन जितनी राशि मिलेगी। केंद्र सरकार के ग्रुप बी और ग्रुप सी के अंतर्गत आने वाले वे अराजपत्रित कर्मचारी, जो किसी प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस स्कीम के तहत नहीं आते हैं, उन्हें भी यह बोनस दिया जाएगा। एडहॉक बोनस का फायदा केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के सभी योग्य कर्मियों को भी मिलेगा।

अस्थाई कर्मचारी भी होंगे लाभान्वित
वित्त मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, एडहॉक बोनस के तहत जो रकम दी जाती है, उसका निर्धारण करने के लिए एक नियम बनाया गया है। कर्मियों का औसत वेतन, गणना की उच्चतम सीमा के अनुसार, जो भी कम हो, उसके आधार पर बोनस जोड़ा जाता है। यदि किसी कर्मी को सात हजार रुपये मिल रहे हैं, तो उसका 30 दिनों का मासिक बोनस लगभग 6907 रुपये रहेगा। इस तरह के बोनस का फायदा, केंद्र सरकार के उन कर्मचारियों को ही मिलेगा, जो 31 मार्च 2021 को सेवा में रहे हैं। उन्होंने साल 2020-21 के दौरान कम से कम छह महीने तक लगातार ड्यूटी दी है। वित्त मंत्रालय के आदेश में कहा गया है, जो कर्मचारी अस्थायी तौर से एडहॉक बेस पर नियुक्त हुए हैं, उन्हें भी ये बोनस मिलेगा, बशर्ते उनकी सेवा के बीच कोई ब्रेक न रहा हो।

ऐसे कर्मचारी जो, 31 मार्च 2021 को या उससे पहले सेवा से बाहर हो गए, उन्होंने त्यागपत्र दे दिया हो या सेवानिवृत हुए हों, उसे स्पेशल केस माना जाएगा। इसके तहत वे कर्मी, जो अमान्य तरीके से मेडिकल आधार पर 31 मार्च से पहले रिटायर हो गए या दिवंगत हो गए हैं, लेकिन उन्होंने वित्तीय वर्ष में छह माह तक नियमित ड्यूटी की है तो उसे एडहॉक बोनस के योग्य माना जाएगा। इसके लिए संबंधित कर्मचारी की नियमित सेवा की निकटवर्ती संख्या को आधार बनाकर `प्रो राटा बेसिस` पर बोनस तय होगा।

ये कर्मी होंगे पात्र
वे कर्मचारी, जो प्रतिनियुक्ति, विदेश सेवा, केंद्र शासित प्रदेश या किसी पीएसयू में 31 मार्च 2021 को कार्यरत हैं तो उन्हें लेंडिंग डिपार्टमेंट यानी उधार देने वाला विभाग, यह बोनस नहीं देगा। ऐसे केस में उधार लेने वाले संगठन की जिम्मेदारी बनती है कि वह एडहॉक बोनस, पीएलबी, एक्सग्रेसिया और इंसेंटिव स्कीम आदि प्रदान करे, बशर्तें वहां ऐसे प्रावधान चलन में हों। यदि कोई कर्मचारी `सी` या इससे ऊपर के ग्रेड में है और उसे वित्तीय वर्ष के दौरान बीच में ही विदेश सेवा से वापस बुला लिया जाता है, तो इस बाबत एडहॉक बोनस का नियम बनाया गया है। इसके तहत वित्तीय वर्ष में विदेशी विभाग से यदि उस कर्मी के मूल विभाग को बोनस और एक्सग्रेसिया राशि मिली है, तो संबंधित कर्मी को वह राशि दे दी जाएगी। रिवर्ट होने के बाद भी यदि कर्मी का केंद्र सरकार की तरफ बोनस बकाया है ऐसी स्थिति में केंद्र सरकार उसके एडहॉक बोनस पर प्रतिबंध लगा सकती है।


राज्य सरकार, संघ क्षेत्र और पीएसयू से कोई कर्मचारी यदि रिवर्स डेपुटेशन पर केंद्र सरकार में आता है तो उन्हें एडहॉक बोनस दिया जाएगा। ऐसे कर्मी, जो सरकारी सेवा से रिटायर होने के बाद दोबारा से जॉब में आए हैं, उन्हें नए कर्मचारी मानकर बोनस का निर्धारण होगा। ऐसे कर्मचारी, जो वित्तीय वर्ष के दौरान अर्ध वेतन अवकाश पर हैं, ईओएल पर हैं या शैक्षणिक अवकाश लिए हुए हैं, इन्होंने यदि उक्त अवधि के अलावा नियमों से परे कोई अवकाश लिया है तो वह अवधि गिनी नहीं जाएगी। हालांकि एडहॉक बोनस के लिए वह पीरियड ब्रेक इन सर्विस, नहीं माना जाएगा। अनुबंध वाले कर्मचारी, जो दूसरे भत्ते जैसे महंगाई भत्ता व अंतरिम राहत आदि के लिए योग्य है, तो उसे एडहॉक बोनस भी मिलेगा। यदि कोई कर्मचारी उक्त भत्तों की श्रेणी में नहीं आता है तो उसे केजुअल लेबर के हिसाब से बोनस दिया जाएगा।

पार्ट टाइम कर्मी नहीं होंगे पात्र
यदि कोई कर्मचारी, वित्तीय वर्ष में सस्पेंड रहा है तो उसके लिए बोनस के अलग नियम बनाए गए हैं। ऐसे कर्मी, जब सेवा में दोबारा आते हैं और उन्हें पहले वाले सभी लाभ मिलते हैं तो उस स्थिति में उन्हें एडहॉक बोनस के योग्य माना जाएगा। विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में ट्रांसफर होने वाले कर्मी एडहॉक बोनस के योग्य माने जाएंगे, यदि उनकी सेवा में कोई ब्रेक नहीं है। ऐसे मामले में दोनों विभागों के सर्विस पीरियड को जोड़ा जाएगा। ऐसे कर्मी जो प्रतियोगी परीक्षा पास कर एक विभाग से दूसरे विभाग में चले गए हैं, वे भी एडहॉक बोनस के योग्य होंगे। हालांकि ऐसे मामलों में जो बोनस की राशि दी जाएगी, वह उस विभाग द्वारा जारी होगी, जहां वह कर्मचारी 31 मार्च 2021 को कार्यरत रहा है। वे कर्मचारी, जिन्हें सरकारी विभाग से ट्रांसफर किया गया है, क्या वे एडहॉक बोनस के योग्य होंगे, इस बाबत कहा गया है कि उनका बोनस वह विभाग काउंट करेगा, जहां पर वे 31 मार्च को सेवा में थे।

सामान्य तय वेतन पर काम करने वाले पार्ट टाइम कर्मियों को यह बोनस नहीं मिलेगा। वे कर्मचारी जो पिछले तीन साल से अलग अलग विभागों में काम कर रहे थे और 31 मार्च 2021 को भी वे किसी विभाग में थे, इनके लिए भी एक नियम बनाया गया है। इनकी योग्यता तीन साल के कार्यकाल से तय होगी। एक साल में 240 दिन के दौरान वे एक कार्यालय से दूसरे कार्यालय में चले गए हों और उन्हें एक्सग्रेसिया या दूसरे भत्ते नहीं मिलें हों तो उन्हें यह बोनस मिलेगा। यदि कोई केजुअल लेबर है और उसे वित्तीय वर्ष में नियमित किया गया है, लेकिन वह 31 मार्च 2021 को छह माह की नियमित सेवा वाली योग्यता पूरी नहीं करता है, तो उसे एडहॉक बोनस का फायदा नहीं मिलेगा। उसे नियमित कर्मी की भांति इस बोनस का लाभ नहीं दिया जा सकता।

देश के इस राज्य में कुदरत का कहर: बारिश ने मचाई तबाही अब तक 7 की मौत, हाईवे बंद

देश के इस राज्य में कुदरत का कहर: बारिश ने मचाई तबाही अब तक 7 की मौत, हाईवे बंद

देहरादून: उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में बारिश कहर बनकर बरस रही है। कुमाऊं में बारिश के कारण मलबे में दबकर अभी तक सात लोगों की मौत हो चुकी है। मंगलवार सुबह नैनीताल जिले के रामगढ़ में धारी तहसील में दोषापानी और तिशापानी में बादल फट गया। इस दौरान मजदूरों की झोपड़ी पर रिटेनिंग दीवार गिर गई। जिसमें सात लोग मलबे में दब गए। जिसमें से हयात सिंह और उनकी माता के शव बरामद हुए। हयात सिंह की पत्नी, तीन बेटियां और एक बेटा अब भी मलबे में दबे हैं। राहत और बचाव कार्य जारी है। उधर, खैरना में झोपड़ी में पत्थर गिरने से दो लोगों की मौत की खबर है।

भूस्खलन से मलबे में दबे दो बच्चों की मौत
अल्मोड़ा के भिकियासैंण में एक मकान भूस्खलन की चपेट में आ गया। इस दौरान दो बच्चे मलबे में दब गए। जिनके शव बरामद कर लिए गए हैं। वहीं, अल्मोड़ा के ही एनटीडी क्षेत्र में एक मकान मलबे की चपेट में आ गया। इस दौरान एक मासूम की मौत हो गई। वहीं, पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने दो लोगों को सुरक्षित निकल लिया। उधर, बाजपुर में लेवड़ा नदी उफान पर आ गई। जिससे मुख्य बाजार और कॉलोनियों में बाढ़ का पानी भर गया। पानी भरने से लोगों के घरों का सामान भी पूरी तरह खराब हो गया है। वहीं, बाजपुर में भी बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं।

मलबे में दबकर दो मजदूरों की मौत
गरमपानी में भारी बारिश के चलते हाइवे के निर्माणधीन कंपनी के दो मजदूरो की टिन शेड में आए मलबे में दबने से मौत हो गई। एनएच में चौड़ीकरण की देखरेख कर रहे तैयब खान ने बताया हादसे में हसमूद (40) और इमरान (34) निवासी भोजीपुरा बरेली यूपी की दबकर मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने पर तहसीलदार बरखा ने दोनों की मौत की पुष्टि की है।

खतरे के निशान से ऊपर बह रही कोसी नदी
कोसी नदी में पानी बढ़ने से रामनगर के गर्जिया मंदिर को खतरा पैदा हो गया। पानी मंदिर की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। वहीं बैराज के सभी फाटक खोल दिए गए हैं। कोसी बैराज पर कोसी नदी का जलस्तर 139000 क्यूसेक है। जो खतरे के निशान से काफी ऊपर है। कोसी बैराज में खतरे का निशान 80000 क्यूसेक है।

हल्द्वानी में गोला नदी उफान पर आने से नदी पर बना अप्रोच पुल टूट गया। जिसके कारण वहां आवाजाही बंद हो गई है। टनकपुर में शारदा नदी के उफान से क्रशर मार्ग ने नाले का रूप ले लिया है। मंगलवार की सुबह गोला नदी का जलस्तर 90 हजार क्यूसेक पार हो गया। जिससे अप्रोच पुल टूट गया। सूचना पर प्रशासन और एनएचएआई के अधिकारियों ने सड़क का जायजा लिया। नदी का जलस्तर बढ़ने से गोला बैराज को खतरा पैदा हो गया है। बारिश के कारण नाला भी उफान पर आ गया जिससे नाले के किनारे बना एक मकान बह गया।

नैनीताल में सड़कों पर आया झील का पानी
उधर, नैनीताल में भारी बारिश से कई जगह पानी भर गया है। वहीं, तल्लीताल चौराहे में (डांठ) में लगभग दो इंच की दरार पड़ गई। सूचना मिलते ही एसडीएम और सीओ मौके पर पहुंच गए। कैंट रोड में पानी का बहाव बहुत तेज होने के कारण दुकानों के अंदर फंसे लोगों को सेना के जवानों ने रेस्क्यू कर निकाला।

रामनगर में रिजॉर्ट में घुसा पानी, 100 लोग फंसे
नदी के ओवरफ्लो होने से कोसी नदी का पानी रामनगर-रानीखेत मार्ग स्थित लेमन ट्री रिजॉर्ट में घुस गया था। डीजीपी अशोक कुमार के मुताबिक इस दौरान लगभग 100 लोग फंस गए थे। वे सभी सुरक्षित हैं।

हरिद्वार में खतरे के निशान पर पहुंची गंगा
पहाड़ों की बारिश के बाद हरिद्वार में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। सुबह साढ़े आठ बजे से पानी के जलस्तर में बढोतरी हुई है। जिसके बाद से प्रशासन अर्लट मोड पर है। बैराज के खतरे का निशान 294 मीटर पर है। उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के एसडीओ शिवकुमार कौशिक ने बताया कि रात 12:00 बजे के बाद टिहरी बांध व श्रीगंगानगर से पानी छोड़े जाने से गंगा का जलस्तर बढ़ रहा है। जिससे क्षेत्र में अलर्ट जारी किया गया है

ऋषिकेश में त्रिवेणी घाट का आरती स्थल डूबा
ऋषिकेश में गंगा खतरे के निशान से महज 20 सेंटीमीटर नीचे बह रही है। त्रिवेणी घाट के आरती स्थल समेत विभिन्न गंगा घाट जलमग्न हो गए हैं। प्रशासन तटीय क्षेत्रों में रह रहे लोगों को आश्रय स्थलों में शिफ्ट कर रहा है। ऋषिकेश में गंगा का जलस्तर 340.30 मीटर पर पहुंच गया है। गंगा चेतावनी निशान 340.50 मीटर के बिल्कुल करीब पहुंच गई है। केंद्रीय जल आयोग ने मैदानी जिलों के प्रशासन अलर्ट कर दिया है। पुलिस गंगा के तटीय क्षेत्र में रहने वाले लोगों लगातार अलर्ट कर रही है। वहीं चंद्रेश्वर नगर, मायाकुंड, चंद्रभागा के आसपास रहने वाले लोगों को शिफ्ट किया जा रहा है। त्रिवेणी घाट का आरती स्थल, परमार्थ घाट, नाव घाट, शत्रुघ्न घाट आदि घाट पानी में डूब गए हैं।

केदारघाटी में बर्फबारी
केदारनाथ में बारिश के साथ ऊपरी पहाड़ियों पर बर्फबारी हो रही है। वहीं, यमुनोत्रीधाम सहित यमुना घाटी की पहाडियां कोहरे से ढकी हुई हैं। उधर, राजधानी देहरादून समेत पहाड़ो की रानी मसूरी मे चटक धूप खिली है।

कई ट्रेनें प्रभावित
बारिश के बाद उत्तराखंड आने वाली कई ट्रेनें निरस्त की गई हैं। वहीं, कई ट्रेनों को शार्ट टर्मिनेट किया गया है।

कई जगह हाईवे बंद
प्रदेश में पांच राष्ट्रीय राजमार्ग, सात स्टेट हाईवे सहित सैकड़ों ग्रामीण मोटर मार्ग बाधित हो गए हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शीघ्र सड़कों को खोलने के निर्देश जारी किए हैं।

चमोली जिले में ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग 58 पागलनाला और लामबगढ़ के समीप मलबा आने से अवरुद्ध हो गया है। इसके अलावा 13 ग्रामीण मोटर मार्ग भी अवरुद्ध हैं। चमोली जनपद में सिमली रोड, थराली-ग्वालदम रोड और बदरीनाथ हाईवे अवरुद्ध है। बदरीनाथ हाईवे जोशीमठ से बदरीनाथ तक चार जगहों पर भूस्खलन के कारण बंद है। इसके अलावा हनुमानचट्टी से बदरीनाथ के बीच तीन जगहों पर हाईवे बंद है। बदरीनाथ से किसी भी तीर्थयात्री को गंतव्य के लिए नहीं भेजा जा रहा है।

उत्तरकाशी में ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग 108 धरासू और सुखीटॉप के पास भूस्खलन होने के कारण बाधित है। जबकि ऋषिकेश यमुनोत्री एनएच 94 यातायात के लिए खुला है। जिले में तीन ग्रामीण सड़कें अवरुद्ध हैं। रुद्रप्रयाग में ऋषिकेश- केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग 107 टिहरी जनपद के अंतर्गत तोताघाटी के पास कुछ समय के लिए अवरुद्ध हुई थी, लेकिन अब इसे सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक यातायात के लिए खोल दिया गया है। टिहरी में एक राज्य मार्ग, दो ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हैं।

इधर, नैनीताल जिले में दो राष्ट्रीय राजमार्ग, तीन राज्य मोटर मार्ग और चार ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हैं। अल्मोडा में एक राज्य मोटर मार्ग सहित दो ग्रामीण सड़कें बंद हैं। चंपावत में टनकपुर-चंपावत राष्ट्रीय राजमार्ग 09 स्वाला व भारतोली के पास भूस्खलन व बड़े बोल्डर आने के कारण यातायात के लिए अवरुद्ध हो गया है। जिले में चार ग्रामीण मोटर मार्ग भी बंद हैं। पिथौरागढ़ में दो बार्डर रोड, 11 ग्रामीण सड़कें बंद हैं। जबकि टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग गुरना मंदिर के समीप भूस्खलन के कारण बंद है।

कई जिलों में बारिश के आसार
मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक एवं वरिष्ठ मौसम विज्ञानी विक्रम सिंह के मुताबिक अटलांटिक और भूमध्य सागर चली हवाओं के चलते पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ और हवाएं अफगानिस्तान, पाकिस्तान होते हुए उत्तराखंड पहुंची और अक्तूबर में मौसम का मिजाज दो दिन के लिए पूरी तरह बदल कर रख दिया। फिलहाल पश्चिमी विक्षोभ और दक्षिणी पूर्वी हवाओं का दबाव खत्म हो चुका है तो अगले 24 घंटे में बारिश की संभावना बहुत कम है। हालांकि पिथौरागढ़, नैनीताल, चंपावत, पौड़ी जैसे जिलों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। राजधानी दून और आसपास की आसमान साफ रहने के साथ नहीं कुछ जगहों पर बादल छाए रहेंगे।

राज्य में रिकाॅर्ड बारिश
सोमवार सुबह से लेकर मंगलवार की सुबह पूरे राज्य में 36.7 मिमी बारिश रिकाॅर्ड की गई। सबसे अधिक बारिश रिकार्ड चंपावत का है। यहां सबसे अधिक 115.6 तो वहीं देहरादून में सबसे कम 19.1 मिमी बारिश रिकार्ड की गई। मौसम विज्ञानी विक्रम सिंह के मुताबिक इस अवधि में पूरे राज्य में औसतन 2.4 मिमी बारिश होती है, लेकिन मौसम के बदले मिजाज के चलते 36.7 मिमी बारिश हुई। ऐसे में सामान्य से 1428 फीसदी अधिक बारिश रिकार्ड की गई। जो हाल फिलहाल में अक्तूबर में सबसे अधिक बारिश है।

मानवता शर्मसार: राजधानी में 2 बच्चो की माँ के साथ बदमाशो ने एक सप्ताह तक किया गैंगरेप

मानवता शर्मसार: राजधानी में 2 बच्चो की माँ के साथ बदमाशो ने एक सप्ताह तक किया गैंगरेप

पटना | बिहार की राजधानी पटना से शर्मनाक खबर सामने आ रही है, जक्कनपुर थाना क्षेत्र की रहनेवाली दो बच्चों की मां के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया है। इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार महिला को एक सप्ताह से करबिगहिया जंक्शन के नजदीक रखा गया था, जहां पांच लोगों ने मिल कर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया।


वहीं पुलिस ने इस मामले में महिला के बयान पर अजय खत्री को गिरफ्तार किया, जिसके बाद अजय की निशानदेही पर गोलू, किशन उर्फ अमित सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

 

बड़ी खबर : होटल में डांस करते वक्त राजधानी के इस मशहूर डॉक्टर की हार्ट अटैक से मौत

बड़ी खबर : होटल में डांस करते वक्त राजधानी के इस मशहूर डॉक्टर की हार्ट अटैक से मौत

भोपाल: मध्यप्रदेश के भोपाल से हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है, डांस करते वक्त डॉक्टर की हार्ट अटैक से मौत हो गई है, जानकारी के अनुसार मृतक डॉक्टर को बैचमेट्स के साथ डांस करते वक्त हार्ट अटैक आया था। मृतक डॉ. सीएस जैन फॉरेंसिक एक्सपर्ट थे।


फॉरेंसिक एक्सपर्ट के रूप में डॉ. सीएस जैन ने मेडिकोलीगल इंस्टीट्यूट में करीब 12 हजार से ज्यादा पोस्टमार्टम कर चुके थे। जानकारी के अनुसार एक निजी होटल में दोस्तों के साथ डांस करते वक़्त हार्ट अटैक आया था जिसके बाद उनकी मौत हुई।

अमेरिकी अदालत ने नीरव मोदी को दिया झटका, खारिज की याचिका

अमेरिकी अदालत ने नीरव मोदी को दिया झटका, खारिज की याचिका

वॉशिंगटन/नई दिल्ली: न्यूयॉर्क की एक अदालत ने भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी और उसके सहयोगियों के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप रद्द करने का अनुरोध करने वाली याचिका खारिज कर दी। तीन अमेरिकी कंपनियों फायरस्टार डायमंड, फैंटेसी इंक और ए जैफ के अदालत द्वारा नियुक्त न्यासी रिचर्ड लेविन ने ये आरोप लगाए हैं। पहले इन तीनों कंपनियों का अप्रत्यक्ष मालिक नीरव मोदी था। लेविन ने मोदी और उसके साथियों मिहिर भंसाली एवं अजय गांधी को कर्ज देने वालों को हुए नुकसान के लिए 1.5 करोड़ डॉलर का न्यूनतम मुआवजा भी मांगा है।

भारतीय अमेरिकी वकील रवि बत्रा ने से कहा, ‘अदालत के न्यायाधीश लेन ने स्पष्ट फैसले में अभियुक्त मोदी, भंसाली और गांधी की अमेरिकी न्यासी रिचर्ड लेविन की संशोधित शिकायत खारिज करने के अनुरोध वाली याचिका ठुकरा दी है।’

60 पृष्ठों के आदेश के बारे में जानकारी देते हुए बत्रा ने बताया कि मोदी ने पंजाब नेशनल बैंक और अन्य से एक अरब डॉलर की धोखाधड़ी की योजना बनाकर कंपनी के शेयर मूल्य को गलत तरीके से बढ़ाने के लिए अतिरिक्त बिक्री के तौर पर मुनाफा वापस अपनी कंपनी में लगाया।

बत्रा ने कहा, ‘लेकिन बैंक धोखाधड़ी द्वारा अपनी कंपनियों से गलत तरीके से प्राप्त धन को हासिल करने के लिए वे अपने निजी फायदे के वास्ते धन की निकासी को छिपाने के लिए एक और धोखाधड़ी में शामिल हो गए और उन्होंने इसे इस तरह दिखाया जैसे ये सामान्य व्यापारिक लेनदेन हो।
अदालत के आदेश के अनुसार लेविन की याचिका में मोदी के छह साल की अंतरराष्ट्रीय धोखाधड़ी, धन शोधन और गबन साजिश के परिणामस्वरूप कर्जदारों और उनकी संपदा को मोदी तथा उसके साथियों से पहुंचे नुकसान के लिए क्षतिपूर्ति करने का अनुरोध किया गया है।

अनोखी शादी: न घोड़ा न बग्घी न कार, शादी करने दूल्हा-दुल्हन पहुंचे पतीले में होकर सवार, यहाँ देखे

अनोखी शादी: न घोड़ा न बग्घी न कार, शादी करने दूल्हा-दुल्हन पहुंचे पतीले में होकर सवार, यहाँ देखे

अलप्पुजा: केरल में तीन दिन की भारी बारिश से आई तबाही के बावजूद एक जोड़े ने अपनी शादी नहीं टाली। बदलाव केवल इतना किया कि घोड़े, कार या बग्घी के बजाय दूल्हा-दुल्हन एल्यूमीनियम के पतीले में सवार होकर विवाह करने पहुंचे और अपनी नई जिंदगी की शुरुआत की।

विवाह करने वाले अलप्पुजा के आकाश और ऐश्वर्या, दोनों स्वास्थ्य कार्यकर्ता हैं। शहर में सड़कें पानी से भरी थीं। ऐसे में रिश्तेदार उन्हें पूरी सुरक्षा के साथ स्थानीय भाषा में चेंबू कहे जाने वाले बड़े पतीले में बैठाकर पानी पर यात्रा करवाते हुए समारोह स्थल तक ले गए।

मंदिर प्रशासन ने सुझाया था उपाय
विवाह की तारीख पहले से तय थी, शुभ आयोजन को विकट समय में टालने के बजाय उन्होंने बरकरार रखने का निर्णय किया। उन्हें चेंबू में विवाह स्थल पहुंचने का उपाय मंदिर प्रशासन ने सुझाया और पतीले भी मुहैया करवाए। उनके विवाह का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

कम आए लोग, लेकिन जोड़ा खुश
थालावड़ी के मंदिर के हॉल में हुए इस विवाह में काफी कम लोग पहुंच सके क्योंकि शहर के अधिकतर हिस्सों में पानी भरा है। विवाह के बाद आकाश और ऐश्वर्या ने बताया कि पहले ही कोविड-19 की वजह से मेहमानों की संख्या कम थी। हालांकि वे विवाह करके काफी खुश हैं।

बड़ा खुलासा: एक अध्ययन में दावा, घट रही है भारतीय नागरिकों की औसत हाईट

बड़ा खुलासा: एक अध्ययन में दावा, घट रही है भारतीय नागरिकों की औसत हाईट

नई दिल्ली. एक हैरान कर देने वाले अध्ययन में दावा किया गया है कि भारतीयों के शरीर की लंबाई नहीं बढ़ रही है. यह दावा ‘1998 से 2015 तक भारत में वयस्क ऊंचाई के रुझान राष्ट्रीय परिवार और स्वास्थ्य सर्वेक्षण से साक्ष्य’ नाम की एक स्टडी के जरिए किया गया है. भारत में 2005-06 से 2015-16 तक वयस्क पुरुषों और महिलाओं की औसत ऊंचाई में 1998-99 की वृद्धि के बाद गिरावट देखी गई है. सबसे गरीब तबके की महिलाओं और आदिवासी महिलाओं में सबसे ज्यादा गिरावट देखी गई.


भारत में यह ट्रेंड ग्लोबल ट्रेंड से उलट दिख रहा है. क्योंकि इससे पहले कई अध्ययनों से पता चला है कि दुनिया भर में वयस्कों की औसत ऊंचाई बढ़ रही है. इस अध्ययन के लेखकों ने कथित तौर पर कहा, ‘दुनिया भर में औसत ऊंचाई में बढ़ोतरी के संदर्भ में, भारत में वयस्कों की औसत ऊंचाई में गिरावट चिंताजनक है.’

विशेषज्ञों ने जांच की मांग की
भारत में लंबाई घटने की प्रवृत्ति वैश्विक प्रवृत्ति के विपरीत दिखाई देती है. कई अध्ययनों में यह बात सामने आई है कि दुनियाभर के दूसरे देशों में वयस्कों की ऊंचाई बढ़ रही है, लेकिन भारत में ऐसा नहीं है. विशेषज्ञों का कहना है कि भारत के लिए यह चिंताजनक बात है. इसके साथ ही कई विशेषज्ञों ने इसके कारणों का पता लगाने के लिए जांच की भी मांग की है.


गैर-आनुवांशिक कारण भी शामिल
विशेषज्ञों का मानना है कि विभिन्न आनुवंशिक समूहों के रूप में भारत की आबादी के लिए ऊंचाई के विभिन्न मानकों को समझने और कारण का पता लगाने के लिए जांच की विशेष रूप से आवश्यकता है. स्टडी में यह भी दावा किया गया है कि ऊंचाई बढ़ने के पीछे सिर्फ आनुवांशिक कारण ही नहीं है. इसमें कई तरह के गैर आनुवांशिक कारण भी शामिल हैं. अध्ययन में यह सामने आया कि महिलाओं में औसत ऊंचाई लगभग 0.42 सेमी कम हो गई है जबकि पुरुषों की औसत ऊंचाई में 1.10 सेमी की गिरावट दर्ज की गई है.

VIDEO: मेट्रो में शख्स ने महिला से की मारपीट की कोशिश, फिर लोगो ने जो किया उसे देखकर आप हो जाएंगे हैरान

VIDEO: मेट्रो में शख्स ने महिला से की मारपीट की कोशिश, फिर लोगो ने जो किया उसे देखकर आप हो जाएंगे हैरान

आपने कभी-न-कभी देखा होगा की ट्रेनों में सफर कर रहे यात्रियों के बीच किसी न किसी बात को लेकर लड़ाई-झगड़ा हो जाता है. हालांकि झगड़ों को लोग आराम से निपटा भी लेते हैं मगर कई बार स्थिति हाथ से निकल जाती है और लोग हिंसक होने लगते हैं. ऐसा ही कुछ हाल ही में लंदन की एक मेट्रो ट्रेन में हुआ. ट्रेन में एक शख्स महिला से लड़ने लगा और दोनों के बीच लड़ाई इतनी गंभीर हो गई कि अन्य लोगों को महिला की मदद के लिए आगे आना पड़ा. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.


बीते शुक्रवार को लंदन के सेंट्रेल लाइन ट्रेन का ये हादसा काफी चर्चा का विषय बना हुआ है. ट्विटर पर शेयर किए गए इस वीडियो में नजर आ रहा है कि एक शख्स मेट्रो में खड़ा है और दूर खड़ी एक महिला से बहस कर रहा है. दोनों के आसपास कई लोग बैठे भी नजर आ रहे हैं जो उनकी बातों को सुन रहे हैं. डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार शख्स महिला से गालीगलौज करता भी नजर आ रहा है. वीडियो में महिला की आवाज साफ नहीं सुनाई दे रही है मगर वो शख्स को जवाब देने के बाद मुस्कुराती भी नजर आती है. महिला की तरफ से बातें गंभीर होती नहीं दिख रही हैं मगर शख्स महिला को गुस्से में कई चीजें बोलता दिख रहा है.

गुस्से में वो इतना आग बबूला हो जाता है कि वो अचानक से कूदते हुए महिला के बिल्कुल नजदीक चला जाता है और उसके बेहद पास खड़ा होकर उसपर हमला करने की फिराक में होता ही है कि वहां बैठे दूसरे लोग मिहला की सुरक्षा के लिए आ जाते हैं. लोग शख्स को पहले महिला से दूर करते हैं और फिर उसकी जमकर पिटाई कर देते हैं. वीडियो में नजर आ रहा है कि वो शख्स की जमकर पिटाई करते हैं और उसे जमीन पर भी गिरा देते हैं. वीडियो पर एक शख्स ने कहा कि ट्रेन के लोगों ने शख्स की पिटाई कर के अच्छा किया. और महिला के आत्म बल की लोग तारीफ करते हैं. ब्रिटिश ट्रांसपोर्ट पुलिस ने कहा है कि मामले की जांच जारी है.

हुई अनोखी शादी: खाना बनाने वाले बर्तन में बैठ कर पहुंचे दुल्हा-दुल्हन, जाने कहा का है मामला

हुई अनोखी शादी: खाना बनाने वाले बर्तन में बैठ कर पहुंचे दुल्हा-दुल्हन, जाने कहा का है मामला

केरल में भारी बारिश के बाद बाढ़ और भूस्खलन की दुखद घटनाओं के बीच एक अच्छी खबर आई है. यहां पेशे से स्वास्थ्यकर्मी एक जोड़ा सोमवार को जलमग्न सड़कों से जूझते हुए एल्युमीनियम के एक बड़े बर्तन में बैठ शादीघर तक पहुंचने और शादी के बंधन में बंधने में सफल रहे. थलावडी में एक मंदिर के निकट जलमग्न शादीघर में दोनों की शादी हुई. शादी में बेहद गिनती के रिश्तेदार आए थे. टीवी चैनलों पर जोड़ा ''आकाश और ऐश्वर्या'' के खाना पकाने के बड़े बर्तन में बैठकर शादी के लिए जाने का दृश्य छाया रहा.
जिले में बढ़ रहे जलस्तर की रिपोर्टिंग करने वहां मीडियाकर्मी पहुंचे हुए थे. इस दौरान बाढ़ के बीच अनोखी शादी की जानकारी मिलने पर वे वहां पहुंचे तो नवविवाहित जोड़े ने मीडियाकर्मियों को बताया कि कोविड-19 महामारी की वजह से उन्होंने कम ही रिश्तेदारों को आमंत्रित किया था.
उन्होंने बताया कि उनकी शादी सोमवार को तय थी और शुभ मुहुर्त की वजह से वे इसे टालना नहीं चाहते थे. उन्होंने बताया कि वे कुछ दिन पहले मंदिर आए थे और तब वहां बिल्कुल पानी नहीं भरा था. पिछले दो दिनों में भारी बारिश की वजह से यहां पानी भर गया. दोनों स्वास्थ्यकर्मी हैं और चेंगन्नूर के एक अस्पताल में काम करते हैं.
बता दें कि केरल में भारी बारिश और बाढ़ के कहर से अब तक मरनेवालों की संख्या बढ़कर 31 हो गई है. इधर, केरल में बाढ़ प्रभावित जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया गया है. राहत और बचाव कार्य तेज कर दिए गए हैं. राज्य के कई हिस्सों में बारिश हो रही है जिसके कारण जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है.

 

इस शहर में हुआ हादसा: फ्लाईओवर से 2 बाइक सवार गिरे, एक की मौत

इस शहर में हुआ हादसा: फ्लाईओवर से 2 बाइक सवार गिरे, एक की मौत

गुरुग्राम: दिल्ली से लौट रहे दो युवक दिल्ली-जयपुर एक्सप्रेसवे पर इफ्को चौक के पास फ्लाईओवर से गिर गए। हादसा उस वक्त हुआ, जब उनकी बाइक तेज गति से दीवार से टकरा गई। हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा युवक गंभीर हालत में निजी अस्पताल में है।


पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, हरियाणा के मेवात निवासी मोहम्मद जैद और जम्मू-कश्मीर निवासी मोहम्मद सैय्यद-उल-रहमान शनिवार को रात करीब 11.30 बजे दिल्ली से गुरुग्राम की ओर आ रहे थे।


जांच अधिकारी मुकेश कुमार ने कहा कि , जब दोनों फ्लाईओवर पर यू-टर्न पर थे, तो उन्होंने बाइक से नियंत्रण खो दिया, जो फ्लाईओवर की दीवार से टकरा गई और दोनों बाइक सवार फ्लाईओवर से गिर गए। इस दुर्घटना में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को स्थानीय लोगों द्वारा एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान रहमान की मौत हो गई। जैद की हालत गंभीर बताई जा रही है।

रेल रोको आंदोलन : धारा 144 लागू, उपद्रवियों पर लगाया जाएगा रासुका

रेल रोको आंदोलन : धारा 144 लागू, उपद्रवियों पर लगाया जाएगा रासुका

लखनऊ: लखीमपुर खीरी की घटना को लेकर आज किसान मोर्चा का `रेल रोको आंदोलन` है। किसान केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। वहीं संयुक्त किसान मोर्चा के इस आंदोलन के ऐलान के बाद लखनऊ पुलिस भी ऐक्शन में आ गई है। लखनऊ पुलिस ने कहा है कि `रेल रोको आंदोलन` के मद्देनजर जिला में धारा 144 लगाई गई है। यदि कोई कानून-व्यवस्था को बिगाड़ने की कोशिश करेगा तो उस पर रासुका (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून) के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

रेल रोको आंदोलन को लेकर पुलिस ने पूरी तैयारी कर ली है। राज्य के 14 संवेदनशील जिलों में वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों की तैनाती की गई है। वहीं किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पीएसी और अर्ध सैनिक बलों की तैनाती की गई है।

रेलवे प्रशासन भी अलर्ट
उधर, किसानों के आज इस आंदोलन को लेकर रेलवे प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है। जीआरपी व आरपीएफ को सुरक्षा की जिम्मेदारी मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं और चप्पे-चप्पे पर नजर रखने की हिदायत मिली है। किसान मोर्चा ने कहा है कि रेलें सवेरे 10 बजे से शाम 6 बजे तक रोकी जाएंगी।

अजय मिश्रा के इस्तीफे की मांग लेकर आंदोलन
बता दें कि संयुक्त किसान मोर्चा ने रविवार को घोषणा की थी कि वह लखीमपुर खीरी हिंसा के मामले में केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी की बर्खास्तगी और गिरफ्तारी की मांग को लेकर आज रेल रोको आंदोलन करेगा। किसान मोर्चा ने कहा, जब तक लखीमपुर खीरी कांड में किसानों को न्याय नहीं मिल जाता है आंदोलन और तेज होगा।

बड़ी खबर : पैकेजिंग यूनिट में लगी आग, 2 की मौत

बड़ी खबर : पैकेजिंग यूनिट में लगी आग, 2 की मौत

सूरत: गुजरात के सूरत जिले में सोमवार सुबह पांच मंजिला `पैकेजिंग` इकाई में भीषण आग लगने से दो मजदूरों की मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि कडोडोरा औद्योगिक क्षेत्र स्थित इकाई से करीब 125 से लोगों को सुरक्षित निकाला गया है और घटना में कुछ कर्मचारी झुलस भी गए हैं। बचाव अभियान अब भी जारी है।

कडोडोरा के पुलिस निरीक्षक हेमंत पटेल ने बताया कि `वीवा पैकेजिंग कम्पनी` में तड़के करीब साढ़े चार बजे आग लग गई थी। आग इकाई की पहली मंजिल पर लगी और तुंरत ही अन्य मंजिलों पर भी फैल गई।

इमारत के अंदर फंसे मजदूरों को निकालने के लिए क्रेन का इस्तेमाल किया गया। अधिकारियों ने बताया कि आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है।

गजब की खबर : नवविवाहिता ने कहा मैंने नशे की हालत में करी शादी, दुल्हे ने किया कुछ ऐसा कि लोग हो गए हैरान

गजब की खबर : नवविवाहिता ने कहा मैंने नशे की हालत में करी शादी, दुल्हे ने किया कुछ ऐसा कि लोग हो गए हैरान

ग्वालियर | मध्य प्रदेश  के ग्वालियर  जिले में एक लड़की ने नशे की हालत में शादी कर ली और बाद में होश आने पर पति को अपने लव अफेयर की बात बताई. पति ने पत्नी की खुशी के लिए कुटुंब न्यायालय में तलाक का आवेदन लगा दिया. कोर्ट ने पति का आवेदन स्वीकार कर लिया है. कोविड के चलते कोर्ट बंद थीं, इसलिए तलाक का आवेदन स्वीकार होने में देर लगी. शादी से पहले दोनों 6 महीने तक लिव इन रिलेशन में भी रहे थे.

जानकारी के मुताबिक, पत्नी की नशे में शादी और लव अफेयर की जानकारी के बाद पति ने पत्नी से पूछा भी कि अगर ऐसा था तो फिर वह शादी के लिए तैयार क्यों हुई. परिजनों ने इतने धूमधाम से शादी क्यों की. इस पर लड़की जवाब देने के बजाए रोने लगी. उसके बाद पति-पत्नी ने इस विषय पर देर तक बात की. पति ने सोच-विचार के बाद तलाक देने का फैसला किया, ताकि महिला प्रेमी के साथ शादी कर सके.

शादी के चौथे दिन ही घर लौट गई पत्नी
तलाक के फैसले के बाद लड़की शादी के चौथे दिन ही अपने घर लौट गई. इसके बाद पति ने कुटुंब न्यायालय में तलाक का आवेदन दिया. कोविड के चलते लंबे समय तक कोर्ट बंद थीं. इस वजह से सुनवाई नहीं हो सकी. अब स्थितियां सामान्य हो गई हैं, तो कुटुंब न्यायालय ने पति का तलाक का आवेदन स्वीकार कर लिया है.

पति-पत्नी ने ये लगाए आवेदन
कुटुंब न्यायालय में पेश आवेदन के मुताबिक, पति ने तो संबंधों की पुनर्स्थापना के लिए आवेदन पेश किया है, लेकिन पत्नी ने कहा है कि उसने नशे की हालत में शादी की थी. इसलिए वह इस शादी को नहीं मानती. पति ने कुटुंब न्यायालय को ये भी बताया कि वे दोनों लखनऊ में काम करते थे और 6 महीने तक लिव-इन रिलेशनशिप में भी रहे. बाद में दोनों ने आर्य समाज मंदिर में शादी कर ली थी. कोर्ट ने दोनों के आवेदनों पर विचार कर पति के आवेदनों को स्वीकार कर लिया.

BIG NEWS: फूड पॉइजनिंग से तीन बच्चों की मौत, 12 गंभीर रूप से बीमार

BIG NEWS: फूड पॉइजनिंग से तीन बच्चों की मौत, 12 गंभीर रूप से बीमार

पश्चिम चंपारण: बिहार के पश्चिम चंपारण में फूड पॉइजनिंग से तीन बच्चों की मौत हो गई. यहां भाई बहन समेत 3 बच्चों की मौत हो गई है. जबकि 12 लोग गंभीर रूप से बीमार बताये जा रहे हैं. तीन बच्चों की मौत के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है. तो वहीं बच्चों के मौत की वजह डायरिया भी बताई जा रही है.


बताया जा रहा है कि जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों के 10 से ज्यादा बच्चे फूड पॉइजनिंग और डायरिया से बीमार हो गए हैं.


जिसके बाद यहां उल्टी और दस्त से दो दिनों के अंदर तीन बच्चों की मौत हो गई है. जिसमें दो भाई बहन शामिल हैं. वहीं 12 बच्चों का इलाज अब भी जीएमसीएच, पीएचसी और निजी स्तर पर चल रहा है.


जिन बच्चों की मौत हुई है उनकी पहचान शिवराजपुर छरकी वार्ड -4 निवासी धर्मेंद्र मांझी के 5 वर्षीय पुत्र संतोष मांझी, मुफस्सिल थाना के पूर्वी गोनौली निवासी रंजीत मांझी के 4 वर्षीय पुत्र अनिल कुमार और 3 वर्षीय बेटी प्रिया कुमारी उर्फ चुलबुल के रूप में हुई है. जबकि रंजीत मांझी के दो बच्चे जीएमसीएच से ठीक होकर वापस घर चले गए हैं. सभी का प्रारंभिक लक्षण उल्टी और दस्त बताया गया है. अब भी नौतन के शिवराजपुर छरकी के 10 और पूर्वी गोनौली के 2 बच्चों का इलाज जारी है.

दुर्गा विसर्जन के दौरान भीड़ में घुसी कार, एक बच्चा समेत 3 घायल

दुर्गा विसर्जन के दौरान भीड़ में घुसी कार, एक बच्चा समेत 3 घायल

भोपाल: मध्य प्रदेश के भोपाल में दुर्गा प्रतिमा विसर्जन की जुलूस में एक तेज रफ्तार कार घुस गई और 3 लोगों को टक्कर मार दी। इस हादसे में एक बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपी कार ड्राइवर बेहद तेज रफ्तार में रिवर्स करते हुए कार चला रहा था, जिसमें कुछ लोग इसकी चपेट आ गए।

दरअसल, शनिवार रात करीब 11 बजे बड़ी संख्या में लोग दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के लिए जा रहे थे। इसी दौरान अचानक ही एक तेज रफ्तार कार जुलूस में घुस गई और गाड़ी को रिवर्स करते हुए कई लोगों को टक्कर मारते हुए भागने लगी। इस घटना के बाद वहां इधर-उधर भागने लगे।
विसर्जन जुलूस में शामिल लोगों ने कार वाले को रोकने के लिए उसका पीछा किया, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। फिलहाल, पुलिस ने आरोपी कार ड्राइवर को जल्द पकड़ने की बात कही है।

इसके बाद वहां मौजूद भीड़ ने हंगामा शुरू कर दिया। उधर, पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए लाठीचार्ज कर दिया जिससे नाराज होकर श्रद्धालुओं ने थाना बजरिया के सामने चक्काजाम कर दिया।

इससे पहले छत्तीसगढ़ के जशपुर में भी शुक्रवार को ऐसा ही मामला सामने आया था। जब पत्थलगांव में दशहरे की झांकी के दौरान दुर्गा विसर्जन को जा रहे लोगों को तेज रफ्तार कार ने कुचल दिया था। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई है जबकि 10 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। गुस्से में लोगों ने उस कार को आग के हवाले कर दिया। हालांकि पुलिस ने कार चालक समेत दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

BIG BREAKING: केरल में मची तबाही, अब तक 9 की मौत, 20 से ज्यादा लापता

BIG BREAKING: केरल में मची तबाही, अब तक 9 की मौत, 20 से ज्यादा लापता

तिरुवनंतपुरम: केरल में हो रही भारी बारिश लोगों के लिए जानलेवा साबित हो गई है। कई शहरों में बाढ़ जैसी स्थिति हो गई है। जानकारी के अनुसार अब तक इस घटना में नौ लोगों की मौत हो गई है और 20 से अधिक लोग लापता हैं। रेस्क्यू के लिए सेना को तैनात किया गया है। भारी बारिश को देखते हुए पातनमथिट्टा, कोट्टायम, एनार्कुलम, इडुक्की, त्रिशूर जिले में रेड अलर्ट जारी किया गया है। जबकि तिरुवनंतपुरम, कोल्लम, अलापुझा, पलक्कड़, मलप्पुरम, कोझिकोड और वायनाड जिले के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

एनडीआरएफ की 11 टीमें तैनात
सीएमओ ने कहा कि पातनमिथिट्टा, कोट्टायम, एनार्कुलम, इडुक्की, त्रिशूर औल अलापुझा जिले में एनडीआरफ की 11 टीमें तैनात कर दी गई हैं। तिरुवनंतपुरम और कोट्टायम में सेना की दो टीमें तैनात करने को कहा गया है। आपातकालीन की स्थिति में एयरफोर्स को स्टैंडबाय मोड में रहने को कहा गया है। वहीं एनडीआरएफ की एक टीम भारी बारिश से प्रभावित एर्नाकुलम के मुवात्तुपुझ्हा पहुंची और बचाव अभियान शुरू किया।

राहत बचाव के लिए वायु सेना और भारतीय सेना तैनात
केरल में बाढ़ के मद्देनजर भारतीय वायु सेना और भारतीय सेना ने अपने जवानों को तैनात कर दिया है। वायुसेना के अनुसार एमआई-17 और सारंग हेलीकॉप्टर पहले से ही स्टैंडबाय मोड में हैं। केरल में मौजूदा मौसम की स्थिति को देखते हुए दक्षिणी वायु कमान के तहत सभी ठिकानों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

भूस्खलन में अब तक 20 से अधिक लोग लापता
कोट्टायम में भूस्खलन के कारण 20 से अधिक लोग लापता हो गए। इस जगह पर पुलिस और अग्निशमन विभाग के कर्मी भी पहुंचने में नाकाम रहे। मौसम विभाग ने राज्य के कई और हिस्सों में भी बारिश का अनुमान जताया है।

सबरीमाला मंदिर जाने से बचने की अपील
भारी बारिश को देखते हुए केरल में त्रावणकोर देवस्वोम बोर्ड ने भगवान अयप्पा के भक्तों से रविवार और सोमवार को पठानमथिट्टा जिले के सबरीमाला मंदिर में जाने से परहेज करने का आग्रह किया।

दुर्गा विसर्जन से लौट रहे लोगों पर बम से हमला, वाहनों में तोड़फोड़

दुर्गा विसर्जन से लौट रहे लोगों पर बम से हमला, वाहनों में तोड़फोड़

कोलकाता: पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर से बड़ी वारदात सामने आई है। यहां शनिवार रात दुर्गा विसर्जन कर घर लौट रही भीड़ पर एक अज्ञात समूह ने देसी बम से हमला कर दिया गया। बम की आवाज सुनते ही अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद लोगों की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की गई। यह हमला उस वक्त हुआ जब दुर्गापुर के अन्नपूर्णा इलाके में लोग दुर्गा विसर्जन करके लौट रहे थे। हमलावर हमला के बाद मौके से फरार हो गए।

घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को शांत कराया और घायलों को अस्पताल भेजा। एसीपी ध्रुबज्योति मुखर्जी का कहना है कि इस हमले में कुछ लोगों को चोटें आई हैं, जिनका इलाज करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमलावरों की अभी तक पहचान नहीं हो पाई है। सभी फरार हैं। उन्हें चिह्नित करने के लिए पुलिस टीमें बनाई गई हैं। जल्द ही गिरफ्तारी कर कार्रवाई की जाएगी।

शराब को लेकर हुआ झगड़ा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों गुटों में झगड़ा शराब भुगतान को लेकर हुआ था। बताया जा रहा है कि एक गुट दुर्गा विसर्जन के बाद लौट रहा था, इसी बीच दूसरा गुट आया और शराब खरीदने के लिए पैसे मांगने लगा। इसी बात को लेकर दोनों गुटों में झगड़ा हो गया और मारपीट शुरू हो गई। मामला इतना बढ़ गया कि दूसरे गुट ने बम से हमला कर दिया और वाहनों में तोड़फोड़ शुरू कर दी। हालांकि, पुलिस किसी भी तरह की बमबाजी से इनकार कर रही है।

कोरोना वैक्सीन लगाने गए मेडिकल टीम के सामने महिला ने रखा कोबरा सांप, मेडिकल टीम के छूटे पसीने

कोरोना वैक्सीन लगाने गए मेडिकल टीम के सामने महिला ने रखा कोबरा सांप, मेडिकल टीम के छूटे पसीने

अजमेर | देश में कोरोना वायरस का खात्मा करने के लिए टीकाकरण अभियान जारी है। लोग जहां अस्पतालों व शिविरों में पहुंचकर कोरोना का टीका लगवा रहे हैं। वहीं, मेडिकल टीमें घर-घर पहुंचकर भी वैक्सीनेशन कर रही है।

महिला ने मेडिकल टीम के सामने लाकर ​रखा कोबरा, बोली-'कोरोना का टीका लगाया तो सांप से डसवा दूंगी'

मेडिकल टीमों के सामने अजीब स्थिति
इस बीच कोरोना के टीके को लेकर लोगों में अफवाहें भी खूब फैल रही हैं, जिनकी वजह से लोग कोरोना का टीका लगवाने से बच रहे हैं। कई बार मेडिकल टीमों को अजीब स्थिति का सामना करना पड़ रहा है।

अजमेर के नागेलाव में टीकाकरण
ऐसा ही एक मामला राजस्थान के अजमेर जिले के पीसांगन उपखंड क्षेत्र के नागेलाव में देखने को मिला है। यहां पर मेडिकल टीम कालबेलियों के डेरे में कोरोना का टीका लगाने पहुंची थी। तब घर पर महिला सपेरा कमलादेवी थी।

टीका लगवाने से साफ इनकार
कमलादेवी ने मेडिकल टीम को टीका लगवाने से साफ इनकार कर दिया। इस पर टीम के सदस्यों ने उसे काफी समझाया और उसके स्वास्थ्य का हवाला देते हुए उसे कोरोना का टीका लगवाने को मनाना चाहा। इस पर कमला देवी अपने घर के अंदर गई और कोबरा सांप उठा लाई।

मेडिकल टीम के पसीने छूट गए
टीम से वह बोली कि अगर उसके जबरन कोरोना टीका लगाया गया तो वह उन पर सांप छोड़ देगी। सांप से डसवा देगी। इस पर एक बारगी तो मेडिकल टीम के पसीने छूट गए। बाद में आस-पास के ग्रामीण एकत्रित हुए और कालबेलिया परिवारों से समझाइश की तब जाकर यहां बीस लोगों के टीके लगाया जा सके।

डोर टू डोर टीकाकरण
मीडिया से बातचीत में बीसीएमएचओ घनश्याम मोयल बताते हैं कि डोर टू डोर टीकाकरण के तहत पीएचसी नागेलाव की डॉ. चारू झा के नेतृत्व में एएनएम किरण, कोविड स्वास्थ्य सहायक नरेंद्र कुमार, आशा सहयोगिनी प्रीति चौहान व मंगलीदेवी की टीम कालबेलिया बस्ती में टीका लगाने गई थी। तब महिला सपेरा उन पर सांप छोड़ने को तैयार हो गई थी।

अखिलेश यादव ने बनाई नई पार्टी! बसपा से सपा में आए नेता को बनाया अध्यक्ष

अखिलेश यादव ने बनाई नई पार्टी! बसपा से सपा में आए नेता को बनाया अध्यक्ष

चुनावी सरगर्मी के बीच समाजवादी पार्टी अखिलेश यादव ने अपनी पार्टी की नई विंग समाजवादी बाबा साहेब वाहिनी गठित कर दी है। बसपा से आए पुराने नेता मिठाई लाल भारती को इसका राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। सपा के इस निर्णय के पीछे दलित वोटरों के बीच अपनी पैठ बढ़ाने की कोशिश माना जा रहा है। मिठाई लाल भारती कुछ समय पहले बसपा छोड़ कर सपा में शमिल हुए थे। बलिया के रहने वाले मिठाई लाल भारती बसपा के पूर्वांचल के जोनल कोआर्डिनेटर भी रहे चुके हैं। सपा अध्यक्ष ने मिठाई लाल भारती से जल्द वाहिनी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी बनाने को कहा है।
अखिलेश यादव ने इस साल अप्रैल में ट्वीट कर कहा था कि संविधान निर्माता आदरणीय बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर जी के विचारों को सक्रिय कर असमानता व अन्याय को दूर करने और सामाजिक न्याय के समतामूलक लक्ष्य की प्राप्ति के लिए, हम उनकी जयंती पर जिला, प्रदेश व देश के स्तर पर सपा की बाबा साहेब वाहिनी के गठन का संकल्प लेते हैं। उन्होंने 14 अप्रैल को ही दलित दीपावली मनाने का भी ऐलान किया था। असल में सपा अब पिछड़ों के अलावा दलितों में अपना विस्तार करना चाहती है। लोकसभा चुनाव में बसपा के साथ गठजोड़ के बावजूद दलित वोट अपेक्षानुसार सपा प्रत्याशियों को नहीं गए। यह शिकायत सपा नेताओं को रही है। इसलिए अब सीधे बसपा के वोट बैंक में सेंधमारी की तैयारी है। अब चुनौती यह कि नवगठित वाहिनी कितने प्रभावी तरीके से चुनाव में काम कर पाती है।